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छत्तीसगढ़ : ”गणतंत्र दिवस समारोह 2024” को लेकर सामान्य प्रशासन विभाग ने ध्वज फहराने वाले मुख्य अतिथियों की सूची जारी…

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छत्तीसगढ़ : गणतंत्र दिवस समारोह 2024 को लेकर सामान्य प्रशासन विभाग ने जिला मुख्यालयों में राष्ट्रीय ध्वज फहराने वाले मुख्य अतिथियों की सूची जारी कर दी है।

  • राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन राजधानी रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित मुख्य समारोह में ध्वजारोहण कर परेड की सलामी लेंगे।
  • विधानसभा अध्यक्ष डा. रमन सिंह राजनांदगांव और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बस्तर संभाग मुख्यालय जगदलपुर में ध्वजारोहण करेंगे।
  • उप मुख्यमंत्री अरुण साव बिलासपुर में और उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा दुर्ग में आयोजित में ध्वजारोहण करेंगे।
  • पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल महासमुंद,
  • आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम बलरामपुर-रामानुजंगज जिले में,
  • खाद्य मंत्री दयालदास बघेल बेमेतरा,
  • वनमंत्री केदार कश्यप नारायणपुर,
  • वाणिज्य व उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन कोरबा,
  • स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में ध्वजारोहण करेंगे।

अंबिकापुर में लक्ष्मी राजवाड़े तो रायगढ़ में ओपी होंगे मुख्य अतिथि

  • वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी रायगढ़ में, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े सरगुजा संभाग मुख्यालय अंबिकापुर में,
  • राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में,
  • सांसद गुहा राम अजगले सक्ती में,
  • सांसद विजय बघेल बालोद में,
  • सांसद मोहन मंडावी कांकेर में,
  • सांसद सुनील सोनी सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में,
  • सांसद संतोष पांडेय खैरागढ़-छुईखदान-गंड़ई जिले में,
  • सांसद चुन्नी लाल साहू गरियाबंद में,
  • विधायक धरमलाल कौशिक मुंगेली में,
  • विधायक अमर अग्रवाल जांजगीर-चांपा जिले में और अजय चंद्राकर धमतरी में ध्वजारोहण करेंगे।

बीजापुर में विक्रम उसेंडी करेंगे ध्वजारोहण

  • इसी तरह विधायक रेणुका सिंह सूरजपुर,
  • विधायक भैय्या लाल राजवाड़े कोरिया जिले के मुख्यालय बैकुंठपुर,
  • विधायक गोमती साय जशपुर,
  • विधायक लता उसेंडी कोंडागांव,
  • विधायक विक्रम उसेंडी बीजापुर,
  • विधायक भावना बोहरा कबीरधाम,
  • विधायक नीलकंठ टेकाम सुकमा,
  • विधायक चैतराम अटामी दंतेवाड़ा,
  • विधायक प्रवीण कुमार मरपची गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में और विधायक आशाराम नेताम मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले में ध्वजारोहण करेंगे।

छत्तीसगढ़ : अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी(एआइसीसी) ने राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा के लिए समन्वयकों की नियुक्ति

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अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी(एआइसीसी) ने राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा के लिए समन्वयकों की नियुक्ति की है।

कांग्रेस ने छत्तीसगढ़ में धीरज गुर्जर और उषा नायडू को कोआर्डिनेटर नियुक्त किया है, जो कि छत्तीसगढ़ में भारत जोड़ो न्याय यात्रा के लिए प्रदेश कांग्रेस कमेटी से समन्वय करेंगे।

पार्टी सूत्रों के अनुसार राहुल की यात्रा 18 फरवरी के आसपास छत्तीसगढ़ पहुंच सकती है, जो प्रदेश के रायगढ़ से राज्य में प्रवेश करेगी।

यात्रा छत्तीसगढ़ के सात जिलों में कुल 536 किलोमीटर दूरी तय करेगी। संभावना जताई जा रही है कि भारत जोड़ो न्याय यात्रा रायगढ़, अंबिकापुर, सक्ती, जांजगीर चांपा, कोरबा, सूरजपुर, बलरामपुर जिले से होकर गुजर सकती है। कहा जा रहा है कि राहुल गांधी हसदेव अरण्य के प्रभावितों से भी मुलाकात कर सकते हैं।

हाल ही में छत्तीसगढ़ कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट ने रायपुर का दौरा किया था और इस यात्रा की तैयारी के पहले चरण की बैठक की थी।

चुनाव को देखते हुए इस यात्रा को ज्यादा से ज्यादा लोकसभा सीटों तक कवर किया जा सकता है। फिलहाल छत्तीसगढ़ में 11 लोकसभा सीटों में दो कांग्रेस के पास है बाकी 9 सीटों पर बीजेपी का कब्जा है। कांग्रेस को उम्मीद है कि इस यात्रा से होने वाले लोकसभा चुनाव में बेहद असर पड़ने वाला है।

