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Wholesale Inflation: महंगाई डायन ने बढ़ाई चिंता! थोक महंगाई उछलकर 1.81% पर पहुंची, लगातार तीसरे महीने इजाफा…

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महंगाई के मोर्चे पर साल 2026 की शुरुआत झटका देने वाली रही है, जिसकी वजह से केन्द्र सरकार से लेकर आरबीआई तक की भौंहे इस खबर के बाद तन सकती है. केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्राल की तरफ से जारी आंकड़ों के अनुसार, थोक मूल्य सूचकांक (WPI) आधारित महंगाई दर जनवरी में लगातार तीसरे महीने बढ़कर 1.81 प्रतिशत पर पहुंच गई. दिसंबर 2025 में यह 0.83 प्रतिशत थी, जबकि पिछले साल जनवरी में 2.51 प्रतिशत दर्ज की गई थी.

महंगाई के मोर्चे पर झटका

उद्योग मंत्रालय के मुताबिक, मूल धातुओं के विनिर्माण, अन्य विनिर्मित उत्पादों, गैर-खाद्य वस्तुओं, खाद्य पदार्थों और वस्त्रों की कीमतों में बढ़ोतरी इसके पीछे प्रमुख कारण रही. आंकड़ों के अनुसार, जनवरी में खाद्य वस्तुओं की थोक महंगाई 1.55 प्रतिशत रही, जबकि दिसंबर में इसमें 0.43 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी. सब्जियों की महंगाई दर जनवरी में 6.78 प्रतिशत रही, जो दिसंबर में नकारात्मक 3.50 प्रतिशत थी.

गैर-खाद्य वस्तुओं में ज्यादा तेजी

विनिर्मित उत्पादों में थोक महंगाई बढ़कर 2.86 प्रतिशत हो गई, जो दिसंबर में 1.82 प्रतिशत थी. गैर-खाद्य वस्तुओं की श्रेणी में तेज उछाल देखने को मिला और यह 7.58 प्रतिशत पर पहुंच गई, जबकि दिसंबर में यह 2.95 प्रतिशत थी. हालांकि ईंधन और बिजली क्षेत्र में महंगाई दर अपेक्षाकृत नियंत्रित रही और जनवरी में 4.01 प्रतिशत दर्ज की गई.

इससे पहले खुदरा महंगाई (CPI) भी जनवरी में बढ़कर 2.75 प्रतिशत पर पहुंच गई थी. ब्याज दरों के निर्धारण के लिए रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया खुदरा मुद्रास्फीति को आधार मानता है. केंद्रीय बैंक चालू वित्त वर्ष 2025-26 में अब तक रेपो दर में कुल 1.25 प्रतिशत की कटौती कर चुका है, जिससे रेपो दर घटकर 5.5 प्रतिशत रह गई है. थोक महंगाई में यह उछाल भविष्य की मौद्रिक नीति और ब्याज दरों के रुख पर असर डाल सकता है.

CG: कांग्रेस को झटका! 17 नेताओं ने दिया इस्तीफा, सिंहदेव समर्थकों में असंतोष की स्थिति, इस्तीफा देने वाले नेताओं का कहना है कि…

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कांग्रेस संगठन के भीतर मतभेद खुलकर सामने आए हैं। संयुक्त महामंत्री, महामंत्री और सचिव सहित 17 जिला पदाधिकारियों ने सामूहिक इस्तीफा दे दिया है।

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस संगठन के अंदर के मतभेद एक बार फिर सामने आए हैं। जॉइंट जनरल सेक्रेटरी, जनरल सेक्रेटरी और सेक्रेटरी समेत 17 ज़िला अधिकारियों ने एक साथ अपने पदों से इस्तीफ़ा दे दिया है। उनके इस्तीफ़े सोशल मीडिया पर तेज़ी से फैल रहे हैं, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई है।

सिंहदेव समर्थकों में असंतोष की स्थिति

रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस्तीफा देने वाले ज़्यादातर पदाधिकारी पूर्व डिप्टी चीफ मिनिस्टर टी.एस. सिंह देव के सपोर्टर बताए जा रहे हैं। संगठन ने हाल ही में शशि सिंह को सूरजपुर डिस्ट्रिक्ट प्रेसिडेंट बनाया है, जिससे सिंह देव के सपोर्टर्स में नाराज़गी है। बताया जा रहा है कि नई डिस्ट्रिक्ट एग्जीक्यूटिव बनाने में कई सीनियर नेताओं से सलाह नहीं ली गई।

