Home Blog Page 2544

Honey Trap Case : SIT बदलने पर उलझे दो मंत्री, बताई अलग-अलग वजह

0

बहुचर्चित हनी ट्रैप की जांच को लेकर दूसरी बार एसआईटी प्रमुख बदले जाने की सियासी और प्रशासनिक हलकों में चर्चा सरगर्म रही। इस बीच सागर में परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत एवं इंदौर में गृहमंत्री बाला बच्चन ने हनी ट्रैप की जांच को लेकर अलग-अलग कारण गिना दिए हैं। राजपूत ने कहा कि जांच से जुड़े वीडियो लीक होने का मामला मुख्यमंत्री कमलनाथ और डीजीपी के संज्ञान में आया इस कारण बदलाव हुआ। गृहमंत्री बाला बच्चन का तर्क है कि परिपक्व व्यक्ति को कमान सौंपना थी, इसलिए बदलाव किया गया।

इधर, एसआईटी के नए मुखिया स्पेशल डीजी राजेंद्र कुमार गुरुवार को अपना नया कार्यभार संभालेंगे। एसआईटी के पूर्व मुखिया संजीव शमी के बदले जाने को लेकर भी प्रशासनिक गलियारों में तरह तरह की चर्चा व्याप्त है। कोई इसे अफसरों की आपसी सिर फुटोव्वल मान रहा है तो कोई कुछ और। संजीव शमी की सख्त मिजाजी के चलते माना जा रहा था कि जांच जल्द ही अंजाम तक पहुंच जाएगी, लेकिन बीच जांच से उन्हें ही हटा दिया गया।

उनकी जगह उनसे वरिष्ठ अधिकारी को इसकी जांच सौंपकर मुख्यमंत्री ने ब्यूरोक्रेटिक टकराव को थामने की भी कोशिश की हैं। यह माना जा सकता है कि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने मंगलवार देर रात किए फेरबदल से कई सारे संदेश दिए। इस मामले पर गृहमंत्री बाला बच्चन और परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत की बयानबाजी ने भी सरगर्मी बढ़ा दी। उधर, एसआईटी के नए प्रमुख स्पेशल डीजी राजेंद्र कुमार गुरुवार को अपना पदभार संभालेंगे। इस हाई प्रोफाइल मामले को लेकर मप्र पुलिस के दो वरिष्ठ अधिकारियों का विवाद सामने आने के बाद यह बदलाव अपेक्षित माना जा रहा था।

परिपक्व व्यक्ति संभाले कमान

इंदौर में गृहमंत्री बच्चन ने परिवर्तन को लेकर कह दिया कि ज्यादा परिपक्व व्यक्ति कमान संभाले, इसलिए यह बदलाव किया गया। उधर प्रदेश के परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने यह मांग भी उठा दी कि हनी ट्रैप में सागर के तत्वों का भी खुलासा होना चाहिए। राजपूत ने कहा कि मामले से जुड़े वीडियो लीक हुए जो नहीं होना चाहिए थे। यह बात सीएम और डीजीपी के संज्ञान में आई है, इसलिए यह बड़ा कदम उठाया गया है। राजपूत मजाकिया अंदाज में यह भी बोले कि जिनके पास है मनी, उन्होंने चखी हनी। राजपूत ने यह भी कहा कि सभी चाहते हैं निष्पक्ष जांच हो और कोई कितना भी बड़ा नेता व अफसर क्यों न हो उसका पर्दाफाश हो।

आज पदभार संभालेंगे राजेंद्र कुमार

मामले में एसआईटी के नए मुखिया बनाए गए राजेंद्र कुमार ने संकेत दिए हैं कि वह 3 अक्टूबर गुरुवार को अपना नया पद संभालेंगे। हनी ट्रैप मामले पर वह कुछ भी बोलने से बचते रहे, उनका यही कहना था कि अभी मामले को समझूंगा, उसके बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। उन्होंने कुछ भी प्रतिक्रिया देने से इंकार कर दिया।

