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अंबेडकरनगर: नकली सोना बेचकर 2 लाख की ठगी, पुलिस की मिलीभगत उजागर…

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उत्तर प्रदेश अंबेडकरनगर से बड़ी खबर सामने आई है जहां सोना तस्करी के नाम पर ठगी और पुलिस की मिलीभगत का सनसनीखेज मामला उजागर हुआ है. वर्दी पर काला धब्बा लगाने वाले दोनों सिपाहियों और एक अन्य को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.

साथ ही दोनों को निलंबित कर दिया गया है.

पूरा मामला गोरखपुर के रहने वाले शिवम मिश्रा से जुड़ा है. शिवम मिश्रा से उनके मोबाइल पर अज्ञात व्यक्ति द्वारा कॉल कर 50 ग्राम सोना दो लाख रुपये में देने का लालच दिया गया. शिवम मिश्रा को फोन पर यह कहा गया कि उन्हें बहुत कम दाम में असली सोना मिल सकता है. इस लालच में फंसकर शिवम मिश्रा अंबेडकरनगर पहुंच गए. उन्हें नहीं पता था कि वह एक बड़े षड्यंत्र का शिकार होने जा रहे हैं.

देवरिया बाजार में हुई ठगी

13 जनवरी को शिवम मिश्रा राजेसुल्तानपुर थाना क्षेत्र के देवरिया बाजार पहुंचे जहां उन्हें स्थानीय व्यक्ति प्रमोद सिंह और वीरेंद्र वर्मा मिले. दोनों ने शिवम मिश्रा से दो लाख रुपये लिए और बदले में उसे 50 ग्राम सोना के नाम पर एक बैग थमा दिया. जब शिवम मिश्रा ने बैग खोला तो उसमें सोने की जगह नकली नोटों से भरा था. यह देखकर शिवम मिश्रा को बहुत बड़ा झटका लगा. उन्हें समझ आ गया कि उनके साथ ठगी हुई है.

पुलिस सिपाहियों ने दी धमकी

नकली नोट देखकर जब शिवम ने विरोध किया तो पीआरवी 112 पर तैनात दो सिपाही मौके पर पहुंचे. लेकिन पीड़ित की मदद करने की बजाय सिपाहियों ने उसे धमकाया. सिपाहियों ने कहा कि वे शिवम को सोना तस्करी के मामले में फंसा कर जेल भेज देंगे. उस समय शिवम मिश्रा डर कर गोरखपुर लौट गए. उन्हें लगा कि अगर वे वहां रुके तो उन्हें झूठे मामले में फंसाया जा सकता है. पुलिस की धमकी के डर से वे चुप रह गए.

एसपी से की शिकायत

इसके बाद पीड़ित शिवम मिश्रा बीते दिनों वापस आए और सीधे पुलिस अधीक्षक से शिकायत की. उन्होंने एसपी को पूरा मामला विस्तार से बताया और बताया कि किस तरह उनके साथ ठगी हुई और पुलिस सिपाहियों ने उन्हें धमकाया. एसपी ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तुरंत जांच के आदेश दिए. जांच टीम गठित की गई जिसने इस पूरे मामले की गहन जांच की.

एसपी के निर्देश पर हुई जांच में आरोप सही पाए गए. जांच में यह साबित हुआ कि वाकई शिवम मिश्रा के साथ ठगी हुई थी और पुलिस सिपाहियों ने आरोपियों का साथ दिया था. जांच में यह भी पता चला कि दोनों सिपाही आरोपियों के साथ मिलकर काम कर रहे थे. उन्होंने पीड़ित को डराकर चुप करा दिया था ताकि आरोपी बच सकें.

तीन आरोपी गिरफ्तार, एक फरार

जांच के बाद मुकदमा दर्ज किया गया. आरोपी प्रमोद सिंह, दोनों सिपाही अनिल यादव और आदर्श यादव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया. फरार आरोपी वीरेंद्र वर्मा की तलाश की जा रही है. पुलिस ने बताया कि जल्द ही वीरेंद्र वर्मा को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा. उसकी तलाश के लिए कई टीमें लगाई गई हैं.

दोनों सिपाही निलंबित

एसपी ने दोनों सिपाहियों को निलंबित कर दिया है और विभागीय कार्रवाई भी शुरू करा दी है. एसपी की बड़ी कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है. पुलिस विभाग में इस तरह की घटना से काफी शर्मिंदगी हुई है. वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा है कि जो भी अपनी वर्दी को बदनाम करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.

