Home Blog Page 531

“बिहार में दो चरणों में होंगे विधानसभा चुनाव, EC ने किया तारीखों का ऐलान ।। Bihar Election 2025 Dates”

0

बिहार विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान हो गया है। दिल्ली के विज्ञान भवन में प्रेंस कॉन्फ्रेस के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने तारीखों की घोषणा की है।

राज्य में दो चरणों में चुनाव होंगे। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर और दूसरे चरण का मतदान 11 नवंबर को होगा। वहीं मतगणना 14 नवंबर को होगी।

22 नवंबर को समाप्त होगा विधानसभा का कार्यकाल

बिहार में 243 विधानसभा क्षेत्र हैं, जिनमें से 2 अनुसूचित जनजातियों के लिए और 38 अनुसूचित अनुसूचित जाति। बिहार विधानसभा का कार्यकाल 22 नवंबर, 2025 को समाप्त हो रहा है। चुनाव आयोग ने पहली बार बूथ-स्तरीय अधिकारियों को प्रशिक्षित किया। SIR 24 जून, 2025 को शुरू किया गया था और समय सीमा तक पूरा हो गया। सुचारू मतदान प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए “किसी भी मतदान केंद्र पर 1,200 से ज़्यादा मतदाता नहीं होंगे।

पहली बार बिहार में दो चरण में होगी वोटिंग

पहली बार बिहार में दो चरण में वोटिंग होगी। 2005 से 2020 तक तीन चरण से कम में कभी वोटिंग नहीं हुई। 2010 में तो छह चरण में वोटिंग हुई थी।

एनडीए और महागठबंधन के बीच सीधा मुकाबला

वर्तमान में, एनडीए के पास 131 सीटें हैं (भाजपा 80, जेडी(यू) 45, हम (एस) 4 और 2 निर्दलीय), जबकि महागठबंधन के पास 111 सीटें हैं (राजद 77, कांग्रेस 19, सीपीआई(एमएल) 11, सीपीआई(एम) 2, सीपीआई 2)। आगामी चुनावों में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ एनडीए और राजद के नेतृत्व वाले महागठबंधन के बीच सीधा मुकाबला होने की उम्मीद है।

NDIA गठबंधन में सीट शेयरिंग का फॉर्मूला तय!

राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता एवं गठबंधन की समन्वय समिति के प्रमुख तेजस्वी यादव के आवास पर देर शाम तक चली इस बहुदलीय बैठक में कांग्रेस, वाम दलों और विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) समेत सभी घटक दलों के नेता शामिल हुए। बैठक के बाद विकासशील इंसान पार्टी के अध्यक्ष मुकेश सहनी ने संवाददाताओं से कहा, ‘सभी बातें तय हो चुकी हैं, लेकिन फिलहाल मैं विवरण नहीं बता सकता। 7 अक्टूबर हम संवाददाता सम्मेलन में पूरी जानकारी साझा करेंगे।’ बता दें कि पार्टी ने 2020 के चुनावों में 110 सीट पर चुनाव लड़ा था, जिनमें से 75 पर जीत हासिल की थी, और अन्य दलों के दलबदल और उपचुनावों में जीत के कारण पिछले कुछ वर्षों में इसकी ताकत बढ़ी है।

“खरगे ने कहा- प्रधान न्यायाधीश की ओर जूता उछालने की कोशिश शर्मनाक, यह न्यायपालिका की गरिमा पर हमला है”

0

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति बी आर गवई की ओर कथित तौर पर जूता फेंकने की कोशिश की घटना की निंदा करते हुए सोमवार को कहा कि न्यायपालिका की गरिमा और कानून के शासन पर हमला है।

उच्चतम न्यायालय में सोमवार को कार्यवाही के दौरान एक वकील ने न्यायमूर्ति गवई की ओर कथित तौर पर जूता फेंकने की कोशिश की। यह घटना उस समय घटी जब प्रधान न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली पीठ वकीलों द्वारा उल्लेख किए गए मामलों की सुनवाई कर रही थी। खरगे ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ”आज उच्चतम न्यायालय में भारत के माननीय प्रधान न्यायाधीश पर हमले का प्रयास शर्मनाक और घृणित है। यह हमारी न्यायपालिका की गरिमा और कानून के शासन पर हमला है।” उनका कहना था, ”जब योग्यता, ईमानदारी और दृढ़शक्ति के माध्यम से देश के सर्वोच्च न्यायिक पद तक पहुंचे व्यक्ति को इस तरह से निशाना बनाया जाता है, तो यह एक बहुत परेशान करने वाली बात है।

