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लापरवाही से गाड़ी चलाने पर IPC के तहत दर्ज हो सकता है केस, सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला

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 ट्रैफिक नियम तोड़ने पर मोटर व्हीकल एक्ट के तहत भारी-भरकम जुर्माना वसूला जा रहा है। नए ट्रैफिक नियमों के मुताबिक, पहले के मुकाबले जुर्माने की राशि 10 गुना तक बढ़ा दी गई है। वहीं, अब ट्रैफिक नियम तोड़ने पर आईपीसी के तहत भी मामला दर्ज किया जा सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने ट्रैफिक नियम तोड़नेवालों पर सख्ती दिखाते हुए महत्वपूर्ण फैसला दिया है।सर्वोच्च अदालत
सड़क हादसों पर कोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला

सर्वोच्च अदालत ने कहा कि ट्रैफिक नियम तोड़ने, रैश ड्राइविंग से होने वाले हादसों में आईपीसी और मोटर व्हीकल एक्ट दोनों के तहत केस दर्ज किया जा सकता है। कोर्ट ने कहा कि ट्रैफिक नियमों की अनदेखी या खतरनाक तरीके से गाड़ी चलाने से होने वाले हादसों में दोनों ही प्रावधानों के तहत केस दर्ज किया जा सकता है। कोर्ट ने कहा कि तेजी से मोटरीकरण के बढ़ने के साथ ही देश रोड पर लोगों के जख्मी होने और जान गंवाने के बढ़ते बोझ का सामना कर रहा है। जस्टिस इंदु मल्होत्रा और जस्टिस संजीव खन्ना की बेंच ने गुवाहाटी हाईकोर्ट के 22 सितंबर, 2008 के आदेश को निरस्त कर दिया।

गुवाहाटी हाईकोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने गुवाहाटी हाईकोर्ट के आदेश को पलटा

गुवाहाटी हाईकोर्ट ने कहा था कि अगर किसी व्यक्ति के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत तेज गति से गाड़ी चलाने, खतरनाक तरीके से वाहन चलाने और अन्य संबंधित अपराधों के लिए मामला दर्ज किया गया है तो उसके खिलाफ आईपीसी के तहत मुकदमा नहीं चलाया जा सकता है। वहीं, सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने अपने हालिया आदेश में कहा कि हमारी सुविचारित राय में कानून की स्थिति स्थापित है। कोर्ट ने कहा कि जहां तक मोटर वाहनों का सवाल है, तो मोटर व्हीकल एक्ट, 1988 अपने आप में पूरी संहिता है।

मोटर व्हीकल एक्ट
आईपीसी और मोटर व्हीकल एक्ट के तहत चल सकता है केस

कोर्ट ने कहा कि ट्र्रैफिक नियमों के उल्लंघन का स्तर अलग-अलग होता है। अपराध की गंभीरता को देखते हुए दोषी के खिलाफ आईपीसी और मोटर व्हीकल एक्ट दोनों के तहत केस चल सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सड़क हादसे से संबंधित घटनाओं में किसी अपराध में दोषी करार दिए शख्स को आईपीसी और मोटर व्हीकल एक्ट दोनों के तहत सजा दी जा सकती है। जस्टिस मल्होत्रा ने कहा कि हमारी राय में आईपीसी और मोटर व्हीकल एक्ट प्रावधानों के बीच कोई विरोधाभास नहीं है। दोनों की स्वतंत्र कानून बिल्कुल अलग-अलग क्षेत्रों में काम करते हैं और दोनों कानून के तहत अपराध अलग-अलग और एक-दूसरे से पृथक हैं। दोनों कानूनों के तहत दंड भी स्वतंत्र और एक-दूसरे से अलग हैं।

