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‘CM अरविंद केजरीवाल को यह एहसास करा देना कि…’, AAP सांसद राघव चड्ढा का बड़ा बयान…

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‘CM अरविंद केजरीवाल को यह एहसास करा देना कि…’, AAP सांसद राघव चड्ढा का बड़ा बयान…

दिल्ली की सात लोकसभा सीटों पर चुनाव प्रचार अब चरम पर पहुंच गया है. अब विदेश से आंख का इलाज कराकर दिल्ली लौटने के बाद आप सांसद राघव चड्ढा भी सियासी मैदान में ताल ठोक रहे हैं.

दिल्ली में 21 मई को उन्होंने कांग्रेस और आप की संयुक्त रैली को संबोधित करते हुए बीजेपी पर जोरदार हमला बोला. इस रैली में वरिष्ठ कांग्रेस नेता सचिन पायलट भी शामिल थे.

आप के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने लोगों को संबोधित करते हुए दावा किया कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी की सरकार ने दिल्ली के लोगों को पिछले दस सालों में काफी लाभ पहुंचाया है. जब से दिल्ली में अरविंद केजरीवाल की सरकार बनी है, तब से हर परिवार को लगभग 18 हजार रुपये प्रति माह की बचत लोगों को हो रही है.

राघव चड्ढा ने आगे कहा कि निजी स्कूलों द्वारा ली जाने वाली 10 हजार रुपये तक की फीस सभी की बच गई है. आम आदम पार्टी ने कई सरकारी स्कूल बनाए हैं. ये सरकारी स्कूल निजी स्कूलों से भी बेहतर हैं.

जानें- राघव चड्ढा ने लोगों से क्या मांगा?

उन्होंने लोगों से कहा​ कि दिल्ली में आम लोगों का बिजली बिल शून्य आता है, जो पहले 2500 से 3,000 रुपये आता था. इसके बदले में आम आदमी पार्टी ने आप लोगों से क्या मांगा. बस इतना ही मांगने आये हैं कि बस इस बार 25 की तारीख को झाड़ू का बटन दबाकर सीएम अरविंद केजरीवाल को यह एहसास करार देना कि जो आपने हमाने बच्चों, महिलाओं, और बुजुर्गों का ख्याल रखा इसके बदले में हम आपको अपना समर्थन दे रहे हैं.

दिल्ली के लोगों से की ये अपील

दिल्ली में इस बार कांग्रेस और आप सभी सात सीटों में मिलकर चुनाव लड़ रही है. आम आमदी पार्टी के प्रत्याशी चार सीटों पर मैदान में हैं तो कांग्रेस के प्रत्याशी तीन सेटों पर चुनावी समर में बीजेपी को चुनौती दे रहे हैं. इसी कड़ी में मंगलवार को इंडिया गठबंधन की रैली को संबोधित करते हुए राघव चड्ढा ने दिल्ली के लोगों से अपील की कि अगर आप जन हितैषी सरकार चाहते हैं तो सभी सीटों पर इंडिया गठबंधन के प्रत्याशी को जिताएं.

Ebrahim Raisi Death: USA ने पहले ईरान को मदद से किया इनकार, फिर इब्राहिम रईसी को बताया गुनहगार! कहा- खून से सने थे राष्ट्रपति के हाथ…

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Ebrahim Raisi Death: USA ने पहले ईरान को मदद से किया इनकार, फिर इब्राहिम रईसी को बताया गुनहगार! कहा- खून से सने थे राष्ट्रपति के हाथ…

यूएसए ने पहले ईरान को मदद देने से इनकार किया और फिर इब्राहिम रईसी को बड़ा गुनहगार बताया.

अमेरिका की तरफ से साफ-साफ कहा गया कि ईरानी राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी के हाथ खून से सने हुए थे.

दरअसल, रईसी की जिस चॉपर के क्रैश होने से मौत हुई थी, उसकी जांच के लिए ईरान ने मदद मांगी थी.

ईरानी सरकार के मदद के आग्रह पर यूएसए के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने बड़ा बयान दिया.

मैथ्यू मिलर के मुताबिक, यूएस स्पष्ट है कि रईसी चार दशक तक ईरानी लोगों का दमन करने में शामिल रहे.

यूएस के प्रवक्ता ने यह भी कहा कि अमेरिका हेलीकॉप्टर हादसे में किसी की भी मौत पर अफसोस जताता है.

मैथ्यू मिलर आगे बोले, “ईरान में जज और राष्ट्रपति के तौर पर इब्राहिम रईसी का रिकॉर्ड नहीं बदला है.”

यूएस के प्रवक्ता ने दावा किया कि यह ‘तथ्य भी नहीं बदला है कि इब्राहिम रईसी के हाथ खून से सने’ थे.

Heat Wave: बढ़ते पारे के बीच इन राज्यों ने बंद किए स्कूल, जानें किस स्टेट में कब तक हुई छुट्टियां…

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Heat Wave: बढ़ते पारे के बीच इन राज्यों ने बंद किए स्कूल, जानें किस स्टेट में कब तक हुई छुट्टियां…

बीते कई दिनों से गर्मी का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है. तेज धूप और लू ने आम जन-जीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है. इस पर भी बच्चे ज्यादा ही परेशानी झेल रहे हैं क्योंकि स्कूलों से लौटते वक्त सूरज की तपन चरम पर होती है.

इस बीच बहुत से राज्यों ने गर्मी की छुट्टियों का ऐलान कर दिया है.

यूं तो इस समय पर अधिकतर जगहों पर स्कूल बंद हो जाते हैं पर गर्मी को देखते हुए अबकी बार जहां देर से भी छुट्टियां होनी थी, वहां भी स्कूलों को बंद कर दिया गया है. देखते हैं किस राज्य में कब तक स्कूल बंद हैं.

यूपी का हाल बेहाल

यूपी के कई शहरों में पारा बेतहाशा बढ़ गया था. कानपुर, नोएडा, आगरा में कई जगह टेम्परेचर 47 तक पहुंचा. इसे देखते हुए हीटवेव अलर्ट जारी किया गया और स्कूल बंद कर दिए गए. यहां 19 मई से छुट्टियां होनी थी पर कई स्कूलों ने पहले ही समर वैकेशन घोषित कर दी है. करीब 40 दिन के बाद यूपी के स्कूल जून एंड में या जुलाई के पहले हफ्ते में खोले जाएंगे. केवल दसवीं और बारहवीं के स्टूडेंट्स के लिए जरूरत के मुताबिक स्कूल संचालित हो सकते हैं.

दिल्ली में सबसे पहले हुईं छुट्टियां

दिल्ली में पहले ही 11 मई से स्कूलों को बंद करने का ऐलान कर दिया गया था. जैसे ही गर्मी का प्रकोप चरम पर पहुंचा यहां के स्कूल बंद कर दिए गए. यहां के एकेडमिक कैलेंडर के मुताबिक 11 मई से 30 जून तक स्कूल बंद रहेंगे. यहां कुल 50 दिन का समर ब्रेक दिया गया है. हालांकि दसवीं और बारहवीं के छात्रों के लिए नियम स्कूलों के मुताबिक अलग हो सकते हैं.

पंजाब में भी बंद हुए स्कूल

यूपी के साथ ही पंजाब सरकार ने भी सभी शिक्षण संस्थानों को गर्मी के कारण बंद कर दिया है. यूं तो हर स्कूल (प्राइवेट) की स्कूल खुलने की तारीख अलग-अलग है लेकिन मोटे तौर पर यहां 21 मई से 30 जून के लिए स्कूल बंद किए गए हैं. बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए ये फैसला लिया गया है.

एमपी का क्या है हाल

यहां सभी राज्यों की तुलना में सबसे पहले स्कूल बंद कर दिए गए थे. मध्य प्रदेश के स्कूलों में 1 मई से गर्मी की छुट्टियां घोषित कर दी गई थी जो 15 जून तक चलेंगी. इसके बाद गर्मी का हाल देखते हुए आगे का फैसला लिया जा सकता है.

राजस्थान में भी शुरू हुई छुट्टियां

राजस्थान के शिक्षा विभाग ने भी पारे को देखते हुए यहां समर वैकेशन का ऐलान कर दिया है. यहां गर्मी की छुट्टियां 17 मई से हुई हैं जो 30 जून तक चलेंगी. आगे के अपडेट के लिए स्कूल से संपर्क कर सकते हैं.

हरियाणा में बदली स्कूल की टाइमिंग

हरियाणा के स्कूलों में अभी गर्मी की छुट्टियां घोषित नहीं हुई हैं. यहां 1 जून से छुट्टी होंगी जो 30 जून तक चलेंगी. 1 जुलाई से स्कूल फिर से खुलेंगे. हालांकि स्कूल की टाइमिंग में बदलाव किया गया है जो 31 मई तक लागू रहेगा. हो सकता है गर्मी के हाल देखते हुए यहां जल्दी छुट्टी हो जाएं. यहां 7 से 12 टाइमिंग कर दी गई है.

Lok Sabha Election 2024: 5 चरणों में BJP को मिल गईं कितनी सीटें, अमित शाह ने कर दिया नया दावा…

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Lok Sabha Election 2024: 5 चरणों में BJP को मिल गईं कितनी सीटें, अमित शाह ने कर दिया नया दावा…

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार (21 मई) को दावा किया कि बीजेपी देश के विभिन्न हिस्सों में पांच चरणों की वोटिंग पूरा होने के बाद लोकसभा चुनाव में 310 सीटों का आंकड़ा पार कर चुकी है.

उन्होंने कहा कि बाकी के दो चरणों की वोटिंग के बाद बीजेपी अपने 400 सीटों के लक्ष्य को पार कर जाएगी. बीजेपी ने लोकसभा चुनाव में अपने लिए 370 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है, जबकि एनडीए के लिए 400 सीटों का टारगेट सेट किया गया है.

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अमित शाह ओडिशा के संबलपुर लोकसभा क्षेत्र में एक सार्वजनिक बैठक को संबोधित करने पहुंचे थे. यहां पर उन्होंने राज्य में हो रहे विधानसभा चुनाव को लेकर भी बात की. ओडिशा में लोकसभा चुनाव के साथ-साथ विधानसभा चुनाव के लिए भी एक साथ वोटिंग हो रही है. उन्होंने यहां लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि बीजेपी का लक्ष्य ओडिशा में 75 से ज्यादा विधानसभा सीटों पर जीत हासिल करना और सरकार बनाना है.

मौजूदा चुनाव नरेंद्र मोदी को तीसरी बार पीएम बनाने के लिए: अमित शाह

अमित शाह ने कहा, “मौजूदा चुनाव देश को मजबूत बनाने, नरेंद्र मोदी को तीसरी बार प्रधानमंत्री बनाने, ओडिशा को विकसित बनाने और ओडिया गौरव को बहाल करने के लिए है.” केंद्रीय गृह मंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता अमित शाह ने मुख्यमंत्री नवीन पटनायक और उनके तमिलनाडु में जन्मे करीबी सहयोगी वीके पांडियन पर निशाना भी साधा. उन्होंने आरोप लगाया कि सीएम राज्य में ‘बाबूशाही’ थोप रहे हैं और उन्होंने उड़िया संस्कृति का अपमान किया है.

समृद्ध राज्य होने के बावजूद ओडिशा गरीब: अमित शाह

लोगों को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा, “प्राकृतिक संसाधनों से भरपूर एक समृद्ध राज्य होने के बावजूद, ओडिशा गरीब है. नवीन पटनायक के बाबू संसाधनों को लूटने का काम कर रहे हैं. क्या एक तमिल बाबू को उत्कल की भूमि पर शासन करना चाहिए? यह काम सिर्फ उसी शख्स को सौंपा जा सकता है जो उड़िया में बोल सकता है और भगवान जगन्नाथ की परंपराओं को आगे बढ़ा सकता है. 25 साल बाद ओडिशा में उड़िया भाषा, संस्कृति और साहित्य के दम पर सरकार बनने जा रही है.”

Lok Sabha Elections 2024: अखिलेश यादव के दावे को झुठलाते नजर आए भाई धर्मेंद्र यादव, किया नया दावा…

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Lok Sabha Elections 2024: अखिलेश यादव के दावे को झुठलाते नजर आए भाई धर्मेंद्र यादव, किया नया दावा…

उत्तर प्रदेश में लोकसभा चुनाव के पांच चरणों की वोटिंग हो चुकी है. ऐसे में छठे चरण से पहले एनडीए और इंडिया गठबंधन दोनों ओर से अपनी-अपनी जीत के दावे किए जा रहे हैं.

इस बीच समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के चचेरे भाई और आजमगढ़ सीट से सपा प्रत्याशी धर्मेंद्र यादव ने बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि हम यूपी में 79 सीटें जीत चुके हैं, सातवें चरण तक आते 80 भी जीत सकते हैं.

सपा उम्मीदवार धर्मेंद्र यादव ने इंडिया गठबंधन की जीत का दावा करते हुए कहा कि “हम उत्तर प्रदेश की 79 जीत चुके हैं, हो सकता है 7वां चरण आते-आते 80 भी जीत लें. हमारा पूरा गठबंधन है, सपा 62 सीटों पर चुनाव लड़ रही है. सपा 62 जीत रही हैं.’ धर्मेंद्र यादव का ये दावा अखिलेश यादव के उस बयान से अलग है जिसमें उन्होंने क्योटो को छोड़कर बाकी सभी सीटों पर जीत की बात कही थी.

आजमगढ़ की सभा में भगदड़ पर ये कहा

इस दौरान धर्मेंद्र यादव ने समाजवादी पार्टी की जनसभाओं में उमड़ रही भीड़ और आजमगढ़ में अखिलेश यादव की रैली में मची भगदड़ को लेकर भी प्रशासन को घेरा और कहा कि कार्यकर्ताओं का उत्साह तो अपनी जगह है, साथ ही सरकार को बदलने का उत्साह भी है और मैं महूसस कर सकता हूं यूपी शासन, प्रशासन जरूरी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया नहीं करवा रहे हैं.

सपा नेता ने कहा, ऐसा नहीं है कि इन्हें कोई जानकारी नहीं है. सभी इंटेलिजेंस इनपुट रहते हैं इनके पास, कि किस कार्यक्रम में कितने लोग आ सकते हैं. पूर्व निर्धारित पूर्व घोषित कार्यक्रम होते हैं प्रोटोकॉल जारी है, इसलिए मापदंड के हिसाब से सिक्योरिटी नहीं है. ये हमारे नेता का आकर्षण हैं कितने लोग मक्खी मार रहे हैं उनके पास कोई जा ही नहीं रहा है.

समाजवादी पार्टी लगातार यूपी की सभी सीटों पर जीत का दावा कर रही है. सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी राहुल गांधी के साथ हुई एक सभा में चर्चा करते हुए कहा कि इंडिया गठबंधन यूपी में क्योटो (वाराणसी लोकसभा सीट) को छोड़कर सभी सीटों पर जीतने जा रहा है. सपा अध्यक्ष बीजेपी के 400 पार के नारे पर भी तंज कसते हुए कहते हैं कि बीजेपी ये कहना चाहती है कि चार सौ के पार जितनी सीटें हैं यानी 143 सीटें भाजपा उतनी ही सीटें जीतने जा रही है.

Lok Sabha Elections 2024: रायबरेली को लेकर सोनिया गांधी पर बरसे शिवराज सिंह चौहान…

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Lok Sabha Elections 2024: रायबरेली को लेकर सोनिया गांधी पर बरसे शिवराज सिंह चौहान…

बीजेपी नेता बोले, “राहुल गांधी हों या फिर प्रियंका गांधी, मैडम सोनिया गांधी कहती हैं कि वह बेटे को रायबरेली को सौंप रही हैं.

वह क्या दो साल के बच्चे हैं, जो उन्हें सीट सौंपी जा रही है?”

सवालिया लहजे में शिवराज सिंह चौहान ने आगे कहा, “53-54 साल के व्यक्ति को सौंपा जाता है क्या? सोनिया मैडम राहुल गांधी को सौंप नहीं रहीं बल्कि थोप रही हैं. पहले कांग्रेस पर थोपा था तो 50 बार पार्टी हारी, फिर अमेठी पर थोपा तो राहुल गांधी हारे.”

कांग्रेस की भारत जोड़ो न्याय यात्रा का जिक्र करते हुए म.प्र के पूर्व मुख्यमंत्री ने आगे बताया, “सोनिया गांधी ने भारत जोड़ो यात्रा थोपी तो जहां-जहां वह यात्रा निकली वहां कांग्रेस हारी. अब राहुल गांधी को रायबरेली पर थोपा है.”

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की हार का दावा करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सोनिया गांधी ने राहुल गांधी को सौंपा नहीं है बल्कि रायबरेली पर थोपा है. वह लोकसभा चुनाव 2024 में इस सीट से हार रहे हैं.

म.प्र के पूर्व सीएम के मुताबिक, “ये (कांग्रेस वाले) देश, देश की जनता, भारत की संस्कृति और यहां के जीवन मूल्य और परंपराओं को नहीं जानते हैं. यह शाही परिवार है, जिसका सिर्फ परिवार से लेना-देना है. इनका जनता से कोई वास्ता नहीं है.”

केरल के वायनाड से कांग्रेस सांसद राहुल गांधी इस बार का आम चुनाव यूपी की रायबरेली सीट से लड़ रहे हैं. उन्होंने बताया था कि रायबरेली उनकी दो मां (सोनिया गांधी और इंदिरा गांधी) की कर्मभूमि है इसलिए वह इस सीट से चुनाव लड़ रहे हैं.

राहुल गांधी ने कहा था, “रायबरेली से हमारे परिवार का रिश्ता 100 साल पुराना है. यह चुनाव इतिहास का पहला चुनाव है, जिसमें संविधान की रक्षा की लड़ाई कांग्रेस लड़ रही है. यह लड़ाई गरीबों की रक्षा के लिए है.”

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और मौजूदा सांसद राहुल गांधी ने तीन मई, 2024 को यूपी की रायबरेली लोकसभा सीट से नामांकन दाखिल किया था. उनके पर्चा भरने के दौरान कांग्रेस चीफ मल्लिकार्जुन खरगे, पार्टी की पूर्व अंतरिम अध्यक्ष और मां सोनिया गांधी, बहन प्रियंका गांधी, राजस्थान के पूर्व सीएम अशोक गहलोत और जीजा राबर्ट वाड्रा समेत कई नेता मौजूद थे.

Mutual Fund: चुनावी मौसम में वोलेटाइल हुआ बाजार, कैसे चुनें सबसे सही म्यूचुअल फंड?

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Mutual Fund: चुनावी मौसम में वोलेटाइल हुआ बाजार, कैसे चुनें सबसे सही म्यूचुअल फंड?

रेलू शेयर बाजार अभी उथल-पुथल के दौर से गुजर रहा है. देश भर में जारी लोकसभा चुनाव के परिणाम को लेकर अनिश्चितता से बाजार में निवेशक सतर्कता बरत रहे हैं. पिछले सप्ताह वापसी करने से पहले एक महीने के अंदर बाजार में लगभग 2 फीसदी की गिरावट देखी गई थी.

लंबी रैली के बाद बाजार के इस तरह वोलेटाइल होने से निवेशकों को परेशानी हो रही है.

इतना चढ़ा-उतरा है बाजार

आज के कारोबार में बीएसई सेंसेक्स हल्की तेजी के साथ 74 हजार अंक के पार निकला हुआ है. इसी महीने 9 मई को बाजार 72 हजार अंक के पास गिरा हुआ था. मतलब एक-डेढ़ सप्ताह में बाजार 2 हजार अंक के दायरे में ऊपर-नीचे हुआ है. बाजार जब भी इस तरह से वोलेटाइल होता है, निवेशकों को निवेश के निर्णय लेने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है.

असमंजस में हैं निवेशक

बाजार के विशेषज्ञ इस बात की आशंका जता रहे हैं कि आने वाले दिनों में बाजार इसी तरह वोलेटाइल रह सकता है. हर बार लोकसभा चुनाव के दौरान इस तरह का ट्रेंड दिखाई पड़ता है. म्यूचुअल फंड में निवेश करने वाले निवेशक भी इस कारण असमंजस में हैं, क्योंकि उनमें से कइयों को हाल-फिलहाल में घाटा हुआ है और उनको भविष्य अस्पष्ट दिख रहा है.

क्या कहते हैं एक्सपर्ट?

इक्वेशन फाइनेंशियल सर्विसेज के कपिल हुल्कर कहते हैं कि वोलेटाइल बाजार में मल्टी एसेट फंड निवेशकों के लिए बेहतर विकल्प साबित होते हैं. वह बताते हैं- सभी एसेट क्लास का अपना साइकल होता है. ऐसे में भविष्यवाणी करना कभी आसान नहीं होता है. अगर आप झुंड की मानसिकता का पालन करते हैं और अपने पोर्टफोलियो में विविधता नहीं लाते हैं, तो यह भी निवेश में घाटे का कारण हो सकता है. अच्छी तरह से डायवर्स पोर्टफोलियो वाले निवेशक कहीं अधिक सुरक्षित होते हैं. ऐसे में मल्टी एसेट फंड में निवेश करना प्रासंगिक हो जाता है.

किन्हें कहते हैं मल्टी एसेट फंड?

मल्टी एसेट फंड की बात करें तो ये हाइब्रिड फंड हैं, जो विभिन्न एसेट क्लास जैसे इक्विटी, डेट, कमोडिटी और अन्य में निवेश करते हैं. सेबी के नियमों के मुताबिक, मल्टी एसेट फंड को अपने एसेट आवंटन में विविधता लाने के लिए तीन या अधिक अलग-अलग एसेट क्लास में से प्रत्येक में अपने कुल एयूएम का कम से कम 10 फीसदी निवेश करना होगा.

मल्टी एसेट फंड के रिटर्न

मल्टी एसेट फंड ने पिछले एक साल में अपने निवेशकों को अच्छा रिटर्न भी दिया है. उदाहरण के लिए- निप्पॉन इंडिया मल्टी एसेट फंड और एसबीआई मल्टी एसेट फंड ने बीते एक साल के दौरान क्रमश: 32.26 फीसदी और 28.24 फीसदी का रिटर्न दिया है. कपिल हुल्कर कहते हैं कि निवेशकों को सही मल्टी एसेट फंड चुनते समय यह देखना चाहिए कि उसका पोर्टफोलियो अच्छे से डायवर्स हो. निवेशकों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे एक ऐसा मल्टी एसेट फंड चुनें, जो एसेट एलोकेशन में बदलाव न करे. उदाहरण के तौर पर निप्पॉन इंडिया मल्टी एसेट फंड तीन एसेट क्लास- इक्विटी, कमॉडिटी और डेट में निवेश करता है.

राघव चड्ढा और सचिन पायलट ने साथ ठोकी ताल, दिल्ली में इंडिया गठबंधन उम्मीदवार के समर्थन में किया प्रचार…

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राघव चड्ढा और सचिन पायलट ने साथ ठोकी ताल, दिल्ली में इंडिया गठबंधन उम्मीदवार के समर्थन में किया प्रचार…

आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा अपनी आंखों का इलाज कराकर लंदन से वापस भारत लौट आए हैं. इसके बाद लगातार वह ‘इंडिया’ गठबंधन के उम्मीदवारों के लिए प्रचार करते हुए नजर आ रहे हैं. इस बीच मंगलवार (21 मई) को दक्षिणी दिल्ली लोकसभा सीट से ‘इंडिया’ गठबंधन के उम्मीदवार सहीराम पहलवान के समर्थन में राघव चड्ढा ने कांग्रेस नेता सचिन पायलट के साथ प्रचार किया. इसको लेकर राघव चड्ढा ने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर ट्वीट कर कहा कि ‘दक्षिणी दिल्ली लोकसभा में बड़े भाई सचिन पायलट जी के साथ INDIA गठबंधन के संयुक्त प्रत्याशी सहीराम पहलवान के पक्ष में जनसभा को संबोधित किया. दक्षिणी दिल्ली वालों 25 मई का दिन होगा, झाड़ू चुनाव चिन्ह होगा.’ दरअसल, राजस्थान में 25 लोकसभा सीटों के लिए 19 और 26 अप्रैल को दो चरणों में मतदान संपन्न हो चुका है. अब ऐसे में कांग्रेस नेता सचिन पायलट उन राज्यों में चुनाव प्रचार में जुटे हैं, जहां अभी वोटिंग होनी है. बता दें आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा अपनी आंखों का इलाज कराकर लंदन से वापस इंडिया लौट आए हैं. इसके बाद लगातार ‘आप’ की रैलियों में पार्टी उम्मीदवारों के प्रचार के लिए दिख रहे हैं. कई मौकों पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरवाल के साथ दिखे हैं. राजस्थान के पूर्व डिप्टी सीएम और कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने कहा था कि ‘पूरे देश में बदलाव की सुगबुगाहट है. 10 साल की केंद्र सरकार के खिलाफ लोगों में गुस्सा है. हर तरफ लोग बदलाव चाहते हैं. खास कर नौजवान बदलाव चाहते हैं.’ दिल्ली की सातों लोकसभा सीटों पर 25 मई को मतदान होना है, जबकि 4 जून को रिजल्ट आएगा.

UP Lok Sabha Chunav 2024: संतकबीरनगर से आजमगढ़ तक सीएम योगी तूफानी जनसभाएं, आतंकवाद, राम मंदिर सहित कई मुद्दे पर विपक्ष को घेरा…

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UP Lok Sabha Chunav 2024: संतकबीरनगर से आजमगढ़ तक सीएम योगी तूफानी जनसभाएं, आतंकवाद, राम मंदिर सहित कई मुद्दे पर विपक्ष को घेरा…

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) की धुआंधार रैली निरंतर जारी है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार की सुबह से ही चुनाव प्रचार में लग गए. पहली रैली उन्होंने श्रावस्ती लोकसभा और गैसड़ी विधानसभा उपचुनाव के प्रत्याशी के लिए की तो समापन वाराणसी में मातृशक्ति सम्मेलन से किया.

यहां वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उपस्थित रहे. मंगलवार को कुल छह चुनावी कार्यक्रमों में सीएम की रहे. मुख्यमंत्री के निशाने पर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी रही. दोनों पार्टियों के नेताओं की नियति पर सवाल उठाते हुए योगी ने दो लड़कों की जोड़ी को भी खूब निशाना साधा है.

सीएम योगी आदित्यनाथ ने श्रावस्ती से भाजपा उम्मीदवार साकेत मिश्रा और गैसड़ी विधानसभा उपचुनाव से प्रत्याशी शैलेष कुमार सिंह ‘शैलू’ के लिए जनसभा को संबोधित की. सीएम ने कहा कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन सत्ता हासिल करने के लिए तरह-तरह का गुल खिला रहा है. यह संपत्ति का सर्वे कराकर विरासत टैक्स लगाएंगे और बांग्लादेश, पाकिस्तान समेत अन्य देशों से आए मुसलमान घुसपैठियों को आपकी संपत्ति बांटेंगे, लेकिन भारतीय जनता पार्टी इनके मंसूबों को पूरा नहीं होने देगी.

पहले बलरामपुर में सड़कों पर चलना दूभर था. पीने का पानी भी नहीं नसीब होता था पर आज 24 घंटे बिजली मिलती है. पहले गोरखपुर से देवीपाटन मंदिर पहुंचने में 6 घंटे और गोंडा से 8 घंटे लगते थे पर अब गोरखपुर से ढाई घंटे और गोंडा से 45 मिनट में सफर पूरा किया जा रहा है. बलरामपुर में अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर विश्वविद्यालय का निर्माण हो रहा है. सपा सरकार में पिछड़े जनपदों में शामिल बलरामपुर अब देश के अग्रणी जनपदों में शुमार है.

सीएम योगी ने सपा पर साधा निशाना
सीएम योगी ने डुमरियागंज के सांसद व भाजपा प्रत्याशी जगदंबिका पाल के पक्ष में जनसभा की. सपा व कांग्रेस पर हमलावर सीएम योगी ने कहा कि यह लोग आतंकियों के आका और माफिया के सरपरस्त हैं. हर अपराधी व माफिया 2017 के पहले जनता का खून चूसता था, वसूली करता था, बेटी की सुरक्षा पर खतरा था. आज माफिया को उल्टा टांगने और राम नाम सत्य की यात्रा निकलने पर सपा को पीड़ा होती है. माफिया के सहयोगी-सरपस्त, आतंकियों के आकाओं को सत्ता पर काबिज नहीं होने देना है. सीएम ने कहा कि जिस माफिया को गोरखपुर, संतकबीर नगर की जनता ने लात मारकर भगाया है, उसे महात्मा बुद्ध की धरती सिद्धार्थनगर में नहीं पनपने देगी.

सीएम योगी ने संत कबीर नगर के सांसद व लोकसभा प्रत्याशी प्रवीण निषाद के लिए समर्थन की अपील की. बोले कि समाजवादी पार्टी राम भक्तों पर गोलियां चलवाती थी, अब अयोध्या में राम भक्तों पर पुष्प वर्षा हो रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फिर अयोध्या को त्रेतायुग का गौरव दिलाने का काम किया है. संत कबीर नगर में बाबा तामेश्वरनाथ का धाम को भी विकसित किया जा रहा है. संत कबीर की महानिर्वाण स्थली को कबीर पीठ के रूप में शोध और इनोवेशन के नए केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है.

सीएम योगी ने कहा, विरासत का सम्मान करते हुए अयोध्या में इंटरनेशनल एयरपोर्ट का नाम महर्षि वाल्मीकि, रैन बसेरे का नाम निषाद राज और भोजनालय का नाम माता शबरी के नाम पर रखा गया है. सीएम ने कहा कि संत कबीर नगर विकास की नई गाथा गढ़ रहा है. एक जिला एक उत्पाद के तहत पुराना बर्तन उद्योग फिर से जीवित हुआ है. श्रृंगवेरपुर में निषाद राज की भगवान राम के साथ गले मिलते हुए भव्य प्रतिमा की स्थापना करायी गई है. उनके किले के पुनरुद्धार की कार्रवाई को भी बढ़ाया गया है.

बस्ती में बीजेपी प्रत्याशी के समर्थन मे की जनसभा
सीएम योगी ने बस्ती सांसद व लोकसभा प्रत्याशी हरीश द्विवेदी के लिए चौथी जनसभा की. उन्होंने कहा कि इस चुनाव में एक तरफ रामभक्त तो दूसरी तरफ रामद्रोही हैं. रामद्रोही आतंकवाद, नक्सलवाद समर्थक हैं. यह भारत की सुरक्षा पर सेंध लगाने वाले, विकास को बाधित करने वाले, गरीबों के हकों पर डकैती डालने वाले, समाज को जाति के नाम पर बांटने वाले लोग हैं. इनके मन में आपके प्रति नहीं, बल्कि माफिया के प्रति संवेदना है. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस व सपा के अनर्थकारी गठबंधन की मंशा अच्छी नहीं है.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आजमगढ़ भाजपा प्रत्याशी दिनेश लाल यादव के पक्ष में जनसभा को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि पहली बार चुनाव परिणाम को लेकर जनता जनार्दन निश्चिंत है, क्योंकि पूरा देश एक स्वर में बोल रहा है ‘फिर एक बार मोदी सरकार’ और ‘अबकी बार 400 पार’. सीएम ने कहा कि प्रदेश के दुर्दांत अपराधी या तो जहन्नुम चले गये हैं या फिर प्रदेश छोड़कर चले गये हैं. आजमगढ़ के सामने पहचान का संकट खड़ा करने वाले और आतंकवाद का गढ़ बनाने वालों को एक-एक वोट के लिए तरसाने का समय आ गया है. आजमगढ़ के विकास पर चर्चा करते हुए योगी ने कहा कि यहां महाराज सुहेलदेव के नाम पर विश्वविद्यालय बन गया है. आजमगढ़ पूर्वांचल एक्सप्रेस से जुड़ गया है. आज आजमगढ़ में एयरपोर्ट भी है.

Buddha Purnima 2024: 23 मई का दिन है बहुत खास, कई शुभ योगों में मनाई जाएगी वैशाख, पीपल और बुद्ध पूर्णिमा

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Buddha Purnima 2024: 23 मई का दिन है बहुत खास, कई शुभ योगों में मनाई जाएगी वैशाख, पीपल और बुद्ध पूर्णिमा

Buddha Purnima 2024: हिंदू धर्म में पूर्णिमा तिथि बहुत पुण्यदायी मानी जाती है. वैशाख महीने की पूर्णिमा तिथि को बुद्ध पूर्णिमा और बुद्ध जयंती के नाम से भी जाना जाता है. इस बार बुद्ध पूर्णिमा का पर्व गुरुवार 23 मई को मनाई जाएगा.

इस बार बुद्ध पूर्णिमा का पर्व गुरुवार 23 मई को मनाई जाएगा. यह पर्व हिंदू और बौद्ध दोनों ही धर्मों के अनुयायी मनाते हैं.

बुद्ध पूर्णिमा को बुद्ध का जन्म, ज्ञान प्राप्ति के दिन के रूप में देखा जाता है और और इसी दिन उनका महानिर्वाण (Mahanirvan) भी हुआ था. वहीं हिंदू मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु (Lord Vishnu) ने अपना 9वां अवतार बुद्ध के रूप में लिया था. शास्त्रों में निहित है कि वैशाख पूर्णिमा तिथि पर भगवान बुद्ध का जन्म हुआ था. इसलिए हर साल वैशाख पूर्णिमा तिथि पर बुद्ध जयंती मनाई जाती है. इस दिन भगवान बुद्ध की पूजा-उपासना की जाती है.

वैशाख पूर्णिमा के दिन का हिंदू धर्म में बेहद महत्व है, जोकि इस वर्ष गुरुवार, 23 मई 2024 को मनाई जाएगी. इस दिन लोग सत्यनारायण कथा (Satyanarayan Katha) करते हैं, चंद्रमा को अर्घ्य देते हैं और देवी लक्ष्मी (Lakshmi ji) की पूजा करते हैं. ऐसा कहा जाता है जो लोग इस पवित्र दिन पर उपवास रखते हैं उन्हें दिव्य शक्तियां प्राप्त होती हैं. साथ ही उनके घर पर माता लक्ष्मी का वास सदैव के लिए हो जाता है.

शास्त्रों में निहित है कि वैशाख पूर्णिमा तिथि पर भगवान बुद्ध को ज्ञान की प्राप्ति हुई और परिनिर्वाण हुआ था. इसलिए इस दिन भगवान बुद्ध की पूजा-उपासना की जाती है. लोग गंगा (Ganga) समेत पवित्र नदियों में आस्था की डुबकी लगाते हैं. साथ ही पूजा-पाठ कर दान-पुण्य करते हैं.

यह त्योहार बौद्ध धर्म के लोगों के लिए खास माना जाता है. इस दिन गौतम बुद्ध (Gautam Buddha) की शिक्षाओं का पालन किया जाता है और उनकी विशेष पूजा की जाती है. बुद्ध पूर्णिमा का त्योहार मुख्य रूप से पूर्वी एशिया और दक्षिण एशिया में मनाया जाता है. इसी शुभ तिथि पर गौतम बुद्ध का जन्म नेपाल के लुंबिनी में हुआ था. गौतम बुद्ध ने 35 वर्ष की आयु में निर्वाण प्राप्त कर लिया था.

बुद्ध पूर्णिमा शुभ योग (Buddha Purnima 2024 Subh Yog)

इस साल बुद्ध पूर्णिमा के दिन कई शुभ योग का निर्माण हो रहा है, जोकि बहुत ही शुभ माने जाते हैं. बुद्ध पूर्णिमा के दिन परिघ योग, शिव योग और सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहे है.

चंद्रमा को अर्घ्य देने की है परंपरा

बुद्ध पूर्णिमा के दिन बोधगया (Bodh Gaya) में दुनियाभर से बौद्ध धर्म (Buddhism) को मानने वाले आते हैं और बोधि वृक्ष की पूजा करते हैं. वैशाख पूर्णिमा पर पवित्र नदी के जल से स्नान के बाद घर में भगवान सत्यनारायण की पूजा और रात्रि में चंद्रमा को अर्घ्य देने की परंपरा है. माना जाता है कि चंद्रमा को अर्घ्य देने से मानसिक शांति मिलती है और सुख-समृद्धि का वास होता है.

बुद्ध पूर्णिमा शुभ मुहूर्त (Buddha Purnima 2024 Muhurat)

पूर्णिमा तिथि 22 मई को देर रात 06:47 मिनट पर शुरू होगी और अगले दिन यानी 23 मई को संध्याकाल 07:22 मिनट पर समाप्त होगी. सनातन धर्म में उदया तिथि मान्य है. अतः 23 मई को बुद्ध पूर्णिमा मनाई जाएगी.

बुद्ध पूर्णिमा का महत्व (Buddha Purnima 2024 Importance)

वैशाख मास की पूर्णिमा को वैशाखी पूर्णिमा,पीपल पूर्णिमा (Peepal Purnima 2024) या बुद्ध पूर्णिमा के नाम से जाना जाता है. शास्त्रों के अनुसार वैशाख पूर्णिमा सभी में श्रेष्ठ मानी गई है. प्रत्येक माह की पूर्णिमा जगत के पालनकर्ता श्री हरि विष्णु भगवान (Vishnu ji) को समर्पित होती है. भगवान बुद्ध को भगवान विष्णु का नौवां अवतार माना गया है.

जिन्हें इसी पावन तिथि के दिन बिहार के पवित्र तीर्थ स्थान बोधगया में बोधि वृक्ष के नीचे बुद्धत्व की प्राप्ति हुई थी. वहीं वैशाख माह को पवित्र माह माना गया है. इसलिए हजारों श्रद्धालु पवित्र तीर्थ स्थलों में स्नान,दान कर पुण्य अर्जित करते हैं. पूर्णिमा के दिन पवित्र नदियों में स्नान करने का विशेष महत्त्व माना गया है.

वैशाख पूर्णिमा पूजा अनुष्ठान (Vaishakh Purnima 2024 Puja)

इस दिन सुबह जल्दी उठकर गंगा नदी में पवित्र स्नान करें. जो लोग गंगा नदी स्नान के लिए नहीं जा सकते हैं, वे घर पर ही नहाने के पानी में गंगाजल (Gangajal) मिलाएं. कुछ लोग इस दिन गंगा नदी में पवित्र स्नान के लिए हरिद्वार, ऋषिकेश (Rishikesh) और अन्य प्रमुख स्थानों पर भी जाते हैं. ऐसा कहा जाता है कि गंगा जल शरीर, मन और आत्मा को शुद्ध करता है. इस दिन लोग भगवान चंद्र को अर्घ्य देते हैं और उनके वैदिक मंत्रों का जाप करते हैं. यह खास दिन दान-पुण्य के लिए भी फलदायी माना जाता है.

पूर्णिमा के दिन ब्राह्मणों को भोजन और वस्त्रों का दान करना चाहिए. इस दिन भक्त सत्यनारायण व्रत रखते हैं और उनकी पूजा करते हैं. पूर्णिमा का दिन बेहद खास माना जाता है, क्योंकि चंद्रमा की रोशनी सीधे पृथ्वी पर आती है, जिससे घर में समृद्धि और खुशी का वास होता है. इस दिन जरूरतमंदों को भोजन खिलाना चाहिए और वस्त्रों का दान करना चाहिए.