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पैसा दोगुना करने का लालच, लाखों की ठगी, दो आरोपी गिरफ्तार

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राजनांदगांव। खैरागढ़ पुलिस ने मेडिसिन कंपनी के नाम पर पैसा दोगुना करने का लालच देकर लाखों रुपये ठगने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन ठगों ने अपने शिकार को 30 प्रतिशत कमीशन देने का लालच देकर 12 लाख 50 हजार रुपये की ठगी की। पुलिस ने दोनों आरोपियों को तकनीकी साक्ष्य के आधार पर गिरफ्तार कर लिया और उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया।

मिली जानकारी के अनुसार, खैरागढ़ जिले के छुईखदान बोरसी निवासी रेखचंद जंघेल ने 17 मई 2021 से 13 जनवरी 2022 के बीच आरोपी सुखविंदर सिंग कडियाल और हुलास कुमार साहू के खिलाफ ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। आरोपियों ने प्रार्थी से मेडिसिन कंपनी में पैसा दोगुना करने का वादा किया और साथ ही 30 प्रतिशत कमीशन का लालच देकर 12 लाख 50 हजार रुपये ठग लिए। इस मामले में 3 फरवरी 2025 को थाना छुईखदान में अपराध क्रमांक 41/2025, धारा 420, 34 भादवि के तहत मामला दर्ज किया गया था।

पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य के आधार पर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपने जुर्म को स्वीकार किया। आरोपी सुखविंदर सिंग कडियाल (32), निवासी क्वाटर नंबर 23 एफ, शिव मंदिर रोड, सेक्टर-07, भिलाई और हुलास कुमार साहू (29), निवासी ग्राम बोरई, छुईखदान को गिरफ्तार कर लिया गया।

आरोपी हुलास कुमार साहू को पुलिस अभिरक्षा में लेकर विधिवत कार्रवाई की गई, जबकि सुखविंदर सिंग कडियाला को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर उपजेल सलोनी भेजा गया।

पुलिस ने बताया कि ठगी के इस मामले में आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है और ठगी से जुड़े अन्य मामलों की भी जांच की जा रही है।

इंश्योरेंस मार्केटिंग प्रोफेशनल्स अकादमी और बजाज फिनसर्व के सहयोग से रोजगार सृजन हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रम की तैयारी

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राजनांदगांव। इंश्योरेंस मार्केटिंग प्रोफेशनल्स अकादमी (आईएमपीए) के तहत बजाज फिनसर्व सीएसआर (सीएसआर) के सहयोग से और रूरल अपलिफ्टमेंट फाउंडेशन के साथ मिलकर एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बैंकिंग, वित्तीय प्रबंधन और बीमा क्षेत्र में स्थायी और टिकाऊ रोजगार के अवसर सृजित करना तथा सामुदायिक विकास को प्रोत्साहित करना है।
कार्यक्रम का फोकस विशेष रूप से युवाओं और महिलाओं को सशक्त बनाने पर रहेगा, ताकि वे बीमा और बैंकिंग क्षेत्र में सफल करियर की शुरुआत कर सकें। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को बीमा क्षेत्र से संबंधित तकनीकी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक कौशल भी प्रदान किए जाएंगे, जिससे वे रोजगार के योग्य बन सकें।
इस कार्यक्रम की योजना को लेकर उमंग सेवा संस्था छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष सोमनाथ साहू और अल्वा फाउंडेशन के चेयरमैन डॉ. हेमशंकर जेठमल के मध्य विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में कार्यक्रम के संचालन, लाभार्थियों के चयन और आगामी कार्ययोजना पर विचार.विमर्श किया गया।
इस पहल के सफल क्रियान्वयन से जिले के युवाओं और महिलाओं को रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे, जिससे सामाजिक और आर्थिक विकास को गति मिलेगी।
संगठनों का मानना है कि इस कार्यक्रम से ना केवल रोजगार की स्थिति में सुधार होगा, बल्कि यह समग्र सामुदायिक विकास में भी योगदान देगा।

