Home Blog Page 893

फाइनली टुडे चाणक्य ने बता दी महाराष्ट्र में किसकी बनेगी सरकार, जानें किसकी फूल रही सांसें

0

एक दिन बाद शनिवार को महाराष्ट्र विधानसभा के नतीजे आ जाएंगे. बावजूद इसके सबके दिलों में धुकधुकी बनी हुई कि इस दूसरे सबसे बड़े सूबे में किस गठबंधन की सरकार बनने जा रही है, क्योंकि करीब छह माह पहले ही राज्य में हुए लोकसभा चुनाव में तस्वीर बिल्कुल अलग उभरी थी. इस बीच तमाम एजेंसियों ने अपने-अपने एग्जिट पोल के नतीजे जारी कर दिए हैं. बीते कुछ चुनावों खासकर लोकसभा चुनाव और फिर हरियाणा विधानसभा चुनाव में एग्जिट पोल के नतीजे सही साबित नहीं हुए थे. इस कारण अब एजेंसियां भी सचेत हो गई हैं. वह मतदान खत्म होने के तुरंत बाद नतीजे जारी नहीं कर रही हैं. ऐसे में एक लोकप्रिय सर्वे एजेंसी टुडे चाणक्य ने मतदान खत्म होने के करीब 24 घंटे बाद गुरुवार शाम में अपनी रिपोर्ट जारी की.

इस रिपोर्ट के मुताबिक महाराष्ट्र की 288 सीटों में से अधिकतर पर भाजपा के नेतृत्व वाली महायुती गठबंधन को बढ़त हासिल है. उसे 175 सीटें मिल सकती हैं. वहीं कांग्रेस के नेतृत्व वाली महाविकास अघाड़ी को 100 सीटें मिल सकती हैं. इसमें 11 सीटों का मार्जिन रखा गया है.

कितनी चाहिए सीटें
महाराष्ट्र में सरकार बनाने के लिए 145 सीटें चाहिए. इस हिसाब से देखें तो लोकसभा चुनाव में अपेक्षाकृत खराब प्रदर्शन करने वाली महायुती शानदार तरीके से वापसी करती दिख रही है. टुडे चाणक्य के इस सर्वे में वोट प्रतिशत के बारे में भी जानकारी दी गई है. विधानसभा चुनाव में भाजपा गठबंधन को 45 फीसदी से अधिक वोट मिल सकते हैं. वहीं महाविकास अघाड़ी को 39 फीसदी ही वोट मिलने की संभावना है. अन्य को 16 फीसदी वोट मिल सकते हैं.

गुरुवार को एक्‍स‍िस माई इंडिया ने भी अपनी रिपोर्ट जारी की. उसने भी महायुति को बड़ी जीत मिलने का अनुमान लगाया है. उसने भाजपा के नेतृत्व वाले गठबंधन को 178 से 200 सीटें मिलने की संभावना जताई है. वहीं महाविकास अघाड़ी को 82 से 102 सीटें ही मिलने की संभावना है.

PM मोदी, जयशंकर और डोभाल का न कोई कनेक्शन और न सबूत; निज्जर हत्याकांड पर बैकफुट पर कनाडा

0

कनाडा के खिलाफ भारत की सख्ती का अब असर दिखने लगा है. खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर हत्याकांड पर जस्टिन ट्रूडो सरकार बैकफुट पर आ गई है. कनाडा सरकार ने माना है कि निज्जर हत्याकांड में PM मोदी, एस जयशंकर और अजित डोभाल का न तो कोई कनेक्शन है और न ही कोई सबूत है. ट्रूडो सरकार ने उस कनाडाई मीडिया के दावे को खारिज किया है, जिसने यह आरोप लगाया था.

दरअसल, कनाडा की जस्टिन ट्रूडो सरकार ने हाल ही में एक विवादास्पद मीडिया रिपोर्ट पर सफाई दी है. ‘द ग्लोब एंड मेल’ की रिपोर्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और खालिस्तानी आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या के बीच संबंध जोड़ने की कोशिश की गई थी. कनाडा सरकार ने इस मीडिया रिपोर्ट को अटकलों पर आधारित और गलत बताया है.

