Home Blog Page 413

कलेक्टर ने जनदर्शन में संवेदनशीलतापूर्वक सुनी नागरिकों की समस्याएं, शीघ्र निराकरण के दिए निर्देश

0

राजनांदगांव। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक जनदर्शन में जिले के विभिन्न स्थानों से आए नागरिकों की शिकायतों और समस्याओं को संवेदनशीलतापूर्वक सुना।

कलेक्टर ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राप्त सभी आवेदनों का प्राथमिकता के साथ शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को कहा कि नागरिक उम्मीद लेकर जनदर्शन में आते हैं, इसलिए उनकी समस्याओं का त्वरित और संतोषजनक समाधान सुनिश्चित किया जाए।

जनदर्शन में प्रधानमंत्री आवास योजना, आधार कार्ड बनवाने, सीमांकन, अतिक्रमण हटाने, पट्टा, भू-अर्जन सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं से लाभ दिलाने संबंधी आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने सभी आवेदनों का नियमानुसार अवलोकन कर पात्र हितग्राहियों को शीघ्र लाभ दिलाने के निर्देश दिए।

इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, नगर निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

कलेक्टर ने अधिकारियों को पुनः निर्देश दिया कि जनदर्शन में प्राप्त प्रत्येक शिकायत का समाधान प्राथमिकता के साथ किया जाए, ताकि नागरिकों का विश्वास शासन और प्रशासन पर बना रहे।

धान खरीदी अभियान से किसानों में खुशी और उल्लास, अब तक 4810448.80 क्विंटल धान की खरीदी

0

राजनांदगांव। जिले में धान खरीदी अभियान के तहत किसानों में खुशी और उल्लास का माहौल है। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के दौरान धान खरीदी महाभियान में अब तक जिले में 91,735 पंजीकृत किसानों से 1,142 करोड़ 2 लाख 46 हजार रुपये मूल्य का 48,10,448.80 क्विंटल धान खरीदी जा चुकी है। इसके साथ ही, अब तक 15,06,050.40 क्विंटल धान का उठाव भी हो चुका है।

कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के मार्गदर्शन में धान खरीदी के लिए शानदार व्यवस्थाएं की गई हैं। धान खरीदी प्रक्रिया के लिए इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन, पेयजल, छांव, बायोमैट्रिक डिवाईस मशीन, श्रमिक और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की उचित व्यवस्था की गई है। इसके अलावा, किसानों के धान की गुणवत्ता का परीक्षण आर्द्रता मापी यंत्र से किया जा रहा है।

कलेक्टर ने धान खरीदी केन्द्रों की सतत निगरानी रखने और कोचियों एवं बिचौलियों से अवैध धान की खरीदी पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जिले के सभी 96 धान खरीदी केन्द्रों में धान खरीदी की दर एवं सूची व फ्लैक्स लगाए गए हैं, ताकि किसानों को कोई भ्रम न हो।

किसान अब “टोकन तुंहर हाथ” मोबाईल एप के माध्यम से आसानी से अपना टोकन प्राप्त कर रहे हैं, जिससे उन्हें समय की बचत हो रही है और पूरे प्रक्रिया में आसानी मिल रही है।

कलेक्टर श्री यादव ने इस मौके पर कहा कि धान खरीदी अभियान की सफलता और किसानों की संतुष्टि सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन पूरी तरह से प्रतिबद्ध है और आगे भी इस दिशा में निरंतर प्रयास जारी रहेंगे।

कलेक्टर ने शासकीय एवं निजी संस्थाओं में आंतरिक शिकायत समिति गठन के निर्देश दिए

0

राजनांदगांव। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव की अध्यक्षता में आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीडऩ निवारण अधिनियम 2013 के तहत जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कलेक्टर ने सभी शासकीय एवं निजी संस्थाओं में आंतरिक शिकायत समिति के गठन और सी-बॉक्स पोर्टल में जानकारी अपलोड करने के निर्देश दिए।

कलेक्टर श्री यादव ने कहा कि यौन उत्पीडऩ निवारण अधिनियम 2013 के तहत यह अनिवार्य है कि सभी शासकीय एवं निजी संस्थाओं में जहां कर्मचारियों की संख्या 10 या उससे अधिक हो, वहां आंतरिक शिकायत समिति का गठन किया जाए। इसके अलावा, इस समिति से संबंधित सभी जानकारी सी-बॉक्स पोर्टल में अपलोड करना भी अनिवार्य होगा।