इस्तीफा देने वाले नेताओं का कहना है कि

यह भी आरोप है कि सिंहदेव गुट से जुड़े कई कार्यकर्ताओं को पद नहीं दिए गए। इस्तीफा देने वाले नेताओं का कहना है कि जिला और संगठन स्तर पर उन्हें लगातार नजरअंदाज किया गया। इस्तीफा देने वालों में पूर्व मंत्री खेल साई सिंह की बहू का नाम शामिल होने से यह मामला और गरमा गया है। इस घटनाक्रम ने एक बार फिर कांग्रेस संगठन के अंदर चल रही गुटबाजी को उजागर कर दिया है।

CG: बिजली कर्मचारियों के लिए खुशखबरी! पुरानी पेंशन योजना हो सकती है लागू, जल्द होगा ऐलान…

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प्रदेश के बिजली कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर है। लंबे समय से ओपीएस की मांग कर रहे कर्मचारियों को अब इसका लाभ मिल सकता है..

छत्तीसगढ़ राज्य बिजली कंपनी में ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) लागू कराने को लेकर कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही मांग अब निर्णायक मोड़ पर पहुंचती दिख रही है। प्रबंधन के साथ हाल ही में हुई वार्ता में कर्मचारी महासंघ को इस दिशा में ठोस और सकारात्मक निर्णय का आश्वासन मिला है। संगठन को उम्मीद है कि जल्द ही कर्मचारियों के हित में ठोस फैसला लिया जा सकता है।

इन कर्मचारियों को मिलेगा लाभ

यदि बिजली कंपनी में ओपीएस लागू होती है तो इसका लाभ अप्रैल 2004 और इसके बाद नियुक्त हुए लगभग 1 हजार अधिकारी एवं कर्मचारियों को मिलेगा। वर्तमान में केवल अप्रैल 2004 से पूर्व नियुक्त कर्मचारी ही ओल्ड पेंशन स्कीम के दायरे में हैं, जबकि बाद में नियुक्त कर्मचारियों को न्यू पेंशन स्कीम के अंतर्गत रखा गया है। बिजली कंपनी में ओपीएस लागू करने की मांग को लेकर कर्मचारी संगठनों की ओर से समय-समय पर आंदोलन किए जाते रहे हैं।

बैठक में हुई चर्चा

कुछ माह पहले ही छत्तीसगढ़ बिजली उत्पादन कर्मचारी संघ महासंघ के नेतृत्व में चरणबद्ध आंदोलन किया गया, जिसके बाद प्रबंधन ने आमंत्रित किया। इस मुद्दे पर हाल ही में हुई बैठक में विस्तार से चर्चा हुई और संगठन को जल्द सकारात्मक निर्णय का भरोसा दिलाया गया।

12 हजार से अधिक अधिकारी, कर्मचारी कार्यरत

कर्मचारियों का कहना है कि शासकीय कर्मचारियों की तरह बिजली कंपनी के कर्मचारियों को भी ओल्ड पेंशन स्कीम का लाभ मिलना कंपनी के तीनों कंपनियों में 12 हजार चाहिए। छत्तीसगढ़ राज्य बिजली से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं। छत्तीसगढ़ राज्य बिजली कंपनी के अंतर्गत उत्पादन, वितरण और पारेषण कंपनियों में वर्तमान में 12 हजार से अधिक अधिकारी और कर्मचारी कार्यरत हैं। इनमें से लगभग 3 हजार कर्मचारी ऐसे हैं, जिनकी नियुक्ति अप्रैल ओपीएस के दायरे में आते हैं। वहीं 2004 से पहले हुई थी और वे अप्रैल 2004 के बाद बाद नियुक्त लगभग 9 हजार अधिकारी-कर्मचारी अभी भी न्यू पेंशन स्कीम के अंतर्गत है।