साइबर ठगी में इस्तेमाल म्यूल अकाउंट धारक गिरफ्तार, दो आरोपी न्यायिक रिमांड पर जेल भेजे गए

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राजनांदगांव। जिले में बढ़ते साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए सिटी कोतवाली पुलिस ने म्यूल बैंक अकाउंट के जरिए साइबर धोखाधड़ी करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जिला जेल भेज दिया है। आरोपी विभिन्न बैंक खातों के माध्यम से साइबर ठगी से प्राप्त राशि का उपयोग कर रहे थे।

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में आवेश पिता अब्दुल रउफ खान (24 वर्ष) निवासी गौरी नगर, गली नंबर 01, ओपी चिखली, थाना कोतवाली तथा मुकेश कुमार वैष्णव पिता बंशीदास वैष्णव (28 वर्ष) निवासी दिनदयाल कॉलोनी, कौरिन भांठा, थाना बसंतपुर, राजनांदगांव शामिल हैं।

समन्वय पोर्टल से मिली जानकारी पर कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देश, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर एवं नगर पुलिस अधीक्षक अलेक्जेंडर किरों के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक नंदकिशोर गौतम तथा प्रभारी साइबर सेल निरीक्षक विनय कुमार पम्मार के नेतृत्व में संयुक्त टीम गठित कर कार्रवाई की गई।

पुलिस ने बताया कि भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा संचालित भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) के समन्वय पोर्टल से प्राप्त सूचना के आधार पर जांच की गई। जांच में युको बैंक, राजनांदगांव के दो खातों में वर्ष 2024-25 के दौरान साइबर धोखाधड़ी से कुल 1 लाख 44 हजार 15 रुपये जमा होना पाया गया।

पूछताछ में अपराध स्वीकार
पुलिस के अनुसार आरोपियों द्वारा साइबर धोखाधड़ी से प्राप्त धनराशि का उपयोग एवं संवर्धन किया गया। बैंक स्टेटमेंट एवं संबंधित दस्तावेजों के आधार पर दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जहां उन्होंने अपराध स्वीकार किया।

इसके बाद आरोपियों के विरुद्ध अपराध क्रमांक 380/25 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 317(2), 317(4), 317(5), 111 एवं 3(5) में मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया।

न्यायालय में पेश कर जेल भेजा
पुलिस ने दोनों आरोपियों को 6 फरवरी 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया। न्यायालय से जेल वारंट जारी होने पर दोनों को जिला जेल राजनांदगांव दाखिल किया गया।

इस कार्रवाई में निरीक्षक नंदकिशोर गौतम एवं सिटी कोतवाली थाना स्टाफ की भूमिका सराहनीय रही।

जिले में एनीमिया, कुपोषण और बाल मृत्यु दर घटाने के लिए कलेक्टर ने संयुक्त कार्ययोजना बनाई

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मोहला। कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला पोषण समिति की बैठक एवं एक दिवसीय संयुक्त कार्ययोजना कार्यशाला आयोजित की गई। बैठक में सीईओ जिला पंचायत श्रीमती भारती चंद्राकर, अपर कलेक्टर श्री मिथलेश डोंडे, सीएमएचओ श्री विजय खोबरागड़े, महिला एवं बाल विकास अधिकारी श्री सीएस मिश्रा सहित स्वास्थ्य और महिला-बाल विकास विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

एनीमिया, कुपोषण और बाल मृत्यु दर घटाने पर विशेष जोर
बैठक में गर्भवती माताओं और छह वर्ष तक के बच्चों के स्वास्थ्य एवं पोषण पर फोकस किया गया। कलेक्टर श्रीमती प्रजापति ने कहा कि सभी स्वास्थ्य एवं पोषण सेवाओं का क्रियान्वयन समयबद्ध, प्रभावी और समन्वित ढंग से किया जाना चाहिए।