कार्यशाला में जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास, श्रीमती गुरूप्रीत कौर ने बताया कि यदि कोई संस्थान इस कानून का पालन नहीं करता है, तो उसे 50 हजार रुपये का जुर्माना भुगतना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने ऑनलाइन शी-बॉक्स पोर्टल की सुविधा प्रदान की है, जिसमें हर संस्थान को अपनी आंतरिक शिकायत समिति का विवरण अपलोड करना होगा।

इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, और नगर निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

कलेक्टर श्री यादव ने सभी शासकीय एवं निजी संस्थाओं को इस दिशा में त्वरित कार्यवाही करने की अपील की ताकि कार्यस्थल पर महिलाओं को सुरक्षा और सम्मान मिल सके।

जिले की सभी 1775 उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की निःशुल्क सोनोग्राफी पूरी

0

राजनांदगांव। जिले में मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर में कमी लाने के लिए कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य, दवाई और उपचार पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसी पहल के तहत जिले की सभी 1775 उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की निःशुल्क सोनोग्राफी पूरी कर ली गई है। जिले में इस तरह उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की शत-प्रतिशत सोनोग्राफी सुनिश्चित की गई है।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने बताया कि उच्च जोखिम वाली सभी गर्भवती महिलाओं की सूची तैयार कर साप्ताहिक दूरभाष के माध्यम से स्वास्थ्य संबंधी जानकारी और आवश्यक सलाह दी जा रही है। प्रसव के 15 दिन पूर्व मितानिनों द्वारा उनके घरों का दैनिक भ्रमण किया जा रहा है।

विकासखंड स्तर पर खंड चिकित्सा अधिकारी और ब्लॉक प्रोग्राम यूनिट द्वारा इस कार्यक्रम की सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं को सोनोग्राफी सेंटर लाने के लिए निःशुल्क एम्बूलेंस सेवा भी उपलब्ध कराई गई है।

डॉ. नवरतन ने बताया कि आगामी पंजीकृत गर्भवती महिलाओं के लिए भी सभी स्वास्थ्य जांच और सोनोग्राफी निःशुल्क की जाएगी, ताकि जिले में मातृ और शिशु स्वास्थ्य में सुधार सुनिश्चित किया जा सके।

कलेक्टर ने जनसामान्य के साथ संवेदनशील व्यवहार और समस्याओं के त्वरित निराकरण के दिए निर्देश

0

राजनांदगांव। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने जनसामान्य के साथ अच्छे व्यवहार और उनकी समस्याओं के संवेदनशीलतापूर्वक निराकरण को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को किसानों और आम नागरिकों से सहयोगपूर्ण और शालीनता से पेश आना चाहिए।

कलेक्टर ने प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के क्रियान्वयन की समीक्षा की और इसे तेजी से लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में सूर्यसभा का आयोजन कर लोगों को योजना के लाभ के बारे में जागरूक किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को अच्छे वेंडर्स के चयन का भी निर्देश दिया ताकि हितग्राहियों को जल्दी सोलर पैनल इंस्टॉल कर लाभ मिल सके।

हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य सुविधा पर विशेष ध्यान
कलेक्टर ने हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की स्क्रीनिंग और नि:शुल्क सोनोग्राफी के कार्य को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। इसके लिए इंडियन मेडिकल एसोसिएशन, सीएसआर और जीवनदीप समिति का सहयोग लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के स्वास्थ्य की जानकारी मोबाइल के माध्यम से रोजाना मॉनिटर की जाए और दवाइयों एवं स्वास्थ्य सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जाए।

शासकीय भूमि पर अतिक्रमण पर कड़ी कार्रवाई
कलेक्टर ने शासकीय भूमि पर अतिक्रमण की शिकायतों को शीघ्र निपटाने के निर्देश दिए। इसके अलावा, आपदा मुआवजा प्रकरणों में विलंब पर उन्होंने गहरी नाराजगी जताई और तहसीलदारों को समय-सीमा में इसका निपटान कर हितग्राहियों को लाभान्वित करने को कहा।

निजी अस्पतालों में निगरानी और कड़ी कार्रवाई
कलेक्टर ने निजी अस्पतालों के लगातार निरीक्षण का निर्देश दिया और कहा कि किसी भी लापरवाही या नियम उल्लंघन पर संबंधित चिकित्सालयों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