प्रबंधन से वार्ता हुई है, ठोस आश्वासन से कर्मचारियों की बढ़ी उम्मीदः बरेठ

छत्तीसगढ़ राज्य बिजली कर्मचारी संघ-महासंघ के महामंत्री नवरतन बरेठ ने कहा कि ओल्ड पेंशन स्कीम बिजली कर्मचारियों की पुरानी और जायज मांग है। संगठन के साथ हाल ही में हुई बैठक में प्रबंधन ने इस विषय पर ठोत्त और सकारात्मक निर्णय लेने का आश्वासन दिया है। इसका ड्रापट तैयार है और उच्च स्तर से मंजूरी के बाद इस मुद्दे पर निर्णय संभावना है।

शासकीय कर्मचारियों की तरह बिजली कंपनी के कर्मचारियों को भी मिले ओपीएस का लाभ

छत्तीसगढ़ शासन ने अप्रैल 2022 में शासकीय कर्मचारियों के लिए ओल्ड पेंशन स्कीम लागू की थी। कर्मचारियों को एनपीएस और ओपीएस में से किसी एक को चुनने का विकल्प दिया गया था, जिसमें लगभग 84 प्रतिशत कर्मचारियों ने ओपीएस का चयन किया। इसी आधार पर बिजली कंपनी के कर्मचारी भी ओपीएस लागू करने की मांग कर रहे हैं। महासंघ ने कहा है कि बिजली कर्मचारियों को भी जल्द ही ओल्ड पेंशन स्कीम का लाभमिलना चाहिए।

CG: राशन कार्ड धारकों के लिए खुशखबरी, 82 लाख परिवारों को एक साथ मिलेगा 2 महीने का राशन…

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प्रदेश के लगभग 82 लाख परिवारों को फरवरी 2026 में ही दो महीने (फरवरी और मार्च) का चावल एकमुश्त प्रदान किया जाएगा।

छत्तीसगढ़ की विष्णु देव साय सरकार ने राज्य के राशन कार्ड धारकों के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत प्रदेश के लगभग 82 लाख परिवारों को फरवरी 2026 में ही दो महीने (फरवरी और मार्च) का चावल एकमुश्त प्रदान किया जाएगा। खाद्य विभाग द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, इस कदम का उद्देश्य वितरण प्रणाली को सुचारू बनाना और कार्ड धारकों को अग्रिम राहत पहुँचाना है।

सरकार ने सभी जिला कलेक्टरों और राज्य नागरिक आपूर्ति निगम को समय पर भंडारण सुनिश्चित करने के निर्देश दे दिए हैं।इस विशेष वितरण योजना (CG News) के तहत राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के अंतर्गत आने वाले अंत्योदय और प्राथमिकता राशन कार्ड धारकों को उनकी निर्धारित पात्रता के अनुसार फोर्टिफाइड चावल (पोषण युक्त चावल) दिया जाएगा। वहीं, राज्य योजना के सामान्य एपीएल कार्ड धारकों को उनकी मासिक पात्रता के अनुसार चावल का वितरण होगा।

चावल के अतिरिक्त, फरवरी माह के लिए नमक, शक्कर और गुड़ का आबंटन भी जारी किया गया है, ताकि उपभोक्ताओं को सभी आवश्यक सामग्री एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकें।राशन वितरण की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए सरकार ने ई-पास (e-PoS) मशीन के माध्यम से बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण को अनिवार्य रखा है। चूंकि इस बार दो महीने का राशन एक साथ दिया जा रहा है, इसलिए हितग्राहियों को मशीन पर दो बार (पृथक-पृथक) अंगूठा लगाकर प्रमाणीकरण करना होगा।

एईपीडीएस (AePDS) सॉफ्टवेयर में इसके लिए आवश्यक तकनीकी बदलाव किए गए हैं। दुकानदारों को भी निर्देशित किया गया है कि वे उपभोक्ताओं को इस प्रक्रिया के बारे में पहले से जानकारी दें ताकि दुकानों पर अनावश्यक भीड़ न लगे।भंडारण और निगरानी के कड़े निर्देशसरकार ने स्पष्ट किया है कि दो महीने का राशन एकमुश्त (CG News) देने के कारण उचित मूल्य की दुकानों में पर्याप्त स्टॉक होना अनिवार्य है।