बादाम करेंगे आपकी पाचन शक्ति को तंदुरुस्त, करें सिमित मात्रा में सेवन

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शारीरिक मजबूती के लिए अक्सर लोग बादाम खाने की सलाह देते हैं लेकिन शारीरिक शक्ति बढ़ाने के अलावा बादाम पेट का पाचन तंत्र ठीक रखने में भी बहुत कारगर साबित होता है। बादाम में मौजूद फाइबर तत्व हमारे पाचन तंत्र को मजबूत बनाता है। बादाम नैचुरल प्रोबायोटिक भी होता है।

बादाम जो कि एक प्रोबायोटिक है, उसे खाने से शरीर में फायदेमंद बैक्टीरिया ज्यादा बढ़ जाता है, जो पाचन तंत्र के स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है। साथ ही साथ, ये अच्छे बैक्टीरिया हमारे शरीर के इम्यून सिस्टम को भी बहुत मज़बूत बनाते हैं, और बार-बार होने वाली मौसमी बीमारियों से हमारा बचाव करते हैं। बादाम में पॉलिफिनॉल होते हैं। ये तत्व एंटी-माइक्रोबायल एजेंट के रूप में काम करते हैं। ये आपको खाने-पीने से पैदा होने वाली कई बीमारियों से सुरक्षा देते हैं और उनका उपचार करने में आपकी बहुत मदद करते हैं।

हमारे पाचन तंत्र में ऐसे बहुत सारे बैक्टीरिया होते हैं जो शरीर को नुकसानदायक माइक्रोऑर्गेनिज्म से बचाते हैं। प्रोबायोटिक खाद्य पदार्थों के ऐसे न पाने वाले हिस्से होते हैं जो बैक्टीरियल ग्रोथ और एक्टिविटी को बढ़ावा भी देते हैं। शोध अध्ययनों में ये सामने आया है कि बादाम में कुछ ऐसे तत्व होते हैं जो प्रोबायोटिक गुणों को प्रदर्शित करते हैं, और आंतों के अंदर फायदेमंद बैक्टीरिया को बहुत ज्यादा बढ़ावा देते हैं।

रायपुर नगर निगम चुनाव : कांग्रेस के तीन विधायकों की साख दांव पर

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राजधानी रायपुर में नगर निगम चुनाव की खुमारी धीरे-धीरे चढ़ने लगी है। नगर निगम चुनाव में पार्षद और महापौर का चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार अभी से ही अपने आकांओं के पास दौड़ लगाना शुरू कर दिए हैं। रायपुर नगर निगम में कांग्रेस का पिछले 10 साल से कब्जा है। इस मिथक को बनाए रखने के लिए कांग्रेस पार्टी को एड़ी-चोटी एक करनी पड़ेगी, क्योंकि प्रदेश में हुए विधानसभा चुनाव में जहां कांग्रेस पार्टी ने तीनों विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज की है, वहीं लोकसभा चुनाव में तीनों विधानसभा सीटों से कांग्रेस पार्टी को करारी हार झेलनी पड़ी है, इसलिए इस बार नगर निगम चुनाव में रायपुर शहर के उत्तर, पश्चिम और ग्रामीण विधायकों की साख भी दांव पर लगी है।

प्रदेश में दीपावली के बाद आदर्श आचार संहिता लग सकती है। प्रदेश में नगरीय निकाय चुनाव में सीटों का आरक्षण घोषित हो चुका है। राज्य में कांग्रेस पार्टी सत्ता में है, इसलिए चुनाव में ज्यादा से ज्यादा महापौर, अध्यक्ष और पार्षदों की सीटों पर कब्जा करने की चुनौती है। कांग्रेस पार्टी नगरीय निकाय चुनाव के लिए अभी से ही फूंकफूंक कर कदम रख रही है।

कांग्रेस ने सर्वे का काम शुरू कर दिया है। इसके साथ ही इसके अलावा पार्टी ने विधानसभा और लोकसभा चुनाव में कांग्रेस, भाजपा और दूसरे दलों को मिले वोटों की कुंडली तैयार करना शुरू कर दी है। इससे यह पता चलेगा कि किस विधानसभा सीट के किस वार्ड में कांग्रेस पार्टी को कितने वोट मिले हैं।