भारत पर झूठा आरोप लगाने वाली ट्रूडो सरकार के हाथ एक बार फिर सबूतों को लेकर खाली हैं. भारत की सख्ती के बाद ट्रूडो सरकार ने बयान जारी किया है. ट्रूडो सरकार ने कहा कि खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या सहित कनाडा में किसी भी तरह की आपराधिक गतिविधि में भारतीय प्रधानमंत्री मोदी, विदेश मंत्री जयशंकर और अजित डोभाल की कोई भूमिका नहीं है. इसे लेकर उसके पास कोई सबूत भी नहीं है.

कनाडा ने मीडिया रिपोर्ट को बताया गलत
कनाडाई मीडिया रिपोर्ट पर सफाई देते हुए जस्टिन सरकार ने कहा, ‘कनाडा सरकार ने यह बयान नहीं दिया है, न ही उसे प्रधानमंत्री मोदी, विदेश मंत्री जयशंकर, या एनएसए अजित डोभाल को कनाडा के भीतर गंभीर आपराधिक गतिविधि से जोड़ने वाले सबूतों की जानकारी है. यह रिपोर्ट अटकलों पर आधारित और गलत है.

ट्रूडो सरकार ने और क्या कहा?
ट्रूडो सरकार ने आगे कहा कि 14 अक्टूबर को सार्वजनिक सुरक्षा के लिए एक अहम और निरंतर खतरे की वजह से RCMP और अधिकारियों ने भारत सरकार के एजेंटों की ओर से कनाडा के भीतर गंभीर आपराधिक गतिविधि के सार्वजनिक आरोप लगाने का असाधारण कदम उठाया था. उसने कभी पीएम मोदी और जयशंकर के नाम को हरदीप सिंह निज्जर की हत्या से नहीं जोड़ा. भारत ने उस मीडिया रिपोर्ट पर कड़ी आपत्ति जताई थी और इसे झूठा करार दिया था.

उपचुनाव में खिलेगा कमल या मजबूत होगा पंजा, जानें किसका पलड़ा भारी, कौन जीत सकता है चुनाव?

0

मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की तीन सीटों पर हुए उपचुनावों के परिणाम 23 नवंबर को आ जाएंगे. उससे पहले 20 नवंबर को रिपोर्टर्स पोल में यह अनुमान सामने आया कि किस पार्टी का पलड़ा भारी है और कौन की पार्टी चुनाव जीतेगी. रिपोर्टर्स पोल में सामने आया कि अभी तक के चुनावी इतिहास के मुताबिक बीजेपी का पलड़ा कांग्रेस से भारी है. हालांकि, इन सीटों पर परिणाम आने से पहले बीजेपी-कांग्रेस अपनी-अपनी जीत का दावा कर रही हैं. बीजेपी का कहना है कि जनता ने उसके विकास को वोट दिया है, जबकि कांग्रेस का कहना है कि लोग इस बार बदलाव चाहते हैं. इसलिए उन्होंने उसे वोट दिया है.

गौरतलब है कि, 13 नवंबर को मध्य प्रदेश की विजयपुर, बुधनी और छत्तीसगढ़ की दक्षिण रायपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव की वोटिंग हुई थी. एमपी की बुधनी सीट पूर्व सीएम और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का गढ़ है. इस सीट पर बीजेपी के प्रत्याशी रमाकांत भार्गव का मुख्य मुकाबला कांग्रेस के उम्मीदवार पूर्व मंत्री राजकुमार पटेल से हुआ. वहीं, सपा ने अर्जुन आर्य को इस सीट पर उतारकर चुनावी मुकाबले को दिलचस्प बना दिया था. इनके अलावा आम आदमी पार्टी ने भी बुधनी से ताल ठोंकने की कोशिश की थी. लेकिन, उसके प्रत्याशी योगेश कुमार साहू का नामांकन दाखिल होते ही रद्द हो गया था.

कांग्रेस के सामने खड़ी हो गई थी चुनौती
दूसरी ओर, विजयपुर विधानसभा सीट पर बीजेपी के राम निवास रावत का मुकाबला मुकेश मल्‍होत्रा से हुआ. रावत पहले कांग्रेस के ही विधायक थे. उन्होंने लोकसभा चुनाव के दौरान बीजेपी में शामिल होकर इस सीट पर समीकरण बदल दिए थे. बीजेपी में आते ही पार्टी ने उन्हें मंत्री पद दे दिया था. रावत के पार्टी बदलने से कांग्रेस के सामने प्रत्याशी की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई थी. इसलिए चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस टिकाऊ-बिकाऊ का मुद्दा लेकर जनता के बीच गई थी. 23 नवंबर को आने वाले परिणाम बता देंगे कि कांग्रेस के लिए यह मुद्दा कितना कारगर रहा.