खाद्य विभाग के नियंत्रकों ने पुष्टि की है कि गोदामों से चावल का उठाव तेजी से किया जा रहा है और वितरण की निगरानी के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। हालांकि, मिलिंग की धीमी गति के कारण कुछ क्षेत्रों में स्टॉक की चुनौतियों की चर्चा थी, लेकिन विभाग ने दावा किया है कि वितरण में कोई बाधा नहीं आएगी और प्रत्येक पात्र परिवार को उनका हक समय पर मिलेगा।

CG: ठंड की विदाई! शुरू हो गया गर्मी का दौर, जानें कैसा रहेगा आपके प्रदेश का मौसम…

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छत्तीसगढ़ में गर्मी का दौर शुरू हो गया है। सुबह शाम हल्की ठंड का असर दिखाई दे रहा है। मौसम विभाग ने कोई अलर्ट जारी नहीं किया है।

छत्तीसगढ़ से धीरे-धीरे ठंड गायब होने लगी है। राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में अब ठंड का असर खत्म हो गया है। पूरे प्रदेश में ठंड का असर कम होने लगा है। ज्यादातर शहरों में दिन में गर्मी और सुबह-शाम हल्की ठंड का असर दिखाई दे रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले समय में तापमान में वृद्धि होगी जिस कारण से गर्मी बढ़ेगी।

कैसा रहेगा मौसम

मौसम विभाग के अनुसार, सोमवार को छत्तीसगढ़ का मौसम ड्राई रहने की संभावना है। प्रदेश के किसी भी हिस्से में कोहरा, शीतलहर और कड़ाके की ठंड का असर देखने को नहीं मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार, सुबह से तेज धूप के कारण गर्मी का एहसाह होगा। ग्रामीण इलाकों में सुबह-शाम हल्की ठंडक का एहसास होगा।

मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 4-5 दिनों के भीतर राज्य के औसतन तापमान में 1 से 2 डिग्री की वृ्द्धि दर्ज होगी। वहीं अब मौसम साफ बना रहेगा। मौसम में कोई विशेष बदलाव की संभावना नहीं है। अगले 7 दिन यही ट्रेंड जारी रहने का अनुमान है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश का सबसे ज्यादा अधिकतम तापमान 32.9 डिग्री सेल्सियम रायपुर और सबसे कम न्यूनतम तापमान 9. 9 डिग्री सेल्सियम तापमान अंबिकापुर में दर्ज किया गया है।

बारिश की कितनी संभावना

मौसम विभाग के अनुसार, सोमवार को राज्य के किसी भी जिले में बारिश की संभावना नहीं है। रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, जगदलपुर, अंबिकापुर और पेंड्रा में दिन का तापमान सामान्य से करीब 2-3 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हो सकती है। जिससे दिन में गर्मी बढ़ गई है। फिलहाल, कोई सिनॉप्टिक सिस्टम एक्टिव नहीं है। जिससे राज्य के मौसम में कोई बदलाव हो।

सुबह रह सकती है धुंध

मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले कुछ दिनों तक प्रदेश के कुछ इलाकों में हल्की धुंध छाए रहने की संभावना है। हालांकि धूप खिलने के बाद धुंध का असर खत्म हो जाएगा।

CG: समाज के संगठित और जागरूक होने से विकास को मिलती है मजबूती : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय…

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अन्नदाता भाइयोंबहनों की समृद्धि ही सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : मुख्यमंत्री

कोसमनारा में सामुदायिक भवन विस्तार हेतु 50 लाख रुपये की घोषणा

महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर कोसमनारा धाम में आयोजित स्थापना दिवस एवं शपथ ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि समाज जब संगठित और जागरूक होता है, तब विकास को वास्तविक मजबूती मिलती है। साहू समाज की एकजुटता, शिक्षा और समर्पण प्रदेश के सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में समाज की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले 25 लाख से अधिक किसानों को ₹3100 प्रति क्विंटल की दर से अंतर राशि होली से पूर्व एकमुश्त प्रदान की जाएगी। लगभग ₹10,000 करोड़ की राशि सीधे किसानों के खातों में अंतरित की जाएगी। उन्होंने कहा कि अन्नदाता भाइयों-बहनों की समृद्धि ही सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और सरकार किसानों के परिश्रम का सम्मान सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