इसके साथ ही पार्टी कहां कमजोर और कहां मजबूत है, क्योंकि लोकसभा चुनाव में रायपुर सीट से कांग्रेस को करारी हार का सामना करना पड़ा है। वहीं दूसरी तरफ भाजपा लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज होने से जहां उत्साहित है, वहीं इस बार के नगर निगम चुनाव में वह कांग्रेस को शिकस्त देने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेगी।

लोकसभा चुनाव में इतने पीछे थी कांग्रेस

लोकसभा लोकसभा में विधानसभा वार नतिजों पर एक नजर डालें तो रायपुर ग्रामीण से प्रमोद दुबे को 51021 और सुनील सोनी को 1,14,655 मत मिले। यहां वोटों का अंतर 63,634 था। रायपुर पश्चिम से प्रमोद दुबे को 41,385 और सुनील सोनी को 100942 मत मिले, अंतर 59557 रहा। रायपुर दक्षिण से कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद को 47267 और बीजेपी प्रत्याशी को 98842 वोट मिले, अंतर 51575 रहा। रायपुर उत्तर से कांग्रेस को 38884 और बीजेपी को 71213 मिला था। इससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि कांग्रेस की डगर कितनी मुश्किल होगी।

भाजपा और कांग्रेस ने इन जगहों में दर्ज की थी जीत

भाजपा-कांग्रेस के पास छह-छह नगर निगम वर्ष 2014 के नगरीय निकाय चुनाव में 13 नगर निगम में से पांच रायपुर, भिलाई, अंबिकापुर, कोरबा और जगदलपुर में कांग्रेस और छह बिलासपुर, दुर्ग, धमतरी, राजनांदगांव, बीरगांव, भिलाई- चरौदा में भाजपा के महापौर जीत थे। रायगढ़ और चिरमिरी में निर्दलीय महापौर चुने गए थे। हालांकि, अब चिरमिरी के महापौर ने कांग्रेस में वापसी कर ली है, तो अभी कांग्रेस के पास भी छह महापौर हैं।

धौलपुर में मूर्ति विसर्जन के दौरान दर्दनाक हादसा, दस लोगों की डूबने से मौत

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राजस्थान के धौलपुर जिले में मंगलवार को दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन के दौरान पार्बती नदी में कम से कम दस लोगों के डूबने से मौत हो गई। अब तक प्रशासन ने नदी से दस शव निकाल लिए हैं, वहीं कई लोगों की अब भी तलाश जारी है।

जानकारी के मुताबिक, ये दर्दनाक हादसा महंदपुरा गांव के भूरा घाट पर हुआ। दरअसल, दशहरे के दिन गांव के लोग दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन के लिए पहुंचे थे। इसी दौरान एक लड़का नदी में नहाने के लिए कूद गया। लेकिन तेज बहाव और पानी गहरा होने के लिए चलते वो डूबने लगा। उसे बचाने के लिए कुछ और लोग नदी में कूदे, लेकिन वो भी डूब गए।

धौलपुर कलेक्टर राकेश जायसवाल ने ये जानकारी दी थी कि इस हादसे में दस लोग नदी में डूब गए हैं। जिसमें से सात के शव मंगलवार को ही बरामद कर लिए गए थे। रात का वक्त होने के चलते सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन रोक दिया गया था और बुधवार को दोबारा तलाशी अभियान चलाया जाएगा। इस हादसे में जान गंवाने वालों के परिजनों को राजस्थान सरकार ने मुख्यमंत्री राहत कोष से एक लाख की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया है।