कांग्रेस को रायपुर दक्षिण सीट पर जीत की उम्मीद
इसी तरह छत्तीसगढ़ के रायपुर दक्षिण विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी के पूर्व सांसद सुनील सोनी और कांग्रेस से युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष आकाश शर्मा के बीच मुकाबला हुआ. रिपोर्टर्स पोल के मुताबिक यहां बीजेपी की जीत का अनुमान है. क्योंकि, यह सीट बीजेपी गढ़ है. यहां सांसद बृजमोहन अग्रवाल का गहरा प्रभाव रहा है. दोनों पार्टियां इस सीट पर अपनी-अपनी जीत का दावा कर रही हैं. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज का कहना है कि ये सीट हम जीतेंगे. हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि हमारा विश्वास ईवीएम पर न पहले था, न अब है और न ही आगे होगा. इस पर सीएम विष्णु देव साय ने कहा है कि कांग्रेस जब हारने लगती है तो ईवीएम का बहाना बनाती है.

और बढ़ेंगे प्रॉपर्टी के दाम? इस साल 11 अरब डॉलर के निवेश की उम्मीद, इन शहरों में ज्यादा डिमांड

0

देश में प्रॉपर्टीज की मजबूत मांग के बीच कैलेंडर वर्ष 2024 में भारतीय रियल एस्टेट में इक्विटी निवेश 49 प्रतिशत बढ़कर 11 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है. 2023 में यह 7.4 अरब डॉलर रहा था. भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) और रियल एस्टेट सलाहकार सीबीआरई ने बुधवार को वार्षिक सीआईआई रियल्टी 2024 सम्मेलन में ‘लीडिंग द चार्ज: क्राफ्टिंग द स्काइलाइन्स ऑफ टुमॉरो’ शीर्षक से एक संयुक्त रिपोर्ट जारी की. जनवरी-सितंबर के बीच इक्विटी पूंजी प्रवाह सालाना आधार पर 46 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 8.9 अरब डॉलर रहा है. रिपोर्ट कहती है, ‘‘ रियल एस्टेट क्षेत्र में 2024 में कुल इक्विटी निवेश पहली बार 10 अरब अमेरिकी डॉलर को पार करते हुए एक नया रिकॉर्ड बनाने को तैयार है.’’

10-11 अरब डॉलर के बीच रहेगा निवेश

निर्मित कार्यालय परिसंपत्तियों में निवेश प्रवाह में सुधार तथा आवासीय क्षेत्र में भूमि के लिए मजबूत अधिग्रहण योजनाओं के साथ 2024 में समग्र इक्विटी निवेश 10-11 अरब डॉलर के बीच रहेगा. सीबीआरई के भारत, दक्षिण-पूर्व एशिया, पश्चिम एशिया तथा अफ्रीका के चेयरमैन एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अंशुमान मैगजीन ने कहा, ‘‘ वर्ष 2024 में इक्विटी निवेश 10-11 अरब डॉलर के बीच रहने का अनुमान है, जो अबतक का सबसे ऊंचा स्तर होगा. यह भारत में बढ़ते रियल एस्टेट बाजार में निवेशकों की निरंतर रुचि को रेखांकित करता है.’’

पिछली कुछ तिमाहियों से दिल्ली-एनसीआर में प्रॉपर्टी की अच्‍छी डिमांड देखी जा रही है. नोएडा और ग्रेटर नोएडा के रियल एस्टेट बाजार ने सालाना आधार पर जुलाई-सितंबर 2024 तिमाही के दौरान 6 फीसदी की वृद्धि हासिल की है. इस अवधि में कुल 8,128 प्रॉपर्टी का पंजीकरण हुआ, जो पिछले साल की समान अवधि के 7,693 इकाइयों से अधिक है. ग्रेटर नोएडा में घरों की मांग नोएडा के मुकाबले ज्‍यादा रही. मकानों के कुल पंजीकरण में ग्रेटर नोएडा का हिस्‍सा 62% हिस्सा रहा.

