Home Blog Page 88

weather : बढ़ने वाला है तापमान, कैसा रहेगा प्रदेश में मौसम का हाल, किस दिन से पड़ेगी भीषण गर्मी, सब कुछ जानें यहां…

0

cg weather update today: छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। जनवरी के अंतिम सप्ताह में अब धीरे-धोरे ठंड का असर कम हो रहा है।

  1. छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज बदलने लगा है।
  2. जनवरी के अंतिम सप्ताह में अब धीरे-धोरे ठंड का असर कम हो रहा है।
  3. कड़ाके की ठंड झेल रहे लोगों को अब धीरे-धीरे राहत मिल रही है।

छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। जनवरी के अंतिम सप्ताह में अब धीरे-धोरे ठंड का असर कम हो रहा है। प्रदेश के कई जिले ऐसे भी हैं, जहां रात का तापमान भी बढ़ने लगा है। कड़ाके की ठंड झेल रहे लोगों को अब धीरे-धीरे राहत मिल रही है।

बढ़ने वाला है तापमान

मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, आने वाले दिनों में प्रदेश के तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होगी। तापमान बढ़ने से मौसम गर्म होगा और लोगों को गर्मी का एहसास होना शुरू हो जाएगा। मौसम विभाग का कहना है कि फरवरी की शुरुआत के साथ ही ठंड और कमजोर पड़ेगी। दिन के तापमान में लगातार बढ़ोतरी होगी, जबकि रातें भी अपेक्षाकृत कम ठंडी रहेंगी।

मौसम विभाग के अनुसार, आज यानी 26 जनवरी से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत को प्रभावित कर सकता है, जिसका हल्का असर छत्तीसगढ़ के मौसम पर भी पड़ने की संभावना है। हालांकि इससे प्रदेश में बारिश की संभावना कम ही बताई जा रही है। राजधानी रायपुर में भी मौसम में बदलाव नजर आ रहा है।

कैसा रहेगा राजधानी का हाल?

मौसम विभाग ने रायपुर में सुबह-सुबह हल्का कोहरा छाए रहने की संभावना जताई है।रायपुर में अधिकतम तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 15 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। वहीं मौसम विभाग ने कहा है कि, दिन में राजधानी का मौसम साफ रहेगा। पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में मौसम पूरी तरह शुष्क बना रहा। कहीं भी बारिश दर्ज नहीं की गई। इस दौरान राजनांदगांव में अधिकतम तापमान सबसे ज्यादा 31 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान अंबिकापुर में 8.1 डिग्री सेल्सियस रहा।

Vishnu deo sai Republic day speech: सीएम विष्णुदेव साय ने फहराया तिरंगा, परेड की सलामी लेने के बाद कर रहे जनता को संबोधित, देखें लाइव…

0

Vishnu deo sai Republic day speech: सिम विष्णुदेव साय ने बिलासपुर में तिरंगा फहराया। परेड की सलामी लेने के बाद सीए ने जनता को संबोधित किया।

  1. छत्तीसगढ़ में धूमधाम से मनाया जा रहा गणतंत्र दिवस।
  2. सीएम विष्णुदेव साय ने बिलासपुर में किया ध्वजारोहण।
  3. परेड की सलामी लेने के बाद सीएम साय ने किया जनता को संबोधित।

Vishnu deo sai Republic day:  बिलासपुर: अन्य राज्यों की तरह ही छत्तीसगढ़ में भी गणतंत्र दिवस की धूम देखी जा रही है (Republic day 2026)। प्रदेश के मुखिया विष्णुदेव साय ने बिलासपुर में तिरंगा झंडा फहराकर परेड की सलामी ली। (Vishnu deo sai live) परेड की सलामी लेने के बाद सीएम साय ने जनता को संबोधित किया। वहीं राजनांदगांव में विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया। इतना ही नहीं जगदलपुर में उपमुख्यमंत्री अरुण साव, अंबिकापुर में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा और दुर्ग में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने ध्वजारोहण किया। इस अवसर पर परेड, सांस्कृतिक कार्यक्रम और देशभक्ति से जुड़े आयोजन किए गए, वहीं प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं।

राज्यपाल रमेन डेका ने किया ध्वजारोहण (CG Republic day 2026)

इसी कड़ी में रायपुर पुलिस परेड ग्राउंड में गणतंत्र दिवस समारोह का भव्य (CG Republic day 2026) आयोजन किया गया। राज्यपाल रमेन डेका ने पुलिस परेड ग्राउंड में ध्वजारोहण किया। इस अवसर पर देश की सुरक्षा, अनुशासन और एकता का प्रभावशाली प्रदर्शन देखने को मिला।