ऐसे हुआ हादसा

मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी ने बताया कि दुर्गा प्रतिमा के विसर्जन के दौरान एक लड़का नदी में नहाने के इरादे से कूदा, लेकिन वो डूबने लगा। उसे बचाने के लिए कुछ और लोगों ने छलांग लगाई लेकिन वो भी नदी में डूब गए। जानकारी मिलते ही एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंचीं और स्थानीय गोताखोरों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। हालांकि रात होने के चलते राहत और बचाव कार्य में परेशानी आने लगी। इसी के चलते प्रशासन ने बुधवार सुबह दोबारा रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और नदी में से कुछ और शव बरामद किए।

छत्‍तीसगढ़ सरकार ने राज्य के राजकीय पशु ‘वन भैंसा’ का डाक टिकट जारी किया

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 प्रदेश के राजकीय पशु ‘वन भैंसा” का डाक टिकट मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मंगलवार को जारी किया। सीएम हाउस में इस अवसर पर वन मंत्री मोहम्मद अकबर भी उपस्थित थे। भारतीय डाक विभाग के छत्तीसगढ़ परिमंडल और वाइल्ड लाइफ ट्रस्ट ऑफ इंडिया ने लुप्त होते वन्य प्राणियों की सूची तैयार की है।

उसमें ‘वन भैंसा” को भी शामिल किया है। वन्य जीव सप्ताह के दौरान वन भैंंसा के संरक्षण और संवर्धन के लिए डाक टिकट जारी किया है। उल्लेखनीय है कि प्रदेश के इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान और उदंती वन्य जीव अभयारण्य में मात्र 50 वन भैंसा (एशियाई जंगली भैंसा) बचे हैं।

वन विभाग पिछले 14 वर्षों से वन भैंसा की जनसंख्या बढ़ाने का प्रयास कर रहा है। डाक टिकट जारी करते समय प्रधान मुख्य वन संरक्षक राकेश चतुर्वेदी, डाक विभाग रायपुर संभाग के प्रवर अधीक्षक हरीश कुमार महावर, वाइल्ड लाइफ ट्रस्ट ऑफ इंडिया के मध्य भारत क्षेत्रीय प्रमुख डॉ. आरपी मिश्रा और वन विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

सीएम हाउस में जनचौपाल लगेगी

बुधवार को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जनचौपाल कार्यक्रम में प्रदेशभर के आए आमजनों से मुलाकात करेंगे। सीएम हाउस में सुबह 11 बजे से मुख्यमंत्री जनचौपाल शुरू करेंगे। इसमें वे न केवल लोगों की समस्याएं सुनेंगे, बल्कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और व्यवस्थाओं को लेकर सुझाव और फीडबैक भी लेंगे।

गांधी विचार यात्रा पहुंचेगी सेजबहार, गांधी मैदान में होगा समापन

राज्य सरकार की गांधी विचार यात्रा बुधवार को सेजबहार पहुंचेगी। अगले दिन गुस्र्वार को इस पदयात्रा का समापन गांधी मैदान में होगा। महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के अवसर पर धमतरी के कंडेल गांव से गांधी विचार यात्रा शुरू की गई है। पांचवें दिन दोपहर यह यात्रा ग्राम खोरपा पहुंची।

उसके बाद दशहरा के कारण यात्रा वहीं रुक गई। छठवें दिन बुधवार को सुबह नौ बजे खोरपा से यात्रा शुरू होगी। दोपहर 12 बजे कोलर, 1.30 बजे छछानपैरी, तीन बजे मुजगहन और शाम 4.30 बजे सेजबहार पहुंचेगी। चारों गांवों में सभा भी होगी। इस यात्रा का सातवां और अंतिम दिन गुस्र्वार को होगा।