मोदी सरकार बना रही है भारत-श्रीलंका के बीच 23 किलोमीटर लंबे समुद्री पुल की योजना

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केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार भारत और श्रीलंता के मध्य पर्यटन और अर्थव्यवस्था को बड़ा बढ़ावा देने के लिए एक महत्वकांक्षी परियोजना को शुरू करने जा रही है। केंद्र सरकार जल्द ही भारत और श्रीलंका को जोड़ने वाले एक पुल के निर्माण पर काम शुरू करने जा रही है।

केंद्र के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार सरकार दोनों देशों के मध्य स्थित समुद्र पर 23 किलोमीटर लंबे पुल के निर्माण के लिए रिसर्च शुरू कर रही है, जो भारत के तमिलनाडु स्थित धनुषकोडी और श्रीलंका में तलाईमन्नार को आपस में जोड़ने का काम करेगा।

नया राम सेतु 23 किमी लंबा होगा और यह पुल सड़क के साथ-साथ रेल लिंक भी स्थापित करेगा, जो धनुषकोडी में भारत को तलाईमन्नार, पाक जलडमरूमध्य के पार श्रीलंका को जोड़ेगा।

अनुमान है कि इस सेतुसमुद्रम परियोजना से दोनों देशों के मध्य परिवहन लागत में 50 प्रतिशत कम आ कती है और इससे श्रीलंका सीधे तौर पर भारत के साथ जुड़ जाएगा। खबरों के अनुसार इस परियोजना को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा अमलीजामा पहनाया जाएगा।

इस परियोजना के संबंध में आगे कहा गया कि दोनों देशों के मध्य छह महीने पहले किये गये आर्थिक और तकनीकी सहयोग समझौते ने 40,000 करोड़ रुपये के इस पुल परियोजना का मार्ग प्रशस्त किया, जिसमें एडीबी द्वारा समर्थित राम सेतु के साथ नई रेल लाइनें और एक्सप्रेसवे शामिल हैं, जिसके लिए जल्द ही व्यवहारिक अध्ययन शुरू किया जाएगा।

मालूम हो कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीते सोमवार को तमिलनाडु में धनुषकोडी के पास अरिचल मुनाई का दौरा किया था, जिसे भारत में राम सेतु का शुरुआती बिंदु माना जाता है।

पौराणिक मान्यता के अनुसार भगवान राम ने लंका पर चढ़ाई के लिए यही प जिस पुल की स्थापना की थी, इसे राम सेतु के नाम से जाना जाता है। यही कारण है कि मोदी सरकार इस धार्मिक मान्यता के तरह भी इस राम सेतु को फिर से तमिलनाडु स्थित धनुषकोडी को श्रीलंका में तलाईमन्नार तक बनाना चाहती है। दोनों देशों के मध्य बनने वाला यह ऐतिहासिक पुल 23 किलोमीटर लंबा होगा, जिसे समुद्र पर बनाया जाएगा।

भगवान राम से संबंधित ‘राम सेतु’ का उल्लेख न केवल उत्तर भारत के पौराणिक ग्रंथों में बल्कि असंख्य तमिल ग्रंथों और तमिल राजाओं के कई शिलालेखों और तांबे की प्लेटों में भी मिलता है। रामनाथपुरम सेतुपति इस स्थान का बहुत सम्मान करते हैं, उनके सभी अनुदान इसी पवित्र स्थान पर ‘पंजीकृत’ थे। पीएम मोदी ने यहां अयोध्या मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह से पहले अपने आध्यात्मिक दौरे पर हस्ताक्षर किए थे।

असम मंदिर में प्रवेश न मिलने पर राहुल गांधी का PM मोदी पर तंज…

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कांग्रेस नेता राहुल गांधी सोमवार को असम में श्रद्धेय वैष्णव संत श्रीमंत शंकरदेव के जन्मस्थान बताद्रवा थान पहुंचे, उन्होंने मंदिर में प्रवेश की अनुमति नहीं मिलने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर परोक्ष रूप से कटाक्ष किया.

राहुल गांधी ने कहा, “हम मंदिर (बताद्रवा थान) जाना चाहते हैं. मैंने ऐसा क्या अपराध किया है कि मैं मंदिर नहीं जा सकता?…”

कांग्रेस नेता ने अयोध्या राम मंदिर में ‘प्राण प्रतिष्ठा’ समारोह से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर स्पष्ट रूप से कटाक्ष करते हुए कहा, “मैं मंदिर जाना चाहता हूं, इसमें गलत क्या है? पहले हमें आमंत्रित किया गया था लेकिन अब प्रशासन कह रहा है कि हम नहीं जा सकते. आज सिर्फ एक व्यक्ति मंदिर जा सकता है…”

कांग्रेस नेता की भारत जोड़ो न्याय यात्रा फिलहाल असम चरण में है.