यह उस व्यक्ति को डराने और अपमानित करने के प्रयास को दर्शाता है जिसने संविधान को बनाए रखने के लिए सामाजिक बाधाओं को तोड़ा है।” खरगे ने कहा कि इस तरह की हरकत से पता चलता है कि पिछले एक दशक में नफरत और कट्टरता ने हमारे समाज को किस तरह से अपनी चपेट में ले लिया है। उन्होंने कहा, ”कांग्रेस की ओर से मैं इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा करता हूं। हमारी न्यायपालिका की सुरक्षा और संरक्षा सर्वोपरि है। न्याय और तर्क को प्रबल होने दें, भय को नहीं।”

“मानसून की विदाई से पहले विदर्भ में येलो अलर्ट, अगले कुछ दिनों तक गरज-चमक के साथ बारिश”

0

मौसम विभाग ने महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र के कुछ हिस्सों के लिए बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। मौसम विभाग ने विदर्भ क्षेत्र में अगले कुछ दिनों तक गरज के साथहल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान जताया है।

उन्होंने कहा कि दक्षिण-पश्चिम मानसून 10 अक्टूबर के आसपास इस क्षेत्र से वापस लौटना शुरू हो जाएगा। मौसम विभाग ने नागपुर, वर्धा, गोंदिया, भंडारा, चंद्रपुर, गढ़चिरौली, यवतमाल और अमरावती जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।

इन जिलों में सोमवार से कुछ स्थानों पर या कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश, गरज के साथ बौछारें पड़ने और बिजली गिरने का पूर्वानुमान लगाया गया है। नागपुर स्थित क्षेत्रीय मौसम विभाग के वैज्ञानिक डॉ. प्रवीण कुमार ने बताया कि अगले तीन दिनों तक विदर्भ के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहने की उम्मीद है।

उन्होंने कहा कि नौ या 10 अक्टूबर से बारिश की तीव्रता और स्थानिक वितरण में धीरे-धीरे कमी आने का अनुमान है। अधिकारी ने बताया कि विदर्भ से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की सामान्य तिथि 10 अक्टूबर के आसपास है, और जलवायु संबंधी सामान्य के अनुसार समूचे क्षेत्र से आमतौर पर 15 अक्टूबर तक मानसून की पूर्ण वापसी हो जाती है।

“उत्तर बंगाल में और बारिश की आशंका, मौसम विभाग ने ‘रेड’ और ‘येलो’ अलर्ट जारी किया”

0

मौसम विभाग ने रविवार को ‍उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग, कूचबिहार और अलीपुरद्वार जिलों के कुछ हिस्सों के लिए ‘रेड’ अलर्ट जारी किया, जिसके तहत वहां अगले 24 घंटे में भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की चेतावनी दी गई है।

इसके अलावा, विभाग ने कलिम्पोंग के साथ-साथ दार्जिलिंग के अन्य हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने या गरज के साथ छींटे पड़ने की आशंका जताते हुए ‘येलो’ अलर्ट जारी किया।

पश्चिम बंगाल में मिरिक, दार्जिलिंग और आसपास के पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के कारण हुए भूस्खलन में कई बच्चों सहित कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई और दर्जनों अन्य घायल हो गए।

भूस्खलन के कारण बड़े पैमाने पर घर बह गए, सड़क संपर्क टूट गया, गांव अलग-थलग पड़ गए और सैकड़ों पर्यटक फंस गए। मौसम विभाग के एक अधिकारी ने कहा, “उत्तर बंगाल के सभी जिलों में ज्यादातर जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश या गरज के साथ छींटे पड़ने की आशंका है।

वहीं, कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश (7-20 सेंटीमीटर), जबकि कूचबिहार, अलीपुरद्वार तथा दार्जिलिंग जिलों में एक या दो जगहों पर अत्यधिक भारी बारिश (20 सेंटीमीटर) हो सकती है।”