यह मामला पुलिस की छवि पर बड़ा सवाल खड़ा करता है. जिन सिपाहियों को जनता की सेवा और सुरक्षा करनी चाहिए थी, वे ही अपराधियों का साथ दे रहे थे. यह वर्दी पर काला धब्बा है. स्थानीय लोगों ने भी इस घटना की निंदा की है. उनका कहना है कि पुलिस में ऐसे तत्वों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए. जनता को पुलिस पर भरोसा होना चाहिए, न कि डर. एसपी की इस सख्त कार्रवाई से साफ संदेश गया है कि पुलिस विभाग में किसी भी तरह की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. जो भी अपराधियों का साथ देगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा.

पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि आगे भी ऐसी किसी भी घटना पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. विभाग की साख बनाए रखना सबसे जरूरी है.

आगे की कार्रवाई जारी

फिलहाल मामले की आगे की जांच जारी है. पुलिस यह पता लगा रही है कि क्या इस गिरोह के और भी सदस्य हैं और क्या इससे पहले भी ऐसी ठगी की घटनाएं हुई हैं. जांच टीम फरार आरोपी वीरेंद्र वर्मा की तलाश में लगी हुई है. उम्मीद है कि जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा और इस मामले में सभी आरोपियों को सजा मिलेगी.

Border 2 Collection Day 3: ‘बॉर्डर 2’ का बॉक्स ऑफिस पर कहर…

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वॉर एक्शन फिल्म ‘बॉर्डर 2’ ने रिलीज के साथ ही बॉक्स ऑफिस पर पूरी तरह कब्जा कर लिया है. ‘धुरंधर’ जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्म भी पूरी तरह गायब है. दो दिन में सनी देओल की इस मस्टी स्टारर फिल्म ने शानदार कमाई की है.

अब तीसरे दिन यानि रविवार को भी थियेटर में भीड़ है और फिल्म जमकर कमा रही है.

इतना ही नहीं, आज मॉर्निंग शो में ‘बॉर्डर 2’ की ऑक्यूपेंसी 31.46% है जो अपने आप में एक रिकॉर्ड है. आपको बताते हैं कि रविवार को फिल्म कितना कमाई कर रही है.

‘बॉर्डर 2’ ने पहले और दूसरे दिन कितना कमाया

ट्रेड आंकड़ों की वेबसाइड सैकनिक (Sacnilk) के मुताबिक सनी देओल की इस फिल्म को पहले दिन 30 करोड़ की ओपनिंग मिली. दूसरे दिन यानि शनिवार को फिल्म ने पहले दिन के मुकाबले 21.67% ज्यादा कलेक्शन किया. शनिवार को करीब 36.5 करोड़ कमाए. इंडिया में दो दिनों में ‘बॉर्डर 2’ का कलेक्शन 66 करोड़ है.

बॉर्डर 3 का तीसरे दिन का कलेक्शन (Border 2 Box Office Day 3)

सैकनिक के डेटा के मुताबिक रविवार को सुबह 11 बजे तक ‘बॉर्डर 2’ करीब 5.63 करोड़ का कलेक्शन कर चुकी है. फिल्म का कुल कलेक्शन 12 बजे तक करीब 72 करोड़ पहुंच चुका है. (फाइनल आंकड़ें रात 10 बजे आएंगे)

बॉर्डर 2

बॉक्स ऑफिस कलेक्शन (इंडिया नेट) करोड़ में

पहला दिन 30 करोड़

दूसरा दिन 36.5 करोड़

तीसरा दिन 5.63 करोड़ (12 बजे तक)

टोटल 72.13 करोड़

तीसरे दिन ‘बॉर्डर 2’ की ऑक्यूपेसी (Border 2 Day 3 Occupancy)

सैकनिक (Sacnilk) के मुताबिक ‘बॉर्डर 2’ के तीसरे दिन सुबह के शोज में 31.46% की मॉर्निंग ऑक्यूपेसी दर्ज की गई जो अब तक की सबसे ज्यादा है.

ये ट्रेंड बता रहा है कि फिल्म का आज का कलेक्शन दूसरे और तीसरे दिन से बहुत ज्यादा रहेगा.

वहीं, दूसरे दिन सबसे ज्यादा फुटफॉल नाइट शो में रहा. दोपहर के शो में ऑक्यूपेंसी 39.97% रही तो वहीं शाम को 49.13% और रात के शो में 61.70% रही.

100 करोड़ क्लब में आज होगी एंट्री

फिल्म क्रिटिक और ट्रेड एक्सपर्ट तरन आदर्श ने आज एक्स पर लिखा है, ‘जबरदस्त पॉजिटिव वर्ड ऑफ माउथ के दम पर ‘बॉर्डर 2′ ने शनिवार को बॉक्स ऑफिस पर 26.46% की शानदार ग्रोथ दर्ज की. फिल्म आज रविवार को 100 करोड़ क्लब में एंट्री करने के लिए पूरी तरह तैयार है और इसके साथ ही यह 2026 की पहली हिंदी फिल्म बन जाएगी, जो 100 करोड़ का आंकड़ा छुएगी.’