बताद्रवा थान की प्रबंधन समिति ने रविवार को कहा था कि राहुल गांधी को अयोध्या राम मंदिर के ‘प्राण प्रतिष्ठा’ समारोह के बाद बताद्रवा में प्रवेश करने की अनुमति दी जाएगी.

थान प्रबंधन समिति ने कहा, “कल राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा है और थान में कई श्रद्धालु आएंगे. इसके अलावा थान परिसर के बाहर भी कई कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं जहां हजारों की संख्या में श्रद्धालु जुटेंगे. इसी वजह से राहुल गांधी का दौरा कार्यक्रम 3 बजे के बाद होगा यह निर्णय बैठक में लिया गया है.”

बता दें कि असम के सीएम हिमंत द्वारा वायनाड के सांसद के समय पर सवाल उठाने और यह कहने के एक दिन बाद कि यह ‘राम मंदिर के साथ प्रतिस्पर्धा’ नहीं होनी चाहिए, राहुल, पार्टी के अन्य नेताओं ने बताद्रवा थान के बाहर विरोध प्रदर्शन किया.

‘इससे बड़ा अन्याय नहीं हो सकता’

कांग्रेस महासचिव संचार प्रभारी, जयराम रमेश ने कहा कि एकमात्र उद्देश्य राहुल गांधी को धार्मिक स्थल पर जाने से रोकना था.

जयराम रमेश ने कहा, “राहुल को बताद्रवा थान जाने की अनुमति दी गई थी. यह एक ऐतिहासिक स्थान है. यह महान धार्मिक व्यक्ति शंकर देव जी का जन्मस्थान है. गौरव गोगोई, जो यहां से सांसद हैं, को भी अनुमति दी गई थी. अचानक हमें बताया गया कि हम नहीं जा सकते…यह असम सरकार का दबाव है. इसका एकमात्र उद्देश्य राहुल को इस धार्मिक स्थान पर जाने से रोकना है. इससे बड़ा अन्याय नहीं हो सकता.”

‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ को लेकर असम के मुख्यमंत्री के साथ वाकयुद्ध के बीच, राहुल गांधी, जयराम रमेश, गौरव गोगोई और केसी वेणुगोपाल समेत कांग्रेस नेताओं को सोमवार को सातरा गांव के धार्मिक स्थल बताद्रवा थान जाने से रोक दिया गया.

कल असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने राहुल गांधी से आज होने जा रहे राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के समापन के बाद थान जाने की अपील की थी.

उन्होंने कहा, ”मैं राहुल गांधी से राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा समारोह के पूरा होने के बाद बताद्रवा थान जाने की अपील करना चाहता हूं.”

असम से कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने कहा कि राज्य सरकार की कार्रवाई से राहुल गांधी की भक्ति कम नहीं होगी और न ही भारत जोड़ो न्याय यात्रा की शक्ति पर कोई असर पड़ेगा.

इस बीच, असम के सीएम हिमंत ने कल कहा कि सत्र समिति ने राहुल गांधी को आमंत्रित नहीं किया है.

सरमा ने कहा, “वह दोपहर 2 बजे के बाद या सुबह के समय बताद्रवा जा सकते हैं. मुझे लगता है कि अगर वह प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के दौरान उन 2-3 घंटों के दौरान बताद्रवा नहीं जाते हैं तो अच्छा होगा.”

छत्तीसगढ़ : ‘रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा’ ‘पीएम मोदी ने किया जनता को संबोधित…

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अयोध्या में सोमवार को राम मंदिर में श्री रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा हुई. प्राण प्रतिष्ठा के बाद पीएम मोदी ने जनता को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि यह क्षण अलौकिक है, यह पल पवित्र पल है, यह माहौल, यह ऊर्जा, यह वातावरण, यह घड़ी अद्भुत है.

हम पर प्रभु राम की कृपा है. हमारे श्री राम अब टेंट में नहीं रहेंगे. अब वे इस दिव्य मंदिर में रहेंगे. आज से हजार साल बाद भी लोग इस तारीख की चर्चा करेंगे.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने उद्बोधन में माता शबरी का भी जिक्र किया. उन्होंने मां शबरी का उल्लेख किया और कहा कि माता शबरी को विश्वास था कि उन्हें उनके तप का फल मिलेगा और प्रभु श्री राम आएंगे. यह सुनते ही मां शबरी की भूमि शिवरीनारायण में मौजूद लोगों ने जय श्री राम और माता शबरी के जयकारे लगाए.

प्राण प्रतिष्ठा से पूरा विश्व जुड़ा: पीएम मोदी

पीएम मोदी ने कहा कि यह क्षण उत्सव के साथ ही भारतीय समाज के परिपक्वता के बोध का भी है. यह क्षण विनय का है. हमारे देश ने इतिहास की इस गांठ को जिस गंभीरता और परिपक्वता से खोला है यह बताता है कि हमारा भविष्य सौहार्द और समन्वय से युक्त होगा. राम आग नही हैं ऊर्जा हैं, राम विवाद नहीं राम समाधान हैं. राम वर्तमान नहीं राम अनंतकाल हैं. राम की प्राण प्रतिष्ठा से पूरा विश्व जुड़ा है. राम लला की प्रतिष्ठा वसुधैव कुटुंबकम् के भाव की भीप्राण प्रतिष्ठा है. यह मंदिर भारत के दर्शन का मंदिर, राम के चेतना का मंदिर है.