रायपुर की सीमा में बसे सेजबहार से सुबह नौ बजे यात्रा शुरू की जाएगी। 10.30 बजे डूंडा और दोपहर 12.30 बजे संतोषीनगर पहुंचेगी। दोनों जगहों पर सभा रखी गई है। संतोषीनगर से निकलने के बाद यात्रा सीधे गांधी मैदान पहुंचकर समाप्त हो जाएगी। जिला कांग्रेस कमेटी और ब्लॉक कमेटियों ने यात्रा में शामिल लोगों को जगह-जगह स्वागत की तैयारी की है।

यहां 50,000 से भी कम में मिल रही है आपके सपनों की बुलट, जानिए कहां मिल रहा है मौका

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अगर आप बाइक्स के शौकीन हैं और बुलट चलाना पसंद करते हैं तो ये आपके लिए सुनहरा मौका है. दरअसल, आपके सपनों की रॉयल इनफील्ड बुलट आपको बहुत ही कम कीमत में मिल रही है. तो फिर देर किस बात की आज ही अपने पसंदीदा बुलट को अपने घर ले जाएं. वैसे रॉयल एनफील्ड की कीमत अधिक होने की वजह से हर कोई इसे खरीद नहीं पाता लेकिन इस दीवाली आप अपने सपनों को पूरा कर सकते हैं.

दरअसल, अपना सपना पूरा करने के लिए आप सेकंड हैंड बाइक्स का खरीदने का मन बना सकते हैं. ये सेकंड हैंड बाइक्स आपको बिल्कुल नई जैसी ही नजर आएंगी और कीमत बहुत ही कम चुकानी होगी. यकीनन ये आपके लिए बहुत ही फायदेमंद सौदा साबित होगा. अगर आप सेकंड हैंड बाइक खरीदने के बारे में सोच रहे हैं तो देर मत कीजिए क्योंकि आप दिल्ली के करोल बाग, लाजपत नगर, पुष्पा भवन जैसी जगहों से सेकंड हैंड बाइक खरीद सकते हैं. जहां आपको कई ऑप्शन मिलेंगे. इसके अलावा ऑनलाइन सर्च कर भी आप अच्छी हालत की बुलट खरीद सकते हैं जिसके लिए आप क्विकर, ओएलएक्स पर विजिट कर सकते हैं.

आज हम आपको कुछ ऐसी रॉयल एनफील्ड बाइक्स के बारे में बता रहे हैं जो आपको 50 हजार रुपये से भी कम कीमत में मिल रही है. आप यहां से रॉयल एनफील्ड (क्लासिक) केवल 45 हजार रुपये में खरीद सकते है. जो 2016 का मॉडल है इसका कलर व्हाइट है ये बाइक केवल 22,690 किलोमीटर चली हुई है. इसके अलावा 2017 के इसी मॉडल की रॉयल एनफील्ड (क्लासिक) ब्लैक कल की बुलट को आप केवल 65 हजार में खरीद सकते हैं ये बाइक केवल 6000 किलोमीटर चली हुई है.

वहीं चेरी कलर की रॉयल एनफील्ड (क्लासिक) 2017 मॉडल को आप केवल 54,400 रुपये में खरीद सकते हैं जो केवल 29,000 किलोमीटर चली है. वहीं रॉयल एनफील्ड (350std) 2003 मॉडल को आप केवल 50 हजार रुपये में खरीद सकते हैं. ये बाइक केवल 63,400 किलोमीटर चली है. वहीं 2014 के मॉडल को आप 50,022 रुपये में खरीद सकते हैं इसका कलर रेड है.

यहां एक बात सबसे ध्यान देने वाली ये कि जब भी आप सेकंड हैंड बाइक करीदें तो उसके पैपर ठीक से चेक कर लें. डीलर या प्राइवेट सेलर से बाइक के कागजों के साथ साथ सर्विसिंग के कागज भी मांगें. साथ ही भी सुनिक्षित कर लें कि बाइक चोरी की न हो या एक्सीडेंट के किसी मामले में न फंसी हो.

