Home Blog Page 513

ऑनलाईन पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति हेतु आवेदन करने की तिथि जारी

0

शिक्षा सत्र 2025-26 हेतु कक्षा 12वीं से उच्चतर कक्षाओं के लिए ऑनलाईन पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति का पंजीयन, स्वीकृति एवं वितरण की कार्यवाही वेबसाइट पोस्ट मैट्रिक-स्काॅलरशीप डाॅट सीजी डाॅट एनआईसी डाॅट इन पर की जा रही है। सहायक आयुक्त आदिवासी विकास ने बताया कि छत्तीसगढ़ राज्य के बाहर अध्ययनरत विद्यार्थियों द्वारा ऑनलाईन नवीनीकरण तथा नवीन पंजीयन 31 अगस्त 2025 तक की तिथि निर्धारित की गई है। इसके साथ ही स्वीकृति एवं डिसबर्स करने की तिथि शासकीय संस्था हेतु 07 सिंतबर एव अशासकीय संस्था हेतु 10 सितंबर की तिथि निर्धारित की गई है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2025-26 से छात्रवृत्ति का भुगतान पीएफएमएस के माध्यम से किया जा रहा है। पीएफएमएस द्वारा आधारित भूगतान की जा रही है। उन्होंने सभी विद्यार्थियों को ऑनलाईन आवेदन करते समय आधार सीडेड बैंक खाता नंबर की प्रविष्टि सुनिश्चित करने को कहा है। इसके साथ ही सत्र 2024-25 अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों को अनिवार्य रूप से ओटीआर की प्रविष्टि आॅनलाईन आवेदन करते समय किया जाना है। ओटीआर की प्रविष्टि के संबंध में संस्थाओं द्वारा विद्यार्थियों अधिक जानकारी प्रदान की जाएगी।

पद्म पुरस्कार के लिए 15 अगस्त तक ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित

0

भारत के ऐसे नागरिक जिन्होंने समाज सेवा, पर्यावरण संरक्षण, खेल, कला एवं संस्कृति, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य किया है और राष्ट्रीय अथवा अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। वे पद्म पुरस्कार के लिए 15 अगस्त 2025 तक भारत सरकार के पोर्टल अवार्ड्स डॉट जीओवी डॉट इन
https://awards.gov.in
पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

भारत के सर्वाेच्च नागरिक सम्मानों में से एक, पद्म पुरस्कारों की घोषणा हर साल गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर की जाती है। ये पुरस्कार तीन श्रेणियों में दिए जाते हैंरू असाधारण और विशिष्ट सेवा के लिए पद्म विभूषण; उच्चतर स्तर की विशिष्ट सेवा के लिए पद्मभूषण और किसी भी क्षेत्र में विशिष्ट सेवा के लिए पद्मश्री। इन पुरस्कारों के लिए चुने जाने वाले व्यक्ति की उपलब्धियों में जनसेवा का भाव होना चाहिए।

’पात्रता’
जाति, व्यवसाय, पद या लिंग के भेदभाव के बिना कोई भी व्यक्ति इन पुरस्कारों के लिए पात्र है। हालाँकि, डॉक्टरों और वैज्ञानिकों को छोड़कर, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में कार्यरत सरकारी कर्मचारी इन पुरस्कारों के लिए पात्र नहीं हैं।
यह पुरस्कार विशिष्ट कार्यों को मान्यता प्रदान करने के लिए दिया जाता है और सभी गतिविधियों/विषयों में विशिष्ट एवं असाधारण उपलब्धियों/सेवाओं के लिए दिया जाता है। इन क्षेत्रों की विस्तृत सूची इस प्रकार है :

कला – इसमें संगीत, चित्रकला, मूर्तिकला, फोटोग्राफी, सिनेमा, रंगमंच आदि शामिल हैं।
सामाजिक कार्य – इसमें किफायती स्वास्थ्य सेवा और शिक्षा के क्षेत्र में सामाजिक और धर्मार्थ सेवाएं, पर्यावरण, स्वच्छता आदि जैसी सामुदायिक परियोजनाओं में अन्य योगदान शामिल हैं।
सार्वजनिक मामले – इसमें कानून, सार्वजनिक जीवन, राजनीति आदि के क्षेत्र में कार्य शामिल हैं।
विज्ञान एवं इंजीनियरिंग – इसमें अंतरिक्ष इंजीनियरिंग, परमाणु विज्ञान, सूचना प्रौद्योगिकी, विज्ञान एवं इसके संबद्ध विषयों में अनुसंधान एवं विकास आदि शामिल हैं।