कुल 117 टुकड़ियां हुई शामिल

समारोह की परेड में कुल 117 टुकड़ियां शामिल हुई। इनमें सीमा सुरक्षा बल (BSF), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF), भारत-तिब्बत सीमा बल (ITBP), (CG Republic day 2026)  केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF), सशस्त्र सीमा बल (SSB) और विशेष आमंत्रित उत्तरप्रदेश पुलिस की टुकड़ी शामिल है।

इसके अलावा छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (पुरुष एवं महिला), (CG Republic day 2026) छत्तीसगढ़ पुलिस (पुरुष), जेल पुलिस (पुरुष), नगर सेना (पुरुष एवं महिला) तथा एनसीसी के बॉयज और गर्ल्स कैडेट्स भी परेड का हिस्सा रहें। परेड के दौरान पुलिस डॉग स्क्वायड विशेष आकर्षण का केंद्र रहा।

Chhattisgarh republic day: संविधान, लोकतंत्र और सुशासन के रास्ते होगा विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण, सीएम साय ने ध्वजारोहण के बाद जनता को किया संबोधित…

0

Chhattisgarh republic day: आज 77वां गणतंत्र दिवस पूरे प्रदेश में हर्षाल्लास, देशभक्ति और गौरवपूर्ण वातावरण में मनाया गया।

  1. छत्तीसगढ़ में हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है 77वां गणतंत्र दिवस।
  2. सीएम विष्णुदेव साय ने बिलासपुर में किया ध्वजारोहण।
  3. सीएम साय ने ध्वजरोहण के बाद जनता को संबोधित किया।

chhattisgarh republic day: रायपुर: लोकतंत्र की मजबूती, संविधान की सर्वाेच्चता और विकसित छत्तीसगढ़ के संकल्प के साथ आज 77वां गणतंत्र दिवस पूरे प्रदेश में हर्षाेल्लास, देशभक्ति और गौरवपूर्ण वातावरण में मनाया गया। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित गणतंत्र दिवस के मुख्य समारोह में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और संयुक्त परेड की सलामी ली (chhattisgarh republic day) उन्होंने शहीद सैनिकों एवं पुलिस जवानों के परिजनों को सम्मानित किया तथा छत्तीसगढ़ पुलिस बल को राज्य स्थापना की 25वीं वर्षगांठ का पदक देने की घोषणा की।

सीएम साय ने जनता को दी शुभकामनाएं

मुख्यमंत्री साय ने इस मौके पर प्रदेशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि, भारत का संविधान हमारी लोकतांत्रिक आस्था, समानता और सामाजिक न्याय का मजबूत आधार है। छत्तीसगढ़ महतारी की सेवा, विकास और समृद्धि के लिए राज्य सरकार पूर्ण निष्ठा के साथ कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री साय ने अपने गणतंत्र दिवस संदेश में राज्य की उपलब्धियों, जनकल्याणकारी योजनाओं, नक्सल उन्मूलन की दिशा में हुई प्रगति, किसानों-श्रमिकों-महिलाओं के सशक्तीकरण, शिक्षा-स्वास्थ्य-औद्योगिक विकास और सुशासन की विस्तार से जानकारी दी।

केवल उत्सव का दिन नहीं है गणतंत्र दिवस

chhattisgarh republic day:  मुख्यमंत्री ने कहा कि, गणतंत्र दिवस केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि राष्ट्र के लिए बलिदान देने वाले महापुरुषों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को स्मरण (chhattisgarh republic day) करने का दिन भी है। उन्होंने संविधान निर्माताओं, विशेषकर बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर को नमन करते हुए कहा कि संविधान सामाजिक समरसता, समान अधिकार और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का प्रतीक है। उन्होंने बाबा गुरु घासीदास जी के “मनखे-मनखे एक समान” के संदेश को संविधान की आत्मा बताया और कहा कि भारतीय गणतंत्र ने ऐसा खुला समाज निर्मित किया है, जहां हर नागरिक राष्ट्र निर्माण में सहभागी बन सकता है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि, छत्तीसगढ़ ने हाल ही में राज्य स्थापना की रजत जयंती मनाई है। (cm sai republic day speech) पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व. अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा गठित इस राज्य ने 25 वर्षों में विकास की सशक्त यात्रा तय की है। उन्होंने बताया कि संविधान के मंदिर- छत्तीसगढ़ विधानसभा के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के करकमलों से संपन्न हुआ। धान की बालियों की डिजाइन और बस्तर-सरगुजा की लोककला से सुसज्जित यह भवन छत्तीसगढ़ी अस्मिता का प्रतीक है।