छत्तीसगढ़ : शिक्षक ने जिपं अध्यक्ष की मौजूदगी में थाना प्रभारी को पीटा

0

सूरजपुर जिले के प्रेमनगर तहसील अंतर्गत उमेश्वरपुर, सलका चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक के साथ शिक्षक द्वारा मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। जानकारी के मुताबिक मंगलवार की रात शिक्षक खामी सिंह ने जिला पंच अध्यक्ष अशोक जगते की उपस्थिति में थाना प्रभारी एसआई की पीठ और गर्दन पर मुक्के से कई वार किए। मामले में आरोपित के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध कर लिया गया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश राठौर और पीड़ित चौकी प्रभारी निर्मल वर्मा ने बताया कि 21 वर्ष पूर्व मर्डर के एक मामले में मोहित राम सिंह, श्याम लाल सिंह और ईश्वर सिंह आरोपी हैं, जो पैरोल पर जेल से बाहर हैं। इनकी पैरोल अवधि खत्म हो जाने के बाद न्यायालय ने इनके विरुद्ध गिरफ्तारी वारंट जारी किया था और ये गिरफ्तारी वारंट को तामिल करने की कार्रवाई कर रहे थे। इसी दौरान यह घटना हुई, जिसके बाद बड़ा विवाद हो गया।

मंगलवार की रात आरोपित शिक्षक खामी सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष अशोक जगते और क्षितिज सिंह के साथ सलका उमेश्वरपुर पुलिस चौकी पहुंचे थे और पैरोल में छोटे आरोपियों से खतरा होने की बात कह कर उन्हें तत्काल गिरफ्तार करने के लिए दबाव बना रहे थे। चौकी प्रभारी द्वारा आश्वासन देने के बावजूद आरोपित शिक्षक और उनके साथी आवेश में आकर मारपीट की। उस के बाद शिक्षक ने चौकी प्रभारी को धमकी दी कि यदि मामले की शिकायत कहीं भी कि तो ठीक नहीं होगा। इधर चौकी प्रभारी ने मारपीट की रिपोर्ट अपनी ही चौकी में दर्ज कराई है। इस संबंध में चौकी प्रभारी ने यह भी बताया कि रात साढ़े 11 बजे चौकी में डयूटी पर थे।

सूरजपुर एएसपी हरीश राठौर ने कहा कि उमेश्वरपुर चौकी प्रभारी की शिक्षक खामी सिंह ने जिला पंचायत अध्यक्ष की उपस्थिति में पिटाई की है। उसके खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है।

राजस्थान से बैट्रियां चुराकर मध्य प्रदेश भाग रहे थे चोर, कीचड़ में फंसी गाड़ी तो छोड़कर भागे

0

राजस्थान के निम्बाहेड़ा से टॉवर में लगी बैट्री चुराकर भाग रहे चोरों की गाड़ी मल्हारगढ़ इलाके में कीचड़ में फंस गई। इसके बाद चोर बैट्रियों से भरी गाड़ी वहीं छोड़कर मौके से भाग गए। पुलिस और टावर कर्मचारी ने मौके पर पहुंचकर गाड़ी को अपने कब्जे में ले लिया। जानकारी के मुताबिक चुराई गई बैट्री की कीमत चार लाख से ज्यादा है। पुलिस ने चोरी का मामला दर्ज कर आरोपितों की तलाश तेज कर दी है। पुलिस के मुताबिक चोरी की वारदात को अंजाम देने वाला गिरोह मंदसौर का ही है और निम्बाहेड़ा से पहले राजस्थान के प्रतापगढ़ में भी टावर से बैट्री चुराने की वारदात कर चुका है।

ये है पूरा मामला

गिरोह राजस्थान के निम्बाहेड़ा से मोबाइल टावर की बैट्री चुराकर मंदसौर की तरफ आ रहा था। चोरी की वारदात का पता चलते ही टावर पर तैनात कर्मचारी ने पुलिस को इसकी सूचना दी और शक के आधार पर एक टैंपो का पीछा करना शुरू कर दिया। रास्ते में पुलिस ने नयागांव टोल टैक्स पर रूककर जब फुटेज जांचे तो एक संदिग्ध गाड़ी नजर आई। इसके बाद पुलिस की टीम उस गाड़ी के पीछे लग गई। पुलिस को अपने पीछे आता देख टैंपो में सवार चोरों ने गाड़ी को खेत में उतार दिया। लेकिन बारिश के चलते खेतों में पानी भरा था, इसलिए चोरी की बैट्री से भरी इनकी गाड़ी कीचड़ में फंस गई। चोरों ने गाड़ी निकालने के लिए काफी कोशिश की। लेकिन पीछे से पुलिस को आता देख वो गाड़ी को उसी हाल में छोड़कर खेतों के रास्ते भाग निकले। इसके बाद मौके पर पहुंचीं पुलिस ने गाड़ी को जब्त कर उसकी तलाशी ली। पुलिस को मौके से चोरी की बैट्रियां मिल गई हैं।

बता दें कि टावर में लगी बैट्रियों में शीशा होता है। जो इंवर्टर बनाने का काम आता है और 300-400 रुपए किलो में बिकता है। इसलिए चोर इन बैट्रियों से शीशा निकालकर उसे बाजार में बेच देते हैं और इससे उनकी मोटी कमाई होती है और वो पकड़ में भी नहीं आते हैं। ऐसे कई गिरोह राजस्थान की सीमा से लगे मध्य प्रदेश के कई जिलों में सक्रिय हैं।

आज फिर राज्य में भारी बारिश क ऑरेंज अलर्ट, अब भी भरा है 5 फीट तक पानी

0

बिहार की राजधानी पटना में पहले ही पानी भरा होने की वजह से आम जिंदगी बेहाल है और ऊपर से मौसम विभाग ने आज फिर चेतावनी जारी कर लोगों को डरा दिया है। मौसम विभाग ने राज्य में आज से भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इस अलर्ट के बाद लोगों के चेहरों पर पिर चिंता की लकीरें हैं। पिछले दिनों आई बाढ़ के बाद अब भी राजधानी में के राजेंद्रनगर और आसपास के इलाकों में पांच फीट पानी जमा है। बड़े-बड़े पंप लगाने के बाद कुछ इलाकों का पानी घट रहा, लेकिन राजेंद्रनगर में स्थिति बदतर होती जा रही है। अब तक बिहार में बाढ़ और बारिश से 73 लोगों की मौत हो चुकी है वहीं 9 घायल हैं।

हालांकि, सरकार और जिला प्रशासन लगातार राहत और बचाव कार्य चला रहा है लेकिन अब भी वो बड़ी संख्या में प्रभावित लोगों तक नहीं पहुंच पा रहा है। जहां एक तरफ राजधानी में हालात बिगड़े हैं वहीं पुनपुन नदी का जलस्तर लगातार खतरे के निशान से ऊपर बना हुआ है।

बुधवार को पुनपुन का रिग बांध तीन जगह और टूट गया जिससे मुख्य बाजार में पानी घुस गया। बुधवार को विभिन्न जिलों में वर्षा और जलजनित हादसों में 18 की मौत हो गई। वहीं पटना में जलजमाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने सभी सरकारी और निजी स्कूलों और कोचिंग को दुर्गापूजा तक बंद करने का निर्देश दिया है।

रूका हुआ पानी सड़ रहा, बदबू से लोग परेशान, बीमारी की आशंका

पटना के शहरी इलाके राजेंद्रनगर, बाजार समिति और सैदपुर के कई इलाकों में पांचवें दिन भी पांच फीट तक पानी जमा है। पानी सड़ने लगा है। बदबू से लोग परेशान हैं। अब बीमारियों का खतरा भी लोगों को परेशान करने लगा है। बारिश रुके तीन दिन हो गए हैं, मगर शहरी इलाकों में पानी अधिकतम दो से ढाई फीट ही निकल सका है। यह हाल तब है, जब राज्य सरकार ने झारखंड और छत्तीसगढ़ से आधा दर्जन से अधिक पानी निकालने वाले पंप मंगाए हैं।

मध्यप्रदेश के रायसेन में रीछन नदी में गिरी बस, 7 यात्रियों की मौत

0

 भोपाल से छतरपुर जा रही यात्री बस रायसेन से पहले दरगाह के पास रीछन नदी के पुल से नदी में गिर गई। यह हादसा रात डेढ़ बजे के करीब हुआ। घटना में सात यात्रियों की मौत की पुष्टि हुई है। लेकिन उनकी शिनाख्त नहीं हो पाई है, जबकि तीन दर्जन से ज्यादा लोगों के घायल होने की जानकारी है। कोतवाली पुलिस के मुताबिक छतरपुर जा रही बस पुल पर पहुंचने से पहले अनियंत्रित होकर नदी में जा गिरी। रात होने की वजह से अधिकतर यात्री नींद में थे। बस के गिरते ही चीखपुकार मच गई। जिसे सुनकर स्थानीय लोग मदद के लिए तत्काल मौके पर पहुंच गए। वहीं लोगों ने पुलिस को सूचित किया जिस पर कोतवाली पुलिस बस व एसडीआरएफ की टीम भी राहत के लिए तत्काल मौके पर पहुंच गई।

रात ढाई बजे तक सात यात्रियों के शव नदी में आधी डूबी बस से निकाले जा चुके थे। वहीं 3 दर्जन से ज्यादा घायल यात्रियों को बस से निकालकर इलाज के लिए विभिन्न वाहनों से जिला अस्पताल भेजा जा रहा था। घायलों में कुछ यात्रियों की स्थिति गंभीर है। मृतकों की शिनाख्त नहीं हो पाई है। बताया जा रहा है कि यहां पुलिया के पास एक गड्ढा है, इसमें तेज रफ्तार बस का बैलेंस बिगड़ गया और वह ब्रिज की रेलिंग तोड़ते हुए सीधे उफनती हुई नदी में जा गिरी। हादसे में कुछ यात्रियों के पानी में बहने की बात भी सामने आ रही है। सूचना मिलने के बाद एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंच गई थी और तुरंत ही रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया।

हादसे में यात्रियों को बचाने के लिए पानी में उतरी रेस्क्यू टीम को अंधेरे में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बस में फंसे यात्रियों को निकालने में टीम के कुछ सदस्यों को बस की खिड़की के कांच भी लग गए। बस को रस्सी के सहारे खींचकर सीधा किया गया और फिर यात्रियों को रस्सी के जरिए लाइफ जैकेट पहनाकर खींचकर बाहर निकाला गया।

अभिजीत भट्टाचार्य: सलमान ने हमारे देश के एक उभरते सिंगर का गाना एक पाकिस्तानी से डब कराया

0

सिंगर अभिजीत भट्टाचार्य ने हाल ही में अभिनेता सलमान खान पर अपना गुस्सा दिखाया है। उन्होंने सफाईगिरी अवॉर्ड्स 2019 इवेंट पर सलमान खान पर निशाना साधा। उन्होंने सलमान खान के अरिजीत सिंह को रिप्लेस कर पाकिस्तानी सिंगर को काम देने की आलोचना की। आपको बता दें कि इससे पहले भी अभिजीत भट्टाचार्य ने सलमान पर पाकिस्तानी सिंगर्स के साथ काम करने पर सवाल उठाया था।

अभिजीत भट्टाचार्य ने कहा कि, सबसे गंदगी ये हुई कि सलमान खान ने हमारे देश के एक उभरते सिंगर का गाना एक पाकिस्तानी से डब करा दिया। सिर्फ उस सिंगर का गाना ही नहीं सोनू निगम का गाना भी। सोनू निगम को फतवा जारी किया गया, तब उनके साथ खड़ा बस मैं हुआ।

‘पाकिस्तान में अपनी टैरिटरी और फिल्मों का बिजनेस बनाने के लिए वे ऐसा करते हैं। बताना चाहते हैं कि देखो मैंने अरिजीत का गाना, सोनू निगम का गाना पाकिस्तानी से डब करा दिया। हिम्मत है तो एक बार मुझसे गाना गवाओ और मेरा गाना डब करके दिखाओ किसी पाकिस्तानी से। जब सिंगर से पूछा गया कि, वे ऐसा होने पर वो क्या करेंगे? जवाब में अभिजीत ने कहा कि, मैं फिर से एक कुल्हाड़ी लाऊंगा और अपने पैर पर मार दूंगा।’

सिंगर ने कहा कि, पाकिस्तानियों से मुझे दिक्कत नहीं है। वे तो बहुत अच्छे होते हैं, उनसे हमें देशभक्ति सीखनी चाहिए। वे भारत में खाते हैं और कमाकर पाकिस्तान ले जाते हैं। वहीं हमारे यहां करण जौहर, भट्ट में भी है। इंडिया में खाते हैं और पाकिस्तान का राग अलापते हैं। दोनों में कोई फर्क नहीं है, मैंने पाकिस्तान के किसी भी आर्टिस्ट का नाम नहीं लेता हूं।

आज फ्लाईबिस में चार क्षुद्रग्रह पृथ्वी से टकरा सकते हैं

0

कम से कम चार संभावित खतरनाक क्षुद्रग्रह आज पृथ्वी के करीब पहुंच रहे हैं। हालाँकि अंतरिक्ष की चट्टानें हमारे ग्रह के पास किसी भी तरह की हानि पहुंचाने के लिए पर्याप्त नहीं होंगी, लेकिन पृथ्वी-चंद्रमा प्रणाली द्वारा चक्कर लगाने से कुछ घंटे पहले ही तीन क्षुद्रग्रहों की खोज की गई थी – आपातकालीन प्रतिक्रिया के लिए तैयार होने के लिए ज्यादा समय नहीं हैं। वे वास्तव में थे । नासा के अनुसार, एस्ट्रोइड 2019 SM8 सोमवार को एरिजोना में माउंट लेमोन वेधशाला में खगोलविदों द्वारा खोजा गया था। अपने निकटतम पर, यह पृथ्वी से लगभग 99,000 मील (159,000 किलोमीटर) था, या पृथ्वी और चंद्रमा के बीच की औसत दूरी से थोड़ा कम है। नासा ने अनुमान लगाया कि यह क्षुद्रग्रह एक एसयूवी के आकार के बारे में 16 फीट (4.8 मीटर) व्यास का है। ठीक एक घंटे बाद, एक और नए खोज किए गए क्षुद्रग्रह ने पृथ्वी के करीब पहुंच बनाई, लेकिन इस एक ने थोड़ी और दूरी बनाए रखी।

क्षुद्रग्रह 2019 SE8 भी पहली बार माउंट लेमोन में कुछ ही घंटों पहले खोजा गया था, क्योंकि यह 1 अक्टूबर को लगभग 11:12 बजे EDT (1512 GMT) पर पृथ्वी के सबसे करीब पहुंच गया था। इसके सबसे करीब, क्षुद्रग्रह पृथ्वी से लगभग 674,000 मील (1.1 मिलियन किलोमीटर) दूर था। यह पृथ्वी-चंद्रमा की औसत दूरी का लगभग तीन गुना है, इसलिए इस चट्टान ने बहुत ज्यादा खतरा पैदा नहीं किया। क्षुद्रग्रह 019 SE8 पिछले क्षुद्रग्रह की तुलना में थोड़ा बड़ा है, और नासा का अनुमान है कि यह लगभग 47 फीट (14 मीटर) है।आज रात बाद, फिर भी एक और न्यूफ़ाउंड क्षुद्रग्रह, 2019 SD8, पृथ्वी से 10:29 बजे 331,000 मील (532,000 किमी) की दूरी से गुजरेगा। यह स्पेस रॉक, एरिज़ोना के टक्सन में कैटालिना स्काई सर्वे द्वारा पाया गया, जो पृथ्वी के करीब आने से एक दिन पहले था।

हालांकि इनमें से किसी भी क्षुद्रग्रह के पास आज पृथ्वी से टकराने का बहुत अधिक मौका नहीं था, लेकिन नासा अभी भी उन्हें ‘संभावित खतरनाक क्षुद्रग्रहों’ के रूप में वर्गीकृत करता है, क्योंकि चट्टानें अभी भी भविष्य में एक खतरा पैदा कर सकती हैं जब उनकी कक्षाएँ पृथ्वी के साथ फिर से जुड़ जाएंगी।

नासा और दुनिया भर की अन्य संस्थाएं खतरनाक क्षुद्रग्रहों के लिए सक्रिय रूप से आसमान को स्कैन कर रही हैं, इसके पटरियों में एक क्षुद्रग्रह को रोकने के तरीकों पर काम कर रही है, और पृथ्वी को क्षुद्रग्रह खतरों के लिए अधिक तैयार होने में मदद करने के लिए एक आपातकालीन प्रतिक्रिया योजना के साथ आ रही है।

कंगाली की कगार पर खड़े पाक को बड़ा झटका, भारत से हारा अरबों की कानूनी लड़ाई

0

पाकिस्तान को भारत के हाथों एक बार फिर मुंह की खानी पड़ी है। हैदराबाद के निजाम की संपत्ति से जुड़े 70 साल पुराने केस में ब्रिटेन की अदालत ने बुधवार को भारत के पक्ष में फैसला सुनाया है। यह मामला हैदराबाद के निजाम के करीब 35 मिलियन पाउंड (करीब 306 करोड़) की राशि से जुड़ा हुआ है। यह रकम निजाम ने बंटवारे के दौरान लंदन के नेशनल वेस्टमिनस्टर बैंक में जमा कराई गई थी। भारत और पाकिस्तान दोनों ही देश इस राशि पर अपना—अपना हक जताते रहे हैं। अदालत ने 70 साल पुराने दस्तावेजों का गहन अध्ययन करने के बाद यह फैसला सुनाया है। ब्रिटिश कोर्ट ने पाकिस्तान के सभी तर्कों को खारिज कर दिया। अदालत ने पाया कि हैदराबाद के सातवें निजाम इस रकम के सही उत्तराधिकारी हैं। इसलिए उनके पक्ष में खड़े भारत और निजाम के दो पोते ही इसके सही हकदार हैं।

पाक के तर्क नहीं आए काम

पाक ने तर्क दिए थे कि यह विवाद पूरे या आंशिक रूप से गैर न्यायसंगत था। उसने अवैधता के सिद्धांत की बात करते हुए वसूली रुकने की भी बात कही। इसके अलावा उसने अन्य पक्षों के दावों को तय समय के भीतर नहीं करने की भी बात कही। मगर अदालत में उसकी एक न चली। कोर्ट ने कहा कि समयसीमा के तर्क को प्रक्रिया का दुरुपयोग बताया।

पाक उच्चायुक्त को भेजी थी यह रकम

हैदराबाद के तत्कालीन निजाम ने 1948 में ब्रिटेन में पाकिस्तान के उच्चायुक्त रहीमउतुल्ला को यह रकम भेजी थी। उस वक्त नवाब मीर उस्मान अली खान सिद्दिकी की रियासत हुआ करती थी। भारत का समर्थन करने वाले निजाम के वंशज इस रकम पर अपना हक जताते हैं, जबकि पाकिस्तान भी इस पर दावा करता है।

क्या है पूरी कहानी

दरअसल रकम ट्रांसफर की पूरी कहानी भारत के विलय होने के दौर की है। निजाम हैदराबाद का पक्ष रख रहे वकील पॉल हेविट ने कहा कि हैदराबाद के निजाम के वित्त मंत्री ने पैसों को सुरक्षित रखने के इरादे से करीब 10 लाख पाउंड पाक उच्चायुक्त के लंदन वाले बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए थे। अब यह रकम कई गुना बढ़ चुकी है। यही पैसा बाद में सातवें निजाम के उत्तराधिकारियों और पाकिस्तान के बीच कानूनी जंग की वजह बन गया।

दिवाली की सस्ती और अच्छी शॉपिंग के लिए यहां करे खरीददारी, नहीं पड़ेंगे जेब पर भारी

0

नवरात्रि शुरू हो चुकी है दुर्गा पूजा की तैयारियों में सभी व्यस्त हैं। देखते-देखते दशहरा आ जाएगा और फिर दिवाली में कुछ ही दिन बचेंगे। त्योहार करीब हैं और बाजार सज चुके हैं। अगर आप भी घर के लिए और परिवार वालों को गिफ्ट करने के लिए शॉपिंग का प्लान कर रहे हैं और बिगड़ते बजट को लेकर परेशान हैं, तो कुछ बाजार आपकी ऐसे हैं जो जेब पर ज्यादा असर नहीं पड़ने देंगे। आज हम आपको दिल्ली के उन बाजारों के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां आप सस्ते में खरीददारी कर सकते हैं। इन बाजारों से आप घर को सजाने के सामान से लेकर गिफ्ट्स और कपड़े कम दाम पर खरीद सकते हैं।

अगर आपको दिवाली पर घर सजाने के लिए हैंडिक्राफ्ट्स प्रॉडक्ट्स चाहिए तो इसके लिए सबसे अच्छी मार्केट है दिल्ली हाट। त्योहारों के समय तो यहां शॉपिंग करने का मजा ही अलग है। आपको अपने घर को सजाने के लिए यहां कई तरह के डेकोरेशन के सामान मिलेंगे। सबसे अच्छी बात यह है कि ये मार्केट सप्ताह के सातों दिन खुली रहती है।

यह दिल्ली में सबसे बड़ी होलसेल मार्केट है, लेकिन आप यहां रिटेल शॉपिंग भी कर सकते हैं। अगर आपको दोस्तों और रिश्तेदारों के लिए दिवाली गिफ्ट्स खरीदने हैं तो आपको बाहर से काफी कम दामों में यहां सामान मिल जाएगा। इतना ही नहीं, आप चाहें तो घर के सामान से लेकर कपड़े, बर्तन और आर्टिफिशियल ज्वैलरी किफायती दामों पर खरीद सकते हैं।

आप चाहें तो दिवाली की शॉपिंग करने करोल बाग जा सकते हैं। यहां आप घर की डेकोरेशन के सामान से लेकर कपड़ों के लेटेस्ट कलेक्शन की शॉपिंग आराम से कर सकते हैं। यहा बड़े-बड़े ब्रांड शॉप से लेकर पटरी मार्केट भी हैं, जहां आपको सारे लेटेस्ट फैशन के कपड़े बहुत कम दामों पर मिलेंगे। अगर आपको घर के सामान से जुड़ी चीजें लेनी हैं तो इसके लिए आप सोमवार के दिन इस बाजार में जाएं। इस दिन आपको घर सजाने का एक से बढ़कर एक सामान मिलेगा वो भी बहुत कम दाम पर।

अगर आपको बार्गेनिंग करने का बहुत शौक है तो यह मार्केट खास आपके लिए ही है। यहां खरीददारी करने का अपना ही मजा है। इस मार्केट में आपको लेटेस्ट फैशन के कपड़े और घर को सजाने के सामान बहुत किफायती दामों में मिल जाएंगे। यहां कुछ दुकान ऐसी हैं जिन पर डिफेक्टिव ब्रांडेड कपड़े मिलते हैं। इन कपड़ों में बहुत मामूली सा डिफेक्ट होता है और यह आपको बहुत कम दामों पर मिल जाते हैं।

बादशाह ने किया खुलासा, महज 20 मिनट में तैयार हुआ था ये सुपरहिट रैप सॉन्ग

0

मशहूर रैपर बादशाह इन दिनों चर्चा में बने हुए हैं। उन्होंने हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान अपने मशहूर रैप सॉन्ग डीजे वाले बाबू को लेकर बात की। बादशाह ने पहली बार ये खुलासा किया कि उन्होंने सुपरहिट सॉन्ग डीजे वाले बाबू को सिर्फ 20 मिनट में बनाया था।

उन्होंने कहा कि, मैंने 20 मिनट में डीजे वाले बाबू सॉन्ग बनाया था। फिर बादशाह ने हंसते हुए कहा कि, वो लगता भी ऐसा है कि 20 मिनट में बनाया है। एक किस्सा बताते हुए बादशाह ने कहा कि, एक जर्नलिस्ट बैठे थे जो मुझे खास पसंद नहीं करते थे। उन्हें जब मैंने बताया कि ये सॉन्ग मैंने 20 मिनट में बनाया है। तो उन्होंने कहा वो लगता ही है कि 20 मिनट में बना है, बेस्ट चीजें कम समय में ही बनती हैं।

बादशाह ने बताया कि डीजे वाले बाबू का टाइटल बनाने का आइडिया उन्हें कैसे आया? बकौल बादशाह कि, ‘मेरे पापा हरियाणा से हैं, मैं अपने गांव में था। वहां डीजे पर अजीब गाने बज रहे थे। तभी एक उम्रदराज आंटी काफी परेशान होकर डीजे वाले के पास जाकर बोलीं कि, ऐ डीजे वाले मेरा गाना चला दे, ये लाइन मुझे वहां से मिली थी।’

बादशाह ने कहा कि, वे शुरू से ही म्यूजिक में जाना चाहते थे। सिविल इंजीनियर बनना उनके पैरेंट्स का सपना था। पिता को रैपर बनने का सपना कैसे बताया? जवाब में बादशाह ने कहा कि, मैंने जब उन्हें बताया कि मुझे रैपर बनना है। उन्हें नहीं पता था ये क्या होता है। वे परेशान हो गए, उन्हें लगा कि मुझे क्या हो गया। उन्होंने मुझे कहा कि, ये क्या है? इसमें ना सुर है ना ताल? तू कैसा सिंगर है? पिता ने मेरा रैप सुना तो वे हंस पड़े, उन्हें अभी भी मेरा रैप समझ नहीं आता।