संयुक्त टीम ने कृषि केंद्रों का किया जांच, 6 केन्द्रों को नोटिस जारी

0

बलौदाबाजार भाटापारा जिले के कलेक्टर दीपक सोनी के निर्देशानुसार जिले में कृषि केन्द्रों का सघन जांच अभियान जारी है, जिसमें कृषि विभाग एवं राजस्व विभाग के संयुक्त दल द्वारा जिले के विभिन्न विकासखंडो में छापेमारी की कार्रवाई की जा रही है। जांच के दौरान अनियमितता पाये जाने पर 6 कृषि केन्द्रों को नोटिस जारी किया तथा 1 कृषि केन्द्र का कीटनाशक एवं फंफूदीनाशक जप्त किया गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार बलौदाबाजार एसडीएम अमित गुप्ता, तहसीलदार राजू पटेल, नायब तहसीलदार हमेश साहू, सहायक भू संरक्षण अधिकारी नारद कुमार भारद्वाज, उर्वरक निरीक्षक लोकनाथ दीवान द्वारा बलौदाबाजार के प्रवीण इंटरप्राइजेज एवं नवीन ट्रेडर्स का निरीक्षण किया गया। नवीन ट्रेडर्स में उपलब्ध कीटनाशकों का स्रोत प्रमाण पत्र संधारित नहीं किया गया था, विक्रय केंद्र में उपलब्ध स्कंध एवं दर सूची प्रदर्शित नहीं किया गया था साथ ही स्कंध पंजी एवं बिल बुक का भी उचित संधारण नहीं किया गया था, जिस कारण उन्हें कारण बताओं नोटिस जारी किया गया है। प्रवीण एंटरप्राइजेज बलौदाबाजार का भी निरीक्षण किया गया, निरीक्षण के दौरान विक्रय केंद्र में उपलब्ध कीटनाशकों का स्रोत प्रमाण पत्र संधारित नहीं किया गया था जिस कारण संबंधित कीटनाशक एवं फंफूदीनाशक जब्त किया गया।

पलारी एसडीम दीपक निकुंज एवं उर्वरक निरीक्षक सुचिन कुमार वर्मा द्वारा पलारी के किसान सेवा केंद्र एवं कृषि सेवा केंद्र क्या निरीक्षण किया गया निरीक्षण के दौरान विक्रय केंद्र में निर्धारित प्रारूप में स्कंध पंजी का निर्धारण नहीं करने तथा विभाग को नियमित रूप से मासिक जानकारी प्रस्तुत नहीं करने पर कारण बताओं नोटिस जारी किया गया है। भाटापारा एसडीम अभिषेक गुप्ता, उपसंचालक कृषि दीपक कुमार नायक एवं उर्वरक निरीक्षक अवधेश उपाध्याय द्वारा विकासखंड भाटापारा में संचालित कृषि सोपान तथा न्यू साहू कृषि सेवा केंद्र का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान विक्रय केन्द्रों में भौतिक स्कंध एवं पास में प्रदर्शित स्कंध भिन्नता पाये जाने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

इसी तरह सिमगा एसडीएम अंशुल वर्मा, अनुविभागीय कृषि अधिकारी जयइन्द्र कंवर, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी भागीरथी प्रजापति एवं संतोष दास मानिकपुरी द्वारा सिमगा में संचालित किसान कृषि केंद्र एवं दामाखेड़ा के अग्रवाल कृषि केंद्र का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान विक्रय केंद्र में भौतिक स्कंध एवं पास मशीन में उपलब्ध स्कंध में भिन्नता पाये जाने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

आईटीआई प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन 13 से 16 अगस्त तक

0

राज्य की शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं (आईटीआई) में रिक्त सीटों पर प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। ऑनलाइन आवेदन 13 अगस्त से शुरू होंगे, जो 16 अगस्त 2025 की रात 11.59 बजे तक लिए जाएंगे। इच्छुक अभ्यर्थी वेबसाइट
Cgiti.admissions.nic.in
पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।