श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई वंदे मातरम् की 150वीं जयंती (chhattisgarh republic day)

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष राष्ट्रगीत वंदे मातरम् की 150वीं जयंती राज्यभर में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। सुकमा जिले के कोंटा से लेकर मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के सीतामढ़ी हरचौका तक लोगों ने सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गायन किया। यह बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय को सच्ची श्रद्धांजलि है।

मुख्यमंत्री ने धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती और जनजातीय गौरव दिवस के आयोजन का उल्लेख (cm sai republic day speech) करते हुए कहा कि जनजातीय समाज ने स्वतंत्रता संग्राम में ऐतिहासिक योगदान दिया। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लोकार्पित शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डिजिटल संग्रहालय देश का पहला डिजिटल संग्रहालय है, जो आज की पीढ़ी को जनजातीय नायकों के बलिदान से परिचित कराता है।

अंतिम चरण में है माओवादी हिंसा (chhattisgarh republic day)

chhattisgarh republic day:  मुख्यमंत्री साय ने कहा कि माओवादी हिंसा लोकतंत्र के लिए गंभीर चुनौती रही है, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ ने निर्णायक रणनीति अपनाई है। उन्होंने बताया कि जवानों के अदम्य साहस और सतत अभियानों के परिणामस्वरूप माओवादी हिंसा अब अंतिम (cm sai republic day speech)  चरण में है और मार्च 2026 तक प्रदेश को नक्सलमुक्त करने का लक्ष्य पूर्ण होने जा रहा है। मुख्यमंत्री ने आत्मसमर्पित नक्सलियों के पुनर्वास, बस्तर कैफे जैसी पहलों और नियद नेल्ला नार योजना के माध्यम से प्रभावित क्षेत्रों में विकास कार्यों की जानकारी दी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि, राज्य बनने के बाद सबसे बड़ी चुनौती अन्नदाता की समृद्धि रही है। आज छत्तीसगढ़ के किसान को धान का देश में सर्वाधिक मूल्य मिल रहा है। उन्होंने बताया कि धान खरीदी 5 लाख मीट्रिक टन से बढ़कर 149 लाख मीट्रिक टन तक पहुंच चुकी है। बीते दो वर्षों में किसानों के खातों में डेढ़ लाख करोड़ रुपए अंतरित किए गए हैं। अटल सिंचाई योजना के तहत 115 लंबित सिंचाई परियोजनाओं को पूर्ण किया जा रहा है।

26 लाख से अधिक पीएम आवास किए गए स्वीकृत

मुख्यमंत्री ने बताया कि, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत प्रदेश में 26 लाख से अधिक आवास स्वीकृत किए गए हैं और प्रतिदिन लगभग 2 हजार आवासों का निर्माण हो रहा है, जो देश में सर्वाधिक है। उन्होंने कहा कि राज्य विद्युत उत्पादन में देश में दूसरे स्थान पर है और शीघ्र ही प्रथम स्थान की ओर अग्रसर है। सौर ऊर्जा, गैस आधारित परियोजनाओं और शून्य कार्बन उत्सर्जन लक्ष्य पर तेजी से काम हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने महतारी वंदन योजना के तहत 70 लाख महिलाओं को प्रतिमाह (cm sai republic day speech) 1,000 रुपए की सम्मान राशि प्रदान किए जाने की जानकारी दी। अब तक 14,948 करोड़ रुपए की राशि वितरित की जा चुकी है। उन्होंने श्रमिकों के लिए ईएसआई, श्रम संहिताओं और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की बात कही।

दूर की गई शिक्षकों की कमी (cm sai republic day speech)

chhattisgarh republic day:  मुख्यमंत्री ने बताया कि युक्तियुक्तकरण से शिक्षकों की कमी दूर की गई है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत स्थानीय भाषाओं में शिक्षा, 9 हजार स्मार्ट क्लास और 22 हजार कंप्यूटर की व्यवस्था की जा रही है। स्वास्थ्य शिक्षा के क्षेत्र में नए मेडिकल कालेजों की स्वीकृति से अब इनकी संख्या बढ़कर 15 हो गई है। बिलासपुर में मल्टी सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल और हिंदी में एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू की गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि, नई औद्योगिक नीति के तहत अब तक 7.83 लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। नवा रायपुर को आईटी, एआई, फार्मा और मेडिकल हब के रूप में विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भविष्य एआई का है और छत्तीसगढ़ इसकी धुरी बनेगा।

मुख्यमंत्री ने रामलला दर्शन योजना, मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना, (cm sai republic day speech) बस्तर पंडुम, चित्रकोट जलप्रपात, मैनपाट, सरगुजा और जशपुर पर्यटन के विकास का उल्लेख किया। उन्होंने ई-ऑफिस, जेम पोर्टल, बायोमेट्रिक अटेंडेंस और डिजिटल गवर्नेंस के माध्यम से सुशासन की मजबूती पर बल दिया।

समारोह में स्कूली बच्चों द्वारा राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा योजनाओं पर आधारित आकर्षक झांकियां निकाली गईं, जिन्होंने प्रदेश की विकास यात्रा को जीवंत रूप में प्रदर्शित किया।

विकसित छत्तीसगढ़ का आह्वान

chhattisgarh republic day:  मुख्यमंत्री ने स्व. लक्ष्मण मस्तूरिया जी की कविता की पंक्तियों के (cm sai republic day speech) माध्यम से जनभागीदारी का आह्वान करते हुए कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में सभी की सहभागिता आवश्यक है। उन्होंने अंत में प्रदेशवासियों को गणतंत्र दिवस की बधाई और शुभकामनाएं दी।

शाहिद अफरीदी ने भारत के खिलाफ उगला जहर, बांग्लादेश के वर्ल्ड कप…

0

टी20 वर्ल्ड कप विवाद में पाकिस्तान खुले तौर पर बांग्लादेश का समर्थन करता रहा है. राशिद लतीफ से लेकर पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के पूर्व चेयरमैन नजम सेठी तक, ये सभी ICC और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की आलोचना कर चुके हैं.

अब इस सूची में पूर्व क्रिकेटर शाहिद अफरीदी का नाम भी जुड़ गया है, जिन्होंने आईसीसी की निष्पक्षता पर सवाल खड़े कर दिए हैं.

जबरदस्ती भारत का नाम घसीट रहे शाहिद अफरीदी

शाहिद अफरीदी ने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि आईसीसी ने निष्पक्ष फैसला नहीं लिया है. उन्होंने चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के समय का उदाहरण दिया, जब भारतीय टीम ने सुरक्षा कारणों से पाकिस्तान जाने से इनकार कर दिया था. उनका कहना है कि भारत की तुलना में बांग्लादेश के साथ अलग तरह का बर्ताव किया गया.

पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर शाहिद अफरीदी ने कहा, “बांग्लादेश और ICC इवेंट्स में भी खेल चुके एक पूर्व अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर होने के नाते, मुझे ICC की अस्थिरता से निराशा हुई है. 2025 में आईसीसी ने सुरक्षा कारणों से पाकिस्तान ना जाने की टीम इंडिया की मांग को स्वीकार कर लिया था. मगर वह बांग्लादेश के मामले में वैसा ही फैसला लेने से परहेज कर रहा है.”

उन्होंने आगे यह भी कहा कि अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद की बुनियाद निष्पक्षता और निरंतरता पर टिकी है. अफरीदी ने आईसीसी पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि बांग्लादेशी क्रिकेटर और फैंस भी सम्मान के हकदार हैं.

टी20 वर्ल्ड कप से बाहर हो चुका है बांग्लादेश

ICC कठिन फैसला लेकर बांग्लादेश को टी20 वर्ल्ड कप 2026 से बाहर का रास्ता दिखा चुका है. ग्रुप C में उसकी जगह स्कॉटलैंड ने ले ली है. बांग्लादेश की वेन्यू चेंज करने की मांग को लेकर आईसीसी बोर्ड मीटिंग भी हुई थी, जिसमें 14-2 से फैसला बांग्लादेश की मांग के विरोध में चला गया था. इसके बाद बांग्लादेश ने डिसप्यूट रेजोल्यूशन कमिटी से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की थी, लेकिन प्रोटोकॉल का हवाला देकर DRC ने बांग्लादेश की अपील पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया था.

बंद हो जाएंगी फैक्ट्रियां, खतरे में रोजगार; ट्रंप के टैरिफ से टेक्सटाइ…

0

अमेरिका के भारत पर लगाए गए 50 परसेंट टैरिफ से भारतीय एक्सपोटर्स को नुकसान पहुंच रहा है. खासकर, टेक्सटाइल एक्सपोर्ट पर इसके बुरे असर को देखते हुए अपैरल एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल (AEPC) ने सरकार से यह कहते हुए कि तुरंत दखल देने की मांग की है कि देरी से प्रोडक्शन में कटौती और फैक्ट्रियां बंद हो जाएंगी.

वाइस-प्रेसिडेंट सीपी राधाकृष्णन को लिखे एक पत्र में अपैरल एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल (AEPC) के चेयरमैन ए शक्तिवेल ने कहा कि अपैरल गारमेंट इंडस्ट्री को सपोर्ट और सही कार्रवाई की सख्त जरूरत है.

अमेरिका भारतीय कपड़ों का बड़ा बाजार

अमेरिका भारतीय टेक्सटाइल और अपैरल का बहुत बड़ा बाजार है. कारोबारी साल 2024-25 में अमेरिका के लिए भारत का टेक्सटाइल एक्सपोर्ट 36.61 अरब डॉलर का रहा. ऐसे में ट्रंप के लगाए गए टैरिफ से टेक्सटाइल एक्सपोटर्स को काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है. AEPC के चेयरमैन ने कहा है कि देश के टेक्सटाइल एक्सपोर्ट को बचाने के लिए भारत-अमेरिका के बीच टैरिफ के मुद्दों को तुरंत सुलझाने की जरूरत है. कई बड़े भारतीय टेक्सटाइल एक्सपोर्टर्स के लिए US मार्केट उनके टोटल एक्सपोर्ट का लगभग 70 परसेंट है.

ट्रेड डील पर जल्द हल निकालने की जरूरत

लेटर में यह भी कहा गया, “हाल ही में अमेरिका की तरफ से आयात पर लगाए गए 25 परसेंट टैरिफ और रूसी तेल से जुड़ी 25 परसेंट की एक्स्ट्रा पेनल्टी लगाने से भारत के टेक्सटाइल एक्सपोर्ट में, खासकर US में, जो भारत का सबसे बड़ा सिंगल एक्सपोर्ट मार्केट है, गंभीर रुकावट आ रही है.”

इसमें कहा गया कि अगर तुरंत इसका हल नहीं निकला, तो इस सेक्टर को ऑर्डर रुकने, नौकरियां जाने और मार्केट शेयर का परमानेंट नुकसान हो सकता है. टेक्सटाइल एक्सपोर्ट बहुत कम मार्जिन पर काम करता है, जिससे लंबे समय तक टैरिफ के झटकों को झेलने की कोई क्षमता नहीं बचती. इसमें आगे कहा गया है कि टैरिफ से मुनाफे में भारी कमी आई है और यूनिट्स का रिजर्व भी कम हुआ है.

नुकसान उठाने की और क्षमता नहीं

काउंसिल ने कहा कि 25 परसेंट डिस्काउंट के बाद भी टैरिफ का बोझ उठाना कमर्शियली नामुमकिन है और लागत को खरीदारों पर डालना भी सही नहीं है. काउंसिल ने भारत-अमेरिका व्यापार संधि को तुरंत खत्म करने की सिफारिश की है. इसमें कहा गया है, “टेक्सटाइल इंडस्ट्री ने एक्सपोर्ट और रोजगार की रक्षा के लिए राष्ट्रीय हित में पहले ही काफी नुकसान उठाया है. अब और नुकसान सहने की क्षमता नहीं है. 3-6 महीने की देरी से भी एक रणनीतिक एक्सपोर्ट सेक्टर को स्थायी नुकसान हो सकता है.

T20 वर्ल्ड कप से बाहर होने के बाद BCB में भ्रष्टाचार का खुलासा…

0

बांग्लादेश अपनी बेवकूफी से टी20 वर्ल्ड कप 2026 से बाहर हो गया है, जिसकी जगह आईसीसी ने स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट में शामिल कर लिया है. इस बीच बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड में भ्रष्टाचार का खुलासा हुआ है.

बोर्ड के डायरेक्टर मोखलेसुर रहमान पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं, जिसके बाद उन्होंने ऑडिट कमिटी के चेयरमैन पद से इस्तीफा दे दिया है. बता दें कि ये मामला बीपीएल (बांग्लादेश प्रीमियर लीग) से जुड़ा हुआ है.

पत्रकार रियासद आजिम ने इन भ्रष्टाचार का खुलासा सोशल मीडिया पर किया, जिसके बाद बीसीबी की इंटीग्रिटी यूनिट ने जांच शुरू कर दी है. रिपोर्ट में बोर्ड के प्रवक्ता द्वारा पुष्टि की गई है कि बीसीबी इन आरोपों को गंभीरता से ले रहा है और जांच कर रहा है. मोखलेसुर रहमान चैपैनवाबागंज जिले से बोर्ड के सदस्य हैं. वह 6 अक्टूबर, 2025 को ही डायरेक्टर बने थे. अब जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, वह जांच के घेरे में रहेंगे.

बड़ी बात है कि इस मामले की जांच एलेक्स मार्शल के नेतृत्व में हो रही है, जो आईसीसी इंटीग्रिटी यूनिट के हेड रह चुके हैं. वह बांग्लादेश प्रीमियर लीग के पिछले सीजन में हुए भ्रष्टाचार की रिपोर्ट की समीक्षा कर रहे हैं. अब वह मोखलेसुर के मामले की भी जांच करेंगे.

एक महीने में दूसरा विवाद आया सामने

इस महीने में दूसरी बार बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड का कोई डायरेक्टर विवादों में आया है. निदेशक एम. नजमुल इस्लाम द्वारा की गई अपमानजनक टिप्पणियों से नाराज खिलाड़ियों ने बांग्लादेश प्रीमियर लीग का बहिष्कार कर दिया था. तब नजमुल को वित्त समिति के अध्यक्ष पद से हटा दिया गया था. हालांकि उन्हें फिर भी स्टेडियम में प्रेजिडेंट बॉक्स में देखा गया.

बांग्लादेश क्रिकेट अभी मुश्किल दौर से गुजर रहा है, और इसका जिम्मेदार खुद बांग्लादेश है. बीसीबी अधिकारियों ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 शुरू होने से एक महीने पहले शेड्यूल में बदलाव की अनुचित मांग की, जो नामुमकिन थी. आईसीसी द्वारा सुरक्षा का पूरा आश्वासन देने के बावजूद बांग्लादेश भारत में नहीं खेलने की जिद पर अदा रहा, नतीजा ये हुआ कि आईसीसी ने उन्हें टूर्नामेंट से बाहर कर स्कॉटलैंड को जगह दे दी.

IND vs NZ 3rd T20: आज गुवाहाटी में भारत और न्यूजीलैंड का तीसरा टी20…

0

भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का तीसरा मुकाबला आज गुवाहाटी के बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा. सीरीज में 2-0 से आगे चल रही टीम इंडिया आज सीरीज पर कब्जा करने के इरादे से मैदान पर उतरेगी.

वहीं न्यूजीलैंड की नजरें किसी तरह उलटफेर कर सीरीज हार के खतरे को टालने पर रहेंगी. तीसरे टी20 का टॉस शाम साढ़े 6 बजे होगा, वहीं मैच की शुरुआत 7 बजे से होगी.

नागपुर में खेले गए टी20 सीरीज के पहले मैच में भारतीय टीम ने 238 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया था. इस मैच में टीम इंडिया 48 रनों से जीती थी. इसके बाद रायपुर में दूसरा टी20 मैच खेला गया. इस मैच में कीवी टीम ने पहले खेलने के बाद 208 रन बनाए. जवाब में 6 रनों पर भारत के 2 विकेट गिर गए. संजू सैमसन एक छक्का लगाने के बाद और अभिषेक शर्मा जीरो पर पवेलियन लौट गए. फिर भी टीम इंडिया ने 15.2 ओवर में 209 रनों का लक्ष्य हासिल कर लिया.

गुवाहाटी की पिच रिपोर्ट

गुवाहाटी के बरसापार स्टेडियम की पिच बल्लेबाजों के लिए मुफीद रहती है. एक बार फिर हाई स्कोरिंग मैच देखने को मिल सकता है. इस मैदान पर 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारतीय टीम ने पहले खेलने के बाद 222 रन बनाए थे. हालांकि, टीम इंडिया यह मैच हार गई थी, क्योंकि ऑस्ट्रेलिया ने यह टारगेट चेज कर दिया था.

मैच प्रिडिक्शन

हमारा मैच प्रिडिक्शन मीटर कह रहा है कि इस मैच में भी टीम इंडिया की जीत के चांस ज्यादा हैं. मुकाबला 70-30 का है. कीवी टीम उलटफेर कर सकती है, लेकिन तभी जब वो चेज करो और टारगेट 180 से कम हो.

तीसरे टी20 में भारत की संभावित प्लेइंग इलेवन-

अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), ईशान किशन, सूर्यकुमार यादव (कप्तान), हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, रिंकू सिंह, अक्षर पटेल/कुलदीप यादव, जसप्रीत बुमराह/हर्षित राणा, अर्शदीप सिंह और वरुण चक्रवर्ती

तीसरे टी20 में न्यूजीलैंड की संभावित प्लेइंग इलेवन-

टिम सीफर्ट (विकेटकीपर), डेवोन कॉन्वे, रचिन रवींद्र, ग्लेन फिलिप्स, मार्क चैपमैन, डेरिल मिचेल, मिचेल सैंटनर (कप्तान), काइल जैमीसन, मैट हेनरी, ईश सोढ़ी और जैकब डफी

उत्तराखंड: पहाड़ों में बारिश-बर्फबारी के आसार, 6 नेशनल हाईवे समेत…

0

उत्तराखंड में मौसम का मिजाज फिलहाल बिगड़ा रहने वाला है. मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार आने वाले दिनों में उत्तराखंड के पर्वतीय इलाकों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना बनी हुई है.

खासतौर पर ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी से जनजीवन प्रभावित हो रहा है, वहीं कई अहम सड़कें यातायात के लिए बंद पड़ी हैं.

मौसम विभाग के मुताबिक रविवार को उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश और बर्फबारी के आसार हैं. 2800 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फ गिरने की संभावना जताई गई है. हालांकि मैदानी और अन्य जिलों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है. विभाग ने बताया कि 29 जनवरी तक प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की बारिश और बर्फबारी का सिलसिला जारी रह सकता है.

यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित

बर्फबारी और खराब मौसम के चलते प्रदेश में यातायात व्यवस्था भी बुरी तरह प्रभावित हुई है. राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार प्रदेश में छह राष्ट्रीय राजमार्गों समेत कुल 66 सड़कें बंद हैं. चमोली जिले में ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग हनुमान चट्टी से आगे बंद पड़ा है. इसके अलावा गोपेश्वर-मंडल-चोपता राष्ट्रीय राजमार्ग और जोशीमठ-मलारी-नीती राष्ट्रीय राजमार्ग भी भारी बर्फबारी के कारण यातायात के लिए अवरुद्ध हैं.

राष्ट्रीय राजमार्ग राड़ी टॉप से औरछाबैंड तक बंद

उत्तरकाशी जिले में ऋषिकेश-यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग राड़ी टॉप से औरछाबैंड तक बंद है, जबकि ऋषिकेश-गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग गंगनानी से आगे बर्फबारी की वजह से अवरुद्ध हो गया है. वहीं टिहरी जिले में चंबा-धनोल्टी-सुवाखोली राष्ट्रीय राजमार्ग भी बंद चल रहा है.

प्रशासन की ओर से बंद सड़कों को खोलने के प्रयास लगातार किए जा रहे हैं. संबंधित विभागों की टीमें मशीनों के साथ मौके पर तैनात हैं. हालांकि मौसम के लगातार खराब रहने से राहत कार्यों में दिक्कतें आ रही हैं. प्रशासन ने यात्रियों और स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे मौसम की स्थिति को देखते हुए अनावश्यक यात्रा से बचें और सुरक्षित स्थानों पर ही रहें.

क्रिप्टो बाजार में हाहाकार! बिटकॉइन ETF से  1.72 बिलियन की निकासी…

0

वैश्विक स्तर पर चल रही अनिश्चितताओं का असर क्रिप्टो करेंसी मार्केट में भी देखने को मिल रहा है. इस सप्ताह बिटकॉइन समेत दूसरे क्रिप्टो करेंसी के भाव में जबरदस्त गिरावट देखने को मिली है.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के फैसलों और बयानों ने इन उतार-चढ़ाव को हवा दी है. हाल ही में ट्रंप ने कनाडा पर 100 फीसदी टैरिफ लगाने की धमकी दी है.

आंकड़ों की बात करें तो, आखिरी 5 दिनों में बिटकॉइन ईटीएफ से 1.72 बिलियन डॉलर और इथेरियम ईटीएफ से 611 मिलियन डॉलर की जबरदस्त निकासी देखने को मिली है. जिससे कारण क्रिप्टो करेंसी बाजार लगातार दबाव महसूस कर रहा है. इन गिरावटों से निवेशकों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है. आइए जानते हैं, बिटकॉइन समेत दूसरे क्रिप्टो करेंसी का हाल…..

बिटकॉइन का हाल

कॉइनमार्केट कैप के अनुसार, 25 जनवरी की सुबह करीब 11:15 बजे बिटकॉइन 88,774 डॉलर पर कारोबार कर रहा था. आंकड़ों के अनुसार, पिछले 7 दिनों में इसमें 6.74 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है. वहीं, आखिरी 24 घंटे में यह करीब 1 फीसदी तक फिसल गया है.

दावोस में अमेरिकी सरकार और ग्रीनलैंड के बीच उपजे विवाद पर ट्रंप की नरमी के बाद बिटकॉइन की कीमतों में तेजी देखने को मिली थी. हालांकि, पिछले 5 दिनों से बिटकॉइन ईटीएफ से लगातार निकासी की जा रही है. जिससे इसकी कीमतों में दबाव देखने को मिल रहा है.

टीथर, एथेरियम और बीएनबी का हाल

मौजूदा समय में टीथर की कीमत करीब 0.9985 डॉलर है और पिछले 7 दिनों में इसमें लगभग 0.11 फीसदी की हल्की गिरावट दर्ज की गई है. जिससे यह लगभग स्थिर बना हुआ है. वहीं, एथेरियम इस समय 2,939.61 डॉलर पर ट्रेड कर रहा है और बीते एक हफ्ते में इसमें करीब 11.34 प्रतिशत की गिरावट आई है.

दूसरी ओर, बीएनबी की कीमत लगभग 879.43 डॉलर है और पिछले 7 दिनों में इसमें करीब 7.19 फीसदी की कमजोरी देखने को मिली है. इन तीनों क्रिप्टो कॉइन पर हाल के दिनों में बाजार के दबाव का असर साफ नजर आ रहा है.

सोलाना और डॉजकॉइन की स्थिति

सोलाना की मौजूदा कीमत करीब 126.48 डॉलर है और पिछले 7 दिनों में इसमें लगभग 11.38 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है. वहीं, डॉजकॉइन इस समय करीब 0.1231 डॉलर पर कारोबार कर रहा है और बीते एक हफ्ते में इसमें लगभग 10.31 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है.

ECINET की शुरुआत! चुनावी तकनीक में भारत का बड़ा डिजिटल कदम, जानिए कैसे…

0

भारत के चुनावी सिस्टम को और ज्यादा आधुनिक और एकीकृत बनाने की दिशा में चुनाव आयोग ने एक अहम पहल की है. Election Commission of India ने आधिकारिक तौर पर ECINET लॉन्च किया. यह एक ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है जिसमें 40 से ज्यादा चुनाव से जुड़े ऐप्स और पोर्टल्स को एक ही जगह जोड़ा गया है.

इस प्लेटफॉर्म को मौजूदा India International Conference on Democracy and Election Management (IICDEM) के दौरान पेश किया गया.

दुनिया के चुनाव आयोगों को भारत का सहयोग प्रस्ताव

ECINET के लॉन्च के मौके पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने दुनियाभर के चुनाव प्रबंधन निकायों (EMBs) को सहयोग का प्रस्ताव दिया. उन्होंने कहा कि जिस टीम ने ECINET को तैयार किया है, वह अन्य देशों के चुनाव आयोगों के साथ मिलकर उनके कानून और भाषाओं के अनुसार ऐसे ही प्लेटफॉर्म विकसित करने में मदद कर सकती है.

उन्होंने विदेशी प्रतिनिधियों से अपील की कि वे इस प्लेटफॉर्म का अध्ययन करें और अगर चाहें तो भारत का चुनाव आयोग उनके साथ मिलकर काम करने के लिए पूरी तरह तैयार है.

22 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध

ECINET को पिछले करीब आठ वर्षों में विकसित किया गया है और इसे पूरी तरह भारतीय चुनाव कानूनों के अनुरूप बनाया गया है. यह प्लेटफॉर्म 22 भारतीय भाषाओं के साथ-साथ अंग्रेज़ी में भी उपलब्ध है ताकि देश के हर वर्ग तक चुनाव से जुड़ी जानकारी आसानी से पहुंच सके.

40+ ऐप्स को एक प्लेटफॉर्म पर लाने का मकसद

ECINET को एक वन-स्टॉप डिजिटल सॉल्यूशन के तौर पर डिजाइन किया गया है. इसका उद्देश्य नागरिकों, उम्मीदवारों, राजनीतिक दलों और चुनाव अधिकारियों को एक ही मंच पर जोड़ना है. इसके जरिए वोटर रजिस्ट्रेशन, मतदाता सूची खोज, आवेदन की स्थिति ट्रैक करना, उम्मीदवारों की जानकारी, चुनाव अधिकारियों से संपर्क, BLO से कॉल बुक करना, e-EPIC डाउनलोड, लगभग रियल-टाइम मतदान ट्रेंड और शिकायत निवारण जैसी सुविधाएं मिलती हैं.