Home Blog Page 221

“शहर हो या हाईवे, हर सफर होगा आसान!15 लाख के अंदर आती हैं ये बेहतरीन ऑटोमैटिक सेडान”

0

“शहर हो या हाईवे, हर सफर होगा आसान!

15 लाख के अंदर आती हैं ये बेहतरीन ऑटोमैटिक सेडान”

शहर हो या हाईवे, हर सफर होगा आसान!15 लाख के अंदर आती हैं ये बेहतरीन ऑटोमैटिक सेडान

हुंडई ऑरा (AMT) सेडान की शुरुआती कीमत 7.39 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है. इसमें 1.2 लीटर पेट्रोल इंजन के साथ स्मार्ट ऑटो AMT सिस्टम दिया गया है. ये इंजन 81 हॉर्सपावर की अधिकतम पावर और 113.8 एनएम का अधिकतम टॉर्क जनरेट करता है.

टाटा टिगोर (AMT) की शुरुआती कीमत 6.72 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है। इसमें 1.2 लीटर रेवोट्रॉन पेट्रोल इंजन लगा है. ये सेडान 84.82 हॉर्सपावर की अधिकतम पावर और 113 एनएम का पीक टॉर्क जनरेट करती है. इस मॉडल में पांच-स्पीड ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन का विकल्प मिलता है.

हुंडई वरना (iVT) की शुरुआती कीमत 14.40 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है. ये मॉडल 1.5 लीटर नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल और 1.5 लीटर टर्बो पेट्रोल इंजन ऑप्शन के साथ आता है. टर्बो पेट्रोल इंजन 157.57 हॉर्सपावर की अधिकतम पावर और 253 एनएम का पीक टॉर्क जनरेट करता है. नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन iVT गियरबॉक्स के साथ आता है, जबकि टर्बो पेट्रोल इंजन सात-स्पीड डीसीटी (DCT) ट्रांसमिशन से लैस है.

मारुति सुजुकी डिजायर के ऑटोमैटिक वेरिएंट की कीमत 7.62 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) से शुरू होती है. एएमटी वर्जन में 1.2 लीटर का पेट्रोल इंजन लगा है जो 80.46 हॉर्सपावर और 111.7 एनएम का टॉर्क जनरेट करता है. ये इंजन छह-स्पीड गियरबॉक्स से जुड़ा है और एएमटी मोड में 25.71 किमी प्रति लीटर का माइलेज देता है.

होंडा अमेज़ के ऑटोमैटिक वेरिएंट की शुरुआती कीमत 8.62 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है. इनमें 1.2 लीटर का वाटर-कूल्ड पेट्रोल इंजन दिया गया है जो 88.50 हॉर्सपावर और 110 एनएम का पीक टॉर्क जनरेट करता है. होंडा सेडान में सीवीटी ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन है और कंपनी का दावा है कि ये 19.46 किमी प्रति लीटर का माइलेज देती है.

PM Kisan 23rd Installment:  कब आएगी पीएम किसान की 23वीं किस्त? इन किसानों को नहीं मिलेंगे 2000 रुपये…

0

PM Kisan 23rd Installment: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थियों के लिए एक महत्वपूर्ण अपडेट सामने आ रहा है। देश के करोड़ों किसान, जिन्हें हाल ही में 22वीं किस्त का लाभ मिला है, अब अगली यानी 23वीं किस्त का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।

यह केंद्र सरकार की एक बेहद महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक संबल प्रदान करना है।

इस योजना के तहत पात्र किसानों को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है, जो 2,000 रुपये की तीन समान किस्तों में सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है। यदि आप भी अगली किस्त का लाभ उठाना चाहते हैं, तो समय रहते अपनी ई-केवाईसी और लैंड वेरिफिकेशन जैसी प्रक्रियाएं पूरी कर लें, ताकि भुगतान में कोई बाधा न आए।

PM Kisan: कब जारी होगी 23वीं किस्त?

पिछले रिकॉर्ड्स और मीडिया रिपोर्ट्स के विश्लेषण से यह संकेत मिल रहे हैं कि सरकार जुलाई 2026 के आसपास 23वीं किस्त जारी कर सकती है। हालांकि, केंद्र सरकार ने अभी तक किसी आधिकारिक तारीख की घोषणा नहीं की है, लेकिन योजना के नियमित अंतराल को देखते हुए यही समय संभावित माना जा रहा है।

PM Kisan Yojana: इन लोगों को नहीं मिलेगा योजना का लाभ

PM किसान योजना का लाभ केवल उन किसानों को मिलता है जिनके नाम पर कृषि भूमि है। निम्नलिखित श्रेणियों को इस योजना से बाहर रखा गया है:

सरकारी कर्मचारी: केंद्र या राज्य सरकार के अधीन कार्यरत लोग।

संवैधानिक पद: किसी संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति।

पेंशनभोगी: जिन्हें प्रति माह 10,000 रुपये से अधिक की पेंशन मिलती है।

इनकम टैक्स: आयकर का भुगतान करने वाले किसान।

PM Kisan Installment: किस्त पाने के लिए ये 4 काम हैं सबसे जरूरी

किस्त अटकने से बचाने के लिए लाभार्थियों को निम्नलिखित सुधार तुरंत कर लेने चाहिए:

ई-केवाईसी (e-KYC): सरकार ने इसे अनिवार्य कर दिया है। आप PM Kisan पोर्टल पर OTP के जरिए या नजदीकी CSC सेंटर पर बायोमेट्रिक से इसे पूरा कर सकते हैं।

लैंड वेरिफिकेशन: जमीन का रिकॉर्ड अपडेट होना अनिवार्य है। यदि यह अधूरा है, तो अपने पटवारी या राजस्व विभाग से संपर्क करें।

आधार सीडिंग: आपका बैंक खाता आधार से लिंक होना चाहिए।

DBT इनेबल: बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) की सुविधा सक्रिय होनी चाहिए।

PM Kisan Status: अपना स्टेटस कैसे चेक करें?

आप PM Kisan की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ‘Beneficiary Status’ लिंक पर । यहां अपना आधार नंबर या मोबाइल नंबर डालकर चेक करें कि आपका नाम सूची में है या नहीं और बैंक विवरण सही हैं या नहीं।

हेल्पलाइन नंबर:

किसी भी प्रकार की सहायता या शिकायत के लिए आप सरकार के टोल-फ्री नंबर 155261 पर कॉल कर सकते हैं।

LPG Cylinder: होटल और रेस्टोरेंट संचालकों की चांदी! बढ़ गया कमर्शियल गैस सप्लाई का कोटा, अब मिलेगा कितना फायदा?

0

LPG Cylinder:  मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक ऊर्जा संकट की आहट के बीच, केंद्र सरकार ने देश की अर्थव्यवस्था को गति देने और आवश्यक सेवाओं को सुचारू बनाए रखने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गैस की आपूर्ति में संभावित बाधाओं को देखते हुए, सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए कमर्शियल एलपीजी (LPG) के कोटे में भारी बढ़ोतरी का ऐलान किया है।

आगामी 23 मार्च 2026 से प्रभावी होने वाले इस निर्णय के तहत, कमर्शियल गैस का मौजूदा कोटा 30% से बढ़ाकर सीधे 50% कर दिया जाएगा। सरकार का यह रणनीतिक फैसला न केवल बढ़ती मांग को पूरा करेगा, बल्कि उद्योगों को ईंधन की कमी के कारण होने वाले नुकसान से भी बचाएगा।

इन सेक्टरों की चमकेगी किस्मत, प्राथमिकता सूची तैयार

सरकार ने स्पष्ट किया है कि बढ़ी हुई एलपीजी सप्लाई का लाभ चुनिंदा और प्राथमिकता वाले क्षेत्रों को सबसे पहले दिया जाएगा। इस फैसले से होटल, फूड इंडस्ट्री और मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स में छाई अनिश्चितता खत्म होगी। प्राथमिकता वाले मुख्य क्षेत्र इस प्रकार हैं:

फूड एंड हॉस्पिटैलिटी: रेस्टोरेंट, ढाबे और छोटे-बड़े होटल।

कैंटीन सेवा: औद्योगिक और सब्सिडी वाली कैंटीन।

प्रोसेसिंग यूनिट्स: फूड प्रोसेसिंग और डेयरी उद्योग।

सामाजिक सेवाएं: कम्युनिटी किचन, स्कूल और अस्पताल।

प्रवासी मजदूर: मजदूरों के लिए 5 किलो वाले छोटे सिलेंडरों की आसान रिफिल सुविधा।

LPG Crisis: एनर्जी संकट के बीच केंद्र का बड़ा कदम, राज्यों के लिए बढ़ाई 20% सप्लाई, इन सेक्टर को होगा फायदा

PNG कनेक्शन की अनिवार्य शर्त और रजिस्ट्रेशन

अतिरिक्त एलपीजी कोटा का लाभ उठाने के लिए सरकार ने उपभोक्ताओं के सामने एक महत्वपूर्ण शर्त रखी है। जो उपभोक्ता अधिक एलपीजी चाहते हैं, उन्हें अब पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन के लिए आवेदन करना अनिवार्य होगा।

उपभोक्ताओं को भारत पेट्रोलियम (BPCL) के पोर्टल पर अपना रजिस्ट्रेशन कराना होगा।

स्थानीय सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूटर के माध्यम से PNG कनेक्शन की प्रक्रिया शुरू करनी होगी।

LPG Cylinder: क्लीन एनर्जी और भविष्य की तैयारी

सरकार के इस दोहरे दृष्टिकोण का उद्देश्य एक तरफ तत्काल आपूर्ति सुनिश्चित करना है, तो दूसरी तरफ देश को स्वच्छ ऊर्जा यानी Clean Energy की ओर ले जाना है। PNG को बढ़ावा देने से न केवल आयात पर निर्भरता कम होगी, बल्कि भविष्य में होने वाली गैस किल्लत जैसी समस्याओं का भी स्थायी समाधान निकल सकेगा।

“KC Tyagi: बड़ा सियासी झटका! जेडीयू छोड़ RLD में पहुंचे केसी त्यागी, जयंत चौधरी के साथ शुरू की नई पारी”

0

KC Tyagi joins RLD: देश की राजनीति में एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। जनता दल यूनाइटेड के दिग्गज नेता केसी त्यागी ने अब राष्ट्रीय लोक दल (Rashtriya Lok Dal) का दामन थाम लिया है।

रविवार को उन्होंने RLD ज्वाइन की, जहां पार्टी अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी ने उनका स्वागत किया।

केसी त्यागी ने बीते 17 मार्च को ही जेडीयू से इस्तीफा देने का ऐलान किया था। उन्होंने पार्टी छोड़ने की वजह सार्वजनिक नहीं की, जिससे सियासी गलियारों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई थीं। केसी त्यागी जेडीयू के गठन के समय यानी 2003 से पार्टी के साथ जुड़े हुए थे। उन्होंने पार्टी में मुख्य महासचिव, प्रवक्ता और राजनीतिक सलाहकार जैसे अहम पदों पर काम किया।

RLD में एंट्री और पुराना कनेक्शन

आरएलडी में शामिल होते ही केसी त्यागी ने अपने पुराने राजनीतिक रिश्तों को याद किया। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह ने उन्हें बहुत कम उम्र में हापुड़ से चुनाव लड़ने का मौका दिया था और आर्थिक मदद भी की थी। केसी त्यागी ने साफ कहा कि वह अब सांसद या विधायक बनने की इच्छा से नहीं आए हैं, बल्कि जयंत चौधरी को उसी विरासत को आगे बढ़ाते हुए देखना चाहते हैं।

केसी त्यागी ने कहा कि 1974 में जब लोकदल का गठन हो रहा था, तब वह उस ऐतिहासिक मंच का हिस्सा थे। ऐसे में आरएलडी से उनका रिश्ता पुराना और भावनात्मक है। उन्होंने यह भी साफ किया कि उनकी यह नई पारी सत्ता की राजनीति से ज्यादा विचारधारा और पुराने संबंधों से जुड़ी है।

NDA में ही रहेंगे केसी त्यागी

हालांकि पार्टी बदलने के बावजूद केसी त्यागी पूरी तरह से एनडीए से बाहर नहीं हुए हैं। आरएलडी खुद राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) का हिस्सा है, ऐसे में उनका सियासी ठिकाना बदला है, लेकिन गठबंधन नहीं।

दिलचस्प बात यह है कि आरएलडी पहले से ही केसी त्यागी को अपने साथ जोड़ना चाहती थी। हाल ही में उनकी किताब के विमोचन कार्यक्रम में जयंत चौधरी मुख्य अतिथि थे। उस दौरान उन्होंने कहा था कि हर पार्टी को केसी त्यागी जैसे अनुभवी नेता की जरूरत होती है। केसी त्यागी का यह कदम सिर्फ पार्टी बदलने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उत्तर भारत की राजनीति में नए समीकरण भी बना सकता है।

Chaitra Navratri 2026: नवरात्रि के पांचवें दिन मां स्कंदमाता की कृपा से पूरी होंगी मनोकामनाएं, जानें पूजा विधि व शुभ मुहूर्त…

0

Navratri Day 5: चैत्र नवरात्रि का पांचवां दिन यानी 23 मार्च 2026 मां दुर्गा के पंचम स्वरूप मां स्कंदमाता को समर्पित है. भगवान कार्तिकेय (स्कंद) की माता होने के कारण इन्हें ‘स्कंदमाता’ कहा जाता है.

मां का यह स्वरूप ममता और स्नेह का प्रतीक है. इनकी गोद में कार्तिकेय जी बाल रूप में विराजमान हैं, जो यह दर्शाता है कि मां अपने भक्तों की रक्षा एक संतान की तरह करती हैं. यदि आपके परिवार के संचालन में परेशानियां आ रही हैं या संतान पक्ष से जुड़ी चिंताओं की आशंका बनी रहती है, तो मां स्कंदमाता की पूजा से सुख और शांति प्राप्त होती है. यह दिन बड़ी इच्छाएं पूरी करने और जीवन में सहजता लाने के लिए बहुत विशेष है.

मां स्कंदमाता की पूजा का शुभ समय

चैत्र नवरात्रि की पंचमी तिथि पर मां स्कंदमाता की आराधना के लिए सुबह का समय अत्यंत कल्याणकारी है. 23 मार्च 2026 को पूजा के लिए अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:03 से दोपहर 12:52 तक रहेगा. इस शुभ मुहूर्त में की गई प्रार्थना घर में बरकत और खुशहाली लेकर आती है. सही समय पर मां का ध्यान करने से बुद्धि और ज्ञान का विकास होता है और भविष्य की बाधाओं के दूर होने की संभावना बढ़ती है. इस पावन समय में की गई साधना न केवल मोक्ष का मार्ग प्रशस्त करती है, बल्कि परिवार में आपसी प्रेम और तालमेल का विस्तार भी करती है.

मां स्कंदमाता की सरल पूजन विधि

सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें, जिससे मन में शुद्धता और सहजता का अनुभव हो.

मां की प्रतिमा के सामने घी का दीपक जलाएं और भगवान का शुक्रिया अदा करें कि उन्होंने आपको जीवन में मां का प्रेम दिया है.

मां को पीले रंग के फूल और फल अर्पित करें, क्योंकि उन्हें पीला रंग बहुत ही प्रिय है.

भोग के रूप में मां को केले का अर्पण करें, जिससे घर में आरोग्य और सुख-समृद्धि बनी रहती है.

पूजन के दौरान मां के मंत्रों का जाप करें, जो आपके भीतर की नकारात्मक ऊर्जा को दूर कर जीवन का संचालन सुगम बनाता है.

अंत में मां की आरती करें और श्रद्धा के साथ अपनी भूल-चूक के लिए क्षमा मांगें, जिससे पिता की संपत्ति और मान में वृद्धि हो.

आरती का समय और भक्ति का महत्व

पूजा के समापन पर मां स्कंदमाता की आरती करना अनिवार्य है. सुबह की आरती मुख्य पूजन के बाद और संध्या आरती सूर्यास्त के समय करना सबसे उत्तम रहता है. आरती के समय पूरे परिवार का साथ होना आपसी तालमेल को बढ़ाता है. आरती के बाद अपनी बड़ी इच्छाएं मां के सामने रखें और उनसे जीवन की कठिनाइयों को दूर करने की प्रार्थना करें. सच्ची भक्ति और श्रद्धा के साथ की गई आरती भविष्य की बाधाओं को दूर करती है और व्यक्ति के भीतर नई सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है. इससे संपत्ति और सामाजिक मान-सम्मान में भी वृद्धि की संभावना प्रबल होती है.

Puducherry Election 2026: AIADMK ने उतारे उम्मीदवार, जानें संघ शासित प्रदेश में इस बार कैसे बन रहे समीकरण?

0

Puducherry Election 2026: पुड्डुचेरी में होने वाले विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इसी क्रम में एआईएडीएमके (AIADMK) ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। पार्टी ने उप्पलैन्पेट (15) सीट से पूर्व विधायक ए. अंबाझगन और उरुलायनपेट (16) सीट से ए. गांधी को मैदान में उतारा है। पार्टी इस बार अकेले ही मैदान में है और बिना गठबंधन के प्रदेश में अपने दम पर बेहतर प्रदर्शन की जिम्मेदारी है।

पुड्डुचेरी विधानसभा में कुल 30 सीटें हैं, जिनमें बहुमत के लिए 16 सीटों की जरूरत होती है। यहां की राजनीति पारंपरिक रूप से बहुकोणीय रही है, जहां राष्ट्रीय और क्षेत्रीय दलों के बीच सीधी टक्कर देखने को मिलती है। हालांकि, अब कांग्रेस की स्थिति पहले जितनी मजबूत नहीं रही है। पार्टी का संगठन भी काफी कमजोर हुआ है।

Puducherry Election 2026: NDA बनाम इंडिया अलायंस में जंग

इस बार मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाले NDA गठबंधन और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के बीच माना जा रहा है। AIADMK की एंट्री से चुनावी समीकरण और दिलचस्प हो गए हैं, क्योंकि यह पार्टी तमिलनाडु से सटे इस केंद्र शासित प्रदेश में प्रभाव रखने की कोशिश कर रही है। वर्तमान में पुड्डुचेरी के मुख्यमंत्री एन. रंगासामी हैं, जो AINRC के प्रमुख नेता हैं और NDA गठबंधन का हिस्सा हैं। उनके नेतृत्व में सरकार काम कर रही है और भाजपा के साथ मिलकर चुनाव मैदान में उतरने की संभावना है।

AIADMK के लिए पुराना जनाधार पाना मुश्किल

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस चुनाव में स्थानीय मुद्दे जैसे विकास, रोजगार, पर्यटन और बुनियादी ढांचा अहम भूमिका निभाएंगे। वहीं, केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं का असर भी मतदाताओं के फैसले को प्रभावित कर सकता है। AIADMK द्वारा उम्मीदवारों की घोषणा से यह साफ हो गया है कि पार्टी पुड्डुचेरी में अपनी पकड़ मजबूत करने के इरादे से चुनाव लड़ रही है। आने वाले दिनों में अन्य पार्टियां भी अपने उम्मीदवारों की सूची जारी करेंगी, जिससे चुनावी मुकाबला और रोचक हो जाएगा।

किसानों के लिए गुड न्यूज! ओलावृष्टि से हुए नुकसान की भरपाई करेगी सरकार, चेक करें कब तक आएगा पैसा?

0

उत्तर प्रदेश में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने राहत का बड़ा ऐलान किया है। सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि आपदा से हुए नुकसान का आकलन कर प्रभावितों को तत्काल सहायता पहुंचाई जाए।

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार प्राकृतिक आपदा के कारण किसानों को हुए फसल नुकसान को लेकर पूरी तरह सतर्क मोड में है।

किसानों के पास कब तक आएगा पैसा?

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाईलेवल मीटिंग के बाद अधिकारियों को सख्त आदेश दिए हैं कि बारिश और ओलावृष्टि से हुए नुकसान का मुआवजा 24 घंटे के भीतर सुनिश्चित किया जाए। इस बैठक में प्रमुख सचिव राजस्व और राहत आयुक्त भी मौजूद रहे, जिन्हें फील्ड पर उतरकर वास्तविक स्थिति का जायजा लेने को कहा गया है। आइए जानते हैं सरकार की इस योजना का लाभ किसानों को कैसे मिलेगा।

राहत कार्यों में लापरवाही पर गिरेगी गाज

मुख्यमंत्री ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि राहत कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे केवल कागजों पर नहीं, बल्कि जमीन पर उतरकर काम करें। ओलावृष्टि और तेज आंधी के कारण जहां भी जनहानि, पशुहानि या फसल का नुकसान हुआ है, वहां मुआवजे की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। जलभराव की स्थिति वाले इलाकों में तत्काल पानी निकासी के भी प्रबंध करने को कहा गया है।

एक हफ्ते में मिलेगी फसल क्षतिपूर्ति

पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के कारण मेरठ, आगरा, लखनऊ और प्रयागराज समेत कई जिलों में गेहूं और अन्य फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। इस आर्थिक संकट से उबारने के लिए सीएम ने निर्देश दिया है कि:

फसल के नुकसान का सटीक सर्वे किया जाए।

सर्वे रिपोर्ट के आधार पर एक सप्ताह के भीतर पीड़ितों के बैंक खातों में मुआवजा राशि भेज दी जाए।

घायलों और अन्य आपदा पीड़ितों को 24 घंटे के अंदर सहायता राशि प्रदान की जाए।

CG” कर्मचारी चयन मंडल कानून को लेकर कांग्रेस के आरोपों पर साय सरकार का पलटवार…

0

छत्तीसगढ़ में सरगुजा ओलिंपिक और छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल कानून को लेकर कांग्रेस के आरोपों पर सीएम विष्णुदेव साय ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने पिछले पांच वर्षों तक केवल भ्रष्टाचार किया, उन्हें वर्तमान सरकार को नसीहत देने का कोई अधिकार नहीं है।

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के आरोपों को पूरी तरह निराधार बताते हुए कहा कि उनकी सरकार सुशासन, पारदर्शिता और विकास के संकल्प के साथ कार्य कर रही है और प्रदेशवासियों का विश्वास ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है

सीएम साय ने कहा कि जिन लोगों ने 5 वर्षों तक केवल भ्रष्टाचार किया, वे हमें नसीहत देते हैं, यह शोभा नहीं देता। जिन्होंने जनता से मिले जनादेश के बाद भी अपने वादों को निभाया नहीं, प्रदेशवासियों को तो दूर, अपनों को भी न्याय नहीं दिला पाए उन्हें हमारा कोई भी काम अच्छा नहीं लगता। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में जनता से किए गए वादे पूरे नहीं हुए।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं के भविष्य को सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल कानून भर्ती प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित, पारदर्शी और समयबद्ध बनाएगा, जबकि सरगुजा ओलिंपिक जैसे आयोजन युवाओं को आगे बढ़ाने और खेल प्रतिभाओं को मंच देने का कार्य कर रहे हैं।

छत्तीसगढ़ में कहीं बारिश तो कहीं गर्मी की वापसी के संकेत, 5°C तक गिरा तापमान, जानें कैसा रहेगा मौसम…

0

छत्तीसगढ़ में हल्की से मध्यम बारिश के कारण तापमान सामान्य से 3-5°C कम रहा. दुर्ग में सबसे ज्यादा 36°C और पेण्ड्रा रोड में सबसे कम 15.2°C तापमान दर्ज हुआ. अगले 24 घंटों में तापमान में खास बदलाव नहीं, लेकिन बाद में 3-5°C बढ़ोतरी के संकेत हैं. कुछ स्थानों पर गरज-चमक और हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है.

छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज इन दिनों बदला हुआ नजर आ रहा है. प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है, जिससे तापमान में गिरावट देखने को मिली है. वर्तमान में अधिकतम तापमान सामान्य से 3 से 5 डिग्री सेल्सियस कम बना हुआ है. हालांकि मौसम विभाग के अनुसार यह राहत ज्यादा दिनों तक नहीं रहने वाली है, क्योंकि आने वाले दिनों में तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने के संकेत मिल रहे हैं. वहीं कुछ स्थानों पर गरज-चमक और वज्रपात की भी संभावना जताई गई है.

मौसम का वर्तमान हाल
प्रदेश में एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हुई है. इसका असर तापमान पर साफ दिखा, जहां अधिकतम तापमान सामान्य से 3-5°C कम दर्ज किया गया. प्रदेश में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 36.0°C दुर्ग में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 15.2°C पेण्ड्रा रोड में रिकॉर्ड हुआ.

कहांकहां हुई बारिश
बारिश के मुख्य आंकड़ों में नानगुर में 5 सेमी, बगीचा में 3 सेमी, मनोरा, सुकमा और तोकापाल में 2-2 सेमी वर्षा दर्ज की गई. इसके अलावा सूरजपुर, मुकडेगा, लोहंडीगुड़ा, बास्तानार और तमनार में 1-1 सेमी बारिश हुई.

मौसम प्रणाली (सिनोप्टिक सिस्टम)
एक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर हरियाणा से उत्तर प्रदेश और पूर्वी मध्यप्रदेश होते हुए उत्तर छत्तीसगढ़ तक सक्रिय है. यह द्रोणिका समुद्र तल से 3.1 से 12.6 किलोमीटर की ऊंचाई तक विस्तारित है, जिससे मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है.

आगे कैसा रहेगा मौसम
अगले 24 घंटों में तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद आगामी 5 दिनों में तापमान में 3-5°C तक बढ़ोतरी होने की संभावना है.

आज का पूर्वानुमान और चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार आज मौसम शुष्क रहेगा. किसी प्रकार की चेतावनी जारी नहीं की गई है और अगले दो दिनों के लिए भी कोई विशेष अलर्ट नहीं है.

रायपुर का मौसम अपडेट
राजधानी रायपुर में 22 मार्च को आकाश आंशिक मेघमय रहने की संभावना है. यहां अधिकतम तापमान 33°C और न्यूनतम तापमान 19°C के आसपास रह सकता है.

CG: मार्च से मई तक ट्रेनें रहेंगी प्रभावित, 14 ट्रेनें पूरी तरह रद्द की गईं, यात्रा से पहले स्टेटस जांचने की सलाह…

0

मार्च से मई तक रद्द रहेगी कई पैसेंजर गाड़िया’

मार्च से मई तक कई ट्रेनें रद्द, रायपुर मंडल में काम के चलते यात्रियों को परेशानी, यात्रा से पहले स्टेटस जरूर जांचें

आने वाले मार्च, अप्रैल और मई महीने रेल यात्रियों के लिए परेशानी भरे रहेंगे। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रायपुर मंडल में चल रहे अधोसंरचना विकास कार्यों के कारण कई ट्रेनों को रद्द और आंशिक रूप से प्रभावित करने का फैसला लिया गया है।

(Chhattisgarh Train Cancel Full List)

रेलवे के अनुसार, हथबंद-भाटापारा सेक्शन में रोड अंडरब्रिज निर्माण के अंतिम चरण में गर्डर डि-लॉन्चिंग का काम किया जाना है। इसके लिए ट्रैफिक और पावर ब्लॉक लिया जाएगा, जिसके चलते 22 और 23 मार्च को कई यात्री ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहेगा।

3 मई से 22 मई तक कुल 28 ट्रेनें प्रभावित रहेंगी।

इसके अलावा, गोंदिया स्टेशन पर वॉशेबल एप्रॉन को हटाकर बैलेस्टेड ट्रैक में बदला जाएगा। इस काम के कारण 4 अप्रैल से 26 अप्रैल तक कुल 21 ट्रेनें प्रभावित होंगी। इनमें 14 ट्रेनें पूरी तरह रद्द रहेंगी, जबकि 7 ट्रेनें अपने गंतव्य से पहले ही समाप्त कर दी जाएंगी। मई महीने में भी असर जारी रहेगा। 3 मई से 22 मई तक कुल 28 ट्रेनें प्रभावित रहेंगी। इनमें 10 ट्रेनें रद्द रहेंगी और 18 ट्रेनें बीच रास्ते में ही समाप्त होंगी।