सहायक संचालक, संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण से मिली जानकारी के अनुसार अभ्यर्थियों को आवेदन करने से पहले वेबसाइट पर उपलब्ध प्रवेश विवरणिका को ध्यान से पढ़ने की सलाह दी गई है। किसी भी प्रकार की सहायता के लिए अभ्यर्थी नजदीकी शासकीय आईटीआई संस्था या वेबसाइट पर दिए गए हेल्पलाइन नंबर से संपर्क कर सकते हैं। आवेदन की समय-सीमा से पहले अभ्यर्थी अपने फॉर्म में सुधार या संस्था/व्यवसाय प्राथमिकता क्रम में बदलाव कर सकते हैं।

सहायक संचालक, संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण ने यह भी स्पष्ट किया है कि पहले से आवेदन कर चुके अभ्यर्थी, जो अगले चरण में शामिल होना चाहते हैं, उन्हें अपने लॉगिन आईडी और पासवर्ड से लॉगिन कर संस्था/व्यवसाय का प्राथमिकता क्रम फिर से चुनना अनिवार्य है। अभ्यर्थी द्वारा ऐसा नहीं करने पर वे अगले चरण में शामिल नहीं हो पाएंगे।

आदि कर्मयोगी अभियान: रेस्पॉन्सिव गवर्नेस प्रोग्राम की रायपुर में हुई शुरूआत

0

जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के मुख्य तत्वाधान में आदि कर्मयोगी अभियान-रेस्पॉन्सिव गवर्नेस प्रोग्राम की रायपुर में आज शुरूआत हुई। इस महत्वाकांक्षी अभियान में बीआरएलएफ (भारत ग्रामीण आजीविका मिशन) द्वारा विशेष सहयोग प्रदान किया जा रहा है, जबकि आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग इसका आयोजक है।

इस अभियान का मुख्य उद्देश्य जनजातीय विकास और परिवर्तन के लिए व्यक्तियों और संस्थाओं को सशक्त बनना है, ताकि जमीनी स्तर पर आ रही समस्याओं को जानकर उन्हें दूर करने के लिए एक प्रभावी योजना बनाई जा सके। इसी के अंतर्गत आज स्टेट प्रोग्रेसिव लैब की शुरूआत होटल बेबीलॉन इन्टरनेशनल, रायपुर में शुरूआत हुई।

इस अभियान के अंतर्गत जिला मास्टर्स ट्रेनर्स को प्रशिक्षित किया जाना है। दो चरणों में संपादित होने वाले इस कार्यक्रम का प्रथम चरण 11 से 14 अगस्त एवं दूसरा चरण 18 से 21 अगस्त तक आयोजित किया जाना है। प्रथम चरण में आज तीन संभाग बिलासपुर, रायपुर एवं दुर्ग के जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनर्स उपस्थित हुए। आज का सेशन बहुत ही उपयोगी एवं रोमांचक रहा इसमें उपस्थित मास्टर ट्रेनर्स के मध्य कुछ एक्टीविटीस करवाई गई एवं उनके सुझाव आमंत्रित किये गये। मास्टर ट्रेनर्स प्रशिक्षण के प्रथम चरण के अंतर्गत आदिम जाति विभाग, शिक्षा विभाग पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, महिला बाल विकास एवं स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के 100 से अधिक चयनित मास्टर ट्रेनर्स उपस्थित हुए।

मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन करेंगे कार्यक्रम का उद्घाटन

मुख्य सचिव अमिताभ जैन के मुख्य आतिथ्य में 12 अगस्त को इस कार्यक्रम का उद्घाटन होगा। इसमें विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की अपर मुख्य सचिव ऋचा शर्मा, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की प्रमुख सचिव निहारिका बारिक सिंह, आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर के अलावा तथा स्कूल शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग एवं लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव उपस्थित होंगे।

प्रसव के दौरान लापरवाही: सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भटगांव की आरएचओ निलंबित