उन्होंने आगे लिखा है, ‘अब असली खेल बाकी है- रविवार और सोमवार (रिपब्लिक डे की छुट्टी) पर देशभर से भारी कलेक्शन की उम्मीद है. मौजूदा ट्रेंड्स को देखें तो बॉर्डर 2 अपने रिपब्लिक डे एक्सटेंडेड वीकेंड को करीब 180 करोड़ के आसपास समेट सकती है.’

बॉर्डर 2 की स्टारकास्ट

ये फिल्म 1997 की ‘बॉर्डर’ का सीक्वल है. ‘बॉर्डर 2’ को अनुराग सिंह ने डायरेक्ट किया है और इसमें सनी देओल के साथ वरुण धवन, दिलजीत दोसांझ, अहान शेट्टी, मोना सिंह, मेधा राणा और सोनम बाजवा जैसे एक्टर्स लीड रोल में है.

‘विकास शब्द पर पाबंदी लगाई जाए’, सामना के जरिए बीजेपी और शिंदे पर भड़के…

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राज्यसभा सांसद संजय राऊत ने शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) के मुखपत्र सामना में लिखे अपने तीखे लेख के जरिए चुनावी प्रक्रिया, ईवीएम, पैसों की राजनीति और ‘विकास’ के नाम पर हो रही उठापटक पर सीधे सवाल खड़े किए हैं.

राऊत का कहना है कि मौजूदा दौर में लोकतंत्र नहीं, बल्कि पैसे का राज चल रहा है.

राऊत का कहना हैं कि मुंबई समेत 29 महानगरपालिकाओं के नतीजे आए काफी वक्त हो चुका है. मुंबई में भले ही शिवसेना-मनसे की सत्ता नहीं बनी, लेकिन भाजपा की सत्ता पर पूरी तरह अंकुश भी नहीं लग पाया. उनके मुताबिक, शिवसेना-मनसे के 71 नगरसेवक चुने गए, जो यह दिखाता है कि मुंबई के मराठी मतदाताओं ने आज भी ‘ठाकरे ब्रांड’ पर भरोसा जताया है.

‘विपक्ष की जीत चुरा ली गई’

सामना में राऊत ने आरोप लगाया कि महानगरपालिका चुनाव निष्पक्ष नहीं थे. उन्होंने कहा कि सत्ताधारियों ने वोटों और जीत की खुली लूट की और कई जगहों पर विपक्ष की जीत छीन ली गई. राऊत ने इसे लोकतंत्र के लिए खतरनाक संकेत बताया.

राऊत ने जलगांव महानगरपालिका का उदाहरण देते हुए बताया कि शिवसेना (उद्धव ठाकरे) के जिलाप्रमुख कुलभूषण पाटील चुनाव जीत चुके थे. ईवीएम गिनती में जीत दिखने के बावजूद चुनाव अधिकारी ने नतीजा घोषित नहीं किया और बाद में किसी दूसरे उम्मीदवार को विजयी घोषित कर दिया. पुनर्मतगणना की मांग ठुकरा दी गई और विरोध करने पर पुलिस बुलाकर लाठीचार्ज तक किया गया. राऊत के मुताबिक यह सीधा चुनावी घोटाला है.

पुणे में ईवीएम पर संदेह

पुणे के वसंत उर्फ तात्या मोरे का जिक्र करते हुए राऊत कहा हैं कि मतगणना के दौरान मोरे बढ़त बनाए हुए थे. तभी अचानक ईवीएम बंद होने की बात कही गई. नई मशीनें लाई गईं और उसी प्रक्रिया के बाद मोरे हार गए. राऊत का दावा है कि कुल मतदान और गिने गए वोटों में 1,108 वोटों का अंतर था और उतने ही अंतर से मोरे की हार हुई. सवाल यह है कि ये वोट गए कहां?

राऊत का कहना है कि ऐसे ‘चमत्कार’ मुंबई, ठाणे, कल्याण-डोंबिवली और पुणे जैसी जगहों पर भी हुए. जो नेता सदन में भाजपा के कामकाज पर सवाल उठाते थे, उन्हें चुनाव में इसी तरह हराया गया. उन्होंने पूछा कि क्या यही लोकतंत्र है?

राऊत ने आरोप लगाया कि चुनाव से पहले ही 70 नगरसेवक निर्विरोध चुन लिए गए और बाद में चुने गए प्रतिनिधियों को पैसों के दम पर तोड़ा गया. कई नेता ‘विकास’ के नाम पर सत्ताधारी गुट में शामिल हो गए. राऊत ने इसे ‘चूहों की भगदड़’ करार दिया और कहा कि आज की राजनीति में सिद्धांतों की कोई जगह नहीं बची.