पीएम मोदी ने कहा, ‘आज हमारे राम आ गए हैं. सदियों की प्रतीक्षा के बाद हमारे राम आ गए हैं. सदियों के अभूतपूर्व धैर्य, अनगिनत बलिदान, त्याग और तपस्या के बाद हमारे प्रभु राम आ गए हैं. सदियों के प्रतीक्षा के बाद हमारे श्री राम आ गए हैं. हमारे रामलला अब टेंट में नहीं रहेंगे. हमारे रामलला अब दिव्य मंदिर में रहेंगे. मेरा पक्का विश्वास और अपार श्रद्धा है कि जो घटित हुआ है, इसकी अनुभूति देश के, विश्व के कोने-कोने में रामभक्तों को हो रही होगी. ये क्षण आलौकिक है, ये पल पवित्रतम है.

छत्‍तीसगढ़ : बारिश के बाद तापमान में आई गिरावट, बढ़ी ठंड, जानें कैसा रहेगा आज का मौसम…

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छत्तीसगढ़ : राजधानी रायपुर सहित कई क्षेत्रों में तापमान में गिरावट एक बार फिर से मौसम ने करवट बदली है।

मौसम विभाग के अनुसार एक द्रोणिका दक्षिण अंदरूनी कर्नाटक से पूर्वी विदर्भ तक 0.9 किलोमीटर ऊंचाई तक स्थित है। साथ ही प्रदेश में बंगाल की खाड़ी से नमी आने कारण बादल छाए रहे और मध्य छत्तीसगढ़ में गरज-चमक के साथ वर्षा दर्ज की गई।

दक्षिण छत्तीसगढ़ में बारिश की संभावना

सोमवार को भी दक्षिण छत्तीसगढ़ में एक-दो स्थानों पर बहुत हल्की वर्षा होने की संभावना है।

साथ ही बंगाल की खाड़ी से नमी आने के कारण आंशिक रूप से बादल छाए रहने की संभावना है। इसके अलावा मध्य छत्तीसगढ़ में प्रातः काल में कोहरा बनने की संभावना है। जिसकी वजह से गाड़ी चलाने में परेशानियां हो सकती हैं।

उत्तर और मध्य छग में न्यूनतम तापमान गिरावट होने की संभावना के साथ ही मध्य छत्तीसगढ़ में अधिकतम तापमान में वृद्धि होने की सम्भावना है। दक्षिण छत्तीसगढ में 24 जनवरी तक एक दो स्थानों में हल्की वर्षा होने की संभावना बनी हुई है।=

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार रविवार को छत्तीसगढ़ में बलरामपुर सर्वाधिक ठंडा रहा।

यहां न्यूनतम तापमान 8.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि सर्वाधिक अधिकतम तापमान दंतेवाड़ा में 29.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

सोमवार को अब दक्षिणी क्षेत्र में बारिश की वजह से यहां के अधिकतम तापमान में भी गिरावट देखने को मिल सकती है। इसके अलावा रायगढ़ में दो सेमी, जबकि तमनार में एक सेमी की वर्षा दर्ज की गई।

राजधानी में रविवार की सुबह अच्छी बारिश हुई, जिसकी वजह से मौसम दिनभर ठंडा रहा।

मौसम विज्ञानियों के अनुसार राजधानी में मौसम मेघमय रहने के साथ ही एक दो स्थानों पर हल्की वर्षा होने के संकेत हैं। राजधानी का अधिकतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस, जबकि न्यूनतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना जताई जा रही है।

एक बार फिर मौसम की करवट से गर्म कपड़ों के बाजारों की रौनक वापस से लौट गई है। लोग बड़ी संख्या में मौसम के हिसाब से गर्म कपड़ों की खरीदी के लिए पहुंच रहे हैं।

मौसम विभाग के संकेत के अनुसार कुछ दिनों तक मौसम का मिजाज ठंडा ही रहने के आसार हैं।

छत्तीसगढ़ : Train Cancel List; 13 लोकल ट्रेन रद…

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Train Cancel List: कुम्हारी-भिलाई सेक्शन में आटोमैटिक सिग्नलिंग सिस्टम के लिए रेलवे ने सोमवार 22 जनवरी को 13 लोकल ट्रेनों को रद किया है। आलम यह है कि बिलासपुर-कोरबा से लेकर छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस भी ब्लाक की वजह से चार फरवरी तक रद रहेगी।

इसके कारण यात्रियों को सफर करने के लिए काफी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। खासकर लोकल ट्रेनों में रोजाना सफर करने वाले हजारों यात्रियों की आवाजाही प्रभावित होगी।