अन्य तैयारियां और सुरक्षा उपाय
26 जनवरी को होने वाले गणतंत्र दिवस मुख्य समारोह के लिए कलेक्टर ने सभी विभागों को झांकी सहित तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्युत विभाग को ग्रीष्मकाल में आग लगने की संभावनाओं के मद्देनजर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने और नगरीय क्षेत्रों में व्यवसायिक संस्थाओं को सुरक्षा के लिए सतर्क करने को कहा।

इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत, सुश्री सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, नगर निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। सभी एसडीएम और तहसीलदार वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े।

कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि सभी योजनाओं और मामलों का त्वरित और पारदर्शी क्रियान्वयन जनसामान्य के विश्वास को मजबूत करेगा।

सड़क सुरक्षा माह में लर्निंग लाइसेंस शिविर का आयोजन, 87 लोगों को मिला लाइसेंस

0

राजनांदगांव। सड़क सुरक्षा माह के तहत पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन में और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री पुष्पेन्द्र नायक के मार्गदर्शन में राजनांदगांव में लर्निंग लाइसेंस शिविर का आयोजन किया गया। परिवहन और यातायात विभाग द्वारा संयुक्त रूप से 11, 12 और 13 जनवरी 2026 को तीन दिवसीय लर्निंग लाइसेंस शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें कुल 87 लोगों को लर्निंग लाइसेंस का प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।

शिविर में भाग लेने वालों को यह जानकारी दी गई कि वे एक माह बाद और छह माह के भीतर राजनांदगांव परिवहन विभाग जाकर अपने लर्निंग लाइसेंस को स्थायी लाइसेंस में परिवर्तित करा सकते हैं। यह शिविर सड़क सुरक्षा जागरूकता को बढ़ाने के लिए आयोजित किया गया था, ताकि युवा वाहन चालकों को नियमों के प्रति सजग किया जा सके और सड़क सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

साथ ही, सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत अंजोरा बायपास से भानपुरी तक राष्ट्रीय राजमार्ग पर सड़क किनारे खड़ी भारी वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई। पुलिस ने वाहन चालकों को यह समझाइश दी कि वे अपने वाहनों को सड़क से कम से कम 15 से 20 फीट अंदर सुरक्षित स्थानों पर खड़ा करें। इसके अलावा, सड़कों के किनारे स्थित होटल और ढाबा संचालकों को भी निर्देश दिए गए कि वे अपने संस्थानों के सामने वाहनों को खड़ा न होने दें।

यदि किसी कारणवश वाहनों को सड़क किनारे खड़ा करना जरूरी हो, तो उन्हें पार्किंग लाइट जलाने की अनिवार्यता का पालन करना होगा, ताकि आगे-पीछे से आने वाले वाहन चालकों को संकेत मिल सके और दुर्घटनाओं की संभावना कम हो सके।

राजनांदगांव यातायात पुलिस की अपील
राजनांदगांव यातायात पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे अपने और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए दुपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट जरूर पहनें, तीन सवारी न चलें, वाहन चलाते वक्त मोबाइल का इस्तेमाल न करें, तेज गति से वाहन न चलाएं और चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट का उपयोग करें। इसके अलावा, नशे की हालत में वाहन न चलाने और नियंत्रित गति में वाहन चलाने की भी सलाह दी गई है।

यातायात पुलिस ने यह भी बताया कि सभी वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करना चाहिए और आगामी यातायात जागरूकता अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेना चाहिए।

गलत जानकारी देकर जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के मामले में 3 गिरफ्तार, अस्पताल स्टाफ भी संलिप्त

0

राजनांदगांव। नगर निगम से जन्म प्रमाण पत्र बनाने के लिए गलत जानकारी देकर अवैध रूप से दत्तक ग्रहण किए गए बच्चे के मामले में तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों में कुमुद मेमोरियल हॉस्पिटल के दो महिला स्टाफ और एक पुरुष स्टाफ शामिल हैं, जिन्हें अब न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।

यह मामला पूर्व में सामने आया था जब एक दंपति ने नाबालिक से जन्मे बच्चे को अवैध रूप से दत्तक ग्रहण किया और अस्पताल स्टाफ की मदद से गलत जानकारी देकर नगर निगम से जन्म प्रमाण पत्र प्राप्त किया। इस मामले में आरोपी दंपति और विधि से संघर्षरत बालक को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। अब, इस मामले में जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर अस्पताल के तीन अन्य स्टाफ को गिरफ्तार किया गया है।