सामना में राऊत ने तीखा तंज कसते हुए कहा कि ‘विकास’ शब्द इतना बदनाम हो चुका है कि उस पर ही पाबंदी लगा देनी चाहिए. उन्होंने उदाहरण दिए कि कैसे नेता विकास के नाम पर पार्टी बदलते हैं. उनके मुताबिक, न पार्टी बदलने से विकास रुकता है और न ही पार्टी में रहने से तेज होता है.

शिंदे-भाजपा पर सीधा हमला

राऊत ने आरोप लगाया कि एकनाथ शिंदे और भारतीय जनता पार्टी के पास बेहिसाब पैसा है. उन्होंने दावा किया कि उम्मीदवारों को करोड़ों रुपये दिए गए और बाद की जोड़-तोड़ में भी भारी रकम खर्च हुई. उनके मुताबिक, अब राजनीति समाज के लिए नहीं, बल्कि सिर्फ पैसों के लिए हो रही है.

मुंबई के महापौर पद को लेकर नाराजगी

राऊत ने लिखा कि खुद को शिवसेना कहने वाले लोग मुंबई के महापौर पद के लिए दिल्ली के चक्कर लगा रहे हैं, जो बालासाहेब ठाकरे का अपमान है. उनका कहना है कि बालासाहेब के जन्मशताब्दी वर्ष में पैसे के दम पर मुंबई पर कब्जा करने की कोशिश हो रही है.

‘मुंबई पर पैसे का राज नहीं चलेगा’

राऊत ने साफ कहा कि मुंबई पर पैसे का राज नहीं होना चाहिए. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यही हाल रहा तो आम आदमी चुनाव से बाहर हो जाएगा और लोकतंत्र सिर्फ अमीरों का खेल बनकर रह जाएगा.

चारधाम यात्रा 2026: पंजीकरण से लेकर यात्रा तक, हर जानकारी! अभी जानें,

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Char Dham Yatra 2026: इस साल चारधाम यात्रा की शुरुआत 19 अप्रैल से होने जा रही है. यह पवित्र तीर्थ यात्रा अक्षय तृतीय के शुभ अवसर के साथ हो रही है. जिन लोगों को नहीं पता है, उन्हें बता दें, कि चारधाम की तीर्थ यात्रा हिंदुओं के लिए काफी महत्व रखती है.

लाखों भक्त हर साल आध्यात्मिक ज्ञान की प्राप्ति के उद्देश्य से यह यात्रा करते हैं. यह यात्रा यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ चार पवित्र तीर्थ स्थलों की यात्रा है.

यात्रा पर जाने से पहले पंजीकरण कराना जरूरी

चारधाम यात्रा पर जाने वाले से पहले पंजीकरण कराना अनिवार्य है. ऑफिशियल वेबसाइट के मुताबिक, उत्तराखंड सरकार पंजीकृत तीर्थयात्रियों की निगरानी के लिए जीपीएस आधारित प्रणाली का इस्तेमाल करती है. ऐसा यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर किया जाता है और प्रत्येक तीर्थस्थल पर आने वाले आंगतुकों की संख्या को नियंत्रित करने में मदद करती है.

इसके अलावा चार धाम पंजीकरण कार्ड सरकार की ओर से दी जाने वाली विशेष सुविधाओं में भोजन और आवास, तक पहुंच प्रदान करता है. मूल रूप से यह पंजीकरण एक यात्रा ई-पास कार्ड के रूप में काम करती है.

चारधाम यात्रा ऑनलाइन पंजीकरण का तरीका

चारधाम यात्रा की ऑफिशियल वेबसाइट registrationandtouristcare.uk.gov.in पर जाएं.

इसके बाद व्यक्तिगत और यात्रा से जुड़ी जानकारी भरें.

वैध पहचान पत्र अपलोड करें.

ओटीपी सत्यापन पूरा करें.

क्यूआर कोड समेत अपना चारधाम यात्रा पंजीकरण पत्र डाउनलोड करें.

Whastsapp से पंजीकरण करने का तरीका

अब आप तीर्थयात्री व्हाट्सएप के माध्यम से भी चारधाम यात्रा के लिए पंजीकरण कर सकते हैं.

आपको बस यात्रा लिखकर Whastsapp पर 8394833833 पर भेजना है. इसके बाद आपसे कुछ सवालों के जवाब मांगे जाएंगे और ऐप के माध्यम से ही चार धामों के पंजीकरण से जुड़ी प्रक्रिया पूर्ण हो जाएगी.

टोल-फ्री नंबर से पंजीकरण करने का तरीका?