रायपुर रेल मंडल से मिली जानकारी के अनुसार रायपुर से विशाखापट्टनम पैसेंजर ट्रेन एक सप्ताह तक प्रभावित रहेगी। कुम्हारी से भिलाई के बीच रेलवे की टीम आटोमैटिक सिग्नलिंग सिस्टम को दुरुस्त करने के काम में जुट गई है। इसके चलते दो दिनों तक रायपुर से दुर्ग के बीच आम यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ेगी। इस समय कई सेक्शनों में रेल विकास का कार्य चलने के कारण वर्तमान में लंबी दूरी की ट्रेनें तीन से पांच घंटे देरी से चल रही है।

कुम्हारी-भिलाई रेल लाइन पर 22 जनवरी को सुबह छह बजे तक लगातार काम चलने से झारसुगुड़ा से गोंदिया और इतवारी आने वाली ट्रेन को बिलासपुर स्टेशन में ही रोक दिया जाएगा,

कई लोकल ट्रेनें रद की गई है। वहीं पिछले 10 जनवरी से सोलापुर रेल मंडल में दूसरी रेल लाइन का विद्युतीकरण की वजह से हावड़ा और पुणे के बीच चलने वाली ट्रेनें लगातार चार से पांच घंटे तक देरी से रायपुर स्टेशन पहुंच रही है। शनिवार को पुणे से चलने वाली ट्रेन नंबर 22845 पुणे-हटिया एक्सप्रेस पुणे से चार घंटे देरी से रवाना होने के कारण रविवार को काफी देरी से रायपुर स्टेशन में पहुंची।

वाल्टेयर रेल लाइन पर सिंगपुर-रायगढ़ा के बीच तीसरी रेल लाइन के लिए ब्लाक शुरू हो गया है। यह काम 27 जनवरी तक चलेगा। ब्लाक की वजह से एक सप्ताह तक लगातार रायपुर-विशाखापट्टनम पैसेंजर रद रहेगी।

इस ट्रेन के यात्रियों को किसी तरह दूसरी ट्रेनों में सफर करने को मजबूर होना पड़ा। इसी रूट की बिलासपुर-तिरुपति एक्सप्रेस रद होने से यात्री रिजर्वेशन टिकट का रिफंड लेने के लिए रेलवे काउंटरों पर पहुंचने लगे हैं।

रविवार 21 जनवरी को झारसुगुड़ा से चलने वाली ट्रेन नंबर 08862 झारसुगुड़ा गोंदिया मेमू पैसेंजर स्पेशल बिलासपुर पहुंचकर समाप्त हुई और बिलासपुर-गोंदिया के मध्य रद रही।

इसी तरह से ट्रेन नंबर 08861 गोंदिया झारसुगुड़ा मेमू पैसेंजर स्पेशल गोंदिया के स्थान पर बिलासपुर से झारसुगुड़ा के लिए रवाना हुई और गोंदिया-बिलासपुर के मध्य रद रही। वहीं रायपुर-दुर्ग सेक्शन में कुम्हारी और भिलाई स्टेशनों के मध्य आटोमेटिक सिग्नलिंग और अन्य अपग्रेडेशन कार्यों के कारण नान इंटरलाकिंग किया जाएगा।इस वजह से रविवार सुबह से सोमवार 22 जनवरी की सुबह छह बजे तक लगातार काम चलेगा।

रविवार को विशाखापट्टनम से ट्रेन नंबर 22847 विशाखापट्टनम-एलटीटी पांच घंटा विलंब से रवाना हुई। मंगलवार 23 जनवरी को ट्रेन नंबर 22848 एलटीटी-विशाखापट्टनम एक्सप्रेस दो घंटे विलंब से चलेगी। जबकि 25 जनवरी को विशाखापट्टनम से ट्रेन नंबर 18573 विशाखापट्टनम-भगत की कोठी एक्सप्रेस आठ घंटे विलंब से रवाना की जाएगी।

आगरा रेल मंडल के पलवल-मथुरा सेक्शन में मथुरा यार्ड का आधुनिकीकरण के लिए नान इंटरलाकिंग का काम शुरू किया जा चुका है। इस वजह से रविवार से चार फरवरी तक ट्रेन नंबर 18237 कोरबा-अमृतसर छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस रद की गई है।

बिलासपुर मंडल के रायगढ़-किरोड़ीमल स्टेशनों के मध्य स्थित जेएसपीएल केबिन में चौथी लाइन कनेक्टिविटी के लिए नान इंटरलाकिंग का काम कराया जा रहा है।