संयुक्त रणनीति और समन्वय पर बल
कार्यशाला में गर्भवती और धात्री महिलाओं की नियमित स्वास्थ्य निगरानी, एनीमिया की समय पर जांच और उपचार, कुपोषित बच्चों की शीघ्र पहचान और प्रबंधन, शिशु एवं बाल आहार व्यवहार को प्रोत्साहित करने पर विशेष चर्चा हुई। कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग और महिला-बाल विकास विभाग को निर्देश दिया कि वे आपसी समन्वय और संयुक्त उत्तरदायित्व के साथ निर्धारित कार्ययोजना को जमीनी स्तर पर प्रभावी ढंग से लागू करें।

प्राथमिकता – प्रारंभिक बाल्यावस्था विकास
कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रारंभिक बाल्यावस्था विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उनका कहना था कि इससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संकेतकों में सुधार होगा, एनीमिया और कुपोषण में कमी आएगी और बाल मृत्यु दर पर नियंत्रण सुनिश्चित होगा।

बैठक में जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, जिला पोषण समन्वयक, खंड चिकित्सा अधिकारी, परियोजना अधिकारी एकीकृत बाल विकास सेवा, मितानिन जिला समन्वयक, विकासखंड समन्वयक सहित जिला एवं विकासखंड स्तर के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

कलेक्टर श्रीमती प्रजापति ने सभी अधिकारियों को जिले में मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के समन्वित और प्रभावी कार्यान्वयन का दायित्व सौंपते हुए जोर दिया कि प्रत्येक बच्चे और मां तक स्वास्थ्य एवं पोषण सेवाएं समय पर पहुँचें।

ग्रीष्मकालीन पेयजल व्यवस्था के लिए कलेक्टर ने बनाई कार्ययोजना, जन-शिकायतों का त्वरित निराकरण किया निर्देशित

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मोहला। कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में जिले के विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा की। बैठक में सीईओ जिला पंचायत श्रीमती भारती चंद्राकर, अपर कलेक्टर श्री मिथलेश डोंडे और अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।

ग्रीष्म ऋतु को देखते हुए जल संकट से बचाव के लिए तैयार की गई कार्ययोजना
कलेक्टर श्रीमती प्रजापति ने ग्रीष्म ऋतु में पेयजल संकट को लेकर विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता जताई। उन्होंने सीईओ जनपद को ग्राम-वार हैंडपंपों की मरम्मत की स्थिति की जांच करने के निर्देश दिए और कहा कि जिले में कहीं भी पेयजल की समस्या उत्पन्न नहीं होनी चाहिए। इसके अलावा, उन्होंने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को जल जीवन मिशन के तहत सभी कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत करने के आदेश दिए।

सोलर यूनिटों की नियमित निगरानी पर जोर
सोलर यूनिट की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने सुनिश्चित किया कि सभी सोलर यूनिट पूरी तरह से चालू स्थिति में रहें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इन यूनिटों की नियमित मॉनिटरिंग करने की दिशा में भी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।

कृषि विभाग को शत-प्रतिशत फार्मर आईडी पंजीयन सुनिश्चित करने के निर्देश
कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सभी किसानों का फार्मर आईडी में शत-प्रतिशत पंजीयन सुनिश्चित करने का आदेश दिया।

शिक्षा विभाग की प्रगति पर भी चर्चा
शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सभी शिक्षकों के पंजीयन पूर्ण करने तथा उल्लास कार्यक्रम के अंतर्गत संचालित केंद्रों की प्रगति की जानकारी ली।

निर्माण कार्यों की शीघ्रता से पूर्णता सुनिश्चित करने के निर्देश
कलेक्टर ने सभी निर्माणाधीन कार्यों को शीघ्रता से पूरा करने के लिए भी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए।