इससे पूर्व मुख्यमंत्री श्री साय ने कोसमनारा स्थित श्री श्री 108 सत्यनारायण बाबा जी एवं भक्त माता कर्मा-कृष्ण मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की तथा महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं दीं।

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि 16 फरवरी 1998 से पूज्य सत्यनारायण बाबा खुले आकाश के नीचे निरंतर तपस्या में लीन हैं। तीनों ऋतुओं में 28 वर्षों से अधिक समय तक साधना करना अत्यंत अद्वितीय और प्रेरणादायक है। यह धाम सामाजिक समरसता, आस्था और भाईचारे का सशक्त प्रतीक बन चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा जी के आशीर्वाद से उन्हें चार बार सांसद रहने का अवसर मिला और आज मुख्यमंत्री के रूप में सेवा का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। उन्होंने बाबा भोलेनाथ एवं बाबा सत्यनारायण से प्रदेशवासियों पर निरंतर कृपा बनाए रखने की कामना की।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कोसमनारा स्थित कर्मा साहू सामुदायिक भवन के ऊपर अतिरिक्त निर्माण के लिए ₹50 लाख की घोषणा की। साथ ही उन्होंने श्री रामलला दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से प्रदेशवासियों को अयोध्या सहित देश के प्रमुख तीर्थ स्थलों की यात्रा का अवसर मिल रहा है।

समारोह में समाज कल्याण में उत्कृष्ट योगदान के लिए त्रिभुवन साहू, भरत लाल साहू, कपिल नाथ, अरुणा साहू, मनोज साहू एवं वेदराम साहू को सम्मानित किया गया। कोरबा जिला साहू संघ की पत्रिका तथा बाबा सत्यनारायण चालीसा का विमोचन भी किया गया।

उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि साहू समाज की एकजुटता विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कोसमनारा धाम के विकास हेतु लगभग डेढ़ करोड़ रुपये के प्रस्तावित कार्यों की जानकारी दी। साहू समाज के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू ने बिलासपुर संभाग के सात जिलों के नव निर्वाचित जिला साहू संघ पदाधिकारियों को शपथ दिलाई।

कार्यक्रम में लोकसभा सांसद श्री राधेश्याम राठिया, कसडोल विधायक श्री संदीप साहू, जैजैपुर विधायक श्री बालेश्वर साहू, नगर निगम महापौर श्री जीवर्धन चौहान, पूर्व सांसद श्री लखनलाल साहू, तेलघानी बोर्ड अध्यक्ष श्री जितेंद्र साहू, श्री डिग्रीलाल साहू सहित बिलासपुर संभाग के सात जिलों के नव निर्वाचित पदाधिकारी, बाबा सत्यनारायण की माता हंसमती देवी, संभागायुक्त श्री सुनील जैन, आईजी श्री रामगोपाल गर्ग, कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह सहित अन्य अधिकारीगण स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।

CG: नगरीय निकायों में ऐतिहासिक जनादेश का एक वर्ष: सुशासन, पारदर्शिता और विकास पर जनता की मुहर — मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय…

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‘रायगढ़ में महापौर श्री जीवर्धन चौहान से भेंट के दौरान मुख्यमंत्री ने किया जनादेश का स्मरण’

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि पिछले वर्ष आज ही के दिन राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के सभी 10 नगर निगमों में प्राप्त ऐतिहासिक जनादेश जनता के अटूट विश्वास का प्रमाण है। यह परिणाम सुशासन, पारदर्शिता और विकास के प्रति जनता की स्पष्ट आस्था की अभिव्यक्ति है।