पुलिस ने बताया कि अस्पताल के स्टाफ ने जानबूझकर गलत जानकारी नगर निगम को प्रेषित की, जबकि उन्हें पता था कि यह बच्चा आरोपी दंपति का नहीं है और न ही उसकी डिलीवरी अस्पताल में हुई थी। आरोपी डॉ. विजय राज नागवंशी, जो कृष्ण हॉस्पिटल और कुमुद मेमोरियल हॉस्पिटल में RMO के रूप में कार्यरत था, के कहने पर दीपिका यादव, सैमुअल धोके और गेशु देवांगन ने जन्म प्रमाण पत्र बनाने में सहयोग किया।

पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपने जुर्म को स्वीकार किया, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। पुलिस ने इस मामले की जांच तेज कर दी है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस अधीक्षक ने डोंगरगढ़ थाना का किया आकस्मिक निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था पर दिया जोर

0

राजनांदगांव। पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा ने आज डोंगरगढ़ थाना का आकस्मिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थाना परिसर, कार्यालय व्यवस्था, मालखाना, हवालात, अभिलेख संधारण, सीसीटीएनएस, लंबित प्रकरणों की स्थिति, शिकायत पंजी और साफ-सफाई व्यवस्था का गहन अवलोकन किया।

निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने अपराध नियंत्रण की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा की और विवेचनाओं की गुणवत्ता, चालान प्रस्तुतिकरण की गति, महिला और बाल अपराधों के मामलों में संवेदनशीलता बनाए रखने, तथा साइबर अपराधों के त्वरित समाधान पर विशेष बल दिया। उन्होंने लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन के निर्देश दिए, ताकि न्याय की प्रक्रिया में तेजी लाई जा सके।

पुलिस अधीक्षक ने थाना स्टाफ से संवाद किया और उनकी समस्याओं को सुना। इसके साथ ही अच्छा कार्य करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को पुरस्कार देने का आदेश दिया। उन्होंने शराब की तस्करी पर लगातार कार्रवाई करने वाले पुलिसकर्मियों को इनाम और शाबाशी दी। साथ ही, स्टाफ को अनुशासन, समयबद्ध कार्यप्रणाली और जनता के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार बनाए रखने की सलाह दी।

सुश्री शर्मा ने कहा कि जन-सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और जनता का विश्वास पुलिस के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने थाना प्रभारी को कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

इस अवसर पर एसडीओपी डोंगरगढ़ श्री आशीष कुंजाम, थाना प्रभारी निरीक्षक संतोष जायसवाल और थाना स्टाफ उपस्थित थे।

विद्युत विकास ने राजनांदगांव जिले में नया कीर्तिमान रचा, उपभोक्ताओं में 145% वृद्धि

0

राजनांदगांव। राजनांदगांव जिले में छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी (CSPDCL) द्वारा किए गए अभूतपूर्व विद्युत अधोसंरचना विकास से न केवल उपभोक्ताओं की संख्या में शानदार वृद्धि हुई है, बल्कि जिले में कृषि, उद्योग और घरेलू क्षेत्रों में भी महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिले हैं।

विगत 25 वर्षों में जिले में विद्युत उपभोक्ताओं की संख्या में 145 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। जहां 1998 में जिले में कुल 1,18,027 उपभोक्ता थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 2,51,353 हो गई है। विद्युत कनेक्शन भी 1,25,373 से बढ़कर 3,03,942 हो गए हैं, जिनमें विशेष रूप से कृषक उपभोक्ताओं की संख्या में 8 गुना वृद्धि हुई है। पहले जहां कृषक उपभोक्ता 7,308 थे, अब उनकी संख्या 52,336 हो गई है।

अधोसंरचना में अभूतपूर्व विस्तार
राजनांदगांव जिले में विद्युत आपूर्ति की निरंतरता और विश्वसनीयता को सुनिश्चित करने के लिए CSPDCL ने अधोसंरचना में भी कई गुना विस्तार किया है। पिछले 25 वर्षों में 132/33 के.वी. उपकेंद्रों की संख्या 1 से बढ़कर 4 हो गई है, जिनकी कुल क्षमता 40 एम.वी.ए. से बढ़कर 263 एम.वी.ए. हो चुकी है। इसके साथ ही 33/11 के.वी. उपकेंद्रों की संख्या 14 से बढ़कर 49 हो गई है। पॉवर ट्रांसफार्मरों की संख्या 20 से बढ़कर 115 हो गई, जबकि वितरण ट्रांसफार्मरों की संख्या 1,202 से बढ़कर 9,185 तक पहुंच गई है। उच्चदाब लाइनों की लंबाई 2020.03 किलोमीटर से बढ़कर 4822.74 किलोमीटर और निम्नदाब लाइनों की लंबाई 3461.94 किलोमीटर से बढ़कर 9699.22 किलोमीटर हो गई है।

गांव-गांव तक पहुंची बिजली, विद्युतीकरण शत-प्रतिशत
सीएसपीडीसीएल ने जिले के हर गांव तक बिजली पहुंचाने के लिए 3 जोन और 22 वितरण केंद्रों का निर्माण किया है, जिससे अब जिले के सभी गांवों का विद्युतीकरण शत-प्रतिशत पूरा हो चुका है। इसके परिणामस्वरूप 3,03,942 उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति मिल रही है, जिससे न केवल कृषि कार्यों में वृद्धि हुई है, बल्कि ग्रामीण जीवन में भी गुणवत्ता सुधार आया है।

स्मार्ट मीटरों से सुविधाओं में सुधार
राजनांदगांव जिले में उपभोक्ताओं को बेहतर सेवा देने के उद्देश्य से अब तक 2,37,430 स्मार्ट मीटर भी स्थापित किए जा चुके हैं। इससे उपभोक्ताओं को बिलिंग में पारदर्शिता, सटीकता और बिजली उपयोग के बारे में समय-समय पर जानकारी मिल रही है।

कृषि क्षेत्र को भी लाभ
जिले में सिंचाई पंपों की संख्या 8 गुना बढ़ी है, जिससे किसानों को सिचाई के लिए निर्बाध विद्युत आपूर्ति मिल रही है और कृषि उत्पादन में भी सुधार हुआ है।

जलापूर्ति में लापरवाही की हद पार, पेयजल में कीट-पतंग मिलने पर विशु अजमानी ने उठाए सवाल

0

राजनांदगांव। शहर की जलापूर्ति व्यवस्था एक बार फिर चर्चा का विषय बन गई है, और अब यह मुद्दा स्वास्थ्य से जुड़ा हुआ है। पीने के पानी में कीट-पतंग मिलने की घटनाओं के बाद प्रदेश कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के सचिव, विशु अजमानी ने निगम प्रशासन और ठेकेदार कंपनी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने इस लापरवाही को आम जनता की सेहत से खिलवाड़ करार देते हुए प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
विशु अजमानी ने कहा, यह लापरवाही का नतीजा है जिसकी कीमत अब जनता अपनी सेहत से चुका रही है। पहले रेत की सप्लाई को लेकर सवाल खड़े हुए थे और अब पानी में कीट-पतंग मिलना अत्यंत चिंताजनक है। हमने पहले ही चेतावनी दी थी कि जिस कंपनी को भगोड़ा करार देकर बाहर किया गया था, उसे पुनः काम सौंपना एक बड़ी भूल साबित होगी।
अजमानी ने आरोप लगाया कि पहले भी जिस कंपनी पर लापरवाही और अनियमितताओं के आरोप थे, उसे किसके संरक्षण में फिर से काम दिया गया, यह बड़ा सवाल है। अब उसी कंपनी की नाकामी के कारण जनता गंदा और असुरक्षित पानी पीने के लिए मजबूर है। उन्होंने यह भी कहा कि निगम प्रशासन अपनी नाकामी छिपाने के लिए दोषारोपण का सहारा ले रहा है, जबकि असल जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।
अजमानी ने चेतावनी दी कि यदि इस मामले में समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो जलजनित बीमारियों का खतरा और बढ़ सकता है। उन्होंने निगम प्रशासन से मांग की कि दोषी कंपनी के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाए और शहरवासियों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए ठोस व्यवस्था की जाए। साथ ही, कांग्रेस ने इस मामले में उच्चस्तरीय जांच की भी मांग की है।
कांग्रेस की मांग है कि दोषी कंपनी का ठेका तत्काल रद्द किया जाए और जलापूर्ति तंत्र की पूरी जांच कराई जाए। इसके साथ ही, जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय कर जनता को शुद्ध और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराया जाए।