भारत सरकार इस साल बहुप्रतीक्षित राष्ट्रीय जनगणना कराने जा रही है. 5 साल विलंब से हो रही इस जनगणना के 2 चरण होंगे. पहले चरण में लोगों के घर-घर जाकर 33 सवाल पूछे जाएंगे.
इसके जरिए घरों और परिवारों से जुड़ी अहम जानकारियां जुटाई जाएंगी.
बताते चलें कि राष्ट्रीय जनगणना हर 10 साल के अंतराल पर होती है. आखिरी बार यह गणना 2011 में हुई थी. इसके बाद 2021 में इसे करवाया जाना था. लेकिन दुनिया भर में कोरोना के प्रकोप की वजह से यह टल गई. बाद में अन्य कारणों की वजह से इसमें देरी होती चली गई. अब जाकर 2027 में यह जनगणना होने जा रही है.
इस साल अप्रैल में शुरू होगा पहला चरण
केंद्र सरकार के मुताबिक, यह जनगणना 2 चरणों में होगी. पहले चरण में हाउस लिस्टिंग और हाउसिंह सेंसस होगा. इसमें घर-घर जाकर लोगों से बेसिक जानकारी जुटाई जाएगी. यह चरण इस साल 1 अप्रैल 2026 से 30 सितंबर 2026 तक कराया जाएगा. देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश इस प्रक्रिया में शामिल होंगे.
केंद्र सरकार ने जनगणना 2027 के पहले चरण के लिए आधिकारिक प्रश्नावली जारी कर दी है. इस चरण में कुल 33 सवाल शामिल किए गए हैं. इन सवालों के जरिए लोगों का सामाजिक और आर्थिक ब्योरा इकट्ठा किया जाएगा. जिससे आर्थिक नीतियां बनाने में सरकार को अहम मदद मिलेगी.
भारत की जनगणना 2027 के प्रथम चरण – मकानसूचीकरण और मकानों की गणना हेतु…
जुटाई जाएगी इन बातों की जानकारी
सरकार की ओर से जारी बयान के मुताबिक, इस जनगणना के जरिए लोगों के घरों की स्थिति, स्वामित्व, सुविधाएं और रहन-सहन से जुड़ी कई अहम जानकारियां जुटाएगी. यह पता किया जाएगा कि घरों में खाना बनाने के लिए क्या इस्तेमाल किया जाता है. लोगों के पास पीने के लिए साफ पानी है या नहीं. उसके घरों में शौचालय की क्या स्थिति है. देश के कितने घरों में इंटरनेट की सुविधा है.
पहले चरण में पूछे जाने वाले 33 सवाल
- मकान नंबर (नगरपालिका/स्थानीय निकाय या जनगणना संख्या)
- घर के फर्श का मुख्य निर्माण पदार्थ
- घर की दीवारों में इस्तेमाल सामग्री
- छत किस सामग्री से बनी है
- घर का उपयोग किस लिए होता है
- मकान की स्थिति (अच्छी/खराब आदि)
- परिवार संख्या
- घर में रहने वाले कुल लोगों की संख्या
- परिवार के मुखिया का नाम
- परिवार के मुखिया का लिंग
- क्या मुखिया अनुसूचित जाति/जनजाति/अन्य वर्ग से है
- मकान का स्वामित्व (खुद का/किराए का)
- घर में रहने के लिए उपलब्ध कमरों की संख्या
- घर में रहने वाले विवाहित जोड़ों की संख्या
- पीने के पानी का मुख्य स्रोत
- क्या पीने का पानी घर में उपलब्ध है
- रोशनी का मुख्य स्रोत
- शौचालय की सुविधा है या नहीं
- शौचालय का प्रकार
- गंदे पानी की निकासी की व्यवस्था
- स्नानघर की सुविधा
- रसोई और LPG/PNG कनेक्शन की उपलब्धता
- खाना पकाने में इस्तेमाल होने वाला ईंधन
- रेडियो/ट्रांजिस्टर है या नहीं
- टेलीविजन है या नहीं
- इंटरनेट की सुविधा
- लैपटॉप या कंप्यूटर
- मोबाइल/टेलीफोन/स्मार्टफोन
- साइकिल/स्कूटर/मोटरसाइकिल
- कार/जीप/वैन
- घर में खाया जाने वाला मुख्य अनाज
- मोबाइल नंबर (केवल जनगणना से जुड़ी जानकारी के लिए)
- अगले साल शुरू होगा दूसरा चरण
जनगणना का दूसरा चरण फरवरी 2027 में शुरू होगा. इसमें मकानों के बजाय लोगों की गणना की जाएगी. इसीलिए इस चरण को जनसंख्या गणना कहा गया है. दूसरे चरण के लिए दूसरे चरण की प्रश्नावली बाद में जारी की जाएगी.