गौरतलब है कि गर्मी की छुट्टियों के दौरान ट्रेनों में यात्रियों की संख्या पहले से ही अधिक रहती है। (Chhattisgarh Train Cancel Full List) ऐसे में बड़ी संख्या में ट्रेनों के रद्द होने से यात्रियों को यात्रा में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति की जानकारी जरूर जांच लें, ताकि किसी भी असुविधा से बचा जा सके।

22–23 मार्च 2026: रद्द ट्रेनें, देख लें पूरी लिस्ट

दिनांक गाड़ी संख्या रूट स्थिति
22 मार्च 68728 रायपुर–बिलासपुर MEMU रद्द
22 मार्च 68734 बिलासपुर–गेवरा रोड MEMU रद्द
22 मार्च 68733 गेवरा रोड–बिलासपुर MEMU रद्द
22 मार्च 68719 बिलासपुर–रायपुर MEMU रद्द
22 मार्च 58203 कोरबा–रायपुर पैसेंजर रद्द
22 मार्च 58205 रायपुर–इतवारी पैसेंजर रद्द
23 मार्च 58206 इतवारी–रायपुर पैसेंजर रद्द
23 मार्च 58202 रायपुर–बिलासपुर MEMU रद्द

22 मार्च 2026: आंशिक रद्द (बीच में समाप्त)

गाड़ी संख्या रूट बदलाव
68862 झारसुगुड़ा–गोंदिया बिलासपुर तक, आगे रद्द
68861 गोंदिया–झारसुगुड़ा बिलासपुर से शुरू, पहले रद्द

अप्रैल 2026: लंबी अवधि की रद्द ट्रेनें

गाड़ी संख्या ट्रेन नाम अवधि
18030 शालीमार–LTT एक्सप्रेस 4–24 अप्रैल
18029 LTT–शालीमार एक्सप्रेस 6–26 अप्रैल
18237 कोरबा–अमृतसर एक्सप्रेस 5–25 अप्रैल
18238 अमृतसर–बिलासपुर एक्सप्रेस 7–27 अप्रैल
68815/16 बल्लारशाह–गोंदिया MEMU 5–25 अप्रैल
78805/06 गोंदिया–कटंगी DEMU 5–25 अप्रैल

अप्रैल 2026: चयनित तिथियों पर रद्द

गाड़ी संख्या ट्रेन रूट
12410 गोंडवाना एक्सप्रेस निजामुद्दीन–रायगढ़
12409 गोंडवाना एक्सप्रेस रायगढ़–निजामुद्दीन
12101/02 एक्सप्रेस LTT–शालीमार
12807/08 एक्सप्रेस विशाखापत्तनम–निजामुद्दीन

(इन सभी ट्रेनें अप्रैल में कई अलग-अलग तिथियों पर रद्द रहेंगी)

अप्रैल 2026: आंशिक/शॉर्ट टर्मिनेशन

गाड़ी संख्या रूट बदलाव
68802–68806 गोंदिया–बल्लारशाह हिरदामाली तक
15231 बरौनी–गोंदिया दुर्ग तक
15232 गोंदिया–बरौनी दुर्ग से

मई 2026: पूरी तरह रद्द ट्रेनें

गाड़ी संख्या रूट अवधि
18109 टाटानगर–इतवारी 3–22 मई
68711–68716 लोकल पैसेंजर 3–22 मई
58205/06 रायपुर–इतवारी 3–23 मई

मई 2026: मार्ग परिवर्तित ट्रेनें

गाड़ी संख्या रूट नया मार्ग
11754 रीवा–इतवारी जबलपुर–नैनपुर–बालाघाट
11753 इतवारी–रीवा जबलपुर–नैनपुर–बालाघाट

मई 2026: आंशिक रद्द (बीच में समाप्त)

गाड़ी संख्या रूट प्रभावित सेक्शन
15231/32 बरौनी–गोंदिया दुर्ग–गोंदिया
12105/06 मुंबई–गोंदिया अंजनी–गोंदिया
51707/08 जबलपुर–गोंदिया बिरसोला–गोंदिया
68809–68814 MEMU बिरसोला सेक्शन
78803–78810 DEMU बिरसोला सेक्शन