0

सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भटगांव, जिला सूरजपुर में 09 अगस्त को ओड़गी विकासखंड की रहने वाली श्रीमती कुन्ती पंडो के प्रसव के दौरान प्रसव कक्ष में किसी भी चिकित्सक एवं स्टाफ की अनुपस्थिति का मामला सामने आया था। इस गंभीर लापरवाही को देखते हुए जिला स्तरीय समिति द्वारा जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत की गई।

जांच रिपोर्ट में आरएचओ (महिला) श्रीमती विक्टोरिया केरकेट्टा के कार्य में लापरवाही की पुष्टि होने पर उन्हें छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के तहत निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही ड्यूटी रोस्टर के अनुसार संबंधित मेडिकल ऑफिसर और स्टाफ नर्स पर भी कार्रवाई की अनुशंसा कर राज्य शासन को रिपोर्ट भेजी गई है।

स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने इस मामले के संज्ञान में आते ही स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों को पूरे मामले किंजच करने और दोषी अधिकारी कर्मचारी पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। इसके परिपालन में जिला स्तरीय जांच टीम का गठन कर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत की गई।

डिजिटल तकनीक का उपयोग करें लेकिन उस पर निर्भरता से बचें – राज्यपाल डेका

0

राज्यपाल रमेन डेका ने युवाओं का आव्हान किया है कि डिजिटल तकनीक का उपयोग नवाचार और रचनात्मकता के लिए करें लेकिन उस पर निर्भरता से बचें। उन्होंने पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर में सोमवार को डिजिटल मानसिक स्वास्थ्य विषय पर आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में कहा कि कोविड-19 के बाद डिजिटल माध्यम ने शिक्षा, कार्य और रिश्तों को आसान बनाया पर इससे तनाव, चिंता और अवसाद जैसी समस्याएं भी बढ़ी हैं। योग ध्यान और संतुलित जीवन अपनाकार ही मानसिक स्वास्थ्य को मजबूत रखा जा सकता है।

कार्यशाला में विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपति, महाविद्यालयों के प्राचार्य, शिक्षक शोधार्थी, सामाजिक संगठनांे से जुड़े बुद्धिजीवी और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित थे। प्रतिभागियों ने डिजिटल युग में मानसिक स्वास्थ्य को बनाये रखने के उपायो पर विचार विमर्श किया। राज्यपाल श्री डेका ने कार्यशाला में कहा कि 21 सदी में हमारी जीवनशैली में बड़ा बदलाव आया लेकिन प्रकृति का स्वरूप आज भी वैसा ही है। सूर्य पूर्व में उगता है और पश्चिम में अस्त होता है। धरती अब भी हरियाली का चादर ओढ़ कर हमे जीवन देती है, परंतु बदलाव हमारी सभ्यता व दिनचर्या में हुआ है। सतत् विकास की कमी और बदलते परिवेश ने मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित किया है।

राज्यपाल ने कहा कि एकल परिवारों की बढ़ती प्रवृत्ति और परिवारजनों के बीच संवाद की कमी ने भी मानसिक स्वास्थ्य को कमजोर किया है। आज अधिकांश लोग मोबाईल और इंटरनेट में व्यस्त रहते है और आपसी संवाद व भावनात्मक जुड़ाव कम होता जा रहा है।

डेका ने विद्यार्थियों से कहा कि मानसिक दबाव न हो इसके लिए वे अपनी क्षमता के अनुरूप अपने कैरियर का चुनाव करें और अनावश्यक प्रतिस्पर्धा से बचें। ओवरथिंकिंग और संदेह से दूर रह कर जीवन का आनंद लें। मनोवैज्ञानिक परामर्श लेने में संकोच न करें और अंतरात्मा की आवाज सुनकर अपने लिए सही रास्ते का चुनाव करें। उन्होंने कहा कि प्रार्थना, योग, ध्यान, प्राणायाम और सात्विक जीवन शैली भारतीय परंपरा में मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के मूल आधार रहे हैैं, यदि इन्हें दिनचर्या में शामिल किया जाए तो जीवन की कई चुनौतियों का समाधान स्वतः मिल सकता है।

”CG: सामान्य प्रशासन विभाग की तरफ से मुख्यमंत्री और सरकार के अन्य मंत्री स्वतंत्रता दिवस समारोह में झंडारोहण करेंगे, इसकी सूची जारी कर दी गई है ..”