मुख्यमंत्री श्री साय आज रायगढ़ प्रवास के दौरान महापौर श्री जीवर्धन चौहान से भेंट कर एक वर्ष पूर्व इसी तिथि को मिले जनादेश को स्मरण कर रहे थे। उन्होंने कहा कि एक साधारण चाय विक्रेता से महापौर तक की श्री चौहान की यात्रा लोकतंत्र की वास्तविक शक्ति और जनता के आशीर्वाद का जीवंत उदाहरण है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारी सरकार नगरीय निकाय चुनावों में किए गए प्रत्येक वादे को पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ धरातल पर उतार रही है। स्वच्छता, पेयजल, सड़कों, स्ट्रीट लाइट तथा अन्य नागरिक सुविधाओं के विस्तार में निरंतर और ठोस प्रगति हो रही है।उन्होंने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में सुशासन की स्थापना, आधुनिक सुविधाओं का विस्तार तथा आम नागरिकों को सरल, सुलभ और पारदर्शी सेवाएँ उपलब्ध कराना हमारी प्राथमिकता है। राज्य सरकार ने शहरी विकास को जन-विश्वास और जन-भागीदारी से जोड़ते हुए योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष बल दिया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार में नगरीय विकास के क्षेत्र में आवास, स्वच्छता, जल आपूर्ति, सीवरेज, हरित सार्वजनिक परिवहन, डिजिटल सेवाओं तथा आधारभूत अधोसंरचना के विस्तार में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल हुई हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत बड़ी संख्या में आवास पूर्ण किए गए हैं और नए लक्ष्यों पर तेजी से कार्य जारी है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, गार्बेज फ्री सिटी रेटिंग तथा राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कारों के माध्यम से प्रदेश के नगरीय निकायों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। मिशन अमृत 2.0 के जरिए जल प्रदाय एवं सीवेज परियोजनाओं को नई गति मिली है। वहीं, पीएम ई-बस सेवा के माध्यम से शहरों में आधुनिक एवं पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा दिया गया है। 15वें वित्त आयोग तथा मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना के माध्यम से नगरीय अधोसंरचना को सुदृढ़ किया गया है।

उन्होंने कहा कि युवाओं के लिए नालंदा परिसर जैसे आधुनिक अध्ययन केंद्रों का विस्तार किया जा रहा है। साथ ही “मोर संगवारी सेवा” और विभिन्न ई-गवर्नेंस प्लेटफॉर्म के माध्यम से नागरिकों को घर बैठे सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। इन समन्वित प्रयासों से नगरीय क्षेत्रों में सुशासन, पारदर्शिता और जनसुविधाओं का दायरा निरंतर सशक्त हो रहा है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सभी महापौरों एवं नगरीय निकाय प्रतिनिधियों को बधाई देते हुए कहा कि जनता का विश्वास ही हमारी सबसे बड़ी पूंजी है। उन्होंने कहा कि विकास, विश्वास और जवाबदेही के इस संकल्प को हम और अधिक मजबूत करते हुए प्रदेश के शहरों को समृद्ध, आधुनिक और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सतत कार्य करते रहेंगे।

महाशिवरात्रि पर अवैध मांस विक्रय, निगम ने की कड़ी कार्रवाई

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राजनांदगांव। महाशिवरात्रि पर्व के मौके पर राज्य शासन के निर्देशों के तहत नगर निगम ने 15 फरवरी को अपने सीमाक्षेत्र में स्थित पशुवध गृह और मटन मार्केट को पूरी तरह से बंद रखने का आदेश जारी किया था। निगम ने मांस विक्रेताओं से अपील की थी कि वे इस दिन अपनी दुकानों को बंद रखें, लेकिन इसके बावजूद अवैध रूप से मांस विक्रय करने की घटनाएं सामने आईं।

निरीक्षण के दौरान कसाई पारा निवासी मुस्तकीम कुरैशी को कौरिनभाठा में ठेले पर मांस विक्रय करते हुए पाया गया। सूचना मिलने के बाद निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा मौके पर पहुंचे और ठेले को जब्त कर लिया। इसके बाद थाना में संबंधित मांस विक्रेता के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की गई।

निगम आयुक्त के आदेश पर मांस विक्रेता श्री मुस्तकीम कुरैशी का ठेला जब्त किया गया, वहीं बसंतपुर थाना द्वारा भारतीय दंड संहिता की धारा 170 के तहत कार्यवाही की गई। आयुक्त श्री विश्वकर्मा ने स्पष्ट किया कि शासन के निर्देशों के तहत महाशिवरात्रि के दिन मांस विक्रय पर प्रतिबंध था, और इस दिन विक्रय करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