प्रधानमंत्री आवास योजना की स्थिति की समीक्षा
नगरीय प्रशासन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के तहत आवासों की स्थिति की जानकारी ली और स्वनिधी योजना में प्रगति लाने के लिए भी अधिकारियों को निर्देशित किया।

महिला एवं बाल विकास विभाग से संबंधित निर्देश
महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत कलेक्टर ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की भर्ती, पूरक पोषण आहार वितरण, और स्वीकृत आंगनबाड़ी भवनों की पूर्णता की जानकारी ली। उन्होंने स्वास्थ्य एवं महिला-बाल विकास विभाग को संयुक्त रूप से आगामी वजन त्यौहार की तैयारी सुनिश्चित करने के लिए भी निर्देश दिए।

जन-शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर जोर
कलेक्टर श्रीमती प्रजापति ने जन-शिकायतों के लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की और सभी विभागीय अधिकारियों को समय-सीमा में आवेदनों का निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

ई-ऑफिस प्रणाली में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को सम्मानित किया
समय-सीमा बैठक के दौरान कलेक्टर ने ई-ऑफिस प्रणाली के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को सम्मानित किया। जिला पंचायत, लोक निर्माण विभाग, एससीपीडीसीएल, स्वास्थ्य विभाग, मानपुर एसडीएम कार्यालय और पीएचई विभाग के अधिकारियों को पौधा भेंट कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।

कलेक्टर श्रीमती प्रजापति ने सभी अधिकारियों को अपने मासिक दौरे की योजना तैयार कर क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य करने का भी निर्देश दिया।

नगर निगम का मवेशी धर-पकड़ अभियान, 6 मवेशी पकड़े गए

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राजनांदगांव। नगर निगम ने शहर में बढ़ती दुर्घटनाओं और यातायात बाधित होने के चलते मवेशी धर-पकड़ अभियान की शुरुआत की है। इस अभियान के तहत निगम की टीम शहर के प्रमुख चौक चौराहों पर निरंतर निरीक्षण कर रही है और शिकायतों के आधार पर घुमन्तु एवं खुले में बैठे मवेशियों को पकड़ने की कार्यवाही कर रही है।

आज की कार्यवाही में लखोली चौक, नंदई चौक, इंदिरा नगर चौक, गंज मंडी के सामने और फरहद चौक से 6 मवेशियों को पकड़ा गया। इन मवेशियों को रेवाडीह कांजी हाउस में रखा गया है। बताया गया है कि कई पशु मालिक अपने मवेशियों को खुले में छोड़ देते हैं, जिससे मवेशी चौक चौराहों और सड़कों पर घू्मते रहते हैं, जिससे यातायात में रुकावट आती है और दुर्घटना की संभावना बढ़ जाती है, जो न केवल आम नागरिकों के लिए बल्कि मवेशियों के लिए भी खतरे का कारण बनता है।

नगर निगम आयुक्त अतुल विश्वकर्मा ने इस अभियान की सराहना करते हुए कहा कि यह कार्यवाही दुर्घटनाओं को रोकने और शहरवासियों की सुरक्षा के लिए की जा रही है। उन्होंने पशु मालिकों से अपील की है कि वे अपने मवेशियों को खुला छोड़ने की बजाय उन्हें बांध कर रखें, ताकि सड़क पर कोई दुर्घटना न हो।

पकड़े गए मवेशियों को कांजी हाउस में सुरक्षित रखा गया है, जहां उन्हें पौष्टिक आहार के रूप में पैरा, कुट्टी और बचे हुए फल-सब्जियां दी जाती हैं। यदि मवेशी मालिक अपने मवेशी को छुड़वाना चाहते हैं तो उन्हें 570-570 रुपये जुर्माना अदा करना होता है। इसके अलावा, बीमार मवेशियों का इलाज गौशाला पिंजरा पोल में किया जाता है।