0

सामान्य प्रशासन विभाग की तरफ से मुख्यमंत्री और सरकार के अन्य मंत्री किन जिला मुख्यालयों में अतिथि के तौर पर स्वतंत्रता दिवस समारोह में शिरकत करेंगे और झंडारोहण करेंगे, इसकी सूची जारी कर दी गई है।

1. रायपुर में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय करेंगे मुख्य ध्वजारोहण समारोह।
2. सभी जिलों में मंत्री, सांसद करेंगे झंडा फहराने की जिम्मेदारी।
3. स्कूल, कॉलेज, कार्यालयों में भी ध्वजारोहण कार्यक्रम होंगे आयोजित।

इस संबंध में सामान्य प्रशासन विभाग की तरफ से मुख्यमंत्री और सरकार के अन्य मंत्री किन जिला मुख्यालयों में अतिथि के तौर पर स्वतंत्रता दिवस समारोह में शिरकत करेंगे और झंडारोहण करेंगे, इसकी सूची जारी कर दी गई है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रायपुर तो डिप्टी CM अरुण साव बिलासपुर में झंडा फहराएंगे। देखें पूरी सूची

  1. रायपुर – श्री विष्णुदेव साय, माननीय मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़
  2. बस्तर – श्री तोखन साहू, माननीय संघ राज्य मंत्री
  3. बिलासपुर – श्री अरुण साव, माननीय उप मुख्यमंत्री
  4. दुर्ग – श्री विजय शर्मा, माननीय उप मुख्यमंत्री
  5. राजनांदगांव – डॉ. रमन सिंह, माननीय विधानसभा अध्यक्ष
  6. सरगुजा – श्री रामविचार नेताम, माननीय मंत्री
  7. गरियाबंद – श्री दयालदास बघेल, माननीय मंत्री
  8. बालोद – श्री केदार कश्यप, माननीय मंत्री
  9. कोरबा – श्री लखन लाल देवांगन, माननीय मंत्री
  10. जशपुर – श्री श्याम बिहारी जायसवाल, माननीय मंत्री
  11. रायगढ़ – श्री ओ.पी. चौधरी, माननीय मंत्री
  12. सूरजपुर – श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, माननीय मंत्री
  13. जांजगीर-चांपा – श्री टंकाराम राम वर्मा, माननीय मंत्री
  14. बलौदाबाजार – श्री बृजमोहन अग्रवाल, माननीय सांसद
  15. बेमेतरा – श्री विजय बघेल, माननीय सांसद
  16. कवर्धा – श्री संतोष पांडेय, माननीय सांसद

 

 

सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

प्रश्न 1:  1. प्रश्न: 15 अगस्त 2025 को छत्तीसगढ़ में मुख्य ध्वजारोहण कहां होगा? उत्तर:   उत्तर: छत्तीसगढ़ में 15 अगस्त 2025 का मुख्य समारोह राजधानी रायपुर में आयोजित होगा, जहाँ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ध्वजारोहण करेंगे।

प्रश्न 2:  2. प्रश्न: क्या जिला स्तर पर भी स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किए जाएंगे? उत्तर:   उत्तर: हाँ, सभी जिला मुख्यालयों, स्कूलों, कॉलेजों, थानों, तहसीलों और विभागीय कार्यालयों में ध्वजारोहण समारोह आयोजित किया जाएगा।

प्रश्न 3:  3. प्रश्न: बलौदाबाजार जिले में स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्य अतिथि कौन होंगे? उत्तर:   उत्तर: बलौदाबाजार जिले में 15 अगस्त को मुख्य अतिथि श्री बृजमोहन अग्रवाल, माननीय सांसद होंगे।

”CG: धर्मांतरण पर नया कानून लाएगी सरकार, नया कानून अगले विधानसभा सत्र में पेश किया जाएगा ..”