सफाई कर्मियों की हड़ताल समाप्त, महापौर ने दो माह का वेतन देने का आश्वासन दिया

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राजनांदगांव। नगर निगम के सफाई कर्मचारियों द्वारा वेतन की मांग को लेकर दो दिन से चल रही हड़ताल आज महापौर श्री मधुसूदन यादव की पहल पर सौहार्दपूर्ण वातावरण में समाप्त हो गई। महापौर ने सफाई कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों और सफाई कर्मियों के साथ नगर निगम समागृह में बैठक की, जिसमें निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा, निगम अध्यक्ष श्री टोपेन्द्र सिंह पारस वर्मा, स्वास्थ्य विभाग के प्रभारी सदस्य श्री शैकी बग्गा, कनिष्ठ सभापति श्री संदीप बघेल, पूर्व पार्षद श्री शरद सिन्हा और सफाई कर्मचारी संघ के अध्यक्ष श्री गोलू नायक भी मौजूद थे।

बैठक के दौरान महापौर श्री यादव ने सफाई कर्मियों से उनकी वेतन संबंधी मांगों पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि निगम में फंड की कमी के कारण वेतन में देरी हो रही है। इसके साथ ही, एसआईआर में निगम के कर्मचारियों की ड्यूटी लगने के कारण वसूली प्रभावित हुई, और शासन से आने वाली राशि भी समायोजित हो गई, जिससे निगम को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ा।

महापौर ने कहा कि वर्तमान में राजस्व वसूली पर जोर दिया जा रहा है और बड़े बकायादारों पर शिकंजा भी कसने की कार्रवाई चल रही है। उन्होंने सफाई कर्मचारियों को आश्वासन दिया कि दिसंबर और जनवरी माह का वेतन नियमित और मस्टररोल कर्मचारियों को जल्द ही दिया जाएगा। फरवरी माह का वेतन मार्च के बीच (10 से 15 तारीख के बीच) भुगतान किया जाएगा।

महापौर ने यह भी कहा कि उनकी प्राथमिकता सफाई कर्मियों का वेतन देना है और किसी भी प्रकार की मांग पर आंदोलन करने की बजाय कर्मचारियों को चर्चा के लिए समय निकालने का आग्रह किया। इस चर्चा के बाद, दो माह के वेतन की सहमति के साथ हड़ताल को समाप्त कर दिया गया।

सीईओ जिला पंचायत ने पीएम आवास योजना के निर्माणाधीन आवासों का किया निरीक्षण

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राजनांदगांव। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम तेंदूनाला, आसरा और बोदेला में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत निर्माणाधीन आवासों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य को समय-सीमा में पूरा करने के लिए तेजी लाने के निर्देश दिए और अप्रारंभ आवासों के निर्माण को शीघ्र प्रारंभ करने के लिए हितग्राहियों को प्रेरित किया।

सीईओ जिला पंचायत ने ग्राम पंचायत के सचिव, रोजगार सहायक और आवास नोडल को अपूर्ण आवासों का निरीक्षण करने और निर्माण में आ रही समस्याओं का त्वरित समाधान करने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने अभिशरण के माध्यम से जारी किए जा रहे 90 मानव दिवस की स्थिति पर ग्राम पंचायत सचिव और रोजगार सहायक को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

सुश्री सुरूचि सिंह ने आवास निर्माण में रुचि नहीं लेने वाले और राशि का दुरुपयोग करने वाले हितग्राहियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके साथ ही, उन्होंने आवास निर्माण की निरंतर समीक्षा करने और लापरवाही करने वाले अधिकारियों तथा कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए प्रकरण प्रेषित करने की बात कही।

निरीक्षण के दौरान जनपद पंचायत डोंगरगांव की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती रोशनी भगत टोप्पो, जिला समन्वयक श्री प्रशांत साहू, विकासखंड समन्वयक तथा ग्राम पंचायत के सरपंच, सचिव, रोजगार सहायक और ग्रामीण उपस्थित रहे।