आयुक्त श्री विश्वकर्मा ने बताया कि मवेशियों को पकड़कर कांजी हाउस में रखा जाता है और पशु मालिकों से जुर्माना वसूलने के बाद ही उन्हें मवेशी सौंपे जाते हैं। इसके अलावा, कांजी हाउस में रखे मवेशियों की नीलामी भी की जाती है।

नगर निगम के इस अभियान को शहरवासियों द्वारा सराहा जा रहा है, और यह उम्मीद जताई जा रही है कि मवेशी मालिक अपने पशुओं को खुले में छोड़ने से बचेंगे, जिससे सड़क पर होने वाली दुर्घटनाओं में कमी आएगी।

भैसा कोठा व्यवसायिक परिसर की 10 दुकानों में निगम ने की सील, राजस्व वसूली में कड़ाई

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राजनांदगांव। नगर निगम ने वित्तीय वर्ष की समाप्ति पर राजस्व वसूली में कड़ाई बरतते हुए भैसा कोठा व्यवसायिक परिसर की 10 दुकानों को सील कर दिया। ये कार्रवाई दुकानों के बकाया प्रीमियम और किराये का भुगतान न करने के कारण की गई है। निगम द्वारा दुकानदारों को बार-बार नोटिस जारी करने के बावजूद यदि वे दुकानों को रिक्त नहीं करते, तो सीलबंदी की कार्रवाई की गई।

नगर निगम आयुक्त अतुल विश्वकर्मा के मार्गदर्शन में राजस्व वसूली को लेकर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। आयुक्त ने बताया कि वित्तीय वर्ष की समाप्ति के इस समय में लक्ष्य के अनुरूप वसूली सुनिश्चित करने के लिए बकायादारों को नोटिस जारी की जा रही है और कार्रवाई की जा रही है।

राजस्व अधिकारी श्री राजेश तिवारी के नेतृत्व में निगम के अधिकारियों ने भैसा कोठा व्यवसायिक परिसर में स्थित 17 दुकानों में से 10 दुकानों की विधिवत नीलामी की थी। नीलामी के बाद, सक्षम प्राधिकारी द्वारा दुकानों की स्वीकृति शासन को भेजी गई थी, लेकिन कलेक्टर द्वारा दी गई स्वीकृति को निरस्त कर दिया गया था। इसके बाद भी दुकानदारों ने दुकानों को खाली नहीं किया, जिसके चलते निगम द्वारा सीलबंदी की कार्रवाई की गई।

निगम द्वारा बकायादारों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और सम्पत्तिकर, जलकर, और समेकितकर के बड़े बकायादारों को नोटिस जारी कर नल कनेक्शन काटने की तैयारी की जा रही है।

आयुक्त श्री विश्वकर्मा ने बताया कि शासन के निर्धारित लक्ष्य के विरूद्ध सत प्रतिशत राजस्व वसूली किया जाना है और इसके लिए सभी करदाताओं से अपील की जा रही है कि वे समय पर अपने बकाया कर और किराये का भुगतान करें, ताकि उन्हें निगम की कार्यवाही से बचा जा सके।

इस कार्रवाई के दौरान राजस्व निरीक्षक श्री हितेश ठाकुर, राजस्व उप निरीक्षक श्री रविंद्र ठाकुर, राजस्व अधिकारी श्री राज कुमार बंजारे और निगम का पूरा राजस्व अमला उपस्थित था।

कन्हारपुरी में शासकीय प्राथमिक शाला में रक्षा टीम द्वारा बच्चों को गुड टच-बेड टच और डिजिटल सुरक्षा के बारे में जानकारी दी गई

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राजनांदगांव। पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन पर 05 फरवरी 2026 को शासकीय प्राथमिक शाला कन्हारपुरी, जिला राजनांदगांव में कक्षा पहली से पांचवीं तक के विद्यार्थियों के लिए एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में रक्षा टीम ने बच्चों को गुड टच और बेड टच के बारे में जागरूक किया और उन्हें डिजिटल सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी।