0
छत्तीसगढ़ में इन दिनों धर्मांतरण के मुद्दे पर जमकर सियासत हो रही है। पिछले हफ्ते पुलिस ने बजरंग दल की शिकायत के बाद दो ईसाई ननो को दुर्ग स्टेशन से हिरासत में ले लिया था। जिसके बाद प्रदेश की राजनीतिक गलियारों में आरोप प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। इसी बीच धर्मांतरण को लेकर गृह मंत्री विजय शर्मा का बड़ा बयान सामने आया है। मंत्री शर्मा ने कहा कि धर्मांतरण को सरकार कानून बनाएगी। उन्होंने कहा कि अगले सत्र में धर्मांतरण को लेकर नया कानून पास किया जाएगा। नए कानून में धर्मांतरण करने वालों के खिलाफ बड़ कानून का प्रावधान होगा। पुलिस सख्ती के साथ धर्मांतरण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करेंगी। प्रलोभन, लालच और धमकी देकर धर्मांतरण करने वालों को नहीं बख्शा जाएगा।

‘मैं साइन नहीं करूंगा, ये EC का ही डेटा है…’, राहुल गांधी बोले- गुमराह कर रहा चुनाव आयोग”

0

विपक्षी सांसदों ने सोमवार को बिहार में मतदाता सूची संशोधन और कथित ‘वोट चोरी’ के खिलाफ संसद से चुनाव आयोग तक मार्च निकाला, लेकिन पुलिस ने बीच में रोककर सभी को हिरासत में ले लिया. इस मार्च में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे समेत कई विपक्षी दलों के सांसद शामिल थे.

‘चुनाव आयोग का डेटा फटेगा’ मार्च के दौरान मीडिया ने राहुल गांधी से पूछा कि चुनाव आयोग ने आपको नोटिस का जवाब देने को कहा है और आप जवाब नहीं दे रहे हैं. राहुल गांधी ने जवाब देते हुए कहा, ‘ये चुनाव आयोग का डेटा है, मेरा डेटा थोड़ी है जो मैं साइन करूं. हमने आपको ही दिया है, आप अपनी वेबसाइट पर डाल दीजिए, सबको पता लग जाएगा. ये सिर्फ बेंगलुरु में नहीं, देश के अलग-अलग निर्वाचन क्षेत्रों में हुआ है. चुनाव आयोग जानता है कि उसका डेटा फटेगा, इसलिए उसे कंट्रोल और छिपाने की कोशिश हो रही है.’

चुनाव आयोग ने भेजा नोटिस; दरअसल कर्नाटक की वोटर लिस्ट में गड़बड़ी के राहुल गांधी के आरोपों पर चुनाव आयोग ने कड़ा रुख दिखाया है. आयोग ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को पत्र लिखकर कहा है कि उन्होंने मतदाताओं के नाम, पते और पहचान में धांधली के जो आरोप लगाए हैं, उनके सबूत पेश करें और शपथ पत्र पर हस्ताक्षर करें. अगर वे ऐसा नहीं करते, तो अपने बयान वापस लें और जनता को गुमराह करना बंद करें.

विपक्षी सांसदों का मार्च संसद मार्ग पर पीटीआई बिल्डिंग के पास पुलिस ने बैरिकेड लगाकर रास्ता रोक दिया. इसके बाद कई सांसद सड़क पर बैठकर नारेबाजी करने लगे. टीएमसी की महुआ मोइत्रा, कांग्रेस की संजना जाटव और जोठिमणि समेत कुछ महिला सांसद बैरिकेड पर चढ़कर चुनाव आयोग के खिलाफ नारे लगाने लगीं. पुलिस सभी को बसों में बैठाकर संसद मार्ग थाने ले गई, जहां बाद में उन्हें छोड़ दिया गया.

‘यह लड़ाई राजनीतिक नहीं, बल्कि संविधान बचाने की है’ राहुल गांधी ने कहा कि यह लड़ाई राजनीतिक नहीं, बल्कि संविधान बचाने की है. ‘यह लड़ाई ‘वन मैन, वन वोट’ के लिए है और हम एक साफ-सुथरी मतदाता सूची चाहते हैं.’ उन्होंने आरोप लगाया कि कर्नाटक के एक विधानसभा क्षेत्र में उनकी पार्टी के रिसर्च में एक लाख से ज्यादा फर्जी वोट मिले हैं और चुनाव आयोग इस सच को छिपाने की कोशिश कर रहा है.