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि शनिवार रात उत्तर बंगाल में 12 घंटे की अवधि में अचानक 300 मिलीमीटर से अधिक बारिश हुई, जिससे कम से कम सात जगहों पर बड़े पैमाने पर बाढ़ और भूस्खलन की घटनाएं दर्ज की गईं। उन्होंने लिखा, “12 घंटे से लगातार भारी बारिश हो रही है। सात जगहों पर भूस्खलन हुआ है। मैं स्थिति पर कड़ी नजर रख रही हूं।”

ममता स्थिति का जायजा लेने के लिए छह अक्टूबर को उत्तर बंगाल का दौरा करने वाली हैं। उन्होंने उत्तर बंगाल में फंसे पर्यटकों को आश्वासन दिया कि वे घबराएं नहीं, क्योंकि राज्य सरकार उन्हें सुरक्षित निकालने की व्यवस्था करेगी।

“लोकतंत्र का महापर्व बिहार चुनाव: BJP आश्वस्त, जनता देगी ऐतिहासिक जनादेश, फिर NDA सरकार”

0

चुनाव आयोग ने सोमवार को बिहार विधानसभा चुनाव कार्यक्रम की घोषणा कर दी। 243 विधानसभा सीटों के लिए दो चरणों में 6 नवंबर और 11 नवंबर को मतदान होगा और मतगणना 14 नवंबर को होगी। इसको लेकर राजनीतिक दलों की ओर से प्रतिक्रियाएं आने लगी हैं।

गृह मंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा कि चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनाव की घोषणा कर दी है। लोकतंत्र के इस महापर्व के लिए समस्त बिहारवासियों को बधाई। मोदी जी के नेतृत्व में NDA सरकार ने बिहार को जंगलराज से निकालकर विकास और सुशासन की नई दिशा दी है। आज बिहार, गरीब कल्याण के साथ इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य, शिक्षा हर क्षेत्र में ऐतिहासिक बदलाव का साक्षी बन रहा है। उन्होंने कहा कि मुझे पूर्ण विश्वास है कि बिहार की जनता इस बार भी विकास की राजनीति को चुनेगी।

भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि भारतीय निर्वाचन आयोग द्वारा आज बिहार विधानसभा चुनाव की घोषणा का मैं स्वागत करता हूँ। चुनाव लोकतंत्र का सबसे बड़ा उत्सव है। यह देश व प्रदेश को विकास और सुशासन के पथ पर अग्रसर रखने का प्रमुख माध्यम है। उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बिहार में NDA सरकार जनकल्याण और सुशासन का पर्याय बनी है। बिहार का यह चुनाव प्रदेश को विकास के रास्ते पर अनवरत ले जाने, घुसपैठिया मुक्त करने और जंगलराज को फिर से आने से रोकने का चुनाव है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि लोकतंत्र की जननी बिहार की पुण्यधरा की जनता इन विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी एवं NDA को अपना आशीर्वाद और प्रचंड मतों से समर्थन प्रदान करेगी।

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सैयद ज़फ़र इस्लाम ने कहा कि जब हम एनडीए की बात करते हैं, तो हम पूरी तरह से तैयार हैं…हम एक शानदार जीत की ओर बढ़ रहे हैं। मुझे लगता है कि हम एक ऐतिहासिक जीत दर्ज करेंगे और हमें रिकॉर्ड संख्या में सीटें मिलेंगी…तेजस्वी यादव बड़े-बड़े दावे करते हैं लेकिन उन्हें पता है कि उनकी पहुँच सीमित है। हमारा गठबंधन पूर्ण है, सभी सहयोगी मजबूत हैं। हमें लोगों का आशीर्वाद और समर्थन प्राप्त है…महागठबंधन में, कांग्रेस राजद को कमजोर करती है और उन्हें नुकसान का सामना करना पड़ेगा।

केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय ने कहा कि लोकतंत्र की जननी वैशाली, बिहार की इसी पावन धरती पर विराजमान है…बिहार के लोग अपने राजनीतिक ज्ञान के लिए जाने जाते हैं…1990 से 2005 तक जंगलराज में बूथ लूट होती थी, मतदाताओं को धमकाया और रोका जाता था। अब बिहार में ऐसा नहीं होगा…लोगों ने बिहार में विपक्षी दलों के सफाए की तारीख तय कर दी है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा, “मेरा मानना ​​है कि चुनाव आयोग ने सभी दलों से बात करने के बाद तारीखों और दो चरणों के चुनाव की घोषणा की है… दो तिहाई से अधिक वोटों के साथ एनडीए सरकार का गठन निश्चित है।”