आप चारधाम यात्रा पंजीकरण के लिए टोल-फ्री नंबर का प्रयोग कर सकते हैं. इसके लिए आपको टोल-फ्री नंबर 01351364 कॉल करना होगा. एक प्रतिनिधि कॉल के माध्यम से ही यात्रा से जुड़ी मार्गदर्शन करेगा और पंजीकरण पूरा कराने में मदद सहायता करेगा.

काउंटरों और ऑफलाइन पंजीकरण

जो लोग ऑनलाइन या टोल फ्री माध्यम से पंजीकरण नहीं करा सकते, उनके लिए हरिद्वार, ऋषिकेश, बरकोट, हीना, सोनप्रयाग और पांडुकेश्वर के मार्ग पर ऑफलाइन काउंटर उपलब्ध हैं. नीचें इनसे जुड़ी जानकारी दी गई है.

चारधाम पंजीकरण काउंटर

हरिद्वार में राही होटल में

आईसबीटी में ऋषिकेश

ऋषिकेश में आरटीओ

ऋषिकेश में गुरुद्वारा

अन्य काउंटर

बरकोट (यमुनोत्री)

हीना (गंगोत्री)

सोनप्रयाग (केदारनाथ)

पाडुंकेश्वर (बद्रीनाथ)

गोविंद घाट (हेमकुंट साहिब)

अगर आप ऑफलाइन माध्यम से चारधाम यात्रा का पंजीकरण कराना चाहते हैं तो आपको इन पंजीकरण काउंटर पर जाना है.

चारधाम यात्रा के लिए जरूरी दिशा-निर्देश

निजी या व्यावसायिक वाहनों को उत्तराखंड परिवहन विभाग द्वारा जारी ग्रीन और ट्रिप कार्ड प्राप्त करना जरूरी है. यह कार्ड आपको greencard.uk.gov.in इस वेबसाइट पर मिल जाएगा.

उच्च ऊंचाई वाली जगहों पर चिकित्सा परीक्षण के लिए चारधाम यात्रा में भाग लेने वाले सभी तीर्थयात्रियों के लिए स्वास्थ्य संबंधी सलाह जारी करना जरूरी है.

कितनी सैलरी होने पर आप खरीद सकते हैं Maruti Grand Vitara? जानिए कीमत…

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Maruti Suzuki Grand Vitara मिडिल क्लास ग्राहकों के बीच एक पॉपुलर मिड-साइज SUV बन चुकी है. यह कार शानदार माइलेज, भरोसेमंद परफॉर्मेंस और एडवांस फीचर्स के साथ आती है. इसकी एक्स-शोरूम कीमत 10.76 लाख रुपये से शुरू होकर 19.72 लाख रुपये तक जाती है.

लेकिन ज्यादातर लोग इसे कैश में नहीं, बल्कि लोन और EMI पर खरीदना पसंद करते हैं. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल होता है कि इसे खरीदने के लिए आपकी सैलरी कितनी होनी चाहिए. आइए विस्तार से जानते हैं.

Maruti Grand Vitara की On-Road कीमत

अगर दिल्ली की बात करें तो Maruti Grand Vitara के बेस Sigma पेट्रोल वेरिएंट की ऑन-रोड कीमत करीब 12.36 लाख रुपये है. इस कीमत में RTO चार्ज, इंश्योरेंस और अन्य जरूरी टैक्स शामिल होते हैं. हालांकि, यह कीमत शहर और वेरिएंट के हिसाब से थोड़ी ऊपर-नीचे हो सकती है.

Grand Vitara का फाइनेंस और EMI प्लान

अगर आप Grand Vitara को फाइनेंस पर खरीदते हैं, तो आपको कम से कम 2 लाख रुपये का डाउन पेमेंट करना होगा. इसके बाद करीब 10.36 लाख रुपये का कार लोन लेना पड़ेगा. मान लें कि बैंक आपको यह लोन 9 प्रतिशत सालाना ब्याज दर पर 7 साल के लिए देता है, तो आपकी मंथली EMI लगभग 16 से 17 हजार रुपये के आसपास आएगी. यह EMI आमतौर पर मिडिल क्लास परिवार के बजट में फिट बैठती है.

कितनी सैलरी में खरीद सकते हैं Grand Vitara?

फाइनेंस एक्सपर्ट्स के मुताबिक, आपकी EMI आपकी मंथली इनकम का 20 प्रतिशत से ज्यादा नहीं होनी चाहिए. अगर आपकी EMI करीब 17,000 रुपये है, तो आपकी मंथली सैलरी कम से कम 60 से 70 हजार रुपये होनी चाहिए. अगर आपकी सैलरी इससे ज्यादा है, तो आप Grand Vitara के हाइब्रिड या टॉप वेरिएंट को भी आराम से फाइनेंस करा सकते हैं.

इंजन, माइलेज और फीचर्स

Maruti Grand Vitara में 1.5-लीटर पेट्रोल इंजन के साथ Mild Hybrid और Strong Hybrid का ऑप्शन मिलता है. इसके अलावा CNG वेरिएंट भी उपलब्ध हैं. पेट्रोल वेरिएंट 20-21 kmpl तक माइलेज देता है, जबकि Strong Hybrid वेरिएंट 27.97 kmpl तक का माइलेज देने में सक्षम है. फीचर्स की बात करें तो इसमें पैनोरमिक सनरूफ, 360 डिग्री कैमरा, वेंटिलेटेड सीट्स, वायरलेस चार्जर और 6 एयरबैग्स जैसी सेफ्टी सुविधाएं मिलती हैं.

26 जनवरी की परेड के लिए कौन से मेट्रो स्टेशन पर उतरना होगा, मेट्रो, बस…

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गणतंत्र दिवस 2026 की तैयारियों को देखते हुए सेंट्रल दिल्ली के कई इलाकों में ट्रैफिक बैन और डायवर्जन लागू किए गए हैं. विजय चौक और उसके आसपास के रास्तों पर खास तौर पर सख्ती रहेगी. दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के मुताबिक तय समय पर आम लोगों के लिए कुछ सड़कें पूरी तरह बंद रहेंगी.

अगर आप बस से परेड देखने आ रहे हैं. तो सबसे बेहतर ऑप्शन लाल किला रूट की बसें रहेंगी. दिल्ली के अलग-अलग इलाकों से आने वाली कई डीटीसी बसें लाल किला, दिल्ली गेट और आईटीओ एरिया तक पहुंचाती हैं.

यहां से सेफ्टी बैरिकेड से होते हुए पैदल या तय शटल रूट के जरिए कर्तव्य पथ की तरफ जाया जा सकता है. सुबह जल्दी निकलना समझदारी होगी. भीड़ और रूट डायवर्जन से बचा जा सके. इसलिए रूट्स का खासतौर पर ध्यान रखें.

मेट्रो से आने वालों के लिए यह सबसे आसान और भरोसेमंद तरीका माना जा रहा है. परेड के दक्षिणी हिस्से में बैठने वाले दर्शकों को उद्योग भवन मेट्रो स्टेशन पर उतरने की सलाह दी गई है. वहीं उत्तरी हिस्से के एनक्लोजर वालों के लिए सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशन सबसे नजदीक रहेगा.

स्टेशनों पर अनाउंसमेंट के जरिए भी यात्रियों को सही गेट और सही रास्ते की जानकारी दी जाएगी.जो लोग अपनी कार से आने की सोच रहे हैं. उन्हें खास प्लानिंग के साथ निकलना होगा. विजय चौक, कर्तव्य पथ, रायसीना रोड और आसपास की कई सड़कें बंद रहेंगी.

ऐसे में रिंग रोड, आश्रम चौक, सराय काले खां या आई.पी. फ्लाईओवर जैसे रूट इस्तेमाल करना बेहतर रहेगा. वहां से तय पार्किंग और पैदल रूट के जरिए आगे बढ़ना होगा. बिना ट्रैफिक एडवाइजरी देखे घर से निकलना परेशानी बढ़ा सकता है.

उत्तराखंड में ग्राम पंचायत घरों के निर्माण की धनराशि होगी दोगुनी, धामी

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उत्तराखंड में पंचायत व्यवस्था को सशक्त करने की दिशा में सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है. अब ग्राम पंचायत घरों के निर्माण के लिए राज्य सरकार की ओर से दी जाने वाली धनराशि दोगुनी की जाएगी.

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश के बाद पंचायती राज विभाग ने इसका प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेज दिया है. वहीं वित्त विभाग से मंजूरी मिलने के बाद यह प्रस्ताव कैबिनेट के समक्ष भी लाया जाएगा.

राज्य गठन के 25 साल बाद भी नहीं बने प्रदेश के 803 पंचायत घर

पंचायती राज विभाग के अधिकारियों के अनुसार राज्य गठन के 25 साल बाद भी प्रदेश की 803 ग्राम पंचायतों में अब तक पंचायत घर नहीं बन पाए हैं. इसके अलावा कई ग्राम पंचायतों में बने भवन जर्जर हालत में हैं, जिनमें कामकाज करना मुश्किल हो रहा है. ऐसे में पंचायत स्तर पर प्रशासनिक गतिविधियों को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए नए पंचायत घरों का निर्माण जरूरी हो गया है.

वर्तमान में पंचायत घरों के निर्माण के लिए राज्य सरकार की ओर से 10 लाख रुपये की धनराशि दी जाती है, जबकि केंद्र सरकार इस मद में 20 लाख रुपये उपलब्ध करा रही है. राज्य सेक्टर से मिलने वाली कम राशि के कारण पंचायत घरों का निर्माण कई जगहों पर अटक रहा है. वहीं निर्माण लागत बढ़ने के चलते ग्राम पंचायतें तय मानकों के अनुरूप भवन नहीं बना पा रही हैं.

राज्य सरकार ने केंद्र को दिया 20 लाख रुपये की धनराशि दिने का प्रस्ताव

पंचायती राज विभाग के उप निदेशक मनोज कुमार तिवारी ने बताया कि केंद्र सरकार की तर्ज पर राज्य सरकार की ओर से भी पंचायत घरों के निर्माण के लिए 20 लाख रुपये की धनराशि दिए जाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है. यह प्रस्ताव वित्त विभाग को भी भेज दिया गया है. जैसे ही इस पर मंजूरी मिलेगी, इसे लागू कर दिया जाएगा.

उन्होंने बताया कि प्रदेश में कुल 1300 से अधिक पंचायत घरों का निर्माण किया जाना प्रस्तावित है. इनमें 803 ग्राम पंचायतें ऐसी हैं, जहां अब तक पंचायत घर नहीं बने हैं, जबकि शेष पंचायतों में पुराने और जर्जर भवनों के पुनर्निर्माण की जरूरत है. इस संबंध में सभी जिला पंचायत राज अधिकारियों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है.

सरकार के इस कदम से न सिर्फ पंचायत भवनों की कमी दूर होगी, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासनिक व्यवस्था भी मजबूत होगी. इससे ग्राम स्तर पर बैठकों, योजनाओं के क्रियान्वयन और जन सुनवाई के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी.

IPO Calendar: 27 जनवरी से शुरू हो रहे सप्ताह में 5 नए पब्लिक….

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भारतीय शेयर बाजार में 27 जनवरी से शुरू हो रहे कारोबारी सप्ताह में निवेशकों के लिए निवेश के कई नए मौके सामने आने वाले हैं. इस हफ्ते SME सेगमेंट से जुड़ी 5 नई कंपनियां अपने पब्लिक इश्यू लेकर आ रही हैं.

“तीसरे पक्ष के विज्ञापन का कॉन्टेंट”

जिनमें निवेशक अपना दांव लगा सकते हैं.

26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के कारण बाजार सोमवार को बंद रहने वाला है. मंगलवार से सामान्य रुप से शेयर मार्केट में ट्रेडिंग होगी. आइए जानते हैं, इन इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) के बारे में…..

Kanishk Aluminium India आईपीओ

Kanishk Aluminium India का आईपीओ निवेशकों के लिए एक नया निवेश विकल्प बनकर सामने आ रहा है. कंपनी इस पब्लिक इश्यू के जरिए कुल 29.20 करोड़ जुटाने का प्रयास करने वाली है. यह आईपीओ 28 जनवरी को खुलेगा और इसमें निवेशक 30 जनवरी तक दांव लगा सकेंगे.

कंपनी ने आईपीओ के तहत शेयर का प्राइस 73 रुपये तय किया है. जबकि एक लॉट में 1600 शेयर रखे गए हैं. यानी निवेश के लिए एक साथ इतने शेयर खरीदने होंगे. कंपनी शेयरों की लिस्टिंग बीएसई SME प्लेटफॉर्म पर 4 फरवरी को होने की उम्मीद है. जिसके बाद निवेशक बाजार में इसकी खरीद-बिक्री कर सकेंगे.

Msafe Equipments आईपीओ

यह पब्लिक इश्यू निवेशकों के लिए 28 जनवरी को खुलेगा और 30 जनवरी तक इसमें आवेदन किया जा सकेगा. इस आईपीओ के जरिए कंपनी बाजार से कुल 66.42 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बना रही है. कंपनी की ओर से शेयरों का प्राइस बैंड 116 से 123 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है.

एक लॉट में 1000 शेयर रखे गए हैं. कंपनी शेयरों की लिस्टिंग बीएसीई SME प्लेटफॉर्म पर 4 फरवरी को होने की उम्मीद है.

Kasturi Metal Composite आईपीओ

कंपनी इस आईपीओ के जरिए कुल 17.61 करोड़ रुपये जुटाने की कोशिश करने वाली है. शेयरों का प्राइस बैंड 61 से 64 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है. कंपनी का आईपीओ निवेशकों के लिए 27 जनवरी से खुलने जा रहा है. निवेशक 29 जनवरी तक इस पर अपना दांव लगा सकते हैं.

एक लॉट में 2000 शेयर रखे गए हैं, यानी निवेश इसी लॉट साइज के अनुसार किया जाएगा. कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग बीएसई पर SME प्लेटफॉर्म पर 3 फरवरी को होने की संभावना है.

Accretion Nutraveda आईपीओ

यह आईपीओ कुल 24.77 करोड़ रुपये का है, जो 28 जनवरी से निवेश के लिए खुलेगा. कंपनी ने शेयरों का प्राइस बैंड 122 से 129 रुपये प्रति शेयर तय किया है. एक लॉट में 1000 शेयर रखे गए हैं. निवेशक 30 जनवरी तक कंपनी आईपीओ पर अपना दांव लगा सकते हैं. शेयरों के बीएसई SME प्लेटफॉर्म पर 4 फरवरी को लिस्ट होने की उम्मीद है.

CG: रायपुर–दिल्ली–रायपुर सेक्टर की नियमित उड़ानें अस्थायी रूप से रद्द…

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एयर इंडिया ने रायपुर–दिल्ली–रायपुर सेक्टर की नियमित उड़ानों को अस्थायी रूप से रद्द कर दिया है, जिसमें सुबह संचालित फ्लाइट AI 1718 भी शामिल है। एयर इंडिया की ओर से जारी सूचना में बताया गया है कि राष्ट्रीय राजधानी के एयर स्पेस में अतिरिक्त सुरक्षा प्रतिबंध लगाए गए हैं और यात्रियों की सुरक्षा…

एयर इंडिया ने रायपुर–दिल्ली–रायपुर सेक्टर की नियमित उड़ानों को अस्थायी रूप से रद्द कर दिया है, जिसमें सुबह संचालित फ्लाइट AI 1718 भी शामिल है। एयर इंडिया की ओर से जारी सूचना में बताया गया है कि राष्ट्रीय राजधानी के एयर स्पेस में अतिरिक्त सुरक्षा प्रतिबंध लगाए गए हैं और यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।

वहीं इस फैसले से रायपुर से दिल्ली यात्रा करने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है, खासकर उन लोगों को जिन्होंने पहले से टिकट बुक कर रखी थी। एयरलाइन ने प्रभावित यात्रियों को रिफंड देने और वैकल्पिक उड़ानों में समायोजन की सुविधा उपलब्ध कराने की बात कही है।

जबकि एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले अपनी उड़ान की स्थिति की पुष्टि अवश्य कर लें, सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार यह व्यवस्था पूरी तरह अस्थायी है और स्थिति सामान्य होने पर उड़ानों का संचालन फिर से बहाल कर दिया जाएगा।

CG: बेरोजगार युवाओं के लिए खुशखबरी! रायपुर में 3 दिन लगेगा रोजगार मेला, 15 हजार युवाओं को मिलेगा ऑफर लेटर…

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कौशल विकास, रोजगार और तकनीकी शिक्षा मंत्री खुशवंत साहेब ने जांजगीर दौरे के दौरान IBC24 के संवाददाता राजकुमार साहू से खास बातचीत की। इस दौरान उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार युवाओं के भरोसे पर पूरी तरह खरी उतरी है। पहले युवाओं का भविष्य असुरक्षित हो गया था और इंजीनियरिंग से उनका मोहभंग हो रहा था लेकिन इस साल स्थिति बदली है और इंजीनियरिंग की सीटों में करीब 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

भाजपा सरकार का मास्टर प्लान 

मंत्री खुशवंत साहेब ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं को हुनरमंद बनाना सरकार की प्राथमिकता है। सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश के युवा मांगने वाले नहीं, बल्कि देने वाले बनें। इसी दिशा में 28 से 31 जनवरी तक रायपुर में रोजगार मेला आयोजित किया जा रहा है जहां 15 हजार से अधिक युवाओं को ऑफर लेटर दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि सरकार हर सेक्टर में सक्रियता से काम कर रही है और अब तक करीब साढ़े 8 हजार करोड़ रुपये के एमओयू किए जा चुके हैं। इससे बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार से जोड़ा जा रहा है। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ के युवा खेल के क्षेत्र में भी तेजी से आगे बढ़ रहे हैं, जो प्रदेश के लिए गर्व की बात है।

रायपुर में 28-31 जनवरी तक रोजगार मेला 

भ्रष्टाचार पर सरकार के रुख को स्पष्ट करते हुए मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में सरकार जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। आगे भी भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और किसी को बख्शा नहीं जाएगा। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि आने वाले समय में रोजगार, कौशल विकास और तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में और भी बड़े कदम उठाए जाएंगे, ताकि छत्तीसगढ़ के युवाओं को मजबूत और आत्मनिर्भर बनाया जा सके।