कार्यक्रम के दौरान महिला आरक्षक रीनू मेश्राम, कौशिल्या साहू, आरक्षक अमित जाटवर और आरक्षक वाहन चालक शेष नारायण सिंहा ने बच्चों को सरल एवं सहज भाषा में समझाया। साथ ही बच्चों को यह भी बताया गया कि स्कूल में लगे पॉक्सो बॉक्स का सही समय पर उपयोग कैसे करें, असहज स्थिति में क्या कदम उठाएं, और भरोसेमंद व्यक्ति से सहायता कैसे प्राप्त करें।

इसके अलावा, बच्चों को मोबाइल फोन के अत्यधिक उपयोग से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक और शिक्षिकाओं को अभिव्यक्ति ऐप डाउनलोड कराकर उसका उपयोग और महत्व भी समझाया गया।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाना, सुरक्षा के प्रति जागरूकता पैदा करना और उन्हें सुरक्षित एवं सकारात्मक वातावरण में शिक्षित करना था। इस जागरूकता कार्यक्रम में कुल 187 से अधिक छात्र-छात्राएं और शिक्षक स्टाफ उपस्थित थे।

विद्यालय परिवार ने रक्षा टीम के इस प्रयास की सराहना की और कहा कि ऐसे कार्यक्रम बच्चों के समग्र विकास और उनकी सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी हैं।

प्रीमियम नहीं चुकाने पर निगम की सख्ती, हाईटेक बस स्टैंड की 7 दुकानों पर ताला

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राजनांदगांव। वित्तीय वर्ष की समाप्ति को देखते हुए नगर निगम ने राजस्व वसूली में सख्ती बढ़ा दी है। बकाया प्रीमियम और किराया नहीं चुकाने वाले दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए निगम ने जेल रोड स्थित हाईटेक बस स्टैंड की 7 दुकानों में ताला जड़ दिया। वहीं, बड़े बकायादारों को संपत्तिकर, जलकर और समेकित कर जमा करने के लिए नोटिस भी जारी किए जा रहे हैं।

निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा के निर्देश पर राजस्व विभाग द्वारा प्रतिदिन मॉनिटरिंग की जा रही है। राजस्व अधिकारी श्री राजेश तिवारी के नेतृत्व में टीम बकायादारों को नोटिस जारी कर भुगतान नहीं होने की स्थिति में कड़ी कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में आज हाईटेक बस स्टैंड जेल रोड की दुकानों में कार्रवाई की गई।

एक दुकानदार ने जमा किया प्रीमियम, बाकी पर ताला
कार्रवाई के दौरान दुकान क्रमांक 1 के आबंटी श्री मनीष कुमार बाफना ने 5 लाख 14 हजार रुपए की प्रीमियम राशि जमा की और 6 लाख रुपए का चेक आगामी तिथि का दिया। वहीं शेष दुकानदारों द्वारा प्रीमियम राशि जमा नहीं करने पर निगम ने 7 दुकानों में ताला जड़ दिया।

जिन दुकानों पर कार्रवाई हुई, उनमें दुकान क्रमांक जी-2 (आबंटी श्री भावेश अग्रवाल) पर 11 लाख 38 हजार 757 रुपए, जी-3 (श्री प्रकाश राठौड़) पर 13 लाख 39 हजार 206 रुपए, जी-7 (श्रीमती मीना राठौड़) पर 13 लाख 39 हजार 206 रुपए, जी-8 (दादा ब्रदर्स) पर 13 लाख 40 हजार 206 रुपए, जी-9 (श्री भावेश अग्रवाल) पर 11 लाख 40 हजार 757 रुपए और जी-10 (दादा ब्रदर्स) पर 13 लाख 47 हजार 206 रुपए का प्रीमियम बकाया था।

