Home Blog Page 792

सीएम साय करेंगे औचक निरीक्षण, देशभर में होगा विकसित कृषि संकल्प अभियान, ABVP का पांच दिवसीय महासम्मेलन, शिक्षक संगठनों का बड़ा प्रदर्शन, कोरोना को लेकर प्रशासन अलर्ट, कैबिनेट मंत्री

0

प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज फिर औचक निरीक्षण पर निकलेंगे। इस कड़ी में वह आज सुबह 10:00 बजे रायपुर से रवाना औचक निरीक्षण के लिए होंगे। रायपुर में आयोजित राष्ट्रीय कार्यकारी परिषद की बैठक एवं नागरिक अभिनंदन समारोह कार्यक्रम में होंगे। जिसके बाद सारंगढ़ ओर रायगढ़ के बाद आज प्रदेश के मुख्यमंत्री  किसी भी जिले पहुंच सकते हैं। बतादें कि मुख्यमंत्री जनता के बीच पहुंच सुशासन तिहार कर मना रहे हैं। इसके बाद सीएम साय शाम 6:00 बजे रायपुर लौटेंगे।

शभर में होगा विकसित कृषि संकल्प अभियान:

देश में विकसित कृषि संकल्प अभियान चलाया जाएगा। दरअसल 29 मई से 12 जून तक राष्ट्रीय स्तर पर पूरे देश में अभियान चलाया जाएगा। इसी क्रम में आज प्रदेश के कृषि मंत्री रामविचार नेताम महत्वपूर्ण प्रेसवार्ता करेंगे। ये प्रेस कांफ्रेंस सुबह 10 बजे सिविल लाइन न्यू सर्किट हाउस में करेंगे। जहां कृषि मंत्री विकसित कृषि संकल्प अभियान की जानकारी देंगे। केंद्र सरकार के नए अभियान का संक्षिप्त विवरण
देंगे।

शभर में होगा विकसित कृषि संकल्प अभियान:

देश में विकसित कृषि संकल्प अभियान चलाया जाएगा। दरअसल 29 मई से 12 जून तक राष्ट्रीय स्तर पर पूरे देश में अभियान चलाया जाएगा। इसी क्रम में आज प्रदेश के कृषि मंत्री रामविचार नेताम महत्वपूर्ण प्रेसवार्ता करेंगे। ये प्रेस कांफ्रेंस सुबह 10 बजे सिविल लाइन न्यू सर्किट हाउस में करेंगे। जहां कृषि मंत्री विकसित कृषि संकल्प अभियान की जानकारी देंगे। केंद्र सरकार के नए अभियान का संक्षिप्त विवरण
देंगे।

ढाबे में खाना खाने के लिए अचानक पहुंच गए CM साय, कहा- ये मुलाकातें मेरे लिए आत्मीयता हैं

0

सिमगा स्थित आनंद ढाबे पर आम नागरिकों ने भी मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर हर्ष व्यक्त किया और कहा कि यह उनकी नेतृत्व शैली की सादगी और जनभावनाओं से जुड़ाव का प्रतीक है.

ढाबे में खाना खाने के लिए अचानक पहुंच गए CM साय, कहा- ये मुलाकातें मेरे लिए आत्मीयता हैं

 सिमगा स्थित आनंद ढाबे पर आम नागरिकों ने भी मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर हर्ष व्यक्त किया और कहा कि यह उनकी नेतृत्व शैली की सादगी और जनभावनाओं से जुड़ाव का प्रतीक है.

छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णु देव साय का एक अलग अंदाज देखने को मिला. वे दिनभर की व्यस्तता के बाद खाना-खाने के लिए एक ढाबे में अचानक पहुंच गए. यहां आमजनों के बीच बैठकर भोजन किया. सीएम के पहुंचने की खबर मिलते ही पूरा प्रशासनिक अमला भी मौके पर पहुंच गया. सीएम के  इस अंदाज की हर कोई तारीफ कर  रहा है.

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि मैं जहां भी जाता हूं, वहां के लोगों से मिलकर मुझे ऊर्जा मिलती है. ये मुलाकातें मेरे लिए औपचारिकता नहीं, आत्मीयता हैं. उनके इस सहज और मानवीय रूप ने यह स्पष्ट कर दिया कि सुशासन केवल मंचों पर नहीं,बल्कि आम जीवन के स्पर्श में भी झलकता है.

दरअसल सीएम साय मंगलवार को रायगढ़ जिले के दौरे पर गए हुए थे. यहां लौटते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सिमगा में एक साधारण से ढाबा में रुके और वहां बैठकर स्थानीय व्यंजन का स्वाद लिया. सुशासन तिहार के अंतर्गत दिनभर की व्यस्त दिनचर्या के बावजूद उन्होंने ढाबे में भोजन किया और आमजन से सहजता से संवाद स्थापित किया.

मुख्यमंत्री साय ने ढाबा में मौजूद लोगों से आत्मीयता से बातचीत की, हालचाल जाना और उनकी बातों को ध्यानपूर्वक सुना. न कोई तामझाम, न कोई सुरक्षा का दिखावा—बस एक जननेता की तरह लोगों के बीच बैठकर उन्होंने विश्वास और अपनापन बांटा. इस दृश्य ने वहां मौजूद हर व्यक्ति के मन में मुख्यमंत्री की सरलता और जमीन से जुड़ेपन की एक मजबूत छवि बनाई.

लोगों ने सीएम के साथ फोटो भी खिंचवाई 

सिमगा स्थित आनंद ढाबे पर आम नागरिकों ने भी मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर हर्ष व्यक्त किया और कहा कि यह उनकी नेतृत्व शैली की सादगी और जनभावनाओं से जुड़ाव का प्रतीक है. भोजन के दौरान कई लोगों ने उनके साथ तस्वीरें भी खिंचवाईं और उत्साहपूर्वक उनसे बातचीत की. इस अवसर पर मुख्य सचिव अमिताभ जैन, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव  सुबोध सिंह और मुख्यमंत्री के सचिव पी दयानंद सहित अन्य अधिकारी एवं स्थानीय ग्रामीण मौजूद थे.

पूर्व विधायक ने सुशासन तिहार के दौरान किया हंगामा, चूड़ियां उतारने लगी, बीजेपी नेता ने हाथ जोड़े

0

राजनांदगांव :  जिले में सुशासन तिहार में हंगामा हुआ है। छुरिया ब्लॉक में आयोजित समाधान शिविर में पूर्व विधायक छत्री साहू मांगों की तख्ती लेकर पहुंचीं थी। उन्होंने सड़क निर्माण का मुद्दा उठाते हुए शिविर में प्रदर्शन किया तो उन्हें जेल भेजने की धमकी मिली। धमकी मिलने के बाद पूर्व विधायक ने अफसरों और भाजपा नेताओं को चूड़ियां पहनने की बात कह डाली। इसका वीडियो भी सामने आया है जिसमें वह अपनी चूड़ियां उतारकर देते नजर आ रही है। बाद में जिला भाजपा महामंत्री रविंद्र वैष्णव ने हाथ जोड़कर उनसे चूड़ियां वापस पहनने का आग्रह किया।

कार्यक्रम के दौरान भाजपा नेताओं ने जब कांग्रेस सरकार पर घोटालों के आरोप लगाए, तो माहौल तनावपूर्ण हो गया। जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव ने साहू से सवाल किया कि वे खुद पांच साल विधायक रहीं, तब क्या कर रही थीं। दरअसल सोमवार को शिविर में जोब से मरकाकसा तक सड़क निर्माण का मुद्दा गरमाया। विधायक ने कहा कि यह सड़क कांग्रेस सरकार में सवा करोड़ रुपए की स्वीकृति के बाद भी नहीं बनी। भूमिपूजन के बावजूद सरकार बदलने के बाद काम शुरू नहीं हुआ। मौके पर एसडीएम श्रीकांत कोराम, तहसीलदार विजय कोठारी, नायब तहसीलदार विजय साहू और छुरिया थानेदार संतोष भूआर्य समेत कई अधिकारी मौजूद थे।

 

दुनिया को चाहिए भारत की नर्सें, 5 गुना ज्यादा पैसा देने को तैयार हैं ये देश, भर-भरकर दे रहे जॉब

0

नर्सिंग की पढ़ाई कर रहे लोगों के लिए गुड न्यूज है। दुनियाभर में नर्सों की डिमांड बढ़ रही है, जिस वजह से नौकरियों की कोई कमी देखने को नहीं मिलने वाली है।

 दुनियाभर में भारतीय नर्सों की डिमांड बढ़ रही है। भारत के मुकाबले उन्हें यूरोप और अमेरिका जैसे देशों में लाखों रुपये सैलरी मिल रही है। विकसित देशों में नर्सों की सबसे ज्यादा कमी देखी जा रही है। 70 हजार से 1 लाख भारतीय नर्सें पिछले साल विदे गईं और इस साल उनकी डिमांड 15-30% बढ़ने वाली है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि आने वाले वर्षों में नर्सों की डिमांड इसी तरह से रहने वाली है। बूढ़ी हो रही आबादी की वजह से कई देश देखभाल के लिए नर्सें चाहते हैं।

जर्मनी, इटली और जापान जैसे देशों में बड़ी संख्या में नर्सों की हायरिंग की जा रही है। इसी तरह से ‘ऑर्गेनाइजेशन फॉर इकोनॉमिक को-ऑपरेशन एंड डेवलपमेंट’ (OCED) देशों जैसे ब्रिटेन, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और कनाडा में भी नर्सों की नौकरियों की भरमार है। खाड़ी देशों जैसे सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), कतर नर्सों को नौकरी देने वाले देशों में शामिल हैं। एक्सपर्ट्स का कहना है कि नर्स बनने के लिए ये सबसे अच्छा समय है। दुनियाभर में 6,40,000 के करीब भारतीय नर्सें काम कर रही हैं।

नर्सों की कमी से जूझ रही दुनिया

BorderPlus विदेश में नौकरी लगवाने वाला एक प्लेटफॉर्म है। इसके सीईओ मयंक कुमार ने इकोनॉमिक्स टाइम्स से बात करते हुए बताया कि बॉर्डरप्लस ने अपने लॉन्च के बाद से विदेशों में भारतीय नर्सों की मांग में 20-30% महीने-दर-महीने वृद्धि देखी है। ये दिखाता है कि एक साल में डिमांड दो गुना हो सकती है। उन्होंने बताया कि दुनियाभर में नर्सिंग प्रोफेशनल्स की कमी है। WHO के मुताबिक, 2030 तक 45 लाख नर्सों की जरूरत होगी। विकसित देश सबसे ज्यादा भारतीय नर्सों को हायर कर रहे हैं।
विदेश में मिल रही मोटी सैलरी और बढ़िया वर्क-लाइफ बैलेंस

क्वालिफाइड नर्सों के लिए विदेश में जॉब पाना ज्यादा आसान है। उन्हें मोटी सैलरी तो मिल ही रही है, साथ ही साथ सिक्योरिटी, बढ़िया क्वालिटी ऑफ लाइफ और प्रोफेशनल ग्रोथ भी मिल रहा है। Randstad India के चीफ कमर्शियल ऑफिसर शिवनाथ घोष ने कहा, भारतीय नर्सों को भारत की तुलना में विदेशों में औसतन सात से दस गुना अधिक सैलरी मिलती है। पर्चेजिंग पावर पैरिटी (PPP) के आधार पर ही विदेश में मिलने वाली सैलरी भारत की तुलना में तीन से पांच गुना ज्यादा है।

गौरव गोगोई को मिली असम कांग्रेस की कमान, राहुल गांधी का सीएम हिमंता के खिलाफ मास्टरस्ट्रोक

0

असम में अगले साल विधानसभा चुनाव होना है। इससे पहले कांग्रेस पार्टी ने कार्यकर्ताओं में जोश फूंकने के लिए तेज-तर्रार नेता गौरव गोगोई को प्रदेश अध्यक्ष बनाया है। इनके साथ तीन कार्यकारी अध्यक्ष भी बनाए गए हैं।असम कांग्रेस पार्टी ने संगठनात्मक उलटफेर किया है। विधानसभा चुनाव से पहले राहुल गांधी ने अपने करीबी सांसद गौरव गोगोई को असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कमान सौंप दी है। इसके अलावा जाकिर हुसैन सिकदर, रोजलिना तिर्की और प्रदीप सरकार सहित तीन अन्य कार्यकारी अध्यक्ष भी नियुक्त किए गए। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने 26 मई को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा, “माननीय कांग्रेस अध्यक्ष ने तत्काल प्रभाव से असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और कार्यकारी अध्यक्षों की नियुक्ति की है।

प्रेस रिलीज में बताया गया कि असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई, कार्यकारी अध्यक्ष जाकिर हुसैन सिकदर, श्रीमती रोजलिना तिर्की, प्रदीप सरकार को नियुक्य किया गया है। प्रेस विज्ञप्ति में आगे कहा गया रोजलिना तिर्की को एआईसीसी सचिव के रूप में उनकी वर्तमान जिम्मेदारियों से मुक्त किया जा रहा है।

पार्टी ने निवर्तमान पीसीसी अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा के योगदान की भी सराहना की। गोगोई ने अपने परिवार और कांग्रेस नेताओं मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी, केसी वेणुगोपाल, जितेंद्र सिंह अलवर और असम पीसीसी के पूर्व अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा के प्रति आभार व्यक्त किया। गोगोई ने कहा कि मैं कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे, विपक्ष के नेता राहुल गांधी, केसीवेणुगोपाल, जितेंद्र एसएल्वार का आभारी हूं कि उन्होंने मुझे यह जिम्मेदारी सौंपी।

इसके आगे उन्होंने कहा कि “पूर्व पीसीसी अध्यक्ष भूपेन केबोरा ने पार्टी का नेतृत्व किया और बहुत बड़ा योगदान दिया। मैं अपने माता-पिता के मार्गदर्शन और अपने परिवार खासकर अपनी पत्नी और बच्चों के समर्थन के बिना यहां नहीं पहुंच पाता। असम में कांग्रेस पार्टी में इतने समर्पित और प्रेरक वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ काम करना एक आशीर्वाद है।

पार्टी के प्रति उनकी बुद्धिमत्ता, अनुभव और समर्पण ने मुझे बहुत कुछ सिखाया है। मैं अपने वरिष्ठों और सहयोगियों के साथ काम करने के लिए उत्सुक हूं। आने वाले दिनों में मैं असम के लोगों का आशीर्वाद लूंगा। मुझे विश्वास है कि हम सब मिलकर अपने राज्य के लिए बेहतर भविष्य बना सकते हैं। जोई ऐ एक्सोम! जय हिंद!” जोरहाट से सांसद गौरव गोगोई असम के पूर्व मुख्यमंत्री तरुण गोगोई के बेटे हैं।”

146 करोड़ रुपए से होगा भोरमदेव कॉरिडोर का निर्माण, केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय ने दी मंजूरी… जानें क्या होगा खास?

0

भोरमदेव मंदिर परिसर से लेकर पुरातत्व महत्व के स्थल मड़वा महल, छेरकी महल, रामचुवा से लेकर सरोदा जलाशय तक पर्यटन कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा। स्वदेश दर्शन योजना के तहत 146 करोड़ रुपए की मंजूरी केंद्र सरकार से मिली चुकी है।

छत्तीसगढ़ पर्यटन, पुरात्तव विभाग और कबीरधाम जिला प्रशासन के साझा प्रयास से पर्यटन विकास की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए कार्ययोजना भी तैयार कर ली गई है। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने शनिवार को दिल्ली जाने से पहले सुबह छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के नवनियुक्त अध्यक्ष नीलू शर्मा एवं पर्यटन विभाग के अधिकारियों कलेक्टर व जनप्रतिनधियों के साथ भोरमदेव मंदिर परिसर में बैठक लेकर स्वदेश योजना के तहत विकसित होने वाले भोरमेदव कॉरिडोर विकास कार्यों के संबंध में गहन समीक्षा की।
इस दौरान बताया गया कि केन्द्र सरकार ने स्वदेश दर्शन योजना 2.0 के अंतर्गत भोरमदेव मंदिर सहित क्षेत्र के अन्य ऐतिहासिक, सांस्कृतिक स्थलों के संरक्षण, संवर्धन और समग्र विकास के लिए 146 करोड़ रुपए की महत्वाकांक्षी परियोजना को मंजूरी दी है। स्वदेश योजना के तहत भोरमदेव कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा। इससे भोरमदेव मंदिर सहित आसपास के मंदिर और पर्यटन क्षेत्र कनेक्ट होंगे। पर्यटन मंडल के अधिकारियों द्वारा प्रारंभ स्थल से लेकर अंतिम स्थल तक की विस्तृत कार्य योजना की जानकारी प्रस्तुत की गई।
इस दौरान उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि परियोजना की व्यापक कार्य योजना को शीघ्र क्रियान्वित करने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि क्षेत्र का पर्यटन विकास तेजी से आगे बढ़ सके।

तालाब सौंदर्यीकरण कांवड़ियों के डोम

वहीं तालाब क्षेत्र को भी सौंदर्यीकरण कर विकसित किया जाएगा। चारों ओर एकसमान पत्थरों से बैठने की सुविधा, म्यूजिकल फाउंटेन और कैचमेंट क्षेत्र का पानी संचित करने की व्यवस्था भी की जाएगी। परिसर में भंडारा भवन, कांवड़ियों के लिए डोम, सीढ़ियों पर छायायुक्त डोम, स्टेज और पार्किंग की व्यवस्था, अनेक स्थानों पर सार्वजनिक शौचालयों का निर्माण किया जाएगा।

मड़वा महल और छेरकी महल का भी समग्र विकास

मड़वा महल और छेरकी महल का भी समग्र विकास किया जाएगा। दोनों स्थलों पर प्रवेश द्वार, बाउंड्री वॉल की साज-सज्जा, बोरवेल से पेयजल व्यवस्था, शेड निर्माण, बिजली व ड्रेनेज की व्यवस्था की जाएगी। भोरमदेव से मड़वा महल और छेरकी महल तक की सड़कों का उन्नयन किया जाएगा। आसपास के तालाबों की सफाई, रामचुआ और सरोदा जलाशयों का विकास, मंदिर परिसर में लाइटिंग और ऑडियो डिस्क्रिप्शन की व्यवस्था भी परियोजना का हिस्सा है।

भारत दर्शन योजना के तहत भोरमदेव के मुख्य मंदिर का भव्य रूप से विकास किया जाएगा जिसमें 6 शानदार प्रवेश द्वार बनाए जाएंगे। इनमें नागद्वार, पार्क, संग्रहालय और अन्य प्रमुख स्थानों पर विशेष द्वार स्थापित किए जाएंगे। पूरे मंदिर परिसर को एकीकृत स्वरूप देने के लिए परिधि दीवारों का संवर्धन किया जाएगा। भोरमदेव मंदिर जो एक विशाल प्राकृतिक चट्टान पर स्थित है उसके समीप एक अत्याधुनिक संग्रहालय का निर्माण प्रस्तावित है जो वर्तमान संग्रहालय की तुलना में चार से पांच गुना बढ़ा होगा।
इसके तहत गार्डन तक पहुंचने के लिए नई सीढ़ियों का निर्माण, बैठने के लिए पिलर हॉल, चिल्ड्रन पार्क, प्रसाद मंडप (रसोई सहित) अनुष्ठान भवन, यज्ञ स्थल व सार्वजनिक शौचालय, नागद्वार तक रैंप और सीढ़ियों की सुविधा, मुख्य प्रवेश द्वार और मेला ग्राउंड की ओर से पार्किंग सहित प्रवेश द्वार, श्रद्धालुओं के लिए हजारों जोड़ी जूते रखने की व्यवस्था की जाएगी।

विधायक भावना बोहरा की पहल रंग लाई, वनवासी इलाकों में पहुंचे पानी के टैंकर

0

पंडरिया के ग्राम पंचायतों को पानी टैंकर
पानी का टैंकर मिलने से अब इन ग्राम वासियों को पीने के पानी के लिए कई किलोमीटर दूर जाना नहीं पड़ेगा. ना ही झिरिया का गंदा पानी पीकर बीमार होंगे. रविवार को एक कार्यक्रम के तहत वनांचल आदिवासी ग्राम बिरहुलडीह में पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने इन 10 पानी के टैंकरों को ग्राम पंचायत को सौंपा. पानी के टैंकर मिल जाने से अब ग्राम वासियों को पानी की किल्लत नहीं होगी. जिससे अब इस इलाके में रहने वाले गरीब आदिवासी परिवार काफी खुश नजर आ रहे हैं. उन्होंने विधायक का आभार जताया

कबीरधाम: पंडरिया विधानसभा क्षेत्र के आदिवासी वनांचल के ग्राम पंचायत के लोग पेयजल की समस्या से परेशान थे. इन गांवों में रहने वाले आदिवासियों को कई किलोमीटर दूर जाकर झिरिया से पानी का जुगाड़ करना होता था. नलजल योजना के तहत गांवों में पानी की टंकियां तो बनी है, लेकिन पानी का कोई जरिया नहीं होने के कारण वो भी शोपीस बनकर खड़े हैं. गांव वाले पंडरिया विधायक भावना बोहरा के पास पहुंचे और पानी के पानी की गुहार लगाई. जिसके बाद विधायक ने 10 वनांचल ग्राम पंचायतों में 10 पानी टैंकर दिया.

कई गांवों में विकास कार्यों का भूमिपूजन
विधायक भावना बोहरा ने बताया कि विधानसभा चुनाव के बाद से वह क्षेत्र का लगातार दौरा कर रही है. 20 गांवों में पानी की गंभीर समस्या है. घाटी के ऊपर रहने के कारण पाइप लाइन से पानी पहुंचाना आसान नहीं है. लोगों को झिरिया का पानी पानी पड़ रहा था. विधायक निधि से 10 टैंकर की शुरुआत किया गया है. पानी की समस्या दूर होगी. लोगों के चेहरे पर खासकर महिलाओं के चेहरे पर खुशी नजर आ रही है. उन्हें देखकर काफी संतुष्टि मिली है. 10 पानी टैंकर के अलावा भावना बोहरा ने गांव में सीसी रोड और सामुदायिक भवन के लिए लगभग 50 लाख रुपए के विकास कार्यों का भूमि पूजन व लोकार्पण भी किया.

रायपुर में बनेगा देश का प्रमुख AI डेटा सेंटर, ESDS कंपनी करेगी 600 करोड़ रुपये का निवेश

0

छत्तीसगढ़ अब देश के डिजिटल नक्शे पर एक नई पहचान बनाने जा रहा है. रायपुर में एक अत्याधुनिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित डेटा सेंटर की स्थापना के लिए टेक्नोलॉजी कंपनी ESDS Software Solution Ltd ने 600 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश का प्रस्ताव राज्य सरकार के समक्ष रखा है.

नई दिल्ली स्थित छत्तीसगढ़ सदन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात के दौरान कंपनी के चेयरमैन पीयूष सोमानी और उपाध्यक्ष लोकेश शर्मा ने इस प्रस्ताव को साझा किया. उन्होंने बताया कि यह डेटा सेंटर न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे देश के डिजिटल भविष्य को दिशा देगा.

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस प्रस्ताव का स्वागत करते हुए कहा, “डिजिटल इंडिया के विज़न को जमीनी हकीकत बनाने की दिशा में यह निवेश मील का पत्थर साबित होगा. राज्य सरकार इस परियोजना को हरसंभव समर्थन देगी ताकि इसे जल्द मूर्तरूप दिया जा सके.”

इस पहल से रायपुर और पूरे छत्तीसगढ़ में उच्च स्तरीय रोजगार के अवसर पैदा होंगे.

साथ ही, राज्य का IT इकोसिस्टम और अधिक मजबूत होगा. डिजिटल सेवाओं, स्टार्टअप्स और नई तकनीकों के क्षेत्र में तेजी से विकास की उम्मीद की जा रही है.

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इस तरह की परियोजनाएं राज्य को डिजिटल आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ाएंगी. उन्होंने इस सेंटर को छत्तीसगढ़ की तकनीकी पहचान और विकास के लिए एक बड़ा कदम बताया.

इस बैठक में मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह और नई दिल्ली में छत्तीसगढ़ की इनवेस्टमेंट कमिश्नर ऋतु सेन भी मौजूद थीं.

छत्तीसगढ़ में अगले 7 दिनों तक मौसम रहेगा मेहरबान, इन जिलों में गरज-चमक और तेज आंधी की संभावना

0

छत्तीसगढ़ में एक बार फिर आसमान से राहत की बूंदें बरसने वाली हैं। मौसम विभाग ने प्रदेशभर के लिए बारिश का अलर्ट जारी किया है।

आने वाले सात दिनों तक राज्य के कई हिस्सों में बारिश के आसार जताए गए हैं, जिससे गर्मी से परेशान लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

मौसम विभाग के अनुसार सरगुजा, जशपुर, रायगढ़ और बलोद जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज आंधी चलने की संभावना है।

इसके अलावा रायपुर, दुर्ग, कांकेर, बस्तर समेत अन्य क्षेत्रों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि, कई जिलों में आकाशीय बिजली के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं और मध्यम से भारी बारिश हो सकती है।
छत्तीसगढ़ में प्री- मानसून की दस्तक
प्री- मानसून ने छत्तीसगढ़ में अपनी दस्तक दे दी है। 24 मई को राजधानी रायपुर, दुर्ग समेत कई इलाकों में बारिश हुई। मौसम विभाग ने प्रदेशभर में अगले 7 दिनों तक बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। जिसके अनुसार प्रदेश के कई जिलों में गरज- चमक के साथ बिजली गिरने की आशंका जताई है।

 

18 महीने का DA एरियर देने की तारीख तय – कर्मचारियों के लिए बंपर फायदा

0

कर्मचारियों के लिए DA का एरियर हमेशा एक महत्वपूर्ण आर्थिक सहायता के रूप में देखा जाता है। इस बार, 18 महीने के DA एरियर के भुगतान की घोषणा से कर्मचारियों को राहत मिलेगी। यह एरियर उन्हें वित्तीय स्थिरता प्रदान करेगा और उनकी आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाएगा।

DA यानी महंगाई भत्ता, सरकारी कर्मचारियों के वेतन में एक अहम हिस्सा होता है। जब महंगाई दर बढ़ती है, तो DA में वृद्धि जरूरी होती है ताकि कर्मचारियों की क्रय शक्ति बनी रहे। 18 महीने का DA एरियर मिलने से इस अंतराल में कर्मचारियों के लिए एक बड़ी राहत साबित होगी।

  • यह कर्मचारियों के लिए अतिरिक्त आय का स्रोत बनेगा।
  • महंगाई की मार को कम करने में मदद करेगा।
  • घरेलू बजट को संतुलित करने में सहायता करेगा।
  • कर्मचारियों की आर्थिक सुरक्षा को मजबूती प्रदान करेगा।
  • एरियर का भुगतान चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा, ताकि सभी कर्मचारियों को इसका लाभ मिले। सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि प्रक्रिया पारदर्शी हो और सभी पात्र कर्मचारियों तक समय पर पहुंचे।
    • प्रथम चरण: पहले चरण में सभी सरकारी विभागों को निर्देश दिए जाएंगे।
    • द्वितीय चरण: कर्मचारियों की सूची तैयार की जाएगी।
    • तृतीय चरण: भुगतान की प्रक्रिया सुनिश्चित की जाएगी।

    इस प्रक्रिया का उद्देश्य यह है कि सभी कर्मचारियों को बिना किसी बाधा के समय पर एरियर मिल सके।