इससे भी चार दिनों तक कई ट्रेनें प्रभावित होंगी। 23 से 25 जनवरी तक ट्रेन नंबर 08738/08737 बिलासपुर-रायगढ़-बिलासपुर मेमू, 22 से 24 जनवरी तक ट्रेन नंबर 08736 बिलासपुर-रायगढ़ मेमू स्पेशल रद रहेगी। 23 से 25 जनवरी तक ट्रेन नंबर 08735 रायगढ़-बिलासपुर मेमू रद रहेगी। इस दौरान बीच रास्ते में गोंदिया से चलने वाली गोंदिया-झारसुगुड़ा मेमू बिलासपुर स्टेशन में समाप्त होगी। इसी प्रकार 23 से 25 जनवरी तक झारसुगुड़ा-गोंदिया मेमू बिलासपुर तक ही चलेगी।

पूर्व तटीय रेलवे के वाल्टेयर मंडल के सिंगपुर-रायगढ़ा सेक्शन में तीसरी लाइन कनेक्टीविटी का काम 20 जनवरी से शुरू किया जा चुका है और 27 जनवरी तक चलेगा। इस वजह से रायपुर-विशाखापट्टनम के बीच चलने वाली चार ट्रेनें रद की गई है, वहीं लंबी दूरी की चार ट्रेनों का मार्ग बदल दिया गया है।

इन ट्रेनों का मार्ग परिवर्तित

23, 25 और 26 जनवरी को पुरी-अहमदाबाद एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग खुर्दा रोड़-करेजंगा-टिटलागढ़ के रास्ते अपने गंतव्य को रवाना होगी।

22 और 25 जनवरी को अहमदाबाद-पुरी एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग टिटलागढ़-करेजंगा-खुर्दा रोड़ के रास्ते अपने गंतव्य को रवाना होगी।

24 जनवरी को गांधीधाम-पुरी एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग खुर्दा रोड़-करेजंगा-टिटलागढ़ के रास्ते अपने गंतव्य को रवाना होगी।

27 जनवरी को पुरी-गांधीधाम एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग टिटलागढ़-करेजंगा-खुर्दा रोड़ के रास्ते अपने गंतव्य को रवाना होगी।

दक्षिण मध्य रेलवे के हैदराबाद मंडल के सीताफल मंडी-काचीगुड़ा सेक्शन में ट्रेफिक ब्लाक लेकर यार्ड आधुनिकीकरण का काम करने के लिए रविवार 21 जनवरी को कोरबा से रवाना होने वाली कोरबा-यशवंतपुर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाया काजीपेट-मौला अलि-सिकंदराबाद-सुलेहल्ली-गुंटकल-धर्मवरम मार्ग से यशवंतपुर जाएगी।

छत्तीसगढ़ : श्रीरामलला के प्राण- प्रतिष्ठा समारोह में आटोमोबाइल बाजार की रफ्तार, दो हजार दोपहिया व 400 कारों की बिक्री…

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अयोध्या में सोमवार को होने वाले भगवान श्रीरामलला के प्राण- प्रतिष्ठा समारोह में आटोमोबाइल बाजार की रफ्तार भी जबरदस्त बढ़ गई है।

बताया जा रहा है कि अकेले रायपुर में सोमवार 22 जनवरी को दो हजार दोपहिया व 400 कारों की बिक्री होने वाली है।

इसके साथ ही प्रदेश भर में लगभग 8000 दोपहिया व 1200 कारों की बिक्री होगी। उपभोक्ताओं द्वारा भी 22 जनवरी को महामुहूर्त के रूप में देखा जा रहा है।

आटोमोबाइल कारोबारियों का कहना है कि पूरे आटोमोबाइल शोरूम को काफी आकर्षक ढंग से सजाया गया है और पूरा माहौल ही राममय हो गया है।

रायपुर आटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन(राडा) के सचिव कैलाश खेमानी ने बताया कि उनके शोरूम में हर दोपहिया व कार के साथ उपभोक्ता को अयोध्या मंदिर का माडल दिया जा रहा है।

सोमवार 22 जनवरी को ही विशेष रूप से यह तोहफा दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इसके साथ ही संस्थान के कर्मचारियों के साथ ही उनके परिवार के लिए भी शोरूम में शाम को महाआरती रखी गई है। महाआरती के साथ ही प्रसादी वितरण भी होगा।

कपड़ा बाजार भी पूरी तरह से राममय हो गया है। पंडरी कपड़ा बाजार को पूरा तरह से सजा दिया है। ग्राहकों में भी इन दिनों भगवा रंग के शेरवानी व कुर्ते पैजामे की मांग जबरदस्त बढ़ गई है।

छत्‍तीसगढ़: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय प्रभु श्री रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर रायपुर के दूधाधारी मठ पहुंचकर राम दरबार का दर्शन किया।

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छत्‍तीसगढ़: अयोध्या में प्रभु श्रीरामलला के स्वागत के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रायपुर के श्री दूधाधारी मठ पहुंचे। मुख्यमंत्री साय ने मंदिर परिसर में भगवान श्रीराम, माता जानकी, भगवान श्रीलक्ष्मण, श्रीसंकट मोचन हनुमान जी, स्वामी बाला जी भगवान की पूजा अर्चना की।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अयोध्या में हो रही प्रभु श्री रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर रायपुर के दूधाधारी मठ पहुंचकर राम दरबार का दर्शन किया।