शत-प्रतिशत वसूली का लक्ष्य
निगम आयुक्त श्री विश्वकर्मा ने बताया कि शासन के लक्ष्य के अनुरूप शत-प्रतिशत राजस्व वसूली सुनिश्चित की जानी है। करदाताओं से अपील की जा रही है कि वे समय पर बकाया कर और किराया जमा करें, ताकि अधिभार और निगमीय कार्रवाई से बचा जा सके।

कार्रवाई के दौरान राजस्व अधिकारी श्री राजेश तिवारी, राजस्व निरीक्षक श्री हितेश ठाकुर, राजस्व उप निरीक्षक श्री रविंद्र ठाकुर, श्री राजकुमार बंजारे सहित राजस्व अमला मौजूद रहा।

महापौर परिषद की बैठक : विकास कार्यों पर हुई चर्चा, महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए

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राजनांदगांव। महापौर श्री मधुसूदन यादव की अध्यक्षता में महापौर परिषद की बैठक निगम स्थित महापौर कक्ष में संपन्न हुई। बैठक में शहर के विभिन्न विकास कार्यों को लेकर गंभीर चर्चा की गई और कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

महापौर श्री यादव ने बैठक के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि दुर्गा चौक और जिला अस्पताल क्षेत्र में पानी निकासी की समस्या को सुलझाने के लिए नार कन्हैया नाला से जिला अस्पताल तक नाला निर्माण हेतु अधोसंरचना विकास योजनांतर्गत निविदा दर की अनुशंसा की गई है। यह परियोजना पानी की निकासी व्यवस्था को सुधारने में मदद करेगी।

इसके अलावा, दुकान नीलामी में प्राप्त उच्चतम बोली की स्वीकृति और भूमि या भवन मालिकों से वार्षिक भाड़ा मूल्य विवरणी भरकर सम्पत्तिकर का भुगतान कराने के विषय पर भी स्वीकृति प्रदान की गई। इससे नगर निगम को राजस्व में वृद्धि होगी और संपत्ति मालिकों पर भी उचित कर का दबाव रहेगा।

प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 और जल संवर्धन मिशन की मंजूरी
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के तहत निकाय क्षेत्र के अंतर्गत प्रचलित/सुरक्षित भूमि पर काबिज परिवारों को योजना में शामिल कर लाभान्वित करने पर भी चर्चा की गई। इसके अलावा, शासन की पं. दीनदयाल उपाध्याय भू-शहरी जल संवर्धन मिशन के अंतर्गत भूजल स्तर को बचाने और वर्षा जल संचय के माध्यम से भूजल स्तर को बढ़ाने के लिए स्थल चयन की स्वीकृति दी गई।

महापौर श्री यादव ने बताया कि इन कदमों से शहर में जल संकट की समस्या को नियंत्रित किया जा सकेगा और जल संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण सुधार होगा।

बैठक में मौजूद थे प्रमुख अधिकारी
बैठक में महापौर परिषद के प्रभारी सदस्य सर्वश्री सावन वर्मा, सुनील साहू, श्रीमती बिना ध्रुव, शैंकी बग्गा, श्रीमती केवरा विजय राय, श्रीमती वर्षा शरद सिन्हा, आलोक श्रोती, डीलेश्वर प्रसाद साहू और राजा माखीजा के अलावा निगम अध्यक्ष श्री टोपेन्द्र सिंह पारस वर्मा, आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा, कार्यपालन अभियंता श्री दीपक खाण्डे, प्र. कार्यपालन अभियंता श्री प्रणय मेश्राम, प्र. सहायक अभियंता सुश्री सुषमा साहू, प्र. स्वास्थ्य अधिकारी श्री राजेश मिश्रा और प्र. कार्यालय अधीक्षक श्री नारायण यादव सहित निगम के अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

महापौर परिषद की इस बैठक में लिए गए निर्णयों से नगर निगम के विकास कार्यों में गति आएगी और नागरिकों को बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी।