वंदे मारतम को लेकर एक बार फिर विवाद हो रहा है. केरल में सिर्फ दो अंतरा गाने को लेकर विवाद हो रहा है. केरल के स्वास्थ्य मंत्री के. मुरलीधरन और कांग्रेस सांसद राजमोहन उन्नीथन ने रविवार को कहा कि सरकारी कार्यक्रमों में राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ के सिर्फ पहले दो अंतरा ही गाए जाएंगे.
दो अंतरा ही गाए जाएंगे
मुरलीधरन ने पत्रकारों से केरल में बात करते हुए कहा-केरल में हमेशा की तरह राष्ट्रगीत के केवल शुरुआती दो अंतरा ही गाए जाएंगे. राज्य सरकार के सभी कार्यक्रमों में पहले भी सिर्फ शुरुआती दो अंतरा ही गाए जाते थे और यह परंपरा आगे भी जारी रहेगी.
इस जन्म में नहीं गाया जाएगा
राजमोहन उन्नीथन ने कहा कि ‘केरल में इस जन्म में वंदे मातरम का पूरा गाया नहीं जाएगा.’ एक टीवी चैनल से बात करते हुए उन्होंने कहा- ‘हालांकि उन्हें मुख्य सचिव के राष्ट्रीय गीत को पूरा गाने के निर्देश के बारे में कोई जानकारी नहीं थी, लेकिन इसे पूरा नहीं गाया जाएगा, भले ही नरेंद्र मोदी हमें गोली मारने की धमकी दें. इसे उसी तरह गाया जाएगा जैसे अब तक गाया जाता रहा है. इससे ज्यादा कुछ नहीं गाया जाएगा.’
राजमोहन उन्नीथन और के. मुरलीधरन दोनों ने केरल के मुख्य सचिव विश्वनाथ सिन्हा के 6 अगस्त के उस पत्र का जवाब दे रहे थे, जिसमें कहा गया था कि ‘आज़ादी का अमृत महोत्सव’ के तहत 2022 में शुरू किए गए इस अभियान के 2026 वाले संस्करण को राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे होने के देशव्यापी जश्न के तीसरे चरण के साथ जोड़ दिया गया है. इस फैसले को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता वाली राष्ट्रीय कार्यान्वयन समिति ने मंजूरी दी थी.
तिरंगे के साथ सेल्फी लेनी है
पत्र के अनुसार इस दौरान होने वाले सभी फिजिकल कार्यक्रमों में वंदे मातरम का सामूहिक गायन और राष्ट्रीय ध्वज फहराना या प्रदर्शित करना शामिल होगा. वहीं, डिजिटल भागीदारी ‘हर घर तिरंगा’ पोर्टल के जरिए होगी, जहाँ नागरिक तिरंगे के साथ अपनी सेल्फी अपलोड कर सकेंगे. यह पत्र केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय की ओर से ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के संबंध में मिले संदेश के बाद जारी किया गया है. यह अभियान इस साल 9 से 17 अगस्त तक चलाया जाएगा.
इसमें यह भी कहा गया है कि ‘वंदे मातरम’ के गायन के संबंध. में भारत सरकार के निर्देशों का पूरी तरह से पालन किया जाएगा.