मुख्यमंत्री साय ने गौ माता को भी भोग लगाया। इसके बाद सीएम साय शिवरीनारायण के कार्यक्रम में भी शामिल होंगे, वहीं से वर्चुअल माध्यम से श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा देखेंगे।

अयोध्या की तरह प्रभु श्रीराम के ननिहाल छत्तीसगढ़ में रामलला के विग्रह की प्राणप्रतिष्ठा को लेकर उत्सव का वातावरण है।

उत्तर में सरगुजा से लेकर दक्षिण के बस्तर तक जगह-जगह भक्ति -भाव से आयोजन किए जा रहे हैं।

सोमवार को राजधानी रायपुर समेत छत्तीसगढ़ के कई शहरों में कहीं लाखों तो कहीं हजारों दीपक प्रज्जवलित किए जाने की तैयारी है। गली, मोहल्लों से लेकर बाजार-घाट सब के सब भगवा पताकाओं से सुसज्जित हैं। देवालयाें में साफ-सफाई के बाद सोमवार को धार्मिक कार्यक्रमों के साथ ही भंडारों का आयोजन किया गया है।

अयोध्या में हो रहे श्रीराम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर सुबह से रायपुर के मंदिरों में भक्ति भाव छाया है। अलग-अलग मोहल्लों में शोभायात्रा निकाली गई। समता कॉलोनी अग्रसेन चौक से निकाली गई शोभायात्रा में अयोध्या मंदिर की झांकी के साथ श्रीराम, जानकी, लक्ष्मण, हनुमानजी का भेष धारण किए बच्चे, युवतियां आकर्षण का केंद्र रहे।

रामायण की चौपाईयां चौक, चौराहों पर गूंज उठी। धुप्पड़ पेट्रोल पंप के पास रामजी का झूला सजाया गया है। महाभण्डारे की तैयारियां की जा रही है। दोपहर को प्रसादी का वितरण होगा।

शाम को कोटा स्थित मैदान में बागेश्वर धाम के कथा पंडाल में 11 लाख दीप प्रज्ज्वलित करने की तैयारी की जा रही है। वीआईपी रोड स्थित श्रीराम मंदिर में शाम को महाआरती, आतिशबाजी के पश्चात गायिका स्वस्ति मेहुल भजनों की प्रस्तुति देंगी।

अयोध्या में श्रीरामलला प्राण प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर चंदखुरी स्थित कौशल्या धाम में सोमवार को रामोत्सव का आयोजन किया गया है।

संस्कृति और पर्यटन मंत्री बृजमोहन अग्रवाल के मुख्य आतिथ्य और सांसद सुनील सोनी की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेशभर के लोक कलाकार मानस गायन और भक्तिमय सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति देंगे। पर्यटन विभाग की ओर से आयोजन कराया जा रहा है।

रामोत्सव का शुभारंभ माता कौशल्या धाम परिसर में शाम 5:30 बजे से होगा। इस मौके पर विशेष डाक टिकट का विमोचन भी किया जाएगा।

प्रदेश के प्रसिद्ध लोक कलाकार राकेश तिवारी राम वनगमन नृत्य नाटिका की प्रस्तुति देंगे। इसके अलावा गोपा सान्याल और उनके साथी राम भजन, अल्का चंद्राकर भजन, जसगीत और लोकगीत के साथ ही मानस मंडलियों की ओर से मानस गायन प्रस्तुत किए जाएंगे।

अयोध्या धाम में सोमवार को नवनिर्मित श्रीराम मंदिर में ‘रामलला’ के विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा की खुशी में यहां बस्तरांचल में भी लोगों में जबरदस्त उत्साह है।

कई दिन पहले से ही बस्तर के लोग रामभक्ति में डूबकर गोता लगा रहे हैं। मदिरों में धार्मिक अनुष्ठान की शुरुआत की जा रही है। धार्मिक रैलियां निकाली जा रही हैं। घरों से लेकर मंदिरों तक में साफ-सफाई का काम चल रहा है मानों दीवाली का अवसर हो।

राम भक्ति में सराबोर बस्तर की संस्कारधानी जगदलपुर दुल्हन की तरह सजाई गई है। शहर के साथ ही गांवों में भी उमंग का वातावरण है। शहर से लेकर गांव तक धार्मिक स्थलों को सजाया गया है। भगवा रंग के स्वागत द्वारों से शहर की सड़कें रंगी हैं।

श्री रामलला के स्वागत के एक दिन पूर्व ’एक दीया प्रभु श्री राम के नाम’ दीपोत्सव के कार्यक्रम में जगदलपुर शहर के सभी वर्गों में गजब का उत्साह देखने को मिला।

जगदलपुर का दलपत सागर लगभग तीन लाख दीपों की रोशनी से जगमगा उठा। रानी घाट में पूजा अर्चना के बाद एक साथ तीन लाख दीपों की रोशनी में दलपत सागर की सुंदरता भी कई गुना बढ़ गई। इस दौरान आईलैंड में कलाकारों द्वारा निर्मित रंगोली विशेष आकर्षण का केंद्र रही।