झारखंड एग्जिट पोल में हेमंत सोरेन को झटका, NDA की हो गई बल्ले-बल्ले

0

झारखंड विधानसभा चुनाव के एग्जिट पोल सामने आ गए हैं. कई एग्जिट पोल में एनडीए की सरकार बनती हुई नजर आ रही है. वहीं इंडिया गठबंधन को बड़ा झटका लगा है. हालांकि ये अभी अनुमान हैं, नतीजे 23 नवंबर को सामने आएंगे. एनडीए पूर्ण बहुमत के साथ एग्जिट पोल के हिसाब से राज्य में वापसी कर सकती है.

झारखंड एग्जिट पोल सामने आने लगा है, जिसमें एनडीए की सरकार बनती हुई नजर आ रही है. वहीं इंडिया गठबंधन को बड़ा झटका लग रहा है. हालांकि ये अभी अनुमान हैं, असल नतीजे 23 नवंबर को सामने आएंगे. लेकिन पिछले दो बार के एग्जिट पोल की बात करें तो सही होते रहे हैं. ऐसे में इंडिया गठबंधन के लिए इस बार का एग्जिट पोल चिंताजनक है.

झारखंड विधानसभा चुनाव 2024 आज खत्म हो गया. कुछ देर में एग्जिट पोल के अनुमान सामने आने लगेंगे. अब सवाल यह है कि आदिवासी बहुल राज्य में इंडिया गठबंधन एक बार फिर सरकार बनाने में सफल होती है या फिर एनडीए की वापसी, इसको लेकर हर किसी को नतीजे के दिन का इंतजार है. एग्जिट पोल के जरिए बस एक अनुमान लग सकता है कि राज्य में किसकी सरकार बनने वाली है. हालांकि झारखंड विधानसभा के मौजूदा सदन का कार्यकाल 5 जनवरी 2025 को खत्म हो रहा है.

झारखंड एग्जिट पोल अब बस थोड़ी देर में आने वाला है. 81 विधानसभा सीटों पर दो चरणों में मतदान हुआ. पहला चरण 13 नवंबर को और दूसरा चरण 20 नवंबर को था. इस बार के चुनाव में 1000 से अधिक उम्मीदवार मैदान में थे. बता दें कि मुख्य लड़ाई इंडिया गठबंधन और एनडीए के बीच है. अगर हेमंत सोरेन सरकार बनाने में सफल होते हैं तो राज्य की वर्षों की परंपरा टूट जाएगी. क्योंकि अभी तक किसी भी पार्टी ने लगातार दूसरी बार सरकार नहीं बनाया है.

झारखंड विधानसभा चुनाव की मतदान प्रक्रिया पूरी हो गई है. दूसरे चरण में 38 विधानसभा सीटों पर वोट डाले गए. सभी सीटों पर शांतिपूर्ण तरीके से मदान प्रक्रिया पूरी हुई है. झारखंड की 81 विधानसभा सीटों पर दो चरणों में मतदान हुआ है, जिसके नतीजे 23 नवंबर को सामने आएंगे. अब से कुछ देर में एग्जिट पोल भी जारी किए जाएंगे. हालांकि ये बस पूर्वानुमान है नतीजे आने बाकी हैं.

झारखंड के दूसरे चरण का मतदान हो रहा है. 38 विधानसभा सीटों पर सुबह 7 बजे से मतदान जारी है. जिसमें दोपहर तीन बजे तक 61.47% फिसदी मतदान किया गया है. झारखंड के 31 मतदान केंद्रों पर शाम के चार बजे तक वोट डाले जाएंगे और बाकी मतदान केंद्रों पर शाम के 5 बजे तक मतदान होगा.

झारखंड में दूसरे चरण का मतदान जारी है. 38 विधानसभा सीटों पर 14000 से अधिकत मतदान केंद्रों पर वोट डाले जा रहे हैं. 31 मतदान केंद्रों पर शाम के चार बजे तक वोट डाले जाएंगे और बाकी केंद्रों पर शाम के 5 बजे तक वोट डाले जाएंगे. दूसरे चरण के चुनाव में कुल 528 उम्मीदवार मैदान में हैं. झारखंड की 81 विधानसभा सीटों के चुनावी नतीजे 23 नवंबर को सामने आएंगे. चुनाव आयोग ने बताया था कि दोनों ही चरणों के मिलाकर 1000 से अधिक उम्मीदवार मैदान में हैं.