CG: खनन क्षेत्र में देश का आदर्श राज्य बना छत्तीसगढ़, देश की GDP में दे रहा 10 प्रतिशत का योगदान, CM साय ने कही ये बात…

0

खनिज संपदा से समृद्ध छत्तीसगढ़ राज्य ने हाल के वर्षों में खनन क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। पारदर्शिता, जवाबदेही और तकनीकी नवाचार को केंद्र में रखकर राज्य ने खनिज प्रशासन में अनेक संरचनात्मक सुधार किए हैं, जिनके परिणामस्वरूप छत्तीसगढ़ देश के अग्रणी खनन राज्यों में सम्मिलित हो गया है। राज्य में विश्वस्तरीय लौह अयस्क, कोयला, चूना पत्थर, बाक्साइट, टिन अयस्क सहित नवीन अन्वेषणों से क्रिटिकल, स्ट्रैटेजिक तथा रेयर अर्थ मिनरल्स की उपलब्धता प्रमाणित हुई है, जिससे राज्य की वैश्विक पहचान सुदृढ़ हुई है।

छत्तीसगढ़ का खनन क्षेत्र राज्य के सकल घरेलू उत्पाद में लगभग 10 प्रतिशत का योगदान दे रहा है, जबकि देश के कुल खनिज उत्पादन में इसकी हिस्सेदारी लगभग 17 प्रतिशत है। राज्य के खनिज राजस्व में 25 सालों में 34 गुना की बढ़ोत्तरी हुई है। राज्य गठन के समय जहाँ खनिज राजस्व मात्र 429 करोड़ रुपये था, वहीं वर्ष 2024-25 में यह बढ़कर 14,592 करोड़ रुपये तक पहुँच गया। यह उपलब्धि राज्य की सुदृढ़ खनिज नीति और सतत प्रशासनिक सुधारों का परिणाम है। वर्ष 2015 में संशोधित खनन एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 के अंतर्गत गठित खनिज नीलामी नियम 2015 के तहत अब तक राज्य में 60 खनिज ब्लॉकों की सफल नीलामी की जा चुकी है। इनमें 15 लौह अयस्क, 14 बाक्साइट, 18 चूना पत्थर तथा 13 क्रिटिकल व स्ट्रैटेजिक खनिज ब्लॉक सम्मिलित हैं। साथ ही, 05 नए ब्लॉकों (02 चूना पत्थर, 01 लौह अयस्क, 01 स्वर्ण और 01 बेस मेटल ब्लॉक) की नीलामी प्रक्रिया भी प्रारंभ की जा चुकी है।

पारदर्शिता सुनिश्चित करने डीएमएफ पोर्टल 2.0

संचालनालय भौमिकी एवं खनिकर्म, छत्तीसगढ़ ने खनन अनुसंधान एवं अन्वेषण के क्षेत्र में दीर्घकालिक सहयोग के लिए आईआईटी मुंबई, आईआईटी (आईएसएम) धनबाद तथा कोल इंडिया लिमिटेड के साथ एमओयू संपादित किए हैं। इस साझेदारी के माध्यम से क्रिटिकल एवं स्ट्रैटेजिक मिनरल्स की खोज को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से गति प्राप्त हुई है। प्रधानमंत्री खनिज क्षेत्र कल्याण योजना के गाइडलाइन-2024 के अनुरूप राज्य में जिला खनिज संस्थान न्यास नियम, 2025 अधिसूचित किए गए हैं। राज्य में अब तक 16,119 करोड़ रूपए का अंशदान प्राप्त हुआ है, जिसके अंतर्गत 1,05,653 कार्यों को स्वीकृति दी गई, जिनमें से 74,454 कार्य पूर्ण किए जा चुके हैं। वित्तीय स्वीकृति, निगरानी और प्रबंधन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने हेतु डीएमएफ पोर्टल 2.0 को क्रियान्वित किया गया है।

03 खदानों को 5-स्टार तथा 32 खदानों को 4-स्टार रेटिंग

खनिज विभाग द्वारा विकसित खनिज ऑनलाइन 2.0 पोर्टल ने राज्य के खनिज प्रशासन को पूर्णतः डिजिटल स्वरूप प्रदान किया है। यह प्रणाली सुरक्षित, बहुआयामी और उपयोगकर्ता-मित्र है, जो पारदर्शिता और दक्षता को बढ़ावा देती है। यह पहल छत्तीसगढ़ को खनन प्रबंधन में एक राष्ट्रीय मॉडल राज्य के रूप में स्थापित कर रही है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के सिद्धांतों के अनुरूप राज्य में रेत खदानों का आबंटन अब पूर्णतः ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से किया जा रहा है। इस हेतु एमएसटीसी के साथ एमओयू किया गया है। नई व्यवस्था में मानव हस्तक्षेप समाप्त कर संपूर्ण प्रक्रिया पारदर्शी, निष्पक्ष एवं सुरक्षित बनाई गई है। गौण खनिज नियम, 2015 के अंतर्गत लागू की गई स्टार रेटिंग प्रणाली के तहत खनन, पर्यावरण प्रबंधन, सुरक्षा उपाय और सतत विकास के मानकों पर खदानों का मूल्यांकन किया जा रहा है। इस व्यवस्था के अंतर्गत 03 खदानों को 5-स्टार तथा 32 खदानों को 4-स्टार रेटिंग से सम्मानित किया गया है, जो वैज्ञानिक एवं जिम्मेदार खनन की दिशा में राज्य की प्रतिबद्धता का प्रमाण है।

CM साय ने कही ये बात

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का कहना है कि खनिज संपदा केवल आर्थिक स्रोत नहीं, बल्कि राज्य के सर्वांगीण विकास का आधार है। छत्तीसगढ़ ने खनन क्षेत्र में नीतिगत सुधार, डिजिटल पारदर्शिता और सतत विकास के समन्वित प्रयासों से एक आदर्श प्रशासनिक मॉडल प्रस्तुत किया है। राज्य की यह प्रगति न केवल आर्थिक सुदृढ़ता का संकेत है, बल्कि यह जनहित आधारित विकास की दिशा में एक स्थायी कदम भी है।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने नई दिल्ली में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से की सौजन्य भेंट

0

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू से सौजन्य भेंट की।

मुख्यमंत्री श्री साय ने राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू को अवगत कराया कि वर्ष 2025 छत्तीसगढ़ राज्य के गठन की रजत जयंती वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने रजत जयंती वर्ष के विशेष अवसर पर राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों, जनकल्याण और सांस्कृतिक गौरव से जुड़े कार्यक्रमों की जानकारी दी।

मुख्यमंत्री श्री साय ने राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू को छत्तीसगढ़ आगमन हेतु सादर आमंत्रित किया। राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को छत्तीसगढ़ राज्य की रजत जयंती वर्षगांठ की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने राज्य के सर्वांगीण विकास और जनकल्याण के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की तथा प्रदेश की निरंतर प्रगति और समृद्धि की कामना की।

इस अवसर पर केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री श्री तोखन साहू और मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह उपस्थित थे।

नौसेना के नए पोतों का नामकरण होगा छत्तीसगढ़ की नदियों के नाम पर, प्रदेश में सेना भर्ती रैली का प्रस्ताव

0

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह से उनके निवास पर सौजन्य मुलाक़ात की। बैठक में बिलासपुर एयरपोर्ट के विस्तार, रक्षा क्षेत्र के विकास, पूरे प्रदेश में सेना भर्ती रैलियों के आयोजन एवं नौसैनिक पोतों के नामकरण जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर सार्थक चर्चा हुई। इस अवसर पर केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री श्री तोखन साहू और मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने बैठक के दौरान रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह को अवगत कराया कि बिलासपुर में रक्षा मंत्रालय की भूमि है। इस भूमि को उन्होंने बिलासपुर एयरपोर्ट के विस्तार के लिए उपलब्ध कराने का अनुरोध किया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने यहां रक्षा क्षेत्र से संबंधित विकासात्मक कार्य भी आरंभ करने का आग्रह किया।

मुख्यमंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि छत्तीसगढ़ में सेना में भर्ती होने के प्रति युवाओं में विशेष उत्साह है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं में अनुशासन, शारीरिक क्षमता और देशभक्ति की भावना है। इस आधार पर उन्होंने रक्षा मंत्री से आग्रह किया कि पूरे प्रदेश में विशेष “सेना भर्ती रैलियों” का आयोजन किया जाए, जिससे युवाओं को अपने ही प्रदेश में देश सेवा का अवसर मिल सके।

बैठक में मुख्यमंत्री ने राज्य की सांस्कृतिक पहचान और गौरवशाली परंपराओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की नदियाँ — इंद्रावती, महानदी — केवल जलस्रोत नहीं, बल्कि प्रदेश की आत्मा हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि रक्षा मंत्रालय जब भी नए नौसैनिक पोतों या जहाजों को लॉन्च करे, तो उनमें से कुछ का नाम छत्तीसगढ़ की नदियों और क्षेत्रों के नाम पर रखा जाए, जैसे INS इंद्रावती, INS महानदी या INS बस्तर। यह न केवल प्रतीकात्मक रूप से सुंदर होगा, बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरव प्रदान करेगा।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस अवसर पर राज्य सरकार की नई औद्योगिक नीति के तहत रक्षा और इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण को प्रोत्साहन देने की योजना की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह नीति प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के “आत्मनिर्भर भारत” के विज़न के अनुरूप है और इससे छत्तीसगढ़ में उच्च तकनीकी प्रशिक्षण, अनुसंधान और निजी निवेश के अवसर बढ़ेंगे।

सीएसआर फंड से जशपुर को 61 करोड़ रूपए मिला पहली बार : अस्पताल और तीरंदाजी केंद्र और स्कूल भवनों का होगा निर्माण

0

पहली बार सीएसआर फंड से 61 करोड़ की राशि विकास कार्याे के लिए जशपुर जिले को आबंटित की गई है। इस राशि से जिले में स्वास्थ्य सुविधा, शिक्षा और खेल के बुनियादी ढांचा विकसित करने के लिए उपयोग किया जा रहा है। लगभग दो साल पहले जब जशपुर के बगिया के लाल विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री का पदभार सम्हाला था तो जिलेवासियों को पिछड़ेपन से मुक्ति की नई उम्मीद जागी थी। मुख्यमंत्री के रूप में अपने पहले जिला प्रवास के दौरान सीएम विष्णुदेव साय ने जिलेवासियों को वायदा भी किया था कि जिले के विकास की ऐतिहासिक रोडमैप तैयार की जाएगी। अपने इस वायदे को पूरा करने के लिए मुख्यमंत्री ने तेजी से कदम बढ़ा रहे है। लगभग दो साल पहले जब जशपुर के बगिया के लाल विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री का पदभार सम्हाला था तो जिलेवासियों को पिछड़ेपन से मुक्ति की नई उम्मीद जागी थी। मुख्यमंत्री के रूप में अपने पहले जिला प्रवास के दौरान सीएम विष्णुदेव साय ने जिलेवासियों को वायदा भी किया था कि जिले के विकास की ऐतिहासिक रोडमैप तैयार की जाएगी। अपने इस वायदे को पूरा करने के लिए मुख्यमंत्री ने तेजी से कदम बढ़ा रहे है।

35 करोड़ से बन रहा है आधुनिक अस्पताल
35 करोड़ की लागत से जिला मुख्यालय जशपुर में सौ बिस्तर की क्षमता वाली अस्पताल का निर्माण किया जा रहा है। निर्माणाधीन स्व. जगदेव राम उरांव स्मृति चिकित्सालय को संचालित करने की जिम्मेदारी वनवासी कल्याण आश्रम को दी गई है। इस अस्पताल भवन के निर्माण का कार्य रायगढ़ रोड में कल्याण आश्रम अस्पताल के प्रांगण में तेजी से चल रहा है। स्वीकृत राशि मेें से 17 करोड़ का प्रावधान किया गया है। अगले साल 2026 तक इस भवन का निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसी प्रकार 18 करोड़ की राशि इस आधुनिक अस्पताल में आवश्यक चिकित्सकीय उपकरणों और भौतिक संसाधन जुटाने के लिए किया जाएगा। इस अस्पाताल में मरीजों के लिए सीटीस्कैन, एमआरआई, आईसीयू, आईसीसीयू, डायलिसिस, आपातकालीन चिकित्सा जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इस अस्पताल के लिए चिकित्सक, नर्सिंग और प्रशासनिक स्टाफ के लिए भर्ती प्रक्रिया भी चल रही है। अस्पताल के चालू हो जाने से जिलेवासियों को उपचार के लिए अंबिकापुर, रांची, झारसुगड़ा, रायपुर जैसे दूरस्थ शहर की दौड़ लगाने से मुक्ति मिल सकेगी।

20 करोड़ से तैयार होगा तीरंदाजी केंद्र

जिले में तीरंदाजी केंद्र के निर्माण के लिए सीएसआर फंड से 20.53 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है। एनटीपीसी के सीएसआर फंड से इस तीरंदाजी केंद्र के निर्माण के लिए जिला प्रशासन ने सन्ना में जमीन तय कर ली है। इस आवासीय तीरंदाजी केंद्र में खिलाड़ियों को आधुनिक संसाधनों के साथ अंतर्राष्ट्रीय स्तर का प्रशिक्षक उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का लक्ष्य दिवंगत कुमार दिलीप सिंह जूदेव के सपने का मूर्त रूप देते हुए पहाड़ी कोरवाओं के धर्नुविद्या को निखार कर राष्ट्रीय ओैर अंतर्राष्ट्रीय स्तर की स्पर्धाओं येाग्य बनाना है। वर्तमान में खनिज न्यास निधि के सहयोग से एकलव्य अकादमी का संचालन किया जा रहा है। इस अकादमी में तीरंदाजी के साथ ताईक्वांडो और तैराकी का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। सन्ना में तीरंदाजी केंद्र के शुरू हो जाने से जिले के खिलाड़ियों को आधुनिक संसाधनों से लैस बड़ी सुविधा मिल सकेगी, जिससे खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभा की चमक बिखेरने का अवसर मिल सकेगा।

आठ स्कूल भवन का होगा निर्माण
सीएसपीटीसीएल के सीएसआर फंड से जिले में 8 स्कूल भवनों के निर्माण के लिए 6 करोड़ 19 लाख रूपये की स्वीकृति दी गई है। इसमें फरसाबहार ब्लाक में पंडरीपानी, गारीघाट, कंदईबहार, कांसाबेल ब्लाक में बांसबहार, कुनकुरी ब्लाक में गिनाबहार, लोधमा, बगीचा ब्लाक में टटकेला और दुलदुला में नया स्कूल भवन का निर्माण किया जाएगा। इन स्कूल भवनों के निर्माण से जिले के छात्रों को बेहतर सुविधा के साथ गुणवत्तायुक्त शिक्षा मिल सकेगी।

राज्यपाल श्री रमेन डेका ने पीएम आवास योजना के हितग्राहियों को किया सम्मानित

0

राज्यपाल श्री रमेन डेका द्वारा विकासखण्ड लखनपुर अंतर्गत प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों को सम्मानित किया गया। इस दौरान ग्राम जुड़वानी नवापारा की मीरा प्रजापति एवं पहाड़ी कोरवा हितग्राही ग्राम लब्जी की नमिता को शॉल प्रदान कर सम्मानित कर उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दीं गई। वहीं दो हितग्राहियों को आयुष्मान वय वंदना कार्ड, दो हितग्राहियों को प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान अंतर्गत अतिरिक्त पोषण आहार का वितरण किया गया।

राज्यपाल श्री डेका इस दौरान स्व-सहायता समूह की दीदियों से मिले। उन्होंने दीदियों द्वारा निर्मित की गई सामग्रियों का अवलोकन किया। ग्राम पंचायत कुन्नी की गायत्री महिला समूह द्वारा बनाए गए खाद्य सामग्रियों का अवलोकन कर आय की जानकारी ली। इसी प्रकार उन्होंने दीदियों द्वारा बनाए गए सजावटी सामग्रियों, बेकरी उत्पादों, कोसा शॉल, बोरा आदि का अवलोकन कर लागत एवं आय की जानकारी ली तथा आवश्यकताओं के बारे में पूछा। राज्यपाल श्री डेका ने महिलाओं को अन्य गतिविधियों का संचालन कर आगे बढ़ने प्रेरित किया। इस दौरान लोसंगी की बीसी सखी श्रीमती बालेश्वरी यादव ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2021 से अब तक 11 करोड़ रुपए का ट्रांसेक्शन किया है, राज्यपाल श्री डेका ने उन्हें शुभकामनाएं दीं।