कार्यक्रम में दलपत सागर के किनारों में जलते दीपक और जगमग रोशनी से थल और नभ को रोशनी से भर दिया। दलपत सागर के आसपास दीप उत्सव पर जमकर आतिशबाजी भी की गई, जिससे पूरा माहौल उल्लासमय हो गया। सभी लोगों ने सात बजे भव्य आतिशबाजी के साथ दीपों को जलाया। कार्यक्रम में फ्लोटिंग मंच में रामायण मंडली द्वारा रामचरित मानस का गायन किया गया।

एक राष्ट्र, एक चुनाव को लेकर देश में मांग, कानून मंत्रालय को भेजे गए संदेश…

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एक राष्ट्र, एक चुनाव का लेकर अक्सर देश में मांग होती रहती है। जिसको लेकर चुनाव आयोग ने इसका अनुमान लगाया है कि अगर लोकसभा और विधानसभाओं के लिए एक साथ चुनाव कराए जाएं तो नई इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनें (ईवीएम) खरीदने के लिए हर 15 साल में 10,000 करोड़ रुपये की राशि की जरुरत पड़ेगी।

कानून मंत्रालय को भेजे गए एक संदेश में, पोल पैनल ने इस बात पर कहा है कि ईवीएम की शेल्फ लाइफ 15 साल है और अगर एक साथ चुनाव होते हैं तो मशीनों के एक सेट का इस्तेमाल उनके जीवनकाल में तीन चक्रों के लिए किया जा सकता है।

इस साल होने वाले लोकसभा चुनावों के लिए अनुमान है कि पूरे भारत में कुल 11.80 लाख मतदान केंद्रों की आवश्यकता होगी। एक साथ मतदान के दौरान, प्रति मतदान केंद्र पर ईवीएम के दो सेट की आवश्यकता होगी। एक लोकसभा सीट के लिए और दूसरा विधानसभा क्षेत्र के लिए। सरकार को ईसी, पीटीआई की रिपोर्ट दोषपूर्ण इकाइयों और प्रतिस्थापनों के लिए, नियंत्रण इकाइयों (सीयू), मतपत्र इकाइयों (बीयू) और मतदाता-सत्यापन योग्य पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपीएटी) मशीनों का एक निश्चित प्रतिशत आरक्षित के रूप में रखा जाना चाहिए, जैसा कि भेजे गए संचार में कहा गया है।

चुनाव आयोग ने कहा कि, एक ईवीएम के लिए कम से कम एक बीयू, एक सीयू और एक वीवीपैट मशीन बनती है। इसलिए, एक साथ मतदान के लिए आवश्यक ईवीएम और वीवीपीएटी की न्यूनतम संख्या होगी: 46,75,100 बीयू, 33,63,300 सीयू और 36,62,600 वीवीपैट, 2023 की शुरुआत में, ईवीएम की अनुमानित लागत 7,900 रुपये प्रति बीयू, 9,800 रुपये प्रति सीयू और 16,000 रुपये प्रति यूनिट वीवीपैट थी।

चुनाव आयोग ने कानून मंत्रालय से एक साथ मतदान पर एक प्रश्नावली का जवाब दिया और अतिरिक्त मतदान और सुरक्षा कर्मियों, ईवीएम के लिए बढ़ी हुई भंडारण सुविधाओं और अधिक वाहनों की आवश्यकता पर जोर दिया। नई मशीनों के उत्पादन, भंडारण सुविधाओं में वृद्धि और अन्य लॉजिस्टिक कारकों को ध्यान में रखते हुए, आयोग ने उल्लेख किया कि पहला एक साथ चुनाव केवल 2029 में हो सकता है।

इसमें यह भी बताया गया है कि लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के लिए एक साथ चुनाव कराने के लिए संविधान के पांच अनुच्छेदों में संशोधन की आवश्यकता होगी। इन अनुच्छेदों में अनुच्छेद 83, अनुच्छेद 85, अनुच्छेद 172, अनुच्छेद 174 और अनुच्छेद 356 शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, संविधान की दसवीं अनुसूची में भी बदलाव की आवश्यकता होगी, जो दलबदल के आधार पर अयोग्यता से संबंधित है। एक साथ चुनाव के मुद्दे की जांच के लिए सरकार ने पूर्व राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद के नेतृत्व में एक पैनल का गठन किया है। एक राष्ट्र, एक चुनाव पर उच्च स्तरीय समिति को लोकसभा, राज्य विधानसभाओं, नगर पालिकाओं और पंचायतों के एक साथ चुनाव कराने के लिए अध्ययन करने और सिफारिशें करने का काम सौंपा गया है। समिति भारत के संविधान के तहत मौजूदा ढांचे और अन्य वैधानिक प्रावधानों पर विचार करेगी।