झारखंड के 38 विधानसभा सीटों पर दूसरे चरण का मतदान जारी है. इस चरण में कुल 528 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर लोगों से अधिक संख्या में वोट देने की अपील की है. झारखंड में दो चरणों में मतदान हो रहा है. पहले चरण का मतदान 13 नवंबर को था. वहीं दूसरे चरण का मतदान फिलहाल चल रहा है. झारखंड विधानसभा चुनाव के नतीजे 23 नवंबर को सामने आएंगे.

झारखंड विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण की 38 सीटों पर वोटिंग प्रक्रिया शुरू हो गई है. इस चरण में कुल 528 प्रत्याशी मैदान में हैं. 1 करोड़ 23 लाख 58 हजार 195 लोग मतदान करेंगे. 31 मतदान केंद्रों पर सुबह सात बजे से लेकर शाम के चार बजे तक मतदान होगा. इसके अलावा बाकी मतदान केंद्रों में पर शाम 5 बजे तक वोटिंग होगी. सभी बूथों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. संथाल परगना की 18, उत्तरी छोटानागपुर की 18 और दक्षिणी छोटानागपुर की 2 सीटों पर मतदान होगा. 239 बूथ महिलाओं द्वारा संचालित किया जाएगा, 22 मतदान केंद्रों पर दिव्यांगजन और 26 की जिम्मेदारी युवा संभालेंगे.

भारत ने फाइनल में चीन को 1-0 से हराया, तीसरी बार खिताब पर जमाया कब्जा

0

भारत और चीन (India vs China) के बीच खेले गए एशियाई चैंपियन्स ट्रॉफी 2024 (Women’s Asian Champions Trophy 2024) के फाइनल में भारतीय महिला टीम ने शानदार जीत दर्ज की. भारत ने यह मैच 1-0 से जीता. भारत के लिए शुरुआत में कोई गोल नहीं आ रहा था. लेकिन क्वार्टर 3 में भारत ने अपना पहला गोल दागा.

दीपिका ने क्वार्टर 3 में भारत के लिए पहला गोल दागा. नवनीत ने गेंद को सर्कल में रीसाइकिल करने में कोई कसर नहीं छोड़ी. जब एक बार गेंद सर्कल के अंदर दीपिका के पास गई तो उन्होंनेअपना समय लिया गोल पर रिवर्स-हिट लगाया, जिससे भारत का पहला और टूर्नामेंट का 11वां गोल हुआ.

भारत ने तीसरी बार जीता टाइटल

भारत ने तीसरी बार इस टूर्नामेंट में खिताब पर कब्जा जमाया है. इससे पहले साल 2016 और 2023 में भी भारत ने फाइनल जीता था. 2016 का फाइनल सिंगापुर तो वहीं, 2023 का फाइनल रांची में खेला गया था. भारतीय टीम के कोच हरेंदर सिंह की कोचिंग में टीम के लिए यह संभव हो पाया. जीत के बाद वह काफी खुश नजर आए.

टूर्नामेंट में किसने दागे अधिक गोल?
टूर्नामेंट में सबसे अधिक गोल की बात करें तो दीपिका ने दागे. दीपिका ने कुल 11 गोल किए. वहीं, दूसरे स्थान पर चीन की टैन हिंजुआंग रही. जिन्होंने कुल 7 गोल दागे. तीसरे पर भारत की कुमारी संगीता रही जिसने 4 गोल किए. भारत के लिए इसके अलावा दुबे प्रीति ने 3, कौर नवनीत ने 3 और लालसियामी ने भी 3 गोल किए.