अगर डीलर या सेलर बाइक की पहली खरीद की भी रसीद देता है, तो इसे खरीदने में कोई दिक्कत नहीं है.साथ ही बाइक का टेस्ट ड्राइव भी लेना न भूलें. साथ ही सेकंड हैंड बाइक खरीदते वक्त इसकी कीमत कम कराने की जरूर कोशिश करें, हो सकता है कि इस बाइक पर आपको कुछ और छूट मिल जाए. वहीं डीलर से बाइक खरीदते वक्त रसीद जरूर लें.

चायनीज दीये को मात देंगे ये छत्तीसगढ़ के दिए, माटीकला बोर्ड ने बनाए सस्ते स्टाइलिश दीये

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गणेश चर्तुथी के साथ ही त्योहारी सीजन शुरू हो गया है। एक तरफ जहां बर्तन, कपड़े, मिठाइयों की दुकानें सज गई हैं, वहीं दीपावली पर्व में खास मायने रखने वाले दीये का भी बाजार गुलजार हो गया है। चाइनीज दीये के बढ़ रहे कारोबार को रोकने के लिए माटीकला बोर्ड ने कमर कस ली है। इसे टक्कर देने के लिए एक हफ्ते पहले से बोर्ड ने कई डिजाइन के दीये तैयार किये हैं। बोर्ड योजना विभाग के प्रबंधक अधिकारी गौतम देवांगन ने बताया कि बोर्ड में तैयार होने वाली सामग्रियों में बदलाव किया गया है। प्रमुख रूप से किचन के बर्तन के साथ त्योहारी सीजन व पूजा पाठ में लगने वाले मिट्टी के दीये बनाए जा रहे हैं।

केंद्र गढ़फुलझर में लगभग 30 हजार रंग-बिरंगी दीये तैयार किये गये हैं, जो दो दिन में पककर तैयार हो जाएंगे। पिछले वर्ष की तुलना में स्वास्तिक, पान, वॉल, चकरी आदि डिजाइन के नए दीये बनाए गए हैं। इनकी कीमत भी चाइनीज सामग्रियों के अपेक्षा बहुत कम है।

महिलाएं भी तैयार कर रहीं दीये कृषि विवि के औषधी विभाग में भी त्योहार को लेकर सुगंधित साबुन, अगरबत्ती, दीया, लरी, मोम के दीये तैयार किए जा रहे हैं। इसमें खास बात यह है कि विवि ने स्व सहायता समूह की कई महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत करने के लिए विभाग के माध्यम से उन्हें प्रशिक्षण दिया है।

विवि के जनसंपर्क अधिकारी संजय नैयर कहना है कि मिट्टी के दीपक के साथ रूम फ्रेशनर भी तैयार किया गया है। इसकी मांग काफी है। यह रोशनी के साथ खुशनुमा माहौल भी तैयार करता है।

अन्य राज्यों में पहुंच रही कला

जिले में माटीकला और इससे जुड़े व्यवसाय को बढ़ावा देने के लिए बोर्ड के माध्यम से महासमुंद ग्लेजिंग प्रोजेक्ट लगाया गया है। शिल्पकार मेहनत कर नए डिजाइन तैयार करने में जुटे हैं। उनके हाथों की कला अन्य राज्यों में भी पहुंचने लगी है। कुम्भकारों की पर्याप्त संख्या है, लेकिन उन्हें बड़ा मंच देने की आवश्यकता है।

यहां मिलेंगे दीये

– पंडरी स्थित हाट-बाजार

– मॉरीन ड्राइव चौक

– सदरबाजार

– 1 रुपये से लेकर 5 रुपये प्रति नग दीया

मूर्ति विसर्जन के लिए गए युवक नदी में ले रहे थे सेल्फी, डूबने से 2 की मौत

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हरादून की टोंस नदी में चंद्रोटी पुल के नीचे पानी के बीच सेल्फी की चाह दो छात्रों की जिंदगी पर भारी पड़ गई। सेल्फी के चक्कर में दोनों गहरे पानी में उतरते चले गए।

अचानक एक छात्र डूबने लगा तो दूसरा उसे बचाने के प्रयास में मौत के मुंह में चला गया। इस अनहोनी से मौके पर मौजूद छात्रों में चीखपुकार मच गई।

सूचना पर पहुंची पुलिस ने एक के शव को पानी से निकाल लिया, जबकि दूसरे का शव एसडीआरएफ की मदद से ढूंढा जा सका। एक छात्र गोंडा और दूसरा सहसपुर थाना क्षेत्र का रहने वाला था।

धमतरी : गरबा देखकर लौट रहे तीन दोस्तों की सड़क हादसे में मौत, गांव में नहीं मना दशहरा

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धमतरी में गरबा देखकर घर लौट रहे बाइक सवार तीन दोस्तों की ट्रक की चपेट में आने से मौत हो गई। तीनों ग्राम अंगारा के निवासी थे। इस हादसे के बाद अंगारा में मातम पसर गया। शोक के चलते गांव में दशहरा का पर्व नहीं मनाया गया।

कुरुद पुलिस के अनुसार सोमवार की रात ग्राम अंगारा निवासी मनोज कुमार साहू 20 पुत्र अरुण साहू, संदीप कुमार 21 पुत्र समयलाल साहू और विक्रम कुमार निर्मलकर 20 पुत्र मोहनलाल निर्मलकर एक बाइक से गरबा कार्यक्रम देखने कुरुद गए थे। रात करीब 12 बजे तीनों अंगारा लौट रहे थे कि कुरुद से कुछ दूर निकलते ही नेशनल हाईवे पर रायपुर की ओर से आ रहे ट्रक (सीजी-04 एलजी-7455) ने उन्हें चपेट में ले लिया।

छत्तीसगढ़ : पुलिस वाहन की ठोकर से युवक की मौत, 6.72 लाख मुआवजा

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तृतीय अपर मोटर दुर्घटना दावा अधिकारण ने पुलिस की सरकारी वाहन की ठोकर से राजमिस्त्री की मौत होने के मामले में सूरजपुर पुलिस अधीक्षक को मृतक की आश्रित मां को 6.72 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया है। तारबाहर पीजीबीटी कालेज के पीछे रहने वाली सुघनी बाई पति स्व.रामचरण का पुत्र सोन सिंह कंवर (24) राजमिस्त्री का काम करता था। आठ नवंबर 2014 को पुलिस की सरकारी वाहन टाटा सूमो सीजी 03-4633 का चालक आरक्षक श्याम नारायण मिश्रा तेज और लापरवाहीपूर्वक चलाते हुए बाइक से जो रहे सोन सिंह कंवर को सुतर्रा मुख्य मार्ग में सामने से ठोकर मार दिया।

दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल सोन सिंह को कटघोरा अस्पताल ले जाया गया। जांच उपरांत डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। मामले में कटघोरा पुलिस ने चालक श्याम नारायण मिश्रा के खिलाफ धारा 279, 337 एवं 304 ए के तहत अपराध पंजीबद्ध किया। मृतक की मां सुघनी बाई ने चालक एवं पुलिस अधीक्षक सूरजपुर को पक्षकार बनाते हुए मुआवजा दिलाए जाने की मांग की।

तृतीय अपर मोटर दुुर्घटना दावा अधिकारण ने मामले की सुनवाई की। मामले की सुनवाई में मृतक का आय सिद्ध नहीं होने पर निर्धारित आय की गणना कर पुलिस अधीक्षक सूरजपुर को एक माह के अंदर मृतक की आश्रित बेवा मां सुघनी बाई को छह लाख 72 हजार रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया है। अधिकरण ने मुआवजा राशि पर 15 फरवरी 2015 से भुगतान दिनांक तक नौ प्रतिशत वार्षिक ब्याज अदा करने का आदेश दिया है।