कौन सा है वो सर्वे, जो महाराष्‍ट्र में बनवा रहा उद्धव, शरद पवार और राहुल गांधी की सरकार

0

महाराष्‍ट्र को लेकर ज्‍यादातर एग्‍ज‍िट पोल एक ही ओर इशारा कर रहे हैं. अब तक आए लगभग 8 एग्‍ज‍िट पोल में से 5 बीजेपी श‍िवसेना और अज‍ित पवार की एनसीपी की सरकार बनवाते दिख रहे हैं. लेकिन चार एग्‍ज‍िट पोल्‍स ऐसे भी हैं, जो या तो महाव‍िकास अघाड़ी को आगे बता रहे हैं, या कड़ी टक्‍कर का अनुमान लगा रहे हैं. उनके मुताबिक, राहुल गांधी, उद्धव ठाकरे और शरद पवार की दोस्‍ती इस चुनाव में कमाल कर सकती है. आइए जानते हैं क‍ि कौन से सर्वे एमवीए की जीत दिखा रहे हैं.

भास्‍कर रिपोर्ट्स पोल के मुताबिक, कांग्रेस के नेतृत्‍व वाली महाव‍िकास अघाड़ी को महाराष्‍ट्र में 135 से 150 सीटें मिल सकती हैं. जबक‍ि बीजेपी-श‍िवसेना और एनसीपी को 125 से 140 सीटों पर संतोष करना पड़ सकता है. अन्‍य को 20 से 25 सीटें मिल सकती हैं.

तो आसानी से बनेगी सरकार
SAS Projects नाम से एक और सर्वे सामने आया है, जो एमवीए की सरकार बनवा रहा है. इसके अनुमानों के मुताबिक, महाव‍िकास अघाड़ी को 147-155 सीटें मिल सकती हैं. जबक‍ि बीजेपी-श‍िवसेना और एनसीपी की महायुत‍ि को 127-135 सीटें मिलने की संभावना है. अन्‍य को 10-13 सीटें मिल सकती हैं. अगर ऐसा हुआ तो महाव‍िकास अघाड़ी आसानी से अपनी सरकार बना लेगी.

यहां तो नेक टू नेक फाइट
एक और सर्वे महाव‍िकास अघाड़ी की सरकार बनवाता दिख रहा है, वो मराठी है. लोकशाही मराठी-रुद्र सर्वे ने एनडीए को 128-142 सीटें दी हैं जबक‍ि एमवीए को 125-140 सीटें. अन्य के 18-23 सीटों पर जीतने का अनुमान जताया है. अगर इतनी सीटें महाव‍िकास अघाड़ी को मिल जाती हैं तो मुकाबला कड़ा हो सकता है.

शी जिंनपिंग को जमकर सुनाने के बाद स्टारमर ने मोदी से की बात, पर कहां अटका है भारत-यूके फ्री ट्रेड एग्रीमेंट

0

जी20 शिखर सम्मेलन के दौरान रियो डी जनेरियो में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग को खरी-खोटी सुनाने के बाद ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने भारत के पीएस नरेंद्र मोदी से मुलाकात की. दोनों नेताओं की इस मुलाकात में दोनों देशों ने 2025 में व्यापार वार्ता को फिर से शुरू करने का फैसला किया. यह कदम भारत और यूके के बीच व्यापारिक संबंधों को नई ऊंचाई पर ले जाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है. दोनों नेताओं ने जल्द से जल्द मुक्त व्यापार समझौता (Free Trade Agreement) वार्ता फिर से शुरू करने पर सहमति व्यक्त की.

बता दें कि भारत और ब्रिटेन ने अपने फ्री ट्रेड एग्रीमेंट को अंतिम रूप देने में कुछ चुनौतियों का सामना किया है. बातचीत 2022 से चल रही है, लेकिन यह भारत की वीजा नियमों को आसान बनाने और ब्रिटेन में भारतीय छात्रों और प्रोफेशनल्स के लिए शुल्क कम करने की मांग पर अटकी हुई है. इस मांग को ब्रिटिश सरकार ने स्वीकार नहीं किया है.

उधर, ब्रिटेन भी अपने निर्यात पर कम टैरिफ चाहता है, जैसे कि ऑटोमोबाइल, स्कॉच व्हिस्की, और कानूनी सेवाएं, जो भारत के लिए संवेदनशील क्षेत्र हैं. एक और महत्वपूर्ण मुद्दा श्रम मानकों (labor standards) और स्थिरता की प्रतिबद्धताओं का समावेश (sustainability commitments) है, जिसे ब्रिटेन महत्वपूर्ण मानता है. भारत इन मुद्दों को लेकर बड़ी सतर्कता बरतता है, क्योंकि इससे देश पर आर्थिक और नीतिगत प्रभाव पड़ सकते हैं

चीन को ब्रिटेन में क्या बात हुई?
भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात पूरी तक सकारात्मक रही. मगर ब्रिटेश के पीएण कीर स्टारमर चीन से थोड़े उखड़े-उखड़े नजर आए. चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ मुलाकात में उन्होंने ब्रिटिश सांसदों पर लगाए गए प्रतिबंध और हांगकांग के लोकतंत्र समर्थक कार्यकर्ता जिमी लाई की बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति का मुद्दा उठाया. बता दें कि जिमी लाई एक ब्रिटिश नागरिक और लोकतंत्र समर्थक मीडिया के मालिक हैं, लेकिन इस समय हांगकांग में जेल में बंद हैं. जब स्टारमर ने जिमी लाई के मुद्दे को उठाया, तो चीनी अधिकारियों ने ब्रिटिश पत्रकारों को मीटिंग रूम से बाहर निकाल दिया.

स्टारमर ने शी के साथ व्यापक मानवाधिकार मुद्दों पर भी बात की. इसमें उन ब्रिटिश सांसदों पर लगाए गए चीनी प्रतिबंध शामिल थे, जिनमें पूर्व सुरक्षा मंत्री टॉम टुगेंधाट और हाउस ऑफ कॉमन्स की उपाध्यक्ष नुस घानी शामिल हैं. इन प्रतिबंधों को लेकर ब्रिटेन और चीन के संबंधों में खटास बनी हुई है

चूंकि यह एक वैश्विक मंच था, तो स्टारमर ने यह भी कहा कि- “हम दोनों देशों के बीच संबंधों को स्थिर, स्थायी, सम्मानजनक और जहां तक संभव हो, अप्रत्याशित घटनाओं से मुक्त रखना चाहते हैं.” इस वाक्य पर यदि गहराई से विचार किया जाए तो स्टारमर ने चीनी राष्ट्रपति को ‘अप्रत्याशित घटनाओं’ से दूर रहने की हिदायत दी. और यह भी जता दिया कि यदि ऐसी घटनाएं नहीं होती हैं, तभी दोनों देशों के बीच संबंधों में सुधार हो सकता है.

स्टारमर ने यह भी प्रस्ताव दिया कि ब्रिटिश चांसलर रेचल रीव्स जनवरी में चीनी उप-प्रधानमंत्री ही लिफेंग से बीजिंग में मुलाकात करें, ताकि व्यापार और निवेश के अवसरों को मजबूत किया जा सके और ब्रिटिश व्यवसायों के लिए एक समान मंच तैयार किया जा सके.

57000 सरकारी नौकरियों के लिए कब होगी परीक्षा? तारीखें घोषित

0

कर्मचारी चयन आयोग (SSC) की ओर से कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल (CGL) टियर-2 परीक्षा 2024 और जीडी कांस्टेबल भर्ती 2025 (GD Constable Exam) के लिए परीक्षा की तारीखें घोषित की गई हैं. अगर आपने भी इन पदों के लिए आवेदन किया है, तो एसएससी की आधिकारिक वेबसाइट ssc.gov.in पर जाकर पूरा परीक्षा कार्यक्रम देख सकते हैं. यही नहीं, ‘ग्रेड सी’ स्टेनोग्राफर भर्ती के लिए होने वाले स्किल टेस्ट की तारीख भी जारी की गई है.

SSC GD Constable Exam 2025: कब होगी एसएससी जीडी कांस्टेबल परीक्षा
एसएससी ने जीडी कांस्टेबल परीक्षा की तारीखें घोषित की हैं. यह परीक्षा 4 फरवरी से शुरू होकर 25 फरवरी 2025 तक चलेगी. जीडी कांस्‍टेबल की परीक्षाएं 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 12, 13, 17, 18, 19, 20, 21, 24 और 25 फरवरी 2025 तक लगातार आयोजित की जाएंगी. गौरतलब है कि जीडी कांस्‍टेबल भर्ती के जरिये केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF), एसएसएफ में कांस्टेबल (जीडी), असम राइफल्स में राइफलमैन (जीडी) और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो आदि विभागों में 39,481 पदों पर भर्तियां होनी हैं. ऐसे में अगर आपने भी जीडी कांस्‍टेबल भर्ती के लिए अप्‍लाई किया है, तो अभी से परीक्षा की तैयारी शुरू कर दें.

SSC CGL Tier 2 Exam 2025: एसएससी सीजीएल टियर 2 की परीक्षा कब?
कर्मचारी चयन आयोग ने एसएससी सीजीएल टियर 2 की तारीखें जारी की हैं. उसके मुताबिक, एसएससी सीजीएल टियर 2 की परीक्षा जनवरी में होगी. इसकी परीक्षाएं 18, 19, 20 जनवरी 2025 को आयोजित की जाएंगी. इससे पहले एसएससी सीजीएल टियर 1 परीक्षा 9 से 26 सितंबर 2024 तक हुई थी, हालांकि अभी तक आयोग की ओर से एसएससी सीजीएल टियर 1 का रिजल्‍ट घोषित नहीं किया गया है. एसएससी सीजीएल परीक्षा के माध्‍यम से ग्रुप बी और ग्रुप सी के कुल 17,727 पदों पर भर्तियां होनी हैं.

बेटी ने की लव मैरिज तो भड़के घर वाले, थाने में जमकर मचाया बवाल, फोड़ दिया ससुर का सिर

0

छत्तीसगढ़ के भिलाई में लव मैरिज को लेकर जमकर हंगामा हुआ. बेटी की लव मैरिज पर उसके घरवाले इतने भड़क गए कि उन्होंने पुलिस थाने में ही बवाल काटा. उन्होंने बेटी के ससुर का सिर भी फोड़ दिया. इस बीच थाने में पहुंची महिला वकील के साथ भी बद्तमीजी की गई. महिला वकील ने आरोप लगाया कि पुलिस ने लड़की के घरवालों को शह दी. पुलिस ने उनका कॉलर भी पकड़ा. यह हंगामा थाने में बड़ी देर तक चलता रहा. पुलिस ने बाद में जैसे-तैसे मामला शांत कराया. इस घटना का वीडियो भी सामने आया है.

गौरतलब है कि, भिलाई इस्पात संयंत्र के अधिकारी स्वतंत्र ताम्रकार की बेटी शैवी ताम्रकार ने 6 नवंबर को रायपुर के रहने वाले आशुतोष देशपांडेय से लव मैरिज कर ली. बताया जा रहा है कि शैवी जिस स्कूल में पढ़ाती थी, उसी स्कूल में आशुतोष ड्राइवर है. दरअसल, शैवी ताम्रकार ने जब घर छोड़ा तो उसके परिजनों ने भिलाई थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई. पुलिस लड़की की तलाश कर ही रही थी कि युवती और युवक नेवई थाने पहुंचे. उन्होंने वहां दोनों के बालिग होने का दावा किया. दोनों ने पुलिस को बताया कि उन्होंने मर्जी से रायपुर के आर्य समाज मंदिर में शादी कर ली है. थाना प्रभारी आनंद शुक्ला ने दोनों के बयान लिए और उन्हें जाने दिया.

लड़की ने लगाया ये आरोप
दूसरी ओर, चूंकि लड़की के पिता ने भी बेटी की गुमशुदगी की शिकायत थाने में की थी, इसलिए शैवी और आशुतोष को बयानों के लिए महिला थाने बुलाया गया. यहां लड़की अपने पति, ससुर और रायपुर की दो महिला वकीलों के साथ बयान दर्ज कराने पहुंची. इसी दौरान महिला थाने में लड़की के माता-पिता, मामा और अन्य लोगों की उनसे बहस होने लगी. यह बहस मारपीट में बदल गई. इस दौरान पुलिस अधिकारी भी मौजूद थे. मारपीट के बीच नवविवाहिता शैवी ने कहा कि वह ससुर और पति के साथ बयान दर्ज करा ही रही थी. इसी दौरान उसके मामा, पापा और मां ने उसका गला पकड़कर पीटना शुरू कर दिया. उन लोगों ने उसके ससुर को भी पीटा. इससे उनका सिर फट गया. महिला वकील ने भी आरोप लगाया कि लड़की पक्ष को पुलिस शह दे रही है. उनका भी कॉलर